486661
सीधी सांसद डॉ. राजेश मिश्रा हर्रई और भुईमाड़ पहुंचे
Sidhi, Madhya Pradesh:सीधी सांसद डॉ. राजेश मिश्रा ने हर्रई और भुईमाड़ में बैगा जनजाति के लोगों से मुलाकात की। ग्रामीणों ने सांसद से कहा कि उन्हें नालों का गंदा पानी पीने को मजबूर होना पड़ रहा है। डॉ. मिश्रा ने उनकी समस्या को गंभीरता से लिया और जल्द समाधान का आश्वासन दिया।
0
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
बारिश में भी पटना: दरोगा भर्ती और BPSC 70वीं परीक्षा के लिए छात्र जुटे
Patna, Bihar:पटना में दरोगा भर्ती परीक्षा और BPSC 70वीं परीक्षा को लेकर छात्र भारी बारिश के बीच जेपी गोलंबर पहुंचे0
0
Report
बारिश नहीं, बिजली कटौती से किसान परेशान; चांधन-132 केवी पर धरना की चेतावनी
Jaisalmer, Rajasthan:जिला-जैसलमेर विधानसभा -पोकरण लोकेशन- लाठी बारिश का इंतजार और बिजली कटौती ने बढ़ाई किसानों की चिंता, फसलें खराब होने का खतरा निर्धारित छह घंटे के बजाय करीब तीन घंटे ही मिल रही बिजली, 132 केवी चांधन पर धरने की चेतावनी लाठीस, जैसलमेर सरहदी जिले के चांधन व लाठी क्षेत्र में बारिश के अभाव के साथ लगातार हो रही बिजली कटौती ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेतों में बोई गई मूंग, मूंगफली, कपास सहित अन्य फसलों को समय पर सिंचाई नहीं मिलने से फसलें खराब होने का खतरा मंडरा रहा है। बिजली समस्या को लेकर किसानों द्वारा जैसलमेर कलेक्ट्रेट और चांधन 132 केवी जीएसएस पर प्रदर्शन किए जाने के बावजूद हालात में सुधार नहीं होने से किसानों में रोष है। किसानों का कहना है कि कृषि कार्यों के लिए निर्धारित छह घंटे की बिजली के बजाय करीब तीन घंटे ही आपूर्ति हो रही है। इसके अलावा बार-बार ट्रिपिंग के कारण उपलब्ध बिजली भी निर्बाध रूप से नहीं मिल पा रही है। इससे खेतों में सिंचाई कार्य प्रभावित हो रहे हैं। किसान कुंदननाथ ने बताया कि निर्धारित समय के अनुसार बिजली नहीं मिलने से किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बिजली की कमी के कारण सिंचाई कार्य समय पर पूरा नहीं हो पा रहा है। किसान कान सिंह भाटी ने कहा कि क्षेत्र में पर्याप्त बारिश नहीं होने से किसानों को फसलों के लिए बिजली से होने वाली सिंचाई पर निर्भर रहना पड़ रहा है। ऐसे में बिजली कटौती किसानों की परेशानी और बढ़ा रही है। किसान रणवीर सिंह भाटी ने बताया कि बारिश नहीं होने और बिजली आपूर्ति प्रभावित रहने से किसानों के सामने फसल बचाने का संकट खड़ा हो गया है। खेतों में फसलें खड़ी हैं, लेकिन सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली नहीं मिलने से किसानों के चेहरे पर चिंता की लकीरें साफ दिखाई दे रही हैं। किसान संघर्ष समिति के सचिव जेतमाल सिंह भैरवा ने आरोप लगाया कि डिस्कॉम के कनिष्ठ एवं सहायक अभियंताओं द्वारा किसानों की समस्याओं पर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में किसानों ने मूंग, मूंगफली, कपास सहित विभिन्न फसलों की बुवाई कर रखी है। बारिश के अभाव में इन फसलों को सिंचाई की आवश्यकता है, लेकिन बिजली आपूर्ति बाधित रहने से किसान समय पर पानी नहीं दे पा रहे हैं। यदि हालात में सुधार नहीं हुआ तो फसलें खराब होने के साथ किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। किसानों ने ग्रामीण क्षेत्रों में तैनात डिस्कॉम के फील्ड अभियंताओं पर भी समस्याओं के समाधान के प्रति उदासीनता बरतने का आरोप लगाया। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि बिजली आपूर्ति में शीघ्र सुधार नहीं किया गया तो 132 केवी चांधन जीएसएस पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। बाईट - कुन्दन नाथ किसान0
0
Report
नौगांवां सादात में मदन चौहान के ग्रामीण अंदाज से चुनावी चर्चाएं तेज, वीडियो वायरल
Amroha, Uttar Pradesh:एंकर अमरोहा जनपद की नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र में आगामी चुनाव को लेकर धान की गठरी उठाते पूर्व मंत्री एवं भाजपा नेता मदन चौहान का वीडियो वायरल, चुनावी तैयारी के बीच ग्रामीणों के बीच दिखा अलग अंदाज अमरोहा जनपद की नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र में आगामी चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होती नजर आ रही हैं। विधानसभा से टिकट की दावेदारी कर रहे पूर्व कैबिनेट मंत्री मदन चौहान का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में मदन चौहान ग्रामीणों के बीच पहुंचकर धान की गठरी उठाते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में इसे लेकर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। ग्रामीणों के बीच पहुंचकर उनके काम में हाथ बंटाने के इस अंदाज को कुछ लोग चुनावी संपर्क से जोड़कर देख रहे हैं। वहीं, वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र में टिकट को लेकर संभावित दावेदारों की सक्रियता बढ़ने के बीच मदन चौहान की ग्रामीणों के बीच मौजूदगी को राजनीतिक नजरिए से भी देखा जा रहा है。0
0
Report
Advertisement
ट्रैक्टर-ट्रॉली में प्रसव: चकराना में प्रसूता ने बच्चे को जन्म दिया, केंद्र बंद
Sheopur, Madhya Pradesh:श्योपुर ट्रैक्टर ट्राली में हुआ प्रसव , कब जागेंगे जिम्मेदार कराहल ब्लॉक के चकराना निवासी काजल आदिवासी को मंगलवार सुबह प्रसव पीड़ा होने पर परिजन ट्रैक्टर-ट्रॉली से सेसईपुरा प्रसव केंद्र पहुंचे, लेकिन केंद्र पर ताला लगा मिला। इसी दौरान महिला ने ट्रॉली में ही बच्चे को जन्म दे दिया। बाद में एंबुलेंस से प्रसूता और नवजात को कराहल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। ग्रामीणों ने केंद्र के लंबे समय से बंद रहने का आरोप लगाते हुए स्वास्थ्य विभाग की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए हैं।0
0
Report
जंगल से गांव आया नन्हा हाथी शावक, गजराज दल ने नहीं स्वीकारा
Darogapara, Chhattisgarh:जंगल से भैंसों के साथ गांव आया नन्हा हाथी शावक गजराजों के दल ने नन्हे शावक को नहीं स्वीकारा 9 सितंबर को बोरो रेंज के चाल्हा बाजार गांव में अकेले विचरण कर रहा था शावक दल से मिलाने का किया गया प्रयास जब दल ने नहीं स्वीकारा तो विभाग ने रमकोला (सरगुजा) रेस्क्यू सेंटर किया रवाना, बाएं पैर में चोट और शारीरिक कमजोरी मिली अचानक मार टाइगर रिजर्व और कानन पेंडारी से पहुंची थी डॉक्टरों की टीम धरमजयगढ़ वन मंडल के बोरो रेंज का मामला0
0
Report
कॉस्मेटिक्स खरीदते समय इन 5 बातों से फेक से बचें
Shivpuri, Madhya Pradesh:कॉस्मेटिक्स आप कैसे खरीदते हैं..क्या देखते हैं खरीदने से पहले ? फेक और सस्ते कॉस्मेटिक्स की पहचान कैसे करते हैं ? क्या कभी कॉस्मेटिक्स से आपकी स्कीन को नुकसान पहुंचा है ?0
0
Report
Advertisement
टिहरी झील के जलस्तर बढ़ने से किनारे गांवों में बीमारी का खतरा बढ़ा
New Tehri, Uttarakhand:टिहरी झील का जलस्तर बढ़ने के साथ ही झील से सटे गांवों में बीमारियों का खतरा। बरसात के चलते टिहरी झील का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है जिसके चलते झील के किनारे झाड़ियों और गंदगी से बैक्टीरिया और दूषित पानी के चलते संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है, बरसात के चलते गंदगी के साथ ही मवेशियों के शव भी झील में आ रहा है और घुमेटीधार के पास इकट्ठा हो गया है जिससे आसपास के गांवों में बीमारियों का भी खतरा बढ़ गया है, पहले टीएचडीसी द्वारा इसके लिए अलग से बजट मुहैया कराया जाता था जिससे झील की सफाई के साथ ही झील किनारे दवाइयों का छिड़काव कराया जाता था और झील से सटे गांवों में भी दवाइयां दी जाती थी लेकिन अब टीएचडीसी द्वारा इसके लिए बजट दें बंद कर दिया गया है वही मामले में सी एम ओ के कहना है कि विभाग द्वारा अपने स्तर से दवाइयों का छिड़काव कराया जा रहा है और गांवों में जाकर कैंप लगाकर लोगों को जागरूक करने के साथ ही हेल्थ कैंप भी लगाए जाते है।0
0
Report
पाँचवीं अनुसूची परिसीमन पर आदिवासी संगठनों की चिंता, राज्यपाल से ज्ञापन
Ranchi, Jharkhand:झारखंड के पाँचवीं अनुसूची क्षेत्रों में प्रस्तावित परिसीमन को लेकर आदिवासी संगठनों ने चिंता जताई है। इसी मुद्दे को लेकर पूर्व मंत्री बंधु तिर्की के नेतृत्व में विभिन्न आदिवासी संगठनों और समाजसेवियों का एक प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार से मिला और उन्हें ज्ञापन सौंपा। संगठनों ने परिसीमन में केवल जनसंख्या को आधार नहीं बनाने और पाँचवीं अनुसूची की संवैधानिक भावना को ध्यान में रखने की मांग की है। प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल को परिसीमन से जुड़ी आशंकाओं और आदिवासी समुदाय से जुड़े विभिन्न मुद्दों की जानकारी दी। हालांकि अभी परिसीमन को लेकर कोई आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी नहीं हुआ है, लेकिन संभावित बदलावों को लेकर आदिवासी संगठनों में चिंता है。 परिसीमन होना तो तय है, लेकिन परिसीमन से संबंधित जो आशंकाएं हैं, हालांकि अभी नोटिफिकेशन नहीं हुआ है, उन आशंकाओं से महामहिम stateपाल को अवगत कराया गया है。 इसके साथ ही आदिवासियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। इसमें डेमोग्राफी का मामला है, क्योंकि यहां की डेमोग्राफी में बदलाव आया है। ट्राइबल सब-प्लान, सीएनटी एक्ट और पेसा कानून जैसे महत्वपूर्ण विषय भी हैं。 हम लोगों ने दो अलग-अलग पहलुओं पर अपनी बात रखी। पहला संवैधानिक पहलू कि कानूनन क्या व्यवस्था होनी चाहिए और दूसरा यहां की जमीनी स्थिति। हमने बताया कि जनसंख्या में कमी, पलायन और विस्थापन जैसे मामलों का भी यहां असर पड़ा है। अगर परिसीमन में सिर्फ पॉपुलेशन को आधार बनाया गया और इन तमाम पहलुओं पर राज्य सरकार ने ध्यान नहीं दिया, तो आने वाले दिनों में आदिवालियों के लिए बहुत बड़ा खतरा पैदा हो सकता है。 इसलिए सरकार से भी हम लोग मिलेंगे और इन संवैधानिक पहलुओं को सामने रखेंगे। इसके साथ ही राज्य के सांसदों से भी मिलेंगे और सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से इस मुद्दे पर बात करेंगे。 आज आदिवासियों के बीच इस विषय को लेकर चिंता है। हमने महामहिम राज्यपाल से भी इस पर बात की है और उन्होंने भी इस विषय की गंभीरता को महसूस किया है। अगर समय रहते सभी राजनीतिक दलों और संबंधित लोगों ने इस पर कदम नहीं उठाया, तो आने वाले दिनों में गंभीर संकट पैदा हो सकता है।”0
0
Report
12 हाथियों के दल से ग्रामीण दहशत, फसल नुकसान के बाद मुआवजा योजना
Muju, Jeonbuk State:कोरिया ब्रेक बैकुंठपुर वन मंडल में 12 हाथियों का दल, ग्रामीणों में दहशत बैकुंठनपुर वन परिक्षेत्र में 12 हाथियों के दल की मौजूदगी से ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है。 हाथियों का दल दामुज क्षेत्र में दिनभर आराम करने के बाद रात में नगर और दुर्गापुर गांव के इलाके से होते हुए भंडारपारा के रास्ते सलका गांव की कांदाबाड़ी पहुंचा。 पूरी रात हाथियों की मौजूदगी से आसपास के गांवों में दहशत का माहौल बना रहा। इस दौरान हाथियों के दल ने खेतों में लगी धान की फसल को नुकसान पहुंचाया है。 वन विभाग की टीम आज फसल नुकसान का जायजा लेगी। प्रभावित किसानों को नियमानुसार मुआवजा दिलाने की कार्रवाई की जाएगी。 12 हाथियों की मौजूदगी से ग्रामीणों में बढ़ी चिंता。 वन विभाग की टीम हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए है। ग्रामीणों और स्थानीय लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है。0
0
Report
Advertisement
खैरागढ़ के सड़क किनारे अज्ञात युवक की मौत: हत्या या दुर्घटना, रहस्य गहराता गया
Khairgarh, Uttar Pradesh:खैरागढ़ के बढ़ईटोला के पास सड़क किनारे अज्ञात युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई। युवक के सिर पर चोट के निशान हैं। लेकिन मौके पर न कोई दुर्घटनाग्रस्त वाहन मिला और न ही युवक की चप्पल। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि आखिर युवक की मौत कैसे हुई? मंगलवार सुबह सड़क किनारे शव मिलने की सूचना के बाद इलाके में हड़कम्प मच गया। मृतक की पहचान अब तक नहीं हो सकी है। सिर पर चोट के निशान मिलने से मामला संदिग्ध नजर आ रहा है। सबसे बड़ा सवाल घटनास्थल को लेकर है। अगर सड़क हादसा हुआ, तो दुर्घटनाग्रस्त वाहन कहां है? वहीं युवक की चप्पल भी मौके से गायब बताई जा रही है। इन परिस्थितियों के चलते हत्या की आशंका भी जताई जा रही है, हालांकि पुलिस ने इसकी पुष्टि नहीं की है। स्थानीय लोगों की सूचना पर 112 टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और मृतक की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। फिलहाल युवक की मौत हादसा है या हत्या, यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही साफ होगा। लेकिन मौके से वाहन और चप्पल का नहीं मिलना इस मौत को जरूर रहस्यमयी बना रहा है।0
0
Report
विजय शर्मा बनाम भूपेश बघेल: पीएम आवास पर प्रेस क्लब डिबेट तय
Begun, Rajasthan:उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा vs पूर्व CM भूपेश बघेल प्रेस क्लब में दोनों वरिष्ठ नेता मौजूद पीएम आवास पर डिबेट के लिए दोनों नेता तैयार प्रेस क्लब अध्यक्ष मोहन तिवारी करेंगे डिबेट की अध्यक्षता पीएम आवास के मुद्दे पर दोनों ने दी थी चुनौती पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने कहा- मीडिया से जानकारी मिली कि चुनौती दी गई.. मैंने चुनौती स्वीकार की.. लेकिन विजय शर्मा से शिकायत है कि उन्होंने मुझे आमंत्रण नहीं दिया.. विजय शर्मा ने कहा- चुनौती मैंने दी नहीं.. मीडिया के माध्यम से बात सामने आती रही.. स्वाभाविकता में हमने चर्चा के लिए पहुंचे क्योंकि आपने भी कहा था.. विजय शर्मा ने कहा- 25 सितम्बर को एक सभा हुई उसमें राहुल गांधी आए तो 7 लाख आवास की स्वीकृति की बात पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने कहा था.. ये आवास पीडब्ल्यूएम की बात हुई थी.. लेकिन उस दौरान 84 हजार लोगों को गया था..0
0
Report
दिल्ली भाजपा में आरोप-प्रत्यारोप: दराल पर मारपीट के आरोप, स्पष्टीकरण तलब
New Delhi, Delhi:नोटिस देकर कहा है की दिल्ली प्रदेश भाजपा को मीडिया एवं सोशल मीडिया के माध्यम से संज्ञान में आई घटना की जानकारी मिली है। इस संबंध में मुंडका विधायक गजेन्द्र दराल कंझावला मंडल अध्यक्ष सुनील कुमार से स्पष्टीकरण मांगा है。 दोनों को 16 सितंबर को दोपहर 3 बजे प्रदेश अनुशासन समिति के समक्ष अपना पक्ष रखने के निर्देश दिए गए हैं。 बीजेपी कंझावला मंडल अध्यक्ष सुनील कुमार ने बीजेपी विधायक गजेन्द्र दराल पर मारपीट के आरोप लगाए है।0
0
Report
Advertisement
गाजियाबाद भोजपुर में हथियारबंद डकैती: छह बदमाश ने घर घेरकर लाखों के आभूषण चुराए
Ghaziabad, Uttar Pradesh:गाजियाबाद में बदमाश पूरी तरह बेखौफ हो चुके हैं। आधा दर्जन बदमाशों ने हथियार के बल पर परिवार को बंधक बनाकर डकैती की वारदात को अंजाम दिया। पूरा मामला भोजपुर थाना क्षेत्र के गांव कलछीना का है, जहाँ हथियारबंद बदमाशों ने एक घर में धावा बोलकर सनसनी फैला दी। देर रात करीब आधा दर्जन बदमाश हथियारों के बल पर घर में घुस गए और महिला पर चाकू से हमला करते हुए परिवार के लोगों को बंधक बना लिया। इसके बाद बदमाशों ने घर में रखे लाखों रुपये कीमत के सोने-चांदी के आभूषण और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। बदमाश वारदात को अंजाम देने के बाद परिवार को धमकाते हुए मौके से फरार हो गए। घटना की जानकारी मिलने पर आसपास के लोगों में भी दहशत फैल गई। पीड़ित परिवार ने मामले की सूचना भोजपुर थाना पुलिस को दी। पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने पीड़ित परिवार से घटना के संबंध में जानकारी जुटाने के साथ ही बदमाशों के हुलिए और उनकी संख्या के बारे में पूछताछ की। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि बदमाशों की पहचान कर उनका सुराग लगाया जा सके। पीड़ित महिला ने बताया कि बदमाशों ने उसके घर पर कपड़े में मिर्च डालकर आग लगाकर फेंक दिया था, जिस कारण पूरे घर के अंदर धुआ धुआ हो गया था। बच्चों का शोर मचाया कि घर में आग लग गई है और सभी को मिर्ची के कारण धसक लग रही थी। जैसे ही वह अपनी जान बचाने के लिए घर के बाहर निकले तो लगभग आधा दर्जन बदमाश जबरदस्ती घर के अंदर घुस गए और उसके चाकू मार दिया। महिला के चाकू मारने के बाद उन्होंने उनके पति पर बंदूक तान दी। सभी को बंधक बनाकर घर में रखें सवा लाख रुपए नगद और लगभग लाखों रुपए के जेवरात बदमाश अपने साथ ले गए। पीड़िता ने बताया कि लगभग 8 से 10 लाख रुपए का सामान बदमाश अपने साथ ले गए हैं।0
0
Report
मौलाना सूफियान बाईट मामले में नया खुलासा सामने
Noida, Uttar Pradesh:मौलाना सूफियान बाईट0
0
Report
बाहरी दवा-जांच के खेल पर सीएमओ का औचक निरीक्षण, सीएचसी परतावल में मचा हड़कंप
Lakhima Khas, Uttar Pradesh:मरीजों को बाहर भेजा तो होगी कड़ी कार्रवाई, दलालों पर भी रहेगी नजर परतावल/महराजगंज। सीएचसी परतावल में मरीजों को बाहरी दवा और जांच लिखे जाने की शिकायतों को लेकर मंगलवार को सीएमओ डॉ. सुरेंद्र चौधरी ने अचानक अस्पताल का निरीक्षण किया। सीएमओ के औचक पहुंचते ही स्वास्थ्यकर्मियों में हड़कंप मच गया। उन्होंने ओपीडी, इमरजेंसी, दवा वितरण कक्ष, प्रयोगशाला, दंत रोग विभाग, एक्स-रे कक्ष सहित अस्पताल की विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान सीएमओ ने स्पष्ट निर्देश दिया कि सरकारी अस्पताल में उपलब्ध सुविधाओं के बावजूद मरीजों को बाहर से जांच कराने अथवा दवा खरीदने के लिए भेजना किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। चिकित्सकों को निर्देशित किया गया कि उपलब्ध संसाधनों के अनुसार मरीजों की अधिक से अधिक जांच सीएचसी में ही कराई जाए। बाहरी पैथोलॉजी और जांच के नाम पर मरीजों से आर्थिक शोषण की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए सीएमओ ने चेतावनी दी कि यदि किसी चिकित्सक या कर्मचारी की निजी जांच केंद्र से मिलीभगत अथवा कमीशनखोरी की बात सामने आती है तो संबंधित के खिलाफ कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी। सीएमओ ने अस्पताल प्रशासन को प्रमुख स्थानों पर ‘दलालों से सावधान, सीएचसी परतावल’ जैसे चेतावनी वाले स्टिकर लगाने के निर्देश भी दिए। इसका उद्देश्य मरीजों को किसी के बहकावे में आने से रोकना और उन्हें सरकारी स्वास्थ्य सुविधाओं का समुचित लाभ दिलाना है। उन्होंने कहा कि मरीजों को अनावश्यक रूप से बाहर भेजना गंभीर लापरवाही माना जाएगा। सीएमओ की सख्ती के बाद अस्पताल परिसर में दिनभर चर्चा का माहौल बना रहा। अब सवाल यह है कि औचक निरीक्षण और कड़ी चेतावनी के बाद बाहरी दवा-जांच लिखे जाने की शिकायतों पर कितना अंकुश लगता है और विभागीय निर्देशों का धरातल पर कितना पालन होता है। निरीक्षण के दौरान डॉ. अनिल जायसवाल, डॉ. श्रीप्रकाश श्रीवास्तव, डॉ. पूर्णिमा जायसवाल, डाटा ऑपरेटर संजीव सिंह, बीसीपीएम अमित, फार्मासिस्ट शशिविंद मिश्रा सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।0
0
Report
Advertisement
