icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Pinewz
455001
ASAmit SharmaFollow28 Oct 2024, 01:39 am
0
0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

वाराणसी के काल भैरव मंदिर में दलालों के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई

JPJai PalJust now
Varanasi, Uttar Pradesh:वाराणसी के काल भैरव मंदिर में पुलिस की बड़ी कार्रवाई सादे कपड़ों में पहुंची पुलिस ने 11 दर्शन दलालों को रंगे हाथ दबोचा। श्रद्धालुओं से अवैध वसूली और अभद्रता करने वालों पर चला डंडा। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद एक्शन में आई वाराणसी पुलिस। एसीपी कोतवाली विजय प्रताप सिंह के निर्देश पर गठित की गयी थी स्पेशल टीम। मंदिर परिसर में दलाली और शोषण करने वालों को एसीपी की सख्त चेतावनी- आगे भी जारी रहेगा अभियान। सोशल मीडिया पर काल भैरव मंदिर में पर्यटकों के साथ बदसलूकी और दलाली का वीडियो वायरल हुआ था। एसीपी कोतवाली विजय प्रताप सिंह के आदेश पर विशेष टीम का गठन। काल भैरव चौकी इंचार्ज अभय नारायण सिंह सेंगर के नेतृत्व में सादे कपड़ों में टीम तैनात की गई।
0
0
Report

जालौन: भाजपा नेत्री पर गैरिज कब्जाने का आरोप, जिलाधिकारी से न्याय की गुहार

Jalaun, Uttar Pradesh:जालौन के उरई शहर में एक महिला ने अपने ही परिवार के लोगों पर गैरिज पर कब्जा करने और धमकी देने का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता का कहना है कि रिश्तेदारी और भरोसे के आधार पर कुछ समय के लिए गैरिज उपयोग करने की अनुमति दी गई थी, लेकिन अब उसे खाली करने से साफ इनकार किया जा रहा है। गांधीनगर निवासी सरोज वर्मा पत्नी स्वर्गीय कैलाश चन्द्र वर्मा ने जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडेय को दिए शिकायती पत्र में बताया कि उनके मकान के पास स्थित गैरिज उनके नाम विधिवत रजिस्टर्ड है, जो 13 सितंबर 2023 से उनके स्वामित्व में दर्ज है। आरोप है कि उनकी जिठानी रेखा वर्मा तथा उनके पुत्र हर्षवर्धन वर्मा ने बेटी की शादी और वाहन खड़ा करने की समस्या का हवाला देकर अस्थायी रूप से गैरिज उपयोग करने की अनुमति मांगी थी। पारिवारिक संबंधों को देखते हुए उन्होंने गैरिज इस्तेमाल करने की अनुमति दे दी। पीड़िता का आरोप है कि काफी समय बीत जाने के बाद भी गैरिज खाली नहीं किया गया। जब उन्होंने और उनके बेटे ने गैरिज वापस करने की बात कही तो आरोपियों ने इंकार कर दिया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि रेखा वर्मा स्वयं को भाजपा की जिला उपाध्यक्ष बताकर प्रशासनिक प्रभाव का हवाला देती हैं और कहती हैं कि मेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता। सरोज वर्मा ने आरोप लगाया कि हर्षवर्धन वर्मा ने उन्हें गाली-गलौज और धमकी देते हुए कहा कि गैरिज खाली नहीं किया जाएगा और जरूरत पड़ी तो कोर्ट में भी मामला लड़ेंगे। शिकायत के अनुसार, गैरिज पर स्थायी कब्जा करने की नीयत से उनके छोटे बेटे के नाम स्टे लेने की धमकी भी दी गई। पीड़िता ने जिलाधिकारी को बताया कि उनके छोटे बेटे की शादी निकट है और ऐसे समय में गैरिज खाली न होने से रिश्तेदारों और मेहमानों के ठहरने तथा वाहनों की व्यवस्था में परेशानी हो रही है। महिला ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराकर उनका गैरिज खाली कराया जाए ताकि उन्हें न्याय मिल सके। फिलहाल प्रशासन की ओर से मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
0
0
Report
Advertisement

बारसूर के दंपति डॉक्टर को पद्मश्री, बस्तर में सेवा की मिसाल

Dantewada, Chhattisgarh:दक्षिण बस्तर दंतेवाड़ा जिले के बारसूर में रहकर पिछले 35 वर्षों से आदिवासी अंचलों में निस्वार्थ भाव से स्वास्थ्य और सामाजिक सेवा कर रहे डॉक्टर रामचंद्र गोड़बोले और उनकी पत्नी सुनीता गोड़बोले को आज देश के प्रतिष्ठित पद्मश्री सम्मान से नवाजा जाएगा। मूल रूप से महाराष्ट्र के सतारा जिले के रहने वाले गोड़बोले दंपति ने 90 के दशक में बारसूर पहुंचकर वनवासी कल्याण आश्रम के माध्यम से जनजातीय क्षेत्रों में सेवा कार्य शुरू किया था। तब से लेकर आज तक दोनों दंपति बस्तर के दूरस्थ और संवेदनशील इलाकों में ग्रामीणों के बीच रहकर स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा और नशामुक्ति अभियान में अहम भूमिका निभा रहे हैं। अबूझमाड़ जैसे अंदरूनी क्षेत्रों में नक्सली दहशत के बावजूद गोड़बोले दंपति लगातार लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाते रहे। कुष्ठ रोग, टीबी, मलेरिया और पीलिया जैसी गंभीर बीमारियों को लेकर आदिवासी समाज में जागरूकता फैलाने और मरीजों का इलाज कराने में उनका योगदान बेहद महत्वपूर्ण रहा है। इसी समर्पण और मानव सेवा के लिए आज नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में भारत की राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के हाथों गोड़बोले दंपति को पद्मश्री सम्मान प्रदान किया जाएगा। यह सम्मान सिर्फ दंपति ही नहीं बल्कि पूरे बस्तर और दंतेवाड़ा जिले के लिए गर्व का क्षण है।
0
0
Report

चंदौली में रेड अलर्ट: गर्मी के कारण अस्पतालों में सुविधाएं बढ़ीं और सावधानियां जारी

Chandauli, Uttar Pradesh:ब्रेकिंग :- चंदौली... - भीषण गर्मी को देखते हुए जनपद में रेड अलर्ट जारी - जिले के सभी सीएचसी और पीएचसी को हाई अलर्ट पर रखा गया है। - जिला अस्पताल में मरीजों की सुविधा के लिए अलग रजिस्ट्रेशन काउंटर बनाया गया - बढ़ती भीड़ के बीच किसी को परेशानी का सामना व कम इंतजार करना पड़े - सभी सरकारी अस्पतालों में मरीजों की सुविधा के लिए पंखा, कूलर और एसी की व्यवस्था की गई है। - साथ ही सभी अस्पतालों में इमरजेंसी टीम एक्टिव कर दी गई है। - ओआरएस काउंटर भी बनाए गए हैं, जहां मरीजों को निःशुल्क ओआरएस उपलब्ध कराया जा रहा - मुख्य चिकित्साधिकारी युगल किशोर राय ने लोगों से अपील की है कि बढ़ते तापमान को देखते हुए यथासंभव घर से बाहर न निकलें। - उन्होंने कहा कि छोटे बच्चे, गर्भवती महिलाएं और बुजुर्ग विशेष सावधानी बरतें - अगर बाहर निकलना मजबूरी हो तो पूरे शरीर को ढककर निकलें, खाली पेट बाहर न जाएं और तरल पदार्थों का अधिक सेवन करें। - सीएमओ ने सलाह दी कि मसालेदार भोजन, मांस-मछली से फिलहाल परहेज करें और बाहर जाते समय ठंडा पानी साथ रखें, ताकि डिहाइड्रेशन से बचा जा सके。 बाइट — युगल किशोर राय, सीएमओ चंदौली
0
0
Report
Advertisement

नारायणपुर के किसानों को डीजल राहत: 20 लीटर प्रति डब्बा मिलने लगी सुविधा

Narayanpur, Jharkhand:नारायणपुर जिले में पेट्रोल-डीजल की किल्लत के बीच किसानों को बड़ी राहत मिली है। डब्बों में पेट्रोल-डीजल ले जाकर बिचौलियों द्वारा अधिक दामों पर बेचने की शिकायतों के बाद जिला प्रशासन के निर्देश पर पेट्रोल पंपों में डब्बों में ईंधन देना बंद कर दिया गया था। इससे खेती-किसानी के काम में लगे किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। खेतों में जोताई और अन्य कृषि कार्यों के दौरान डीजल खत्म होने पर किसान डब्बा लेकर पेट्रोल पंप पहुंचते थे, लेकिन डीजल नहीं मिलने से उनका काम प्रभावित हो रहा था। किसानों की इसी समस्या को देखते हुए अब राहत भरी व्यवस्था शुरू की गई है। राधे श्याम पेट्रोल पम्प में किसान यदि अपना किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) या धान विक्रय की पावती दिखाते हैं, तो उन्हें डब्बे में 20 लीटर तक डीजल दिया जा रहा है। इससे किसानों को खेती के जरूरी कार्यों में काफी सहूलियत मिल रही है। किसानों का कहना है कि नई व्यवस्था से उन्हें राहत मिली है और अब खेती का काम पहले की तरह सुचारु रूप से हो पा रहा है। वहीं पेट्रोल पंप प्रबंधन का कहना है कि बिचौलियों पर लगाम लगाने और जरूरतमंद किसानों की मदद करने के उद्देश्य से यह व्यवस्था लागू की गई है। पेट्रोल पंप की मैनेजर ने बताया कि डब्बों में पेट्रोल-डीजल लेकर कुछ लोग अधिक दामों पर बेच रहे थे, जिसकी शिकायत मिलने के बाद प्रशासन के निर्देश पर डब्बों में ईंधन देना बंद किया गया था। हालांकि किसानों की परेशानियों को देखते हुए अब किसान क्रेडिट कार्ड या धान बिक्री की पावती दिखाने पर 20 लीटर डीजल उपलब्ध कराया जा रहा है।
0
0
Report

रीवा हादसे पर जैन समाज का आक्रोश: दमोह में प्रदर्शन तेज

Damoh, Madhya Pradesh:रीवा में जैन साध्वियों के साथ हुए हादसे पर जनाक्रोश, दमोह जिले में कई जगहों पर जैन समाज के प्रदर्शन.... रीवा की घटना को लेकर दमोह जिले में भी भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। जिले के अलग अलग हिस्सों जैन धर्मावलम्बियों ने आज प्रदर्शन किया। जिला मुख्यालय पर बड़ी संख्या में महिलाओं बच्चों और पुरुषों ने सड़क पर मौन जुलूस निकाला और घटना का विरोध किया तो जिले के जबेरा में जैन समाज के साथ सर्व समाज सड़को पर रैली निकालकर विरोध जाहिर किया इसके साथ ही जिले के नोहटा में भी साध्वियों के साथ ही घटना को लेकर गुस्सा जाहिर किया गया है。
0
0
Report

हरियाणा के लाखू बुआना के पहलवानों के ओलंपिक 꿈 ने बना डाला नया इतिहास

Panipat, Haryana:मिट्टी में तपता जुनून, आंखों में ओलंपिक का सपना लाखू बुआना के नन्हे पहलवान लिख रहे हरियाणा की नई पहचान पानीपत, राकेश भयाना। हरियाणा कभी पूरे देश में “दूध-दही की धरती” के नाम से जाना जाता था, लेकिन समय के साथ इस मिट्टी ने ऐसे-ऐसे पहलवान पैदा किए जिन्होंने दुनिया भर में भारत और हरियाणा का परचम लहराया। आज हरियाणा को रेसलरों की धरती कहा जाता है। यहां की मिट्टी में बचपन से ही दांव-पेंच सीखने की परंपरा रही है और इसी परंपरा को आगे बढ़ा रहा है पानीपत जिले का गांव लाखू बुआना। भीषण गर्मी, तपती मिट्टी और सीमित संसाधनों के बावजूद गांव के तीन दर्जन से ज्यादा बच्चे रोज सुबह-शाम अखाड़े में पसीना बहा रहे हैं। इन बच्चों की उम्र महज 6 से 17 वर्ष के बीच है, लेकिन आंखों में सपना ओलंपिक में तिरंगा लहराने का है। कोई किसान का बेटा है तो कोई मजदूर की संतान, लेकिन संघर्ष और मेहनत ने इन बच्चों को उम्र से पहले ही मजबूत बना दिया है। इन खिलाड़ियों को पिछले 15 वर्षों से राष्ट्रीय कोच नरेंद्र मलिक मुफ्त में प्रशिक्षण दे रहे हैं। “फैला उजियारा फाउंडेशन” के माध्यम से चल रही इस पहल ने गांव के बच्चों को नई दिशा देने का काम किया है। संस्था से जुड़े खिलाड़ियों ने खंड स्तर से लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर तक 450 से ज्यादा पदक जीतकर गांव और जिले का नाम रोशन किया है। सबसे खास बात यह है कि ओलंपिक मेडल विजेता नवदीप श्योराण भी कभी इसी अखाड़े में कुश्ती के गुर सीखते थे। इसके अलावा यहां से निकले कई खिलाड़ी सेना, पैरामिलिट्री फोर्स, चंडीगढ़ पुलिस और इनकम टैक्स विभाग तक पहुंचे हैं। कई खिलाड़ी खेलो इंडिया और इंटर यूनिवर्सिटी प्रतियोगिताओं में भी शानदार प्रदर्शन कर चुके हैं। राष्ट्रीय कोच नरेंद्र मलिक बताते हैं कि वह पिछले 15 वर्षों से बिना किसी शुल्क के बच्चों को प्रशिक्षण दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य सिर्फ खिलाड़ी तैयार करना नहीं, बल्कि अनुशासन और संस्कारों से भरे अच्छे इंसान बनाना भी है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में करीब 25 बच्चे नियमित अभ्यास कर रहे हैं, जबकि अब तक 40 से ज्यादा खिलाड़ी यहां से आगे निकल चुके हैं। हाल ही में तीन बच्चों का चयन खेलो इंडिया में हुआ है। सुबह दो घंटे और शाम को साढ़े तीन घंटे तक बच्चों को अभ्यास कराया जाता है। नरेंद्र मलिक ने कहा कि सरकार ने मैट, जिम और कई खेल उपकरण उपलब्ध करवाए हैं, लेकिन गांव में आधुनिक रेसलिंग हाल और खेल नर्सरी की जरूरत है ताकि बच्चों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2036 ओलंपिक को लेकर रखे गए लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए वे बच्चों को तैयार कर रहे हैं। आठवीं कक्षा में पढ़ने वाले हर्ष का कहना है कि उसे बचपन से ही रेसलिंग पसंद थी। वह सुबह और शाम कई घंटों तक अभ्यास करता है। दिल्ली में हुई प्रतियोगिता में पांचवां स्थान हासिल करने के बाद उसका चयन खेलो इंडिया में हुआ है। अब तक वह पांच-छह मेडल जीत चुका है और उसका सपना देश के लिए खेलना है। तेरह वर्षीय जितेन ने बताया कि उसका परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है, लेकिन उसने हार नहीं मानी। वह रोजाना घंटों अभ्यास करता है और भारत के लिए खेलना चाहता है। खेलो इंडिया में चयन होने के बाद उसका आत्मविश्वास और बढ़ गया है। वहीं प्रिंस ने कहा कि नेशनल प्रतियोगिता में पांचवां स्थान मिलने के बाद उसका चयन खेलो इंडिया में हुआ। अब उसका लक्ष्य अपने माता-पिता, कोच और देश का नाम रोशन करना है। ऑल इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स खेल चुके सिकंदर ने कहा कि वह सुबह-शाम कड़ी मेहनत करता है। अब तक वह 20 से ज्यादा मेडल जीत चुका है। उसका सपना लॉस एंजिल्स ओलंपिक में भारत के लिए पदक जीतना है। जूनियर कोच आकाश मलिक ने कहा कि उन्होंने भी नरेंद्र मलिक से ही कुश्ती सीखी है। अब वह बच्चों को सिर्फ खेल ही नहीं, बल्कि अनुशासन, पढ़ाई और अच्छे संस्कार भी सिखा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य बच्चों को उन कठिनाइयों से बचाना है जिनकी वजह से कई खिलाड़ी आगे नहीं बढ़ पाते। ग्रामीण भी बढ़ा रहे खिलाड़ियों का हौसला गांव के लोग भी इन नन्हे पहलवानों का पूरा साथ दे रहे हैं। अभ्यास के दौरान कई अभिभावक बच्चों के लिए दूध, बादाम और खाने-पीने की चीजें लेकर अखाड़े तक पहुंच जाते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सीमित संसाधनों के बावजूद बच्चों का समर्पण काबिले तारीफ है। अब गांव और खिलाड़ियों की मांग है कि यहां आधुनिक रेसलिंग हाल और स्थायी खेल नर्सरी बनाई जाए ताकि गांव की प्रतिभाओं को और बेहतर मंच मिल सके और हरियाणा की कुश्ती परंपरा और मजबूत हो सके।
0
0
Report
Advertisement

हाथरस में डीजल-पेट्रोल की बढ़ती कीमतों से ट्रांसपोर्ट व्यापारी परेशान, कारोबार ठप होने की कगार पर, किया प्रदर्शन

GOVIND CHAUHANGOVIND CHAUHANFollow6m ago
Hathras, Uttar Pradesh:हाथरस में सोमवार को आगरा रोड स्थित भारत गुड्स कैरियर ट्रांसपोर्ट पर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के पदाधिकारियों की बैठक हुई। इसमें लगातार बढ़ रही डीजल और पेट्रोल की कीमतों पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई। व्यापारियों ने बताया कि ईंधन के बढ़ते दामों के कारण ट्रांसपोर्ट व्यवसाय चलाना दिन-ब-दिन मुश्किल होता जा रहा है। पदाधिकारियों ने कहा कि डीजल की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है, जबकि ट्रांसपोर्ट भाड़े और किराए में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है। इस स्थिति में ट्रांसपोर्ट व्यापारियों को भाड़ा बढ़ाने पर विचार करना पड़ रहा है। उन्होंने दूसरे जनपदों और प्रदेशों से सामान लाने-ले जाने में ट्रांसपोर्ट व्यापारियों की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया और सभी से सहयोग की अपील की। बैठक में लोकल और बाहरी रूटों के भाड़े को लेकर विस्तृत चर्चा हुई। इसके उपरांत, ट्रांसपोर्ट व्यापारियों और वाहन चालकों ने डीजल की बढ़ती कीमतों के विरोध में प्रदर्शन किया। उन्होंने सरकार से इस संबंध में राहत प्रदान करने की मांग की। इस प्रदर्शन में राहुल गुप्ता, नवजोत शर्मा, रामकुमार गौड़ उर्फ बंटी भैया, बंसी पंडित, रोहित कुमार, अभिषेक शर्मा और देवांशु चौधरी सहित बड़ी संख्या में ट्रांसपोर्ट व्यापारी और वाहन चालक उपस्थित थे।
0
0
Report
Advertisement

धार भोजशाला फैसले के बाद सीएम यादव का रोडमैप और प्रतिमा लाने की तैयारी

Bhopal, Madhya Pradesh:भोपाल सीएम डॉ मोहन यादव पहुंचे धार भोजशाला भ भोजशाला में सीएम डॉ मोहन यादव ने की पूजा अर्चना सीएम डॉ मोहन यादव ने जी मीडिया से बातचीत में कहा लंबी लड़ाई के बाद जब न्यायालय का फैसला आता है तब देश में उत्सव का माहौल रहता 750 साल का संघर्ष था भ भोजशाला को लेकर न्यायालय का जो फैसला था दूध का दूध पानी का पानी होकर फैसला आया है उसका परिणाम है कि मैं यहां आया हूं कई प्रकार के विकास का कार्य भी हम कर रहे है धार में विकास का एक नया रोड मेप बनेगा मां वाग्देवी की प्रतिमा को लंदन से जल्द से जल्द लाने का प्रयास रहेगा ट्विशा मौत मामले में सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी पर सीएम डॉ मोहन यादव ने कहा न्यायालय का हम आभार मानते हैं हमने पहले भी कहा घटना पर तत्काल एक्शन लेते पीड़ित पक्ष की भावना के आधार पर चलती है न्यायालय ने हमारी कार्रवाई पर सकारात्मक टिप्पणी की उसके लिए आभार मानता हूं。 One 2 one सीएम डॉ मोहन यादव
0
0
Report

उदयपुर में वंदे जल संरक्षण अभियान की शुरुआत, मंत्री खराड़ी का रोत पर पलटवार

Udaipur, Rajasthan:उदयपुर में आज वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान की शुरुआत टीएडी मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने की। इस अवसर पर आयोजित हुई पत्रकारों से वार्ता में मंत्री खराड़ी ने अभियान के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए जल संरक्षण पर सरकार के विजन को रखा। इस दौरान हाल ही में आदिवासी बहुल्य इलाके डूंगरपुर-बांसवाड़ा में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के दौरे पर बीएपी सांसद राजकुमार रोत के भजन मंडली वाले बयान पर मंत्री खराड़ी ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि रोत कुछ भी बोल सकते हैं, उन्हें भला कौन रोक सकता है। उन्होंने दावा किया कि क्षेत्र में भाजपा की बढ़ती ताकत और मुख्यमंत्री के सफल दौरे को देखकर रोत घबरा हुए है। हकीकत यह है कि अब उनकी राजनीतिक जमीन खिसक चुकी है। आपको बता दे कि सांसद राजकुमार रोत ने मुख्यमंत्री के इस दौरे पर निशाना साधते हुए इसे विकास का दौरा मानने से इनकार कर दिया और इसे महज एक भजन मंडली करार दिया।
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top