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मधुबनी के लौकहा थाना के पीपराही गांव में विवाहिता की हत्या
Madhubani, Bihar:मधुबनी में एक और बहू दहेज की बलि बेदी पर चढ़ी, नवविवाहिता की गला दबाकर मारा। सास, देवर सहित ससुराल वालों पर मारने का आरोप। घटना लौकहा थाना के पिपराही चतुर्भुज गांव की है। परिजनों की माने तो काफी दान दहेज देकर शादी की गई, लेकिन महज शादी के दो साल में ही ससुराल वालों ने मार दिया। लड़की के ससुराल वाले दहेज को लेकर लड़की को प्रताड़ित करता था और फिर गला दबाकर हत्या कर दिया। सूचना पर मायके से परिजन पहुंचे और पुलिस को बारदात की सूचना दी गयी।
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कैथल पुलिस ने नशा-शराब तस्करों पर शिकंजा, 7.05 ग्राम हेरोइन व 400 लीटर लाहण बरामद
Kaithal, Haryana:नशा व शराब तस्करों पर कैथल पुलिस का शिकंजा, 2 आरोपी काबू, 7.05 ग्राम हेरोइन व 400 लीटर लाहण बरामद कैथल पुलिस नशा व अवैध शराब तस्करों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में एंटी नारकोटिक सेल ने अलग-अलग मामलों में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पहले मामले में पुलिस टीम ने सिरटा रोड, कैथल में दबिश देकर पूनम नामक महिला को काबू किया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 7.05 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद हुई। थाना शहर में मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। दूसरे मामले में पुलिस ने गांव क्योड़क में करनैल सिंह के पशु बाड़े पर छापा मारकर 400 लीटर लाहण बरामद किया। आरोपी को काबू कर थाना सदर में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। बाइट: प्रदीप कुमार इंचार्ज एंटी नारकोटिक सेल कैथल0
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इंदौर रेलवे स्टेशन पर चलती ट्रेन में युवक की मौत, हड़कंप
Indore, Madhya Pradesh:इंदौर रेलवे स्टेशन पर आज एक दर्दनाक हादसा हो गया। ग्वालियर से आए एक युवक की चलती ट्रेन पकड़ने की कोशिश में ट्रेन की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद स्टेशन पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर परिजनों को सूचना दे दी है। दरअसल इंदौर रेलवे पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान ग्वालियर के सुनार मोहल्ला निवासी हर्ष गुप्ता के रूप में हुई है। हर्ष ग्वालियर से आने वाली ओवरनाइट एक्सप्रेस से इंदौर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-4 पर उतरा था। उसके बाद उसे रतलाम जाने के लिए प्लेटफॉर्म नंबर-1 से ट्रेन पकड़नी थी। प्लेटफॉर्म नंबर-4 से होते हुए वह प्लेटफॉर्म नंबर-1 की ओर जा रहा था। इसी दौरान उसने चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश की, लेकिन उसका पैर फिसल गया और वह ट्रेन के नीचे आ गया। हादसा इतना भयावह था कि मौके पर ही उसकी मौत हो गई। घटना के बाद युवक के इंदौर में रहने वाले रिश्तेदार स्टेशन पहुंच गए, जबकि ग्वालियर स्थित परिजनों को भी सूचना दे दी गई है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि ट्रेन छूटने के डर से कभी भी चलती ट्रेन में चढ़ने या उतरने का जोखिम न उठाएं।0
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फतेहाबाद पुलिस ने आरोपी सदीप उर्फ दीपा के खिलाफ अनेक मामलों की सूची जारी
Noida, Uttar Pradesh:आरोपी सदीप उर्फ दीपा पुत्र वेदप्रकाश वासी समैण के खिलाफ अभियोग अकित है:-1. मुकदमा न.6 दिनांक 05.01.2015 धारा 25-54-59 A.ACT थाना सदर टोहाना 2. मुकदमा न. 171 दिनांक 19.06.2014 धारा 25-54-59 A.ACT थाना सदर टोहाना 3. मुंकदमा न. 481 दिनांक 06.11.2014 धारा 392 IPC & 25-54-59 A.ACT थाना भुना 4. मुकदमा न.630 दिनांक 23.12.2015 धारा 25-54-59 A.ACT थाना शहर टोहाना 5. मुकदमा न.61 दिनांक 26.02.2016 धारा 25-54-59 A.ACT थाना शहर टोहाना 6. मुकदमा न.49 दिनांक 11.03.2018 धारा 25-54-59 A.ACT थाना उकलाना जिला हिसार 7. मुकदमा न.120 दिनांक 23.05.2025 धारा 25(1-B)a A.ACT गिरफ्तारी 8. मुकदमा न.151 दिनांक 17.06.2010 धारा 356,379,34 IPC थाना शहर टोहाना 9. मुकदमा न.285 दिनांक 14.07.2010 धारा 307,109,34 IPC & 25/54/59 A.ACT थाना सदर हाँसी जिला हिसार 10. मुकदमा न.153 दिनांक 18.06.2010 धारा 379 IPC थाना शहर टोहाना 11. मुकदमा न.824 दिनांक 13.10.2010 धारा 394,307,402,353,186 IPC&25/54/59/A.ACT थाना सदर हिसार 12. मुकदमा न.356 दिनांक 14.09.2013 धारा 307,34 IPC थाना शहर टोहाना 13. मुकदमा न. 133 दिनांक 05.06.2010 धारा 392,397,34 IPC थाना भुना 14. मुकदमा न.128 दिनांक 31.05.2018 धारा 147,149,323,341,365,506 IPC थाना सदर टोहाना फतेहाबाद पुलिस ने जारी किया0
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जयपुर: इतिहास शिक्षकों की तबादला सूची जारी, 700 से अधिक तबादले
Jaipur, Rajasthan:जयपुर स्कूल व्याख्याता की एक और तबादला सूची जारी। इतिहास विषय के व्याख्याता की जारी हुई तबादला सूची। 700 से ज्यादा व्याख्याता के हुए तबादले।0
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उपराष्ट्रपति के आगमन में बिहार के नए विधायकों को गयाजी में संसदीय प्रशिक्षण
Gaya, Bihar:बिहार विधानसभा के नवनिर्वाचित सदस्यों का दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम आयोजित होगा, उपराष्ट्रपति, राज्यपाल और मुख्यमंत्री होंगे शामिल। ज्ञान, तप और मोक्ष की पावन धरती गयाजी अब प्रशासनिक और लोकतांत्रिक गतिविधियों का भी प्रमुख केंद्र बनती जा रही है। पटना के बाद यदि गयाजी को बिहार की दूसरी प्रशासनिक राजधानी कहा जाए, तो यह अतिशयोक्ति नहीं होगी। 18 दिसंबर 2019 को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिमंडल की महत्वपूर्ण बैठक बिपार्ड परिसर से सटे राज्य वन प्रशिक्षण संस्थान के सभागार में आयोजित की गई थी। इसके बाद भी कई अहम सरकारी और प्रशासनिक बैठकों की मेजबानी गयाजी करता रहा है। अब एक बार फिर गयाजी राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में है। 11 और 12 जुलाई को बिपार्ड परिसर में बिहार विधानसभा के नवनिर्वाचित सदस्यों का दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम आयोजित होगा। इस कार्यक्रम में भारत के उपराष्ट्रपति, बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की उपस्थिति प्रस्तावित है। इस दौरान विधायक न केवल संसदीय परंपराओं, नियमों और प्रक्रियाओं की गहन जानकारी प्राप्त करेंगे, बल्कि NEVA जैसी आधुनिक तकनीक के माध्यम से विधानसभा की कार्यवाही को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और डिजिटल बनाने का प्रशिक्षण भी हासिल करेंगे। इस महत्वपूर्ण आयोजन में 11 जुलाई को भारत के उपाराष्ट्रपति शामिल होंगे। कार्यक्रम को लेकर जिला प्रशासन और बिहार विधानसभा सचिवालय द्वारा तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है, जबकि शहर में यातायात व्यवस्था में भी अस्थायी बदलाव किए गए हैं। बिहार विधानसभा सचिवालय के मुताबिक इस प्रबोधन कार्यक्रम का उद्देश्य नवनिर्वाचित विधायकों को संसदीय परंपराओं, विधानसभा की कार्यप्रणाली और विधायी जिम्मेदारियों से व्यावहारिक रूप से परिचित कराना है। प्रशिक्षण के दौरान लोकसभा सचिवालय की संस्था PRIDE के विशेषज्ञ विभिन्न सत्रों में विधायकों को संसदीय प्रक्रिया, सदन के नियम, प्रश्नकाल, लोक महत्व के मुद्दे, आचार संहिता, प्रक्रियात्मक नियम और आधुनिक तकनीक आधारित नेवा (NEVA) प्रणाली की जानकारी देंगे। दो दिवसीय कार्यक्रम के दौरान बिहार विधानसभा के सभी जनप्रतिनिधियों को दो दिनों तक गयाजी में विधार्थी की तरह बिपार्ड में जा कर विभिन्न योजनाओं को सुचारू रूप से चलने की ज्ञान प्राप्त करेंगे। डॉ प्रेम कुमार , अध्यक्ष बिहार विधानसभा इस प्रबोधन कार्यक्रम के जरिए नवनिर्वाचित विधायक न केवल संसदीय प्रक्रियाओं की बारीकियों को समझेंगे, बल्कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से सदन की कार्यवाही को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने का प्रशिक्षण भी प्राप्त करेंगे। उपराष्ट्रपति की उपस्थिति इस आयोजन को और अधिक महत्वपूर्ण बना रही है।0
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नोएडा सेक्टर-73 में सड़क धंसी, डि-मार्ट निर्माण से क्षेत्र में हड़कंप
Noida, Uttar Pradesh:नोएडा: सेक्टर-73 के सर्फाबाद क्षेत्र में निर्माणाधीन डी-मार्ट परियोजना के पास सड़क धंसने से इलाके में हड़कंप मच गया। लगातार बारिश के बीच निर्माणाधीन इमारत की बाउंड्री वॉल के साथ-साथ सड़क का एक हिस्सा भी धंस गया, जिससे आसपास रहने वाले लोगों में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि निर्माण स्थल के पास स्थित नोएडा प्राधिकरण का निर्मित नाला और एक ट्रांसफार्मर भी धंसने से प्रभावित हुए हैं। वहीं, निर्माणाधीन साइट से सटा बारात घर भी झुक गया है। सुरक्षा के मद्देनजर बारात घर पर ताला लगा दिया गया है। बताया जा रहा है कि इस भवन का जल्द ही रेजिडेंट्स को हैंडओवर होना था, लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए इसे फिलहाल रोक दिया गया है。 जानकारी के मुताबिक, निर्माणाधीन परियोजना का बेसमेंट करीब 25 से 30 फीट गहरा है, जिसमें बारिश का पानी लबालब भर गया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि बेसमेंट में पानी भरने और मिट्टी खिसकने की वजह से आसपास की जमीन कमजोर हो गई, जिसके चलते सड़क और अन्य संरचनाएं धंसने लगीं। महादेव अपार्टमेंट के निवासी नरेश ने बताया कि इस घटना से क्षेत्र के लोग भयभीत हैं। उनका कहना है कि यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने नोएडा प्राधिकरण और संबंधित निर्माण एजेंसी से तत्काल तकनीकी जांच कराकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने और जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है。 फिलहाल घटना के बाद क्षेत्र में एहतियात बरता जा रहा है और लोग प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं。 नोएडा-- सेक्टर 73 सर्फाबाद में सड़क धंसी D MART का हो रहा निर्माण सेक्टर 73 निर्माणाधीन बिल्डिंग की दीवार और सड़क धंसी नोएडा अथॉरिटी का निर्मित नाला और ट्रांसफार्मर भी धंसा अंडर कंस्ट्रक्शन साइट से सटे बारात घर भी झुका बारात घर में ताला जड़ा गया बारात घर रेजिडेंट्स को होना था हैंडओवर अंडर कंस्ट्रक्शन साइट का बेसमेंट 25 से 30 फीट गहरा अंडर कंस्ट्रक्शन साइट पर लबालब पानी भरा हुआ है बाइट-- नरेश (रेसिडेंट महादेव अपार्टमेंट)0
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पानीपत किसान भवन के फर्जी ट्रस्ट आरोप: महापंचायत में निर्णय संभव
Panipat, Haryana:पानीपत किसान भवन पर घमासान फर्जी ट्रस्ट बनाकर कब्जे के आरोप प्रधान ने किया खंडन पानीपत। पानीपत किसान भवन को लेकर किसान नेताओं के बीच विवाद गहरा गया है। किसान भवन के उपप्रधान एवं कई पदाधिकारियों ने प्रेसवार्ता कर प्रधान निशान सिंह मलिक पर किसान भवन की संपत्ति पर कब्जा करने की मंशा से फर्जी ट्रस्ट बनाकर संपत्ति अपने नाम कराने की गंभीर आरोप लगाए। वहीं, निशान सिंह मलिक ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि ट्रस्ट केवल किसान भवन को कानूनी एवं पारदर्शी ढंग से संचालित करने के उद्देश्य से बनाया गया है। 'किसानों के मंदिर' पर कब्जे की साजिश का आरोप किसान नेता सुधीर जाखड़ ने "किसान भवन बचाओ महापंचायत" की ओर से आयोजित प्रेसवार्ता में कहा कि किसान भवन पूरे जिले के किसानों की आस्था का केंद्र है, जिसे पिछले 40 वर्षों के संघर्ष और किसानों के खून-पसीने से तैयार किया गया है। उनका आरोप है कि कुछ लोगों ने चुपचाप फर्जी दस्तावेज तैयार कर ट्रस्ट बनाकर स्वयं को किसान भवन का मालिक बनाने की कोशिश की है। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट का गठन बिना आमसभा की बैठक बुलाए और बिना किसी ब्लॉक प्रधान या अन्य पदाधिकारियों को विश्वास में लिए किया गया। उनका आरोप था कि उपप्रधान, युवा प्रधान और जिले की अधिकांश कमेटियों तक को इसकी जानकारी नहीं दी गई। S सात लोगों को बनाया ट्रस्टी, बाकी पदाधिकारी बाहर विरोधी गुट का आरोप है कि ट्रस्ट में केवल प्रधान के करीबी सात लोगों को ही ट्रस्टी बनाया गया, जबकि अन्य ब्लॉकों के प्रतिनिधियों को शामिल नहीं किया गया। उनका कहना है कि किसान भवन परिसर में गोदाम बनाकर उन्हें किराये पर देने की मंशा से यह पूरी प्रक्रिया अपनाई गई। वित्तीय अनियमितताओं और वाहन रिकॉर्ड पर भी उठाए सवाल प्रेसवार्ता के दौरान किसान नेताओं ने वित्तीय अनियमितताओं के भी आरोप लगाए। उनका दावा है कि लाखों रुपये वकीलों पर खर्च दिखाए गए, लेकिन उनके समर्थन में कोई रसीद उपलब्ध नहीं है। इसके अलावा वाहन के रिकॉर्ड पर भी सवाल उठाए गए। आरोप लगाया गया कि 15 दिनों के भीतर वाहन के ओडोमीटर में लगभग 31 हजार किलोमीटर की बढ़ोतरी दिखाई गई, जो सामान्य परिस्थितियों में संभव नहीं है। इस मामले की भी जांच कराने की मांग की गई। प्रधान बोले- कब्जा नहीं, पारदर्शिता के लिए बनाया ट्रस्ट इन आरोपों पर किसान भवन के प्रधान निशान सिंह मलिक ने कहा कि किसान भवन अब तक बिना किसी स्पष्ट बायलॉज के संचालित हो रहा था। इसी कारण भवन के संचालन को कानूनी आधार देने और भविष्य में किसी प्रकार के कब्जे या विवाद से बचाने के लिए विधिवत ट्रस्ट का गठन किया गया है। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट का पंजीकरण पूरी कानूनी प्रक्रिया के तहत हुआ है, जिसमें सदस्यों के दस्तावेज और आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की गई हैं। उन्होंने कहा कि कुछ लोग वर्षों से बिना किसी व्यवस्था के अपनी मनमर्जी से भवन का संचालन कर रहे थे और अब पारदर्शी व्यवस्था बनने से उन्हें परेशानी हो रही है। महापंचायत में होगा फैसला निशान सिंह मलिक ने कहा कि किसान समाज सर्वोपरि है और महापंचायत जो भी निर्णय लेगी, उसे स्वीकार किया जाएगा। उन्होंने बताया कि पहले 15 जुलाई को महापंचायत प्रस्तावित थी, लेकिन बाद में दोनों पक्षों ने 12 जुलाई को ही बैठक बुला ली है। उन्होंने कहा कि समाज के सामने सभी तथ्य रखे जाएंगे और वही अंतिम निर्णय करेगा। फिलहाल किसान भवन को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने हैं। अब सभी की निगाहें आगामी महापंचायत पर टिकी हैं, जहां इस पूरे विवाद पर किसान समाज का रुख स्पष्ट हो सकता है। बाइट सुधीर जाखड़ किसान नेता बाइट निशान सिंह मलिक पूर्व प्रधान किसान भवन बाइट दिलबाग बिंझौल प्रधान किसान भवन0
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अबूझमाड़ में स्कूल प्रवेश उत्सव से बच्चों के उज्जवल भविष्य की राह साफ
Narayanpur, Jharkhand:एंकर - नारायणपुर जिले के स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय में शुक्रवार को शाला प्रवेश उत्सव उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में प्रदेश के वन मंत्री केदार कश्यप मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर नवप्रवेशी विद्यार्थियों का पारंपरिक तरीके से तिलक लगाकर, फूलों की माला पहनाकर और मिठाई खिलाकर विद्यालय में स्वागत किया गया। साथ ही बच्चों को स्कूल बैग वितरित किए गए, जिससे उनके नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत यादगार बन सके। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों और जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति ने उत्सव को विशेष बना दिया। विद्यालय परिसर में बच्चों के चेहरों पर नए सत्र को लेकर उत्साह और खुशी साफ दिखाई दी। शिक्षकों ने भी बच्चों का आत्मीय स्वागत करते हुए उन्हें नियमित अध्ययन और अनुशासन का संदेश दिया। वन मंत्री केदार कश्यप ने अपने संबोधन में कहा कि किसी भी बच्चे के जीवन में प्रारम्भिक शिक्षा सबसे महत्वपूर्ण होती है। यही वह समय होता है जब उसके व्यक्तित्व और भविष्य की मजबूत नींव रखी जाती है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाना है, ताकि ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के बच्चे भी बेहतर अवसर प्राप्त कर सकें और अपने सपनों को साकार कर सकें। उन्होंने कहा कि बस्तर और विशेष रूप से अबूझमाड़ क्षेत्र में नक्सलवाद के प्रभाव में कमी आने के बाद शिक्षा के क्षेत्र में नए अवसर विकसित हो रहे हैं। दूरस्थ इलाकों में नए विद्यालय खोले जा रहे हैं और शिक्षा संबंधी सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि कोई भी बच्चा केवल दूरी या संसाधनों की कमी के कारण शिक्षा से वंचित न रहे। वन मंत्री ने कहा कि अबूझमाड़ के दुर्गम गांवों तक शिक्षा की रोशनी पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है। नए स्कूलों की स्थापना और आवश्यक शैक्षणिक संसाधनों की उपलब्धता से क्षेत्र के बच्चों को बेहतर शिक्षा का वातावरण मिलेगा। उन्होंने अभिभावकों से भी अपने बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजने की अपील करते हुए कहा कि शिक्षित समाज ही समृद्ध और आत्मनिर्भर राष्ट्र का आधार बनता है। कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी गईं तथा सभी ने शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और अधिक से अधिक बच्चों का विद्यालय में प्रवेश सुनिश्चित करने का संकल्प लिया। बाइट 01 केदार कश्यप, वन मंत्री0
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बारिश ने राजनांदगांव के नए ओवरब्रिज को सवालों के घेरे में डाल दिया
Rajnandgaon, Chhattisgarh:एंकर राजनांदगांव जिले में पहली ही बारिश में क्षतिग्रस्त हुए बरगा, आलीवारा और मुसरा के नए रेलवे ओवरब्रिज अब सवालों के घेरे में हैं। निर्माण की गुणवत्ता और कथित भ्रष्टाचार के आरोपों के बीच दक्षिण पूर्व रेलवे ने पहली बार अपना आधिकारिक पक्ष रखा है। रेलवे का कहना है कि पुलों की संरचना पूरी तरह सुरक्षित है और नुकसान निर्माण की खराब गुणवत्ता से नहीं, बल्कि लगातार हुई अत्यधिक बारिश और सड़क की आधार परत का अपेक्षित कॉम्पेक्शन नहीं हो पाने के कारण हुआ। हालांकि, यह सफाई कई सवालों को जन्म दे रही है। बीते दिनों राजनांदगांव के पास बरगा रेलवे क्रॉसिंग सहित आलीवारा और मुसरा में नवनिर्मित रेलवे ओवरब्रिज पहली ही बारिश में क्षतिग्रस्त हो गए थे। एप्रोच रोड धंस गई, सड़क पर दरारें दिखाई दीं और निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे। स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने निर्माण में लापरवाही और कथित भ्रष्टाचार के आरोप लगाए। मामला तूल पकड़ने के बाद राजनांदगांव के सांसद संतोष पांडेय और विधानसभा अध्यक्ष एवं राजनांदगांव विधायक डॉ. रमन सिंह ने भी रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र लिखकर पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। विवाद बढ़ने के बाद दक्षिण पूर्व रेलवे ने पहली बार आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी किया है। रेलवे के अनुसार पुलों की मुख्य संरचना पूरी तरह सुरक्षित है और कहीं भी कोई संरचनात्मक क्षति नहीं हुई है। रेलवे का कहना है कि लगातार ہوئی भारी बारिश के कारण सड़क की आधार परत का अपेक्षित कॉम्पेक्शन नहीं हो सका, जिससे एप्रोच रोड का हिस्सा प्रभावित हुआ। हमारी टीम जब बरगा स्थित क्षतिग्रस्त स्थल पर पहुंची तो वहां कोई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद नहीं था। मौके पर एप्रोच रोड के धंसे हुए हिस्से के किनारों को बारिश से बचाने के लिए पॉलीथीन शीट से ढंका जा रहा था। वहीं पुल के ऊपर दिखाई देने वाली दरारों में डामर भरकर मरम्मत का काम किया जा रहा था रेलवे अपनी सफाई में भारी बारिश को वजह बता रहा है, लेकिन सवाल यह है कि जिस पुल का निर्माण महज एक महीने पहले पूरा हुआ हो, वह पहली ही बारिश का सामना क्यों नहीं कर सका? अगर संरचना पूरी तरह सुरक्षित थी, तो एप्रोच रोड धंसने और सड़क में दरारें आने जैसी स्थिति आखिर बनी कैसे? अब लोगों की नजर इस बात पर है कि जांच होती है या मामला केवल मरम्मत तक ही सीमित रह जाता है। फिलहाल रेलवे मरम्मत कार्य में जुटा है और पुल को सुरक्षित बता रहा है, लेकिन गुणवत्ता, जवाबदेही और निर्माण मानकों को लेकर उठे सवाल अब भी कायम हैं। देखना होगा कि जांच की मांग पर आगे क्या कार्रवाई होती है और जिम्मेदारों पर कोई जवाबदेही तय होती है या नहीं0
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धान घोटाले में दबिशों की रफ्तार, 16 लाख नकद के साथ छापे
Kawardha, Chhattisgarh:कवर्धा ब्रेकिंग धान घोटाला मामला, पुलिस ने घर और कार्यालय की तलाशी में नकदी, बैंक पासबुक और कंप्यूटर और अहम दस्तावेज किए जब्त, फरार आरोपियों की तलाश तेज. धान घोटाले पर पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है... 16 लाख नकद बरामद, अब जल्द हो सकती हैं गिरफ्तारियां! कबीरधाम जिले में सामने आए कथित धान घोटाले की जांच अब तेज हो गई है। धान उपार्जन केंद्रों से धान गायब होने के मामले में अब तक 6 एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं। पुलिस अब आरोपियों के घरों और कार्यालयों में लगातार दबिश देकर साक्ष्य जुटा रही है। इसी क्रम में शुक्रवार को लोहारा धान उपार्जन केंद्र के प्रभारी गंगादास मानिकपुरी के घर और कार्यालय में पुलिस ने छापेमार कार्रवाई की। तलाशी के दौरान पुलिस को 16 लाख रुपये नकद, बैंक पासबुक और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज मिले, कार्यालय कंप्यूटर, जिन्हें जब्त कर जांच में शामिल किया गया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई अभी जारी है और सभी नामजद आरोपियों के घरों एवं कार्यालयों में भी इसी तरह दबिश दी जाएगी। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की तलाश जारी है और उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। धान घोटाले की जांच में लगातार हो रही कार्रवाई से जिले में हड़कंप मचा हुआ है। आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।0
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विवाहिता ने पति समेत ससुराल के 6 लोगों पर दहेज और मारपीट का लगाया आरोप
Mohammadpur Jati, Uttar Pradesh:अमरोहा: जनपद अमरोहा की तहसील नौगांव सादात क्षेत्र के गांव धनौरी मीर निवासी रुखसार ने अपने पति समेत ससुराल पक्ष के छह लोगों के खिलाफ दहेज उत्पीड़न, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाते हुए थाना नौगांव सादात में शिकायत दी है। शिकायत के अनुसार रुखसार का निकाह 23 अप्रैल 2025 को मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार बिजनौर जनपद के बढ़ापुर कस्बा निवासी शोएब पुत्र इकबाल के साथ हुआ था। पीड़िता का आरोप है कि उसके पिता ने अपनी सामर्थ्य से अधिक दान-दहेज देकर शादी की थी, लेकिन निकाह के कुछ ही दिनों बाद पति शोएब, सास शमीम, ससुर इकबाल, देवर अबूजर तथा ननदें बुरी और इकरा कम दहेज का ताना देकर उसे प्रताड़ित करने लगे। पीड़िता का आरोप है कि उसके साथ आए दिन मारपीट की जाती थी और देवर द्वारा उसके साथ अशोभनीय हरकतें भी की जाती थीं। विरोध करने पर उसे जान से मारने की धमकी दी जाती थी। आरोप है कि कई बार बेरहमी से पिटाई करने के बावजूद उसका इलाज तक नहीं कराया गया और उसे अपने मायके वालों से बात करने के लिए मोबाइल भी नहीं दिया जाता था। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि पति शोएब अपने कुछ दोस्तों को घर लाकर उस पर अवैध संबंध बनाने का दबाव डालता था। पीड़िता ने बताया कि 26 जून 2026 को मोहर्रम के दिन उसके साथ फिर से बेरहमी से मारपीट की गई। आरोप है कि पति उसके शरीर पर लगी चोटों के फोटो और वीडियो बनाकर लोगों को दिखाता था तथा उस पर मिट्टी का तेल डालकर जिंदा जलाने की कोशिश भी की। रुखसार का कहना है कि जब आरोपी तेल और माचिस लेने के लिए बाहर गया तो उसने घर के पास काम कर रहे एक राजमिस्त्री की मदद से अपने पिता को फोन कर पूरी घटना की जानकारी दी। सूचना मिलने पर उसके पिता और परिजन मौके पर पहुंचे और उसे अपने साथ मायके ले आए, जहां उसका उपचार कराया जा रहा है। पीड़िता ने थाना नौगांव सादात पुलिस से पति सहित सभी नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की है।0
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बांकीपुर बस स्टैंड की बदहाली, यात्रियों को सुविधाओं का अभाव
Patna, Bihar:बांकीपुर बस स्ट Stand से रोजाना हजारों यात्री सफर करते हैं लेकिन यात्रियों को असुविधा की मार झेलनी पड़ रही है। आलम यह है कि बस स्ट Stand में यात्रियों को सुविधा नही मिल रही है एक अनुमान से यहां से रोजाना 8 से 10 हजार लोगों की आवाजाही है लेकिन सुविधा के नाम पर कुछ नहीं है बस स्ट Stand के मुख्य द्वार पर गंदगी शुरू होती है और पूरा बस स्ट Stand में गंदगी का अंबार है टिकट काउंटर बंद है और जो वेटिंग करने के लिए लोगों के लिए वेटिंग हॉल बनाया गया उसे पर PP मोड पर चलने वाले बस के काउंटर का कब्जा है काउंटर चलने वाले कह रहे हैं कि सरकार ने जगह दी है लेकिन लोग कह रहे है की इन लोगों ने कब्जा किया है लोगों के बैठने के लिए कुर्सियां टूटी हुई है तो लोग फर्श पर ही सो रहे हैं शौचालय है लेकिन उसकी हालत बदतर है। इसमें सफाईनहीं नहीं होती है वहां पर खड़ा रहना भी लोगों के लिए मुश्किल है मजबूरी बस को जाते हैं पीने के पानी के लिए अभी पर्याप्त व्यवस्था नहीं है जो ना लगाया गया उसमें से गंदा पानी आता है बांकीपुर बस स्टैंड से लोगों से बात की और जायजा लिया0
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रीको के दो अधिकारियों के रिश्वत मामले में एसीबी की बड़ी गिरफ्तारी
Noida, Uttar Pradesh:भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) जयपुर की टीम ने अजमेर में बड़ी ट्रैप कार्रवाई करते हुए रीको के दो अधिकारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। एसीबी ने रीको के सीनियर डीजीएम अंजय विश्वकर्मा को 50 हजार रुपये तथा जूनियर असिस्टेंट कमलेश को 35 हजार रुपये की रिश्वत लेते दबोचा। आरोप है कि दोनों ने लीज डीड निष्पादन की एवज में रिश्वत की मांग की थी। कार्रवाई एएसपी मनोज गुप्ता और एएसपी ज्ञान प्रकाश नवल के नेतृत्व में डीआईजी ओमप्रकाश मीणा के सुपरविजन तथा डीजी गोविंद गुप्ता और एडीजी स्मिता श्रीवास्तव के निर्देश पर की गई। कार्रवाई के क्रम में एसीबी की टीम ने ब्यावर स्थित रीको कार्यालय में भी दस्तावेजों और रिकॉर्ड को लेकर जांच व कार्रवाई की। मामले में आगे की पूछताछ और जांच जारी है।0
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राजस्थान में UCC लागू करने पर उच्चस्तरीय कमेटी ने सुझाव मांगे
Jaipur, Rajasthan:राजस्थान में समान नागरिक संहिता यानी UCC लागू करने की दिशा में राज्य सरकार ने अगला बड़ा कदम बढ़ा दिया है। यूसीसी के लिए गठित उच्च स्तरीय कमेटी ने प्रदेशभर से सुझाव जुटाने शुरू कर दिए हैं। जयपुर में शुक्रवार से शुरू हुई संभाग स्तरीय जनसुनवाई में धर्मगुरु, जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठन, लोगों और विशेषज्ञों से सुझाव लिए गए। UCC पर जहां अधिकांश लोगों ने समर्थन जताया, वहीं मुस्लिम धर्मगुरुओं ने मुस्लिम पर्सनल लॉ और धार्मिक स्वतंत्रता का मुद्दा उठाया। हालांकि मौजूद सभी धर्मगुरुओं ने लिव-इन रिलेशनशिप रजिस्ट्रेशन पर कड़ा एतराज जताया। महिलाओं के अधिकार, उत्तराधिकार और बहुविवाह जैसे मुद्दों पर भी खुलकर चर्चा हुई। सरकार ने आमजन से भी 25 जुलाई तक ऑनलाइन सुझाव मांगे हैं। राजस्थान में समान नागरिक संहिता को लेकर बहस अब सरकारी स्तर से निकलकर जनता के बीच पहुंच चुकी है। जयपुर कलेक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार को दो दिवसीय जनसुनवाई के साथ UCC पर रायशुमारी की शुरुआत हुई। यूसीसी के गठित हाई लेवल कमेटी के सदस्य शत्रुघ्न सिंह की मौजूदगी में विभिन्न वर्गों से सुझाव लिए गए। पहले दिन दो सत्रों में हुई सुनवाई में सुबह विभिन्न धर्म गुरुओं और प्रमुख लोगों के साथ बैठक हुई। करीब दो घंटे से ज्यादा समय तक यूसीसी के कई बिंदुओं पर चर्चा हुई। इनमें सबसे ज्यादा चर्चा UCC और धार्मिक स्वतंत्रता को लेकर रही। मुस्लिम धर्मगुरुओं ने कहा कि मुस्लिम पर्सनल लॉ धार्मिक आस्था का हिस्सा है और किसी भी कानून से धार्मिक स्वतंत्रता प्रभावित नहीं होनी चाहिए। हिंदू धर्मगुरुओं और सामाजिक संगठनों ने कहा कि संविधान की भावना के अनुरूप सभी नागरिकों के लिए एक समान कानून होना चाहिए। समिति का कहना है कि अलग-अलग मत लोकतंत्र की ताकत हैं और हर सुझाव पर गंभीरता से विचार किया जाएगा। जनसुनवाई में सबसे ज्यादा बहस जिस मुद्दे पर हुई, वह था लिव-इन रिलेशनशिप। अधिकांश व्यक्तियों ने कहा कि लिव-इन भारतीय सामाजिक व्यवस्था के अनुकूल नहीं है। ऐसे में लिव इन रिलेशनशिप का रजिस्ट्रेशन हरगिज नहीं किया जाए। सुप्रीम कोर्ट की मान्यता को देखते हुए सुझाव दिया गया कि यदि लिव-इन संबंध हैं तो उनका अनिवार्य पंजीकरण हो ताकि महिलाओं और उनसे जन्म लेने वाले बच्चों के अधिकार सुरक्षित रह सकें। साथ ही यह भी सुझाव आया कि ऐसे मामलों में भरण-पोषण और उत्तराधिकार के स्पष्ट कानूनी प्रावधान बनाए जाएं। महिलाओं के अधिकार भी चर्चा के केंद्र में रहे। कई लोगों ने बेटियों को संपत्ति में समान अधिकार मिलने की बात कही। समिति ने कहा कि सभी सुझाव दर्ज किए जा रहे हैं और अंतिम रिपोर्ट में इन पर विचार होगा। समिति ने कहा कि सभी सुझावों के आधार पर रिपोर्ट तैयार करेगी और सरकार को सौंपेगी। सरकार ने आमजन की भागीदारी बढ़ाने के लिए मोबाइल SMS और वेबसाइट के जरिये सुझाव माँगे हैं; अंतिम तिथि 25 जुलाई है। प्रदेश के सात संभागों में जनसुनवाई जारी रहेगी ताकि सभी वर्गों की राय शामिल हो सके। विपक्षी दलों ने समिति की प्रक्रिया से दूरी बनाए रखने पर भी विचार किया, लेकिन शत्रुघ्न सिंह ने कहा कि भागीदारी हर संगठन का अधिकार है और रिपोर्ट जल्द राज्य सरकार को सौंप दी जाएगी। अब देखना होगा कि राजस्थान UCC लागू करने वाला अगला राज्य बनता है या नहीं।0
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हीरापुर में 2.5 करोड़ की धान खराब, FIR के खिलाफ कंपनी सुनवाई जारी
Agder:मंडला जिले के नैनपुर थाना क्षेत्र के ग्राम हीरापुर में सरकारी धान के खराब होने का बड़ा मामला सामने आया है। ओपन कैप में रखी करीब 2.5 करोड़ रुपये मूल्य की धान के खराब होने के मामले में संबंधित बोगिंग कंपनी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। मामला फिलहाल न्यायालय में लंबित है। जानकारी के मुताबिक वर्ष 2021-22 में ग्राम हीरापुर स्थित ओपन कैप में सरकारी धान के भंडारण और रखरखाव की जिम्मेदारी एक बोगिंग कंपनी को सौंपी गई थी। आरोप है कि कंपनी की लापरवाही के चलते सैकड़ों क्विंटल धान खराब होकर लगभग भूसे में तब्दील हो गई। बताया जा रहा है कि करीब 700 से 750 क्विंटल धान खराब हुई, जिसकी शासकीय कीमत लगभग 2 करोड़ 50 लाख रुपये आंकी गई है । मामले में निगम की ओर से संबंधित कंपनी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई और प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन है । शाखा प्रबंधक श्रीकांत जैन का कहना है कि कंपनी की लापरवाही के कारण धान खराब हुई। उन्होंने बताया कि मामले के निराकरण के लिए उनसे भी कहा जा रहा है, लेकिन धान के रखरखाव की जिम्मेदारी संबंधित कंपनी की थी। फिलहाल प्रकरण न्यायालय में लंबित है और अंतिम निर्णय का इंतजार किया जा रहा है।0
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