229010
रायबरेली में बंदरों का आतंक
Raebareli, Uttar Pradesh:बछरावां थाना क्षेत्र के कस्बा स्थित किला मोहल्ले में बंदरों का आतंक , छत पर कपड़े उतारने गई महिला पर बंदर ने किया हमला जान बचाकर भागी महिला जीने से नीचे गिरी जिसके कारण महिला गंभीर रूप से हुई घायल हो गई। घायल अवस्था मे महिला को सीएचसी पहुँचाया गया, हालत नाजुक देख डॉक्टर ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
0
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
फतेहपुर के हादसे में लोडर ने ट्रक में पीछे से घुसकर दो मौत
Fatehpur, Uttar Pradesh:ब्रेकिंग - फतेहपुर सड़क हादसे में दो की मौत तेज रफ्तार लोडर अनियंत्रित होकर खड़े ट्रक में पीछे से घुसा हादसे में लोडर के ड्राईवर और कंडक्टर दोनों की मौके पर दर्दनाक मौत पुलिस ने लोडर में फंसे दोनों शवों को निकलवा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा कानपुर से प्रयागराज की तरफ आलू लाद कर जा रहा था लोडर खागा कोतवाली क्षेत्र के भोगलपुर nh2 की घटना।0
0
Report
कासगंज के निजी स्कूलों में किताबों के नाम पर भारी वसूली, प्रशासन चुप
Kasganj, Uttar Pradesh:कासगंज के प्राइवेट स्कूल में हो रही है लूट! प्रशासन नहीं कर रहा है कोई कार्यवाही! अभिभावकों ने कलेक्ट्रेट पर दिया धरना कासगंज यूपी के कासगंज में प्राइवेट स्कूल अपनी मनमानी पर है और किताबों के नाम पर पेरेंट्स से कई गुना वसूली कर रहे हैं सरकार की सख्त आदेश के बावजूद कासगंज का प्रशासन इन स्कूलों पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है जिसके चलते आज कई अभिभावकों ने कलेक्ट्रेट पर धरना दिया है। कासगंज में एनसीईआरटी की किताबे कम प्राइवेट किताबें भी बच्चों को ज्यादा दी जा रही है प्राइवेट किताबों का बोझ पेरेंट्स पर भारी पड़ रहा है सरकार के सख्त आदेश के बावजूद भी कासगंज प्रशासन स्कूलों पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है अभिभावकों का आरोप है कि कासगंज के स्कूल एनसीईआरटी की सस्ती किताबों की जगह महंगी प्राइवेट किताबें थोप दी जाती है जिससे अभिभावकों की जेब पर असर पड़ रहा है शिक्षा के नाम पर किताबों का यह खेल अब बड़ा मुद्दा बन चुका है कई दर्जनों अभिभावकों व सामाजिक लोगों ने कासगंज के कलेक्ट्रेट पर धरना दिया है और कहा कि कासगंज का प्रशासन स्कूलों पर कोई कार्यवाही नहीं कर रहा है उधर ही कासगंज के जिला विद्यालय निरीक्षक जगदीश चंद्र शुक्ला ने कहा कि हमने पहले से ही आदेश जारी कर दिया है यदि मेरे पास किसी भी स्कूल से शिकायत आती है तो उस स्कूल पर कार्रवाई की जाएगी。0
0
Report
अंबाला की आशा वर्कर्स वेतन-स्थिति और 65 वर्ष रिटायरमेंट की मांग पर प्रदर्शन
Ambala, Haryana:अंबाला में आज आशा वर्कर्स ने अपनी लंबित मांगों को लेकर हुंकार भरी। न्यूनतम वेतन 30,000 रुपये, सामाजिक सुरक्षा और 10 लाख रुपये के रिटायरमेंट लाभ जैसी प्रमुख मांगों को लेकर वर्कर्स ने प्रदेश के मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन जिला उपायुक्त को सौंपा। इससे पहले जिले भर की आशा वर्कर्स शिक्षा सदन में एकत्रित हुईं, जहाँ से उन्होंने रोष प्रदर्शन करते हुए DC कार्यालय तक मार्च निकाला. हाथों में अपनी मांगों की तख्तियां लिए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करती ये वो आशा वर्कर्स हैं, जो स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ मानी जाती हैं। जिला प्रधान सर्वजीत कौर के नेतृत्व में आज अंबाला की आशा वर्कर्स ने सरकार तक अपनी आवाज पहुंचाई। उनकी सबसे प्रमुख मांग है कि आशा वर्कर्स को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। साथ ही, उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा वेतन में की गई पिछली बढ़ोतरी को भी अब तक पूरी तरह लागू नहीं किया गया है। इसके अलावा, ऑनलाइन काम के बढ़ते दबाव को लेकर भी वर्कर्स में गहरा रोष है। आशा वर्कर्स का कहना है उनकी मांग है कि उन्हें सरकारी कर्मचारी घोषित किया जाए। ऑनलाइन काम का बेतहाशा दबाव उन पर डाला जा रहा है; अगर सरकार ऑनलाइन काम चाहती है, तो पहले उन्हें संसाधन और उचित मानदेय दे। अगर 9 मई तक उनकी सुनवाई नहीं हुई, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा. सर्वजीत कौर (जिला प्रधान) प्रदर्शन में शामिल जिला सचिव कविता ने भी सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पिछले साल हुई वेतन वृद्धि का लाभ अभी तक जमीन पर नहीं दिखा है। आशा वर्कर्स ने मांग की है कि उनके मानदेय में हर साल बढ़ोतरी का प्रावधान हो और उनकी सेवानिवृत्ति की उम्र को बढ़ाकर 65 वर्ष किया जाए। उन्होंने कहा सरकार ने पिछले साल वेतन बढ़ाने का वादा किया था, लेकिन वो अभी तक उन्हें मिला नहीं है। उनकी मांग है कि रिटायरमेंट की उम्र 65 साल की जाए और हर साल इनकी सैलरी में इंक्रीमेंट लगे ताकि हम सम्मान के साथ अपना घर चला सकें।0
0
Report
Advertisement
धनबाद के मूनीडीह CPP प्लांट गैस रिसाव में चार की मौत
Dhanbad, Jharkhand:धनबाद जिले के मूनीडीह CPP प्लांट मे बीते दिन हुई घटना मे एक और शव प्लांट से कुछ दुरी स्थित जंगल से पुलिस ने बरामद किया है मृतक की पहचान वसीम अंसारी केंदुआ के रहने वाला के रूप में हुआ है। वही घटना मे अब मृतकों की संख्या चार पहुंच गई है। पुलिस शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम मे भेज आगे की करवाई मे जूट गई है। आपको बता दे कि मुनीडीह ओपी क्षेत्र मामले में शनिवार रात मुनीडीह में बीसीसीएल के एक बंद पड़े पावर प्लांट में लोहा चोरी करने की नियत से आधा दर्जन से ज्यादा चोर प्लांट में दाखिल हुए थे। गैस कटर से अपराधी लोहा काटने का प्रयास कर रहे थे इस दौरान गलती से उनलोगों ने गैस का ही पाईप काट दिया था जिससे जहरीली गैस का रिसाव होने सभी का दम घुटने लगा। एक की घटना स्थल पर ही मौत हो गई थी जबकि दो को मौत इलाज के दौरान हुईं। इसमें कुछ अन्य चोरों की तबियत भी गंभीर रूप से बिगड़ गई थी।0
0
Report
जिला महिला अस्पताल गोंडा में एच.पी.वी टीकाकरण का फीता काटकर जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने किया शुभार
Gonda, Uttar Pradesh:जिला महिला अस्पताल गोंडा में एच.पी.वी टीकाकरण का फीता काटकर जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने किया शुभारंभ0
0
Report
थानेसर मंडी में गेहूं आवक 6,788 क्विंटल, पारदर्शी खरीद व्यवस्था लागू
Kurukshetra, Haryana:कुरुक्षेत्र :- थानेसर अनाज मंडी में गेहूं की आवक शुरू हो चुकी है। मंडी में अब तक 6 हजार 788 क्विंटल गेहूं पहुंच चुका है, जिससे किसानों और व्यापारियों में हलचल तेज हो गई है। खरीद प्रक्रिया को सुचारु रूप से चलाने के लिए अब तक 94 गेट पास काटे जा चुके हैं, जबकि 51 किसानों की बायोमेट्रिक प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। kurukshetra जिले की थानेसर अनाज मंडी में गेहूं की आवक शुरू हो चुकी है। मंडी में अब तक 6 हजार 788 क्विंटल गेहूं पहुंच चुका है, जिससे किसानों और व्यापारियों में हलचल तेज हो गई है। खरीद प्रक्रिया को सुचारु रूप से चलाने के लिए अब तक 94 गेट पास काटे जा चुके हैं, जबकि 51 किसानों की बायोमेट्रिक प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। थानेसर मार्केट कमेटी के चेयरमैन सुरेश सैनी ने जानकारी देते हुए बताया कि इस बार सरकार ने गेहूं खरीद के लिए नमी की सीमा 12 प्रतिशत तय की है। उन्होंने किसानों से अपील की है कि वे तय मानकों के अनुसार ही अपनी फसल मंडी में लेकर आएं, ताकि खरीद में किसी प्रकार की परेशानी न हो। उन्होंने कहा कि गेहूं खरीद व्यवस्था का जायजा लेने के लिए कई बड़े अधिकारी और मंत्री भी मंडियों का दौरा कर चुके हैं। इस बार खरीद प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और व्यवस्थित बनाया गया है, ताकि किसानों को किसी भी तरह की दिक्कत का सामना न करना पड़े।उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार किसानों के एक-एक दाने को खरीद रही है और 72 घंटे के अंदर उनकी फसल का भुगतान भी किया जा रहा है अनाज मंडी के अंदर प्रदेश के कृषि मंत्री भी दौरा कर चुके हैं और हरियाणा सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी गेहूं की खरीद को लेकर कोई भी कमी ना रहे इसको लेकर अधिकारियों को उचित दिशा निर्देश भी दिए थे। अनाज मंडी आढ़ती संगठन के प्रधान दयाल चंद का कहना है अबकी बार प्रदेश सरकार द्वारा गेहूं की खरीद को लेकर सरकार ने अच्छे प्रबंध किए हैं किसान भी गेहूं लेकर आ रहे हैं और मंडी में लाने के बाद उन्हें अच्छी तरह से सुखाया जा रहा है। मंडी में किसानों को किसी भी प्रकार की दिक्कत ना आए इसको देखते हुए उचित व्यवस्थाएं जैसे बारदाना, पानी की व्यवस्था, बिजली की व्यवस्था पहले ही पूरी कर ली गई थी।0
0
Report
Advertisement
देवरिया में 1591 दिव्यांगों को ट्राईसाइकिल और उपकरण वितरित, मंत्री बोले आत्मनिर्भरता
Deoria, Uttar Pradesh:देवरिया जनपद में आज एक भव्य मेगा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसके अंतर्गत 1591 दिव्यांग जनों को ट्राई साइकिल रिक्शा, हेलमेट और अन्य सहायक उपकरण वितरित किए गए। यह कार्यक्रम एलएमको कंपनी के सहयोग से आयोजित हुआ। इस अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री बी.एल. शर्मा, कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह और देवरिया सदर सांसद शशांक मणि त्रिपाठी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने का संदेश दिया गया। आयोजन को सफल बनाने में जिलाधिकारी देवरिया और एलएमको कंपनी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वही दिव्यांग जनों को जो उपकरण और सामग्री वितरण की गई इससे वे काफी खुश नजर आए और उनके चेहरे खुशी से खिले हुए थे। इस मौके पर कृषि मंत्री ने कहा कि आज पार्टी का स्थापना दिवस भी है, और इसी क्रम में सेवा कार्य के तहत दिव्यांगजनों को ये उपकरण वितरित किए गए हैं। कुल मिलाकर यह कार्यक्रम सामाजिक सरोकार और जनसेवा का एक बड़ा उदाहरण बना।0
0
Report
चमोली में आकाशीय बिजली से रेस्टोरेंट में आग, लाखों का नुकसान
Jokhanalagga Bura, Uttarakhand:रिपोर्ट - पुष्कर चौधरी - चमोली/ उत्तराखंड एंकर - चमोली जनपद में गोपेश्वर–चोपता मोटर मार्ग पर मंडल क्षेत्र के समीप स्थित काफल रेस्टोरेंट में आकाशीय बिजली गिरने और शॉर्ट सर्किट के चलते भीषण आग लग गई। इस हादसे में रेस्टोरेंट के अंदर रखा लाखों रुपये का सामान जलकर पूरी तरह राख हो गया। बी ओ - चमोली में मौसम खराब होने के दौरान आकाशीय बिजली गिरने के बाद रेस्टोरेंट में शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे अचानक आग भड़क उठी। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पूरे ढांचे को अपनी चपेट में ले लिया。 आग लगने की सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास किया। सूचना पर अग्निशमन विभाग की गाड़ी भी मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण राहत एवं बचाव कार्य में काफी दिक्कतें आईं। इस भीषण आग में रेस्टोरेंट के अंदर रखा फर्नीचर, किचन उपकरण, खाद्य सामग्री और अन्य जरूरी सामान पूरी तरह जल गया। शुरुआती अनुमान के मुताबिक लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। गनीमत रही कि घटना के समय कोई जनहानि नहीं हुई और सभी लोग सुरक्षित बताए जा रहे हैं।0
0
Report
Kanpur में संगठित गैंग के अपराधी गतिविधियों पर पुलिस की जांच जारी
Noida, Uttar Pradesh:Kanpur (uttar pradesh): S.M. Qasim abidi (Deputy Commissioner of Police, West, Kanpur) On Organized Gang Involved in Criminal Activities, Police Probe Ongoing वायरल वीडियो में अफजल नाम का एक आरोपी अपने साथियों परवेज सैफी और एक अन्य व्यक्ति के साथ नोटों का बंडल पकड़े हुए दिखाई दे रहा है। जांच से पता चला है कि वे एक गिरोह का हिस्सा थे। कुछ आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि लगभग 6 से 7 अन्य अभी भी फरार हैं। शेष फरार आरोपियों को जल्द से जल्द पकड़ने के प्रयास जारी हैं।0
0
Report
Advertisement
बिहार में निवेश लक्ष्य से उद्योगिक विकास तेज, 50 लाख करोड़ निवेश का सपना
Noida, Uttar Pradesh:मंत्री दिलीप जायसवाल की पीसी उद्योग विभाग निवेश लाने का काम करती है हम लोगो को प्रोत्साहित करते है की बिहार में निवेश करे और यहां के लोगो को रोजगार मिलें बिहार का उद्योगिक विकास निरंतर सशक्त गति से आगे बढ रहा है हमारे विभाग के अधिकारी और कर्मचारी निरंतर प्रयास कर रहे है राष्ट्रीय स्तर पर उभरते हुए विकास के इंजन के रूप में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित कर रहे है अगले 5 वर्ष में 50 लाख करोड के निवेश को आकर्षित करना और 1 करोड युवोओं को रोजगार देना सृजन करना हमारी परिकल्पना है एकस्प्रेस वे का नेटवर्क, उद्योगिक कॉरि़डोर का विकास., बेहतर हवाई संपर्क, पावर फेसेलिटी, शहरी संरचंना के माध्यम से मजबूती देने का काम कर रहे है लगातार निवेश के लिए बडी बडी कंपनिया बिहार आ रहे है, समृद्द उद्योग सशक्त बिहार हमारी परिकल्पना है msme निदेशालय का हमने गठन किया क्योकि सुक्ष्म , लघु, मध्यम, कुटिर औऱ कृषि उद्योग, हस्तशिल्प का जो प्रोडक्शन होगा उसके लिए सहायता के लिए उनका सामान बाजार में बिक सके उसके लिए बिहार राज्य विपणन प्राधिकरण का गठन किया0
0
Report
पटना यूनिवर्सिटी कैंपस हंगामे में पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष और काउंसलर गिरफ्तार
Patna, Bihar:पटना यूनिवर्सिटी कैंपस हंगामे और पुलिस से हाथापाई के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष अनुराग कुमार और वर्तमान काउंसलर मोहम्मद एहसानुल्लाह को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों को अलग-अलग जगहों से पकड़कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। यह पूरा मामला 30 मार्च का है, जब नए प्रशासनिक और शैक्षणिक भवन (कला संकाय) के उद्घाटन कार्यक्रम में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पटना यूनिवर्सिटी कैंपस पहुंचे थे। इसी दौरान कुछ छात्रों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी शुरू कर दी। पुलिस के अनुसार, विरोध के दौरान छात्रों ने न सिर्फ “गो बैक” के नारे लगाए, बल्कि पुलिस के काम में बाधा डाली और पुलिसकर्मियों के साथ बदसलूकी करते हुए हाथापाई भी की। इसके बाद पूरे मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई। इस केस में वर्तमान छात्र संघ अध्यक्ष शांतनु शेखर समेत 6 छात्रों को नामजद आरोपी बनाया गया है, जबकि 30 अज्ञात छात्रों को भी आरोपी बनाया गया है। पुलिस के मुताबिक, शांतनु शेखर अभी फरार हैं और उनकी तलाश जारी है। पिरबहोर थाना प्रभारी सज्जाद गद्दी ने बताया कि फिलहाल दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही अन्य फरार आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।0
0
Report
दिल्ली अतिक्रमण हटाओ अभियान: भारी पुलिस बल के साथ कार्रवाई जारी
Delhi, Delhi:ब्रेकिंग दिल्ली नगर निगम के अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही भारी संख्या में पुलिस टीम मौजूद पुरानी दिल्ली की मिठाई पुल पर दिल्ली नगर निगम के द्वारा आज फिर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जा रही है भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद है मौके रही कुछ लोगों ने अतिक्रमण के खिलाफ विरोध करने की कोशिश की लेकिन भारी पुलिस फोर्स के चलते विरोध नहीं कर सके दिल्ली नगर निगम के लाइसेंस इंस्पेक्टर का कहना है कि अतिक्रमण के चलते लगातार कार्रवाई जारी रहेगी क्योंकि अतिक्रमण के चलते यहां पर ग्राम की स्थिति हो जाती है और लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है और इसलिए लगातार हमारे अतिक्रमण के खिलाफ जो करवाई है वह चलती रहेगी राजेश मंगल लाइसेंस इंस्पेक्टर0
0
Report
Advertisement
हमीरपुर में युवक ने आत्महत्या, कारण अज्ञात; पुलिस जांच में जुटी
Chanwal, Himachal Pradesh:हमीरपुर:- युवक ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, अज्ञात कारणों के चलते फाँसी पर झूला युवक, युवक के आत्मघाती कदम से परिवार में मचा कोहराम, सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा, मामले की जांच में जुटी पुलिस, सुमेरपुर थाना क्षेत्र के इंगोहटा गांव का मामला।0
0
Report
तेजस्वी यादव का बड़ा हमला: शराबबंदी की असफलता बिहार में साफ़ सामने
Patna, Bihar:नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर साधा निशाना सोशल मीडिया पर किया पोस्ट लिखा शराबबंदी की विफलता का दोषी कौन? मेरे सवालों, तर्कों और तथ्यों का जवाब दे शराबबंदी क़ानून को लागू किए कल 10 वर्ष पूर्ण हुए लेकिन यह शासन-प्रशासन और शराब माफिया के नापाक मजबूत गठजोड़ की बदौलत यह क़ानून अपने उद्देश्य की पूर्ति में एकदम विफल रहा। शराबबंदी नीतीश कुमार का सबसे बड़ा सांस्थानिक भ्रष्टाचार साबित हुआ। इसके कारण बिहार में 40 हज़ार करोड़ की अवैध समानांतर अर्थव्यवस्था खड़ी हो गई है। शराबबंदी क़ानून के क्रियान्वयन की देखरेख वाले गृह और मद्य निषेध विभाग भी अधिकांश इनके पास ही रहे है। शराबबंदी लागू होने के बाद बिहार में 11 लाख केस दर्ज कर 16 लाख से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अब तक 5 करोड़ लीटर से अधिक शराब बरामद की गई है। विगत 5 साल में 2 करोड़ लीटर से अधिक शराब जब्त की गई है यानि प्रतिदिन औसतन 11 हजार लीटर से अधिक! बिहार पुलिस के अपने आंकड़ों के अनुसार 2026 में औसतन 3 लाख 70 हजार 684 लीटर प्रति महीने अवैध शराब बरामद की गई है यानि 12,356 लीटर प्रतिदिन। यह तो सिर्फ दिखावटी जब्त शराब है लेकिन जमीनी सच्चाई के अनुसार बिहार में प्रतिदिन शराब की खपत 1 लाख 70 लाख लीटर से अधिक की है। बिहार सरकार के मुताबिक़ 2026 में 18 प्रतिशत अधिक शराब बरामद की गई यानि शराबबंदी और पुलिस के दकियानुसी आंकड़ों के बावजूद भी बरामदगी में 18% का उछाल है। अवैध शराब के अलावा इस कानून की विफलता के कारण बिहार में सूखा और अन्य प्रकार के नशे की सामग्री का कारोबार 40 फ़ीसदी बढ़ा है। युवा गांजा, ब्राउन शुगर व नशीली दवाओं का सेवन कर रहे हैं। अब आप कल्पना करिए कि वास्तविकता में बिहार में शराब की उपलब्धता कितनी सहज और सरल है? सरकार यह क्यों नहीं बताती कि बिहार की सीमा में करोड़о लीटर शराब कब, कैसे, क्यों और किसके सहयोग से आ रही है? कोई पैराशूट से तो गिराकर जाता है नहीं? सरकार जब्त की बजाय खपत के भी आंकड़े सार्वजनिक करे। आपको जानकर हैरानी होगी कि 2002-05 में संपूर्ण बिहार के ग्रामीण इलाकों में 500 से भी कम शराब की दुकानें थीं। 2005 में पूरे बिहार में लगभग 3000 हज़ार शराब की दुकाने थी जो मात्र 2015 तक नीतीश कुमार के 10 वर्षों में बढ़कर 6000 से अधिक हो गयी। और इनमें से अधिकांश दुकाने नीतीश कुमार ने ग्रामीण क्षेत्रों-पंचायतों में खुलवाई ताकि हर घर शराब पहुँचाई जा सके। आज आज़ादी के बाद 1947 से लेकर 2005 में यानि 58 वर्षों में बिहार में केवल 300 दुकाने ही खोली गयी लेकिन नीतीश कुमार ने 10 वर्षों में ही इसे बढ़ाकर दुगुना यानि 6000 कर दिया। 58 वर्षों में औसतन बिहार में प्रति वर्ष संपूर्ण बिहार में मात्र 51 दुकाने ही खुलती रही लेकिन इनके 2005-15 के 10 वर्षों में प्रतिवर्ष औसतन 300 शराब की दुकाने खोली गयी। आज ये शराबबंदी के नाम पर सुधारक बनने का स्वांग कर रहे है लेकिन यथार्थ यह है कि इसके नाम पर इन्होंने संस्थागत भ्रष्टाचार को बढ़ावा देकर अफसरशाही को बेलगाम, भ्रष्ट, आरामपरस्त और तानाशाह बनाया है। बिहार में शराबबंदी कानून अब मजाक बन गया है। इस कानून की आड़ में केवल गरीबों को निशाना बनाया जा रहा है। शराबबंदी कानून के तहत करीब 16 लाख से अधिक जिन लोगों की गिरफ्तारियां हुई हैं इनमें सबसे अधिक गरीब, दलित, पिछड़े और अति पिछड़े वर्ग के लोग हैं। बिहार में शराबबंदी को लेकर सर्वोच्च न्यायालय ने कहा है कि पुलिस के कारण ही शराब की तस्करी हो रही है और पुलिस का एकमात्र काम रह गया है भ्रष्टाचार, उगाही और कानून का दुरुपयोग करने वालों को संरक्षण देना। 16 लाखों लोगों की गिरफ्तारी के बावजूद भी सप्लायर और तस्करों को गिरफ्तार नहीं किया गया, किसी भी जिले के एसपी, डीएसपी या बड़े अधिकारी पर कार्रवाई नहीं की गई है. उन्होंने यहां तक कहा कि सरकार जिसको चाहती है, उसी पर कार्रवाई होती है, चयनात्मक कार्रवाई होती है। सरकार उन अधिकारियों और प्रशासनिक लोगों पर कार्रवाई क्यों नहीं करती जो भ्रष्टाचार के माध्यम से शराबबंदी को विफल करना चाहते हैं?0
0
Report
आदिवासी क्षेत्र में सफेदपोश की तानाशाही: सूदखोरी से हजारों किसान कर्ज जाल में फंसे
Baran, Rajasthan:आदिवासी क्षेत्र में सफेदपोश का आतंक सूदखोरी के जाल में फंसा आदिवासी क्षेत्र के किसान बारां जिले की शाहाबाद तहसील से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने मानवता और कानून व्यवस्था दोनों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आदिवासी बहुल इस क्षेत्र में एक रसूखदार व्यापारी की ‘तानाशाही’ और ‘सूदखोरी’ के चलते हजारों गरीबों का जीना दुश्वार हो गया है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि व्यापारी अनुराग जैन टिंकल अपने रसूख और पैसों के दम पर न केवल गरीबों का शोषण कर रहा है, बल्कि प्रशासन भी इस जुल्म में मूकदर्शक बना हुआ है。 व्यापारी लंबे समय से आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद लोगों को गैर-कानूनी तरीके से अत्यधिक ब्याज दर पर पैसा उधार देता है। खेल यहीं खत्म नहीं होता; उधारी के नाम पर धोखाधड़ी कर खाली कागजों पर हस्ताक्षर करवाना और फिर मनमाने ढंग से भारी-भरकम राशि लिखकर लोगों को कर्ज के दलदल में धकेलना इसके जीवन को नरक बना रहे हैं पीड़ितों का कहना है कि पैसा वसूलने के लिए व्यापारी ने बाकायदा बाहरी गुंडे पाल रखे हैं। जो लोग पैसा नहीं चुका पाते, उन्हें डराया-धमकाया जाता है, उनके साथ मारपीट की जाती है और बलपूर्वक उनकी जमीन-जायदाद के कागजात लिखवा लिए जाते हैं。 क्षेत्र के किसानों ने गंभीर आरोप लगाए हैं कि अनुराग जैन अपने वेयरहाउस पर किसानों की फसल को जबरन खाली करवा लेता है。 हरिओम मेहता किसान ने बताया कि इनकी 800 क्विंटल से अधिक सरसों की फसल को व्यापारी ने वेयरहाउस पर कांटा कराकर हड़प लिया। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी गई。 अन्य पीड़ित नारायण लाल मेहता, रामदास बैरागी और बाबूलाल सहारिया सहित हजारों लोग इस शोषण का शिकार हैं。 बाइट- पीड़ित का किसान0
0
Report
Advertisement
