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Raebareli229001

Raebareli: गाय की जान जाने पर बीमा कंपनी को 65 हजार देने का आदेश

Dec 29, 2024 04:33:28
Raebareli, Uttar Pradesh

डलमऊ तहसील के ग्राम मधुकरपुर निवासी हरि प्रताप सिंह के मामले में जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने साढ़े छह साल बाद फैसला सुनाया। आयोग ने गाय की मौत पर नेशनल इंश्योरेंस कंपनी को 65 हजार रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया है। 45 दिन में राशि न चुकाने पर कंपनी को सात प्रतिशत ब्याज भी देना होगा। हरि प्रताप ने 28 मार्च 2017 को कंपनी के खिलाफ परिवाद दाखिल किया था। उन्होंने माइक्रो कामधेनु योजना के तहत 25 लाख का ऋण लिया था।

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VSVaibhav Sharma
Jan 22, 2026 11:45:56
Ghaziabad, Uttar Pradesh:एंकर - गाजियाबाद के थाना भोजपुर क्षेत्र में नेशनल हाईवे के किनारे झाड़ियां में एक अज्ञात युवक का शव पुलिस को मिला था। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए उसकी शिनाख्त शुरू कर दी। लेकिन अज्ञात शव की शिनाख्त ना हो पाने के कारण पुलिस टैटू के माध्यम से उसकी पहचान करने में जुटी हुई है। एसीपी मोदीनगर अमित सक्सेना ने बताया कि नेशनल हाईवे के पास में बीती 20 जनवरी की दोपहर को झाड़ियां में अज्ञात शव पड़े होने की सूचना पुलिस को मिली थी। शव की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई। युवक की उम्र 20 से 30 वर्ष होगी। वही उसकी हत्या 5 गोली मारकर की गई है। युवक की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। युवक की छाती पर एक टैटू है, जिस पर किंग का क्राउन और जेके लिखा हुआ है। पुलिस नेशनल हाईवे पर लगे सीसीटीवी कैमरा को भी खंगाल रही है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि अगर कोई गुमशुदा की तलाश कर रहे हैं, जिसके शरीर पर इस तरह का टैटू है। वह उनसे संपर्क कर सकता है।
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GBGovindram Bareth
Jan 22, 2026 11:45:41
Saiki, Bihar:स्लग/अवैध धान भंडारण पर 14 गोदाम हुए सील मंडी अधिनियम के तहत 2467 क्विंटल धान जप्त। अवैध धान पर मंडी,राजस्व और खाद्य विभाग की ताबड़तोड़ कार्यवाही एंकर/सारंगढ़-बिलाईगढ़ कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे के निर्देश पर कृषि उपज मंडी, मार्कफेड, राजस्व और खाद्य विभागकी संयुक्त जांच दल के द्वारा बुधवार को जिले के ताबड़तोड़ कार्यवाही कर 14 व्यापारियों के गोदामों को सील किया गया और कुल 2467 क्विंटल धान जप्त कर मंडी अधिनियम के तहत कार्यवाही किया गया। इसी प्रकार 4622 किसानों का 326 हेक्टेयर रकबा समर्पण कराया गया। वास्तविक किसानों का ही धान खरीदी हो इसके लिये जिला प्रशासन द्वारा लगातार प्रत्येक धान उपार्जन केन्द्रों में निगरानी किया जा रहा है।
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AKAMAN KAPOOR
Jan 22, 2026 11:45:29
Ambala, Haryana:अंबाला छावनी नेशनल हाईवे नंबर एक पर हादसा हो गया जिसमें चार गाड़ियाँ एक दूसरे से भिड़ गईं. नेशनल हाईवे नंबर एक पर एक कैंटर चालक ने अचानक ब्रेक लगा दी जिसके कारण पीछे चल रही तीन कारें आपस में टकरा गईं. दुर्घटना के बाद कैंटर चालक और कार चालक थाना पड़ाव पहुंचे जहां पुलिस ने डीडीआर दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है. दिल्ली-Amritsar नेशनल हाईवे पर भी एक हादसा हुआ जिसमें चार गाड़ियाँ एक के पीछे एक टकरा गईं. कैंटर चालक ने अचानक ब्रेक मारा जिसके कारण उसके पीछे कतार में चल रही तीन कारें टकरा गईं. दुर्घटना से तीनों कारों के बोनट और बंपर टूट गए. दुर्घटना ग्रस्त कार चालकों ने इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी जिसके बाद पुलिस सभी वाहनों को पड़ाव थाना ले आई, जहाँ पुलिस ने डीडीआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी. पुलिस ने डीडीआर दर्ज कर दी हो लेकिन कार चालक पुलिस की कार्रवाई से असंतुष्ट हैं उनका आरोप है कि पुलिस कर्मी कैंटर में पड़े माल को दूसरे कैंटर में शिफ्ट कर भेज रहे हैं जबकि ऐसा नहीं होना चाहिए.
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ASABHISHEK SHARMA1
Jan 22, 2026 11:37:35
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APAnand Priyadarshi
Jan 22, 2026 11:37:18
Chaibasa, Jharkhand:सारंडा के घने जंगलों से इस वक्त की एक बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। गुरुवार सुबह से जारी भीषण मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने एक करोड़ रुपए के इनामी हार्डकोर माओवादी नेता पतिराम माझी उर्फ ‘अनल दा’ को ढेर कर दिया है। यह कार्रवाई नक्सल मोर्चे पर अब तक की सबसे बड़ी सफलताओं में से एक मानी जा रही है। पातीराम माझी उर्फ अनल दा, सारंडा जंगल में सक्रिय शीर्ष नक्सली कमांडरों में शुमार था। उसके खिलाफ पश्चिम सिंहभूम समेत कई जिलों में दर्जनों नक्सली हिंसक वारदातों को अंजाम देने के आरोप थे। वर्षों से पुलिस और सुरक्षाबलों के लिए वह एक बड़ा सिरदर्द बना हुआ था। उसकी गिरफ्तारी या मुठभेड़ को लेकर लगातार अभियान चलाए जा रहे थे। मुठभेड़ में कई नक्सली ढेर, सर्च ऑपरेशन जारी प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, इस मुठभेड़ में पतिराम माझी के साथ कई अन्य नक्सलियों के भी मारे जाने की सूचना है। सुरक्षाबलों द्वारा पूरे इलाके में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। मुठभेड़ स्थल से हथियार और नक्सली सामग्री बरामद होने की भी संभावना जताई जा रही है। ऑपरेशन पूरी तरह समाप्त होने के बाद पुलिस की ओर से आधिकारिक और विस्तृत जानकारी साझा की जाएगी। गिरिडीह का रहने वाला था पतिराम माझी बताया जा रहा है कि पतिराम माझी मूल रूप से झारखंड के गिरिडीह जिले का निवासी था। वह लंबे समय से सारंडा के दुर्गम इलाकों में छिपकर नक्सली गतिविधियों को संचालित कर रहा था। पुलिस ने उसे आत्मसमर्पण के लिए कई बार मौका दिया था। गिरिडीह स्थित उसके पैतृक गांव में इश्तिहार चिपकाकर आत्मसमर्पण की अपील भी की गई थी, लेकिन उसने हथियार डालने से इनकार कर दिया। CRPF की रणनीति लाई रंग गौरतलब है कि दो दिन पहले ही CRPF के डीजी ने चाईबासा में उच्चस्तरीय बैठक कर सारंडा और आसपास के इलाकों में सक्रिय नक्सलियों के खिलाफ बड़े और निर्णायक ऑपरेशन की रणनीति तैयार की थी। आशंका जताई जा रही है कि उसी रणनीति के तहत सुरक्षाबलों ने पतिराम माझी को चारों ओर से घेरकर मुठभेड़ में ढेर कर दिया। नक्सलवाद के खिलाफ “अंतिम लड़ाई” की ओर बढ़ते कदम हालांकि सारंडा और आसपास के जंगलों में अभी भी कुछ नक्सली नेता सक्रिय बताए जा रहे हैं, जो समय-समय पर हिंसक घटनाओं को अंजाम देकर पुलिस को चुनौती देते रहे हैं। लेकिन पतिराम माझी के मारे जाने से यह साफ संकेत मिल रहा है कि सुरक्षाबल अब नक्सलवाद के खिलाफ निर्णायक और अंतिम लड़ाई की ओर बढ़ चुके हैं। सारंडा की इस मुठभेड़ को न सिर्फ झारखंड, बल्कि पूरे देश में नक्सल विरोधी अभियान के लिए एक बड़ी कामयाबी के रूप में देखा जा रहा है。
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IKIsateyak Khan
Jan 22, 2026 11:36:31
Patna, Bihar:पटना- बिहटा एवं आईआईटी अमहारा थाना क्षेत्र अंतर्गत बालू घाट संख्या-12 और स्थानीय किसानों के बीच हुए रास्ते विवाद का मामला है। आरोप है कि जिस रास्ते को जमीन मालिकों से नियमानुसार भुगतान कर लेकर तैयार किया गया, उसी रास्ते पर अब प्रशासन ने कथित तौर पर “दबाव” में आकर अजीबो गरीब आदेश दिया है। घाट-12 के संचालकों का कहना है कि इससे न केवल उनका काम पूरी तरह बाधित हो जाएगा बल्कि टेंडर में किए गए भारी निवेश और किसानों को दिए गए मुआवजे पर भी सीधा असर पड़ सकता है हाल में हुई घटनाओं के अनुसार, रास्ते का परिचालन तकरीबन 2 महीने से शांतिपूर्वक हो रहा है जिसे जानबूझकर घाट संख्या-17A के संचालक द्वारा विवादित बनाया जा रहा है गौरतलब है कि आज तक इस रास्ते से संबंधित किसी तरह का कोई FIR संबंधित थाने में दर्ज नहीं है एवं रास्ता सुचारू रूप से परिचालन में है। जिसके बाद प्रशासन ने विधि-व्यवस्था की आशंका जताते हुए घाट संख्या-12 के उपयोगकर्ताओं को वर्तमान मार्ग को छोड़ पुराने रास्ते से आवागमन करने का लिखित निर्देश दे दिया। बालू व्यवसायियों का कहना है कि यह निर्णय न सिर्फ व्यावहारिक रूप से कठिन है, बल्कि सरकार के अपने ही नियमों की भावना के खिलाफ भी है। जैसे सरकार ने अपने गाइडलाइन में ये साफ कर दिया है कि आवाजाही संबंधित मुद्दा घाट संचालक एवं रैयत खुद समझबुझ के तय करेंगे, फिर प्रशासन के ओर से इस प्रकार का गैर-जिम्मेदाराना आदेश क्यों? बालू घाट-12 से जुड़े संचालकों का स्पष्ट आरोप है कि जिस नए मार्ग पर वे फिलहाल आवागमन कर रहे हैं, वह मार्ग नियमों के तहत जमीन मालिकों से बातचीत कर लिया गया है। किसानों को रास्ते के एवज में समुचित धनराशि दी गई, समझौते किए गए और उसके बाद ही वहां से भारी वाहनों की आवाजाही शुरू हुई। अब जब टेंडर धारकों ने टेंडर की रकम, मशीनरी, मजदूरी और रास्ते पर मिलाकर लाखों रुपये का निवेश कर दिया, तो बीच में आकर रास्ता पर दबाव में आकर इस प्रकार का आदेश पारित करना न तो न्यायसंगत है और न ही नियमानुकूल। इससे टेंडर में लगाया गया पैसा, किसानों को दिया गया पैसा और मजदूरों की रोजी-रोटी – सब पर चोट पड़ सकती है।स्थानीय किसान ने भी कहा कि “रास्ता के लिए हमको पैसा मिल रहा, हमारे एवं घाट संचालक के बीच शांतिपूर्ण तरीके से अनुबंध स्थापित है फिर इसमें प्रशासन का बे-वजह हस्तक्षेप क्यों? अब अगर रास्ते पर इस प्रकार का कोई आदेश पारित होगा तो उसमें हमारा भी तो नुकसान है। जो काम नियम से हुआ, उसे बीच में रोकना ठीक नहीं है।” दूसरी ओर, प्रशासनिक स्तर से यह तर्क दिया जा रहा है कि दो पक्षों के बीच तनाव और संभावित टकराव को देखते हुए यह कदम केवल ‘विधि-व्यवस्था बनाए रखने’ के लिए उठाया गया है। बालू घाट-12 से जुड़े प्रतिनिधियों ने खुलकर मांग की है कि बिहार सरकार इस पूरे प्रकरण को संज्ञान में ले और अपने ही बनाए गए नियमों के अनुरूप रास्ते की वैधता पर स्पष्ट फैसला करे। उनका कहना है कि जब जमीन मालिकों से नियमानुसार सहमति और भुगतान के आधार पर रास्ता लिया गया है, तो केवल स्थानीय दबाव या झूठे विवाद के नाम पर वैध मार्ग से आवाजाही में बाधा अनिश्चितकाल के लिए उत्पन्न करना उचित नहीं है। संचालकों और किसानों की संयुक्त अपील है कि सरकार संबंधित विभागों और जिला प्रशासन से रिपोर्ट तलब कर, तथ्यात्मक स्थिति की जांच कराए और नियमों के अनुसार जिस रास्ते पर वैध अधिकार स्थापित हो चुका है, उस रास्ते से इस प्रकार के अनुचित आदेश वापस लेने का आदेश दे। स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि सरकार समय रहते इस मसले पर हस्तक्षेप कर, नियमानुकूल व्यवस्था बहाल नहीं करती, तो भविष्य में किसी भी विकास या खनन परियोजना के लिए जमीन देने को लेकर किसान और जमीन मालिक संदेह में पड़ जाएंगे, जिससे निवेश और रोजगार – दोनों पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। फ presently? अब सभी की नजरें राज्य सरकार और जिला प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं। घाट-12 के प्रभावित पक्षों ने संकेत दिया है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं निकला, तो वे कानूनी विकल्पों का भी सहारा ले सकते हैं। वही दानापुर अनुमंडल पदाधिकारी ने स्पष्ट कर दिया है कि विवाद को देखते हुए सरकार के द्वारा आदेश निकल गई है जिसमें कहा गया है की क्लस्टर 17 नए रास्ते से चलेंगे और क्लस्टर 13 का रास्ता क्लस्टर 12 के पुराने रास्ते से चलेंगे इसमें यदि किसी भी प्रकार की किसी के द्वारा विवाद उत्पन्न करने की कोशिश की गई तो उन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी
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AMAsheesh Maheshwari
Jan 22, 2026 11:35:59
Noida, Uttar Pradesh:बून्दी में गूंजा वंदे मातरम स्वामी विवेकानंद की 164 वीं जयंती के अवसर पर दौड़े युवा, दिया स्वदेशी और विकसित भारत का संदेश स्वामी विवेकानंद की 164वीं जयंती के उपलक्ष्य में गुरुवार को बूंदी शहर देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। युवाओं में स्वदेशी की भावना जागृत करने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से जिला एवं ब्लॉक स्तर पर भव्य 'युवा दौड़' का आयोजन किया गया। शहर के पुलिस परेड ग्राउंड से शुरू हुई इस दौड़ में करीब 2000 स्कूली छात्र-छात्राओं ने कदम से कदम मिलाते हुए भाग लिया。 पुलिस परेड ग्राउंड से शुरू हुई यह दौड़ BJP जिलाध्यक्ष रामेश्वर मीणा ने दौड़ (रैली) को हरी झंडी दिखाकर किया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के वर्ष 2047 तक भारत को 'विकसित राष्ट्र' बनाने के संकल्प को दोहराया गया। वक्ताओं ने स्वामी विवेकानंद के आदर्शों पर चलते हुए युवाओं को स्वावलंबी बनने और स्वदेशी उत्पादों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। पुलिस परेड ग्राउंड से शुरू हुई यह विशाल रैली अहिंसा सर्किल, चौगान गेट और इंदिरा मार्केट होते हुए पीएमश्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पहुंचकर संपन्न हुई। इस अवसर पर 'वंदे मातरम' के सामूहिक गान का आयोजन भी किया गया।
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MGMOHIT Gomat
Jan 22, 2026 11:35:40
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RRRakesh Ranjan
Jan 22, 2026 11:35:24
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