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Pilibhit262001

Pilibhit: सिद्ध ब्रह्मदेव बाला जी की शोभायात्रा निकाली गई

Jan 09, 2025 12:21:55
Pilibhit, Uttar Pradesh

पीलीभीत में हर वर्ष की तरह सिद्ध ब्रह्मदेव बाला जी महाराज की शोभायात्रा का शुभारंभ सेवक विशाल द्वारा भजन कीर्तन के साथ किया गया। इस भव्य शोभायात्रा का स्वागत नौगवां नगर पंचायत अध्यक्ष संदीप संतोख संधू और पूरनपुर ब्लाक प्रमुख मानसी अपूर्व सिंह ने किया। भजन कीर्तन के जयकारों के बीच यात्रा का आयोजन किया गया जिसमें आम जनमानस से 10 जनवरी को बाबा के दिव्य दरबार में पहुंचकर सनातन परंपरा से जुड़कर बाबा का गुणगान करने का आमंत्रण दिया गया।

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SDShankar Dan
Feb 26, 2026 15:01:05
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RRRakesh Ranjan
Feb 26, 2026 15:00:47
Noida, Uttar Pradesh:
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ASANIMESH SINGH
Feb 26, 2026 15:00:26
Ujjain, Madhya Pradesh:उज्जैन सेवाधाम आश्रम में 17 बच्चों की मौत के मामले में महिला बाल विकास की अंतर विभागीय समिति ने जांच शुरू की, बच्चों की मौत का मामला हाई कोर्ट द्वारा संज्ञान में लेने के बाद प्रशासन हरकत में आया, महिला बाल विकास के अधिकारी मीडिया के सवालों से बचते नजर आए, कैसे मौत हुई व आंकड़ा क्या है नही पता, त्रुटि मिलने पर कार्यवाही की बजाए सुधार करने की बात कही, उज्जैन के सेवा धाम आश्रम में पिछले 1 साल के भीतर 17 बच्चों की मौत के मामले में हाई कोर्ट ने स्वत संज्ञान लेते हुए पीआईएल दर्ज करने व 2 सप्ताह के भीतर जवाब देने के निर्देश दिए है। खास बात तो यह है कि बच्चों की मौत के मामले में महिला बाल विकास के उज्जैन जिला कार्यक्रम अधिकारी को ना तो बच्चों की मौत के आंकड़े के बारे में पता है ना ही कैसे मौत हुई यह जानकारी है। मामले में त्रुटि मिलने पर कार्रवाई की बजाय सुधार की बात की जा रही है。 दरअसल पूरा मामला इस प्रकार है कि उज्जैन के अंबोदिया गांव में सेवाधाम आश्रम संचालित होता है। यहां निराश्रित, बुजुर्ग, मानसिक व शारीरिक दिव्यांग जनों को रखा जाता है। वर्तमान में यहां ऐसे 1200 लोग है जिसमे महिला, बच्चे और बुजुर्ग शामिल है। इस आश्रम पर मौत के मामले व अन्य गड़बड़ियों को लेकर समय-समय पर सवाल खड़े होते आए हैं। ऐसा ही मामला अब फिर सामने आया है। करीब एक साल पहले 10 बच्चों की मौत के बाद इंदौर के युगपुरुष आश्रम को बंद कर दिया गया था। बेहतर देखभाल का हवाला देकर यहां के 86 बच्चों को उज्जैन के सेवाधाम आश्रम में शिफ्ट कर दिया गया था। चौंकाने वाली बात ये है कि इन 86 बच्चों में से 17 बच्चों की जान जा चुकी है। यही नहीं, सबकी मौत का कारण भी एक ही बताया गया- 'सांस लेने में तकलीफ ।' यह खुलासा उज्जैन जिला अस्पताल और विद्युत शवदाह गृह के रिकॉर्ड की पड़ताल से हुआ है। गौरतलब है कि 25 दिसंबर 2024 को राज्य सरकार के निर्देश पर इंदौर के युगपुरुष आश्रम को बंद किया गया था। इसकी वजह थी कि जून-जुलाई 2024 में आश्रम में हैजे से 10 बच्चों की मौत हो गई थी। युगपुरुष आश्रम बंद होने के बाद वहां रह रहे 86 विशेष बच्चों (34 लड़के और 52 लड़कियां) को उज्जैन भेजा गया। इनकी उम्र 5 से 23 वर्ष के बीच थी。 शिफ्टिंग के एक माह में ही यानी 23 जनवरी 2025 से मौतों का सिलसिला शुरू हो गया। उज्जैन जिला अस्पताल व शवदाह गृह के रिकॉर्ड से यह खुलासा हुआ। इससे सेवा-आश्रमों में बच्चों की स्थिति, इलाज और मॉनिटरिंग पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे है। उज्जैन के इलेक्ट्रिक शवदाह गृह के रिकॉर्ड में दर्ज नामों से पुष्टि होती है कि 17 की मृत्यु हो चुकी है। वहीं मीडिया में खबर आने के बाद यह मामला हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने संज्ञान में लिया। हाईकोर्ट ने इंदौर के युगपुरुष धाम से उज्जैन स्थित सेवाधाम आश्रम भेजे गए बच्चों की मौतों के मामले में सख्त रुख अपनाते हुए स्वतः संज्ञान लेते हुए जनहित याचिका (PIL) दर्ज करने के निर्देश दिए हैं。 हाईकोर्ट ने मुख्य सचिव, महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रमुख सचिव व आयुक्त, कलेक्टर उज्जैन, पुलिस अधीक्षक उज्जैन, जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी एवं सेवाधाम आश्रम के अधीक्षक को नोटिस जारी कर दो सप्ताह में जवाब देने को कहा है। उज्जैन सेवाधाम आश्रम की निरीक्षण रिपोर्ट आने के बाद अगली सुनवाई 12 मार्च को होगी। वही इस घटना को लेकर जब महिला बाल विकास विभाग के उज्जैन जिला कार्यक्रम अधिकारी बृजेश त्रिपाठी से चर्चा की गई तो उन्होंने बताया कि मामले में मध्य प्रदेश शासन महिला बाल विकास विभाग द्वारा घटना को संज्ञान में लिया गया है। इसके बाद अंतर विभागीय समिति जांच कर रही है । जांच के बाद जो तथ्य सामने आएंगे उनमें सुधार आत्मक कदम उठाए जाएंगे。 खास बात तो यह है कि अधिकारी को यह तक नहीं पता की कितनी मौत हुई है, किस कारण से हुई है। वह बार-बार जांच का हवाला देकर सवालों को टालते रहे। त्रुटि पाए जाने पर कार्रवाई की बजाय सुधार करने की बात पर जोर देते रहें。 इस मामले को लेकर आश्रम के संचालक सुधीर भाई गोयल ने अपने वाट्सएप स्टेटस पर लिखा कि "युगपुरुष धाम इंदौर से सेवाधाम में 14 माह पूर्व एक साथ 86 दिव्यांग, बहुदिव्यांग पर सेवा पर निर्भर संक्रमित बच्चे अत्यंत नाजुक जिनमें कई मरणासन्न स्थिति में थे प्रशासन द्वारा सेवाधाम भेजे गए यदि आश्रम स्वीकार नहीं करता तो आधे से ज्यादा बच्चों की मौत संभव थी ।" बाइट--ब्रजेश त्रिपाठी--महिला बाल विकास विभाग के उज्जैन जिला कार्यक्रम अधिकारी
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Feb 26, 2026 14:57:04
Bareilly, Uttar Pradesh:बरेली। टीजीटी परीक्षा की अनिवार्यता के विरोध में गुरुवार को शिक्षकों ने जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने टीजीटी परीक्षा की अनिवार्यता से छूट दिए जाने की मांग को लेकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि को सौंपा।टीचर फेडरेशन ऑफ इंडिया के आह्वान पर देशभर के बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षक आंदोलनरत हैं। इसी क्रम में जिले भर के बेसिक शिक्षक संगठनों के नेतृत्व में बड़ी संख्या में शिक्षक सेठ दामोदर स्वरूप पार्क में एकत्र हुए और धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान उत्तर प्रदेश जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष राजेन्द्र प्रसाद गंगवार ने कहा कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम लागू होने से पहले नियुक्त शिक्षकों को टीजीटी परीक्षा की अनिवार्यता से छूट दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि अधिनियम लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों ने विभाग द्वारा निर्धारित सभी मानकों का पालन किया है, इसके बावजूद सुप्रीम कोर्ट द्वारा वर्ष 2011 से पहले नियुक्त शिक्षकों के लिए टीजीटी परीक्षा पास करना अनिवार्य कर दिया गया है, जो कि अनुचित है। उन्होंने राज्य सरकारों से सुप्रीम कोर्ट के निर्णय पर पुनर्विचार याचिका दाखिल करने की मांग करते हुए इसमें संशोधन कराने की अपील की।धरने के बाद शिक्षक जुलूस के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे और अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की। इसके पश्चात शिक्षक नेताओं ने प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से भेजा। इस अवसर पर उ.प्र. प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष शिव स्वरुप शर्मा, अजरार हुसैन आगा, मुकेश सिंह चौहान, रोहित सिंह, राजपाल गंगवार, प्रवेश कुमारी, राखी सक्सेना, चन्द्रा देवलिया, ज्योति गुप्ता सहित अनेक शिक्षक उपस्थित
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Feb 26, 2026 14:54:50
Barabanki, Uttar Pradesh:बाराबंकी: उपजिलाधिकारी नवाबगंज आनंद तिवारी और सहायक आयुक्त (खाद्य) डॉ. शैलेन्द्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में गुरुवार को होली पर्व के मद्देनज़र लखपेड़ाबाग व नबीगंज क्षेत्रों में सघन छापेमारी की गई। अभियान के दौरान लखपेड़ाबाग स्थित मेसर्स बाला जी घी स्टोर से घी के दो नमूने लिए गए। नबीगंज स्थित मेसर्स रवि ट्रेडर्स से वंश ब्रांड सरसों तेल व रिफाइंड सोयाबीन तेल का एक-एक नमूना संग्रहित किया गया। संदिग्ध पाए जाने पर मयूर वनस्पति के 39 हजार कीमत के 10 टिन, बिस्किन वनस्पति के 53,340 मूल्य के 24 टिन तथा बेकरी शॉर्टनिंग के 32,900 रुपये के 14 जार की बिक्री पर रोक लगा दी गई। कुल एक लाख 25 हजार 240 मूल्य के खाद्य पदार्थ विक्रय से प्रतिबंधित किए गए। इसी क्रम में हैदरगढ़ स्थित मेसर्स हरी ट्रेडर्स (सब्जी मंडी) से पनीर व छेना तथा रामनगर के गिरी चौराहा से खोया का नमूना जांच हेतु प्रयोगशाला भेजा गया। अभियान में कुल सात नमूने लिए गए। कार्रवाई के दौरान मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी नीरद पाण्डेय तथा खाद्य सुरक्षा अधिकारी अरुण कुमार, अर्शी फारूकी, भगौती प्रसाद, पल्लवी तिवारी, अनुराधा मिश्रा और डॉ. अंकिता यादव शामिल रहे।
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Feb 26, 2026 14:48:24
Bareilly, Uttar Pradesh:बरेली थाना सुभाषनगर क्षेत्र के करगैना बाजार से दिनदहाड़े आर्मी कलर बुलेट बाइक चोरी होने का मामला सामने आया है। पीड़ित आशुतोष सिंह पुत्र गजेन्द्र कुमार, निवासी द्वारिका पुरम बदायूं रोड, ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि गुरुवार 26 फरवरी 2026 को दोपहर करीब 3:30 बजे वह सब्जी लेने करगैना बाजार गए थे। आरोप है कि उन्होंने अपनी बाइक संख्या यूपी-25 डीके 05131 (बुलेट, आर्मी कलर) बाजार में खड़ी की और सब्जी लेकर लौटे तो बाइक मौके से गायब थी। आसपास तलाश करने के बाद जब पास में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई तो एक युवक बाइक ले जाते हुए दिखाई दिया। फुटेज में संदिग्ध युवक ने ग्रीन अपर और ब्लैक पैंट पहन रखी है।घटना के बाद पीड़ित ने थाना सुभाषनगर में तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्ध की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है।स्थानीय लोगों का कहना है कि बाजार क्षेत्र में आए दिन वाहन चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिससे व्यापारियों और ग्राहकों में चिंता का माहौल है। पुलिस ने जल्द खुलासे का आश्वासन दिया है।
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ASAMIT SONI
Feb 26, 2026 14:47:17
ललितपुर, उत्तर प्रदेश:उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में उ0प्र0 टीचर फेडरेशन ऑफ इंडिया के बैनर तले आज सैकड़ो शिक्षकों ने प्रदेश नेतृत्व के आवाहन पर बेसिक शिक्षाधिकारी के कार्यालय पर धरना दिया और मुख्य सड़क से DM कार्यालय तक पैदल march निकालते हुये टीईटी की अनिवार्यता के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। शिक्षकों का कहना है सुप्रीम कोर्ट ने शिक्षकों को टीईटी की परीक्षा अनिवार्य के नियम पर कड़ा विरोध करते हुए कहा कि वर्तमान में जो शिक्षक है वह टीईटी की परीक्षा पास करके ही शिक्षक बने और पूर्व के शिक्षक भी अपनी पात्रता के अनुसार ही शिक्षक बने अब उनको भी टीईटी परीक्षा अनिवार्य कर सरकार की मानसिकता शिक्षकों के खिलाफ स्पष्ट दिख रही है लेकिन हम अभी शिक्षक इसका कड़ा विरोध करते है और अगर सरकार में हमारी बात नही मानी गयी तो आगामी 2027 के चुनाव में हम सभी शिक्षक उन्हें इसके विरोध में जबाव जरूर देंगे।
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DKDeepesh Kumar
Feb 26, 2026 14:47:03
Noida, Uttar Pradesh:नोएडा, UP: लेखिका भूमिका द्विवेदी, जो चार साल पहले ज्योतिर्मठ पीठम शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के मठ में रुकी थीं, अपना अनुभव बता रही हैं。 "...मुझे अभी के हालात के बारे में नहीं पता, लेकिन जब मैं 4 साल पहले वहाँ था, तो वहाँ एक औरत थी जो मठ की मालिक थी। उसके कुछ रिश्तेदार बेंगलुरु से आए थे। तो, जब मैं वहाँ था तो वहाँ 3-4 औरतें रह रही थीं...जब मैंने उससे पूछा कि वह कौन है, तो उसने खुद को उसकी 'सखी' बताया था...कोई कॉन्ट्रोवर्सी नहीं है। मेरा अविमुक्तेश्वरानंद से कोई डायरेक्ट कॉन्टैक्ट नहीं रहा है। मैं कभी उनसे आमने-सामने नहीं मिला, और मैंने उनसे कभी बात नहीं की। उनके मैनेजर मेरे कॉन्टैक्ट में थे, और वह चाहते थे कि मैं वहाँ और रुक जाऊँ...2 महीने में, मैंने 5 किताबों के लिए मटीरियल इकट्ठा कर लिया था। इसलिए, मेरे और रुकने का कोई कारण नहीं था...उन्होंने (मैनेजर) मुझे कभी छुआ नहीं, लेकिन उन्होंने जो भाषा इस्तेमाल की - कि वह एक ऐसा आदमी है जो परिवार से दूर रहता है और उसके पास कुछ ज़रूरतें हैं। मुझे उनकी बात पसंद नहीं आई...अगर उन पर कुछ इल्ज़ाम हैं, तो उन्हें खुद ही केस ट्रायल तक पद छोड़ देना चाहिए...
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