icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

सीएमओ ने अनुपस्थित डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी दी

ASARUN SINGHJust now
Farrukhabad, Uttar Pradesh:फर्रुखाबाद नहीं सुधार रही जिला अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाएं सीएमओ ने जिला अस्पताल लोहिया पुरुष का किया औचक निरीक्षण, चार डॉ० मिले अनुपस्थिति एनआरसी वार्ड के प्लेइंग रूम में लटका मिला ताला फर्रुखाबाद : शहर आवास विकास स्थित डॉ राममनोहर लोहिया जिला अस्पताल पुरुष का सीएमओ डॉक्टर अवनींद्र कुमार ने मंगलवार सुबह औचक निरीक्षण किया। जहां सीएमओ को पोषण पुनर्वास केंद्र प्रभारी डॉक्टर विवेक सक्सेना सहित चार डॉक्टर अनुपस्थित मिले वहीं पोषण पुनर्वास केंद्र के प्लान रूम में ताला लटका मिला जिसकी चाबी डॉक्टर विवेक सक्सेना अपने साथ ले गए सीएमओ ने कार्रवाई किए जाने की बात कही है। सीएमओ जिला अस्पताल लोहिया में बने एनआरसी वार्ड में पहुंचे। एनआरसी वार्ड में इलाज के संबंध में तीमारदारों से बात की। वार्ड के प्लेइंग रूम में ताला लटका मिला। जब उन्होंने स्टाफ से प्लेइंग रूम की चाबी मांगी। तो पता चला की प्लेइंग रूम की चाबी डॉक्टर विवेक सक्सेना के पास है। डॉ विवेक सक्सेना ड्यूटी पर तैनात नहीं मिले। तभी सीएमओ ने कहा। कि यहां बच्चों के खेलने के लिए प्ले रूम बनाया गया है या ताला लगाने के लिए यह प्ले रूम बनाया गया है। जिसके सीएमओ सीएमएस कार्यालय में पहुंचे उन्होंने डॉक्टर रजिस्टर को चेक किया। जिसमें डॉक्टर विवेक सक्सेना समेत चार डॉक्टर अनुपस्थित मिले। डॉ विवेक सक्सेना कुछ देर बाद सीएमएस कार्यालय में पहुंचे। अब यह कोई अस्पताल आने का समय है। उन्होंने तत्काल डीएम को डॉ०विवेक सक्सेना के खिलाफ लेटर लिखने की चेतावनी दी। कहा कि कभी समय पर अस्पताल में नहीं आते हो। उसके बाद इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीजों के हाल-चाल जाना। अस्पताल में साफ सफाई की व्यवस्था भी ठीक मिला। बाइट :-- डॉ अवनींद्र कुमार, सीएमओ फर्रुखाबाद
0
0
Report

सिद्धार्थनगर सीमा पर डीजल-पेट्रोल संकट, नेपाल स्मगलिंग बढ़ा रही कीमत

Naugarh, Uttar Pradesh:भारत नेपाल सीमा पर स्थित सिद्धार्थनगर जिले में डीजल पेट्रोल की क्राइसिस रुकने का नाम नहीं ले रही है। इस क्राइसिस के पीछे की एक वजह तो अमेरिका ईरान के बीच चल रही जंग को लेकर तेल की आपूर्ति में कमी तो है ही। साथ ही इसकी एक बड़ी वजह पेट्रोल और डीजल की नेपाल देश में हो रही स्मगलिंग भी बताई जा रही है। भारत की अपेक्षा नेपाल में प्रति लीटर करीब 35 रुपये डीजल और पेट्रोल के मूल ज्यादा है। ऐसे में इसकी तस्करी बड़ी संख्या में इन दिनों हो रही है। सिद्धार्थनगर जिले की 68 किलोमीटर की सीमा नेपाल मुल्क से लगती है। खुली सीमा होने की वजह से यह क्षेत्र हमेशा से तस्करों के लिए बहुत ही आसान रास्ता साबित होता रहा है। जब भी नेपाल में किसी चीज की मांग अधिक होती है तो भारतीय क्षेत्र से इसकी तस्करी शुरू हो जाती है। जिसमें खाद्य पदार्थों के साथ-साथ डीजल और पेट्रोल भी शामिल है सिद्धार्थनगर जिले में इस वक्त डीजल और पेट्रोल को लेकर हाहाकार मचा हुआ है। जिले के करीब 130 पेट्रोल पंप में से 25 परसेंट पेट्रोल पंपों पर डीजल और पेट्रोल की आपूर्ति हो रही है ऐसे में जहां पर पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता होती है वहां जरूरतमंदों की लंबी कतार सुबह से ही देखने को मिल रही है। जो पेट्रोल पंप के खुले रहने तक लगातार वैसी ही बनी रहती है। लोगों की माने तो इस डीजल और पेट्रोल के क्राइसिस के पीछे दो वजह हैं अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे युद्ध के अलावा जो भी डीजल पेट्रोल सिद्धार्थनगर जिला सहित भारत नेपाल सीमा से सेट पेट्रोल पंपों को मिलता है उसमें से भारी मात्रा में यह डीजल और पेट्रोल स्मगलिंग कर नेपाल भेज दिया जा रहा है। इस स्मगलिंग के लिए तस्करों ने कई रास्ते अपनाए हैं । सूत्रों की माने तो तस्कर डीजल और पेट्रोल के अपने मोटरसाइकिल और अन्य चार पहिया वाहनों के टैंक फुल कर लेते हैं और आसानी से नेपाल में जाकर टंकी खाली कर देते हैं ऐसे में उन्हें एक लीटर के पीछे करीब ₹30 तक की प्रॉफिट मिल जाती है। भारत से नेपाल डीजल और पेट्रोल के बड़ी मात्रा में स्मगलिंग की वजह से स्थानीय लोगों को डीजल और पेट्रोल नहीं मिल पा रहा है जिसकी वजह से उनके सामने भारी दिक्कतें खड़ी है
0
0
Report
Advertisement

खूँटी में डबल मर्डर: दोस्त की पत्नी के कारण हत्या, तीन गिरफ्तार

Khunti, Jharkhand:खूंटी में विगत 17 मई को हुई डबल मर्डर केस से पर्दा उठा लिया है। जो कि सयको थाना क्षेत्र के मारंगबुरु पहाड़ में लड़की व लड़की का शव बरामद हुआ था। सयको 17 मई को जिवरी गाँव के दो लोग नाबालिग लड़का विशु पाहन और 17 वर्षीय सुमी मुण्डू की मारंगबुरु पहाड़ में धारदार हथियार से हत्या कर छिपाया गया मिला था। इस हत्याकांड पर पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। जानकारी के अनुसार, 17 और 18 मई की रात सायको गांव में आयोजित छाउ नृत्य मेला देखने जिउरी बड़ा टोला निवासी 17 वर्षीय विशु पाहन और 17 वर्षीय सुमी मुण्डू पहुंचे थे। इसी दौरान मेला स्थल से करीब 300 मीटर दूर अज्ञात अपराधियों ने तेज धारदार हथियार से दोनों की हत्या कर शव को मारंगबुरु पहाड़ में छुपा दिया था। गिरफ्तार आरोपियों में जिउरी बड़ा टोला निवासी सुम्बर सिंह मानकी, सायको निवासी गोमेया सोय और बुधराम सोय शामिल हैं। उक्त घटना में प्रयुक्त टांगी, खून लगी मिट्टी, चप्पल और खून लगे कपड़े पुलिस ने बरामद किए हैं। एसपी ऋषभ गर्ग ने बताया कि सुम्बर सिंह मानकी और विशु पाहन दोनों दोस्त थे। और सुम्बर की नयी नयी शादी हुई थी इसलिए उसने विशु पाहन को पत्नी का ख्याल रखने के लिए कहकर काम करने दूसरा प्रदेश चला गया था। इसी बीच पता चला कि उसकी पत्नी का किसी अन्य लड़के से हिल मिल बढ़ गया था। जिसकी जानकारी विशु ने सुम्बर को नहीं दिया और पता उसे चल गया। जिसका गुस्सा से उसने विशु की हत्या कर दिया। लेकिन सुम्बर को सुमी मारने नहीं दे रही थी और उसके बीच आ जा रही थी इसलिए उसने सुमी की भी हत्या कर दिया। जिसके बाद सयको के दो लड़के गोमेया सोय और बुधराम सोय के सहयोग से शव को छिपाने के लिए पहाड़ के गुफा तक ले गये थे। इस हत्याकांड में सहयोग करने पर सुम्बर के साथ इन don को भी गिरफ्तार किया गया है।
0
0
Report
Advertisement

ट्विशा शर्मा मामले में CBI की जांच, समर्थ सिंह की रिमांड CBI के हवाले

Noida, Uttar Pradesh:भोपाल, मध्य प्रदेश | ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में, उनके परिवार के वकील अंकुर पांडे कहते हैं, "उन्हें (ट्विशा के पति और आरोपी समर्थ सिंह को) संबंधित मजिस्ट्रेट की अदालत ने 7 दिन की रिमांड दी थी, जो 29 तारीख तक मान्य थी। हालाँकि, इस बीच, चूंकि राज्य सरकार ने CBI को मामले में दखल देने की सहमति पहले ही दे दी थी, इसलिए CBI ने एक नई FIR दर्ज कर ली है। नतीजतन, अब आगे की जाँच CBI ही करेगी। इसलिए, आज संबंधित मजिस्ट्रेट के सामने एक औपचारिक कार्यवाही हुई। अब से आगे की जाँच CBI करेगी, और समर्थ की कस्टडी आधिकारिक तौर पर CBI को सौंप दी गई है। यदि 29 तारीख के बाद CBI को ज़रूरी लगेगा, तो वे संबंधित CBI अदालत से और रिमांड की मांग कर सकते हैं। अब पूरी कार्यवाही CBI अदालत के अधिकार क्षेत्र में होगी और CBI ही जाँच एजेंसी के तौर पर काम करेगी... वे आगे कहते हैं, "हाई कोर्ट में ज़मानत के मामलों के संबंध में, आज ज़मानत से जुड़ी दो याचिकाओं पर सुनवाई होनी है। पहली याचिका इस मामले की एक आरोपी गिरिबाला सिंह से जुड़ी है, जिन्हें निचली अदालत ने सिर्फ़ दो दिनों के भीतर ही अग्रिम ज़मानत का लाभ दे दिया था। आज, राज्य अभियोजन पक्ष और हम दोनों ने ही उस अग्रिम ज़मानत के आदेश को चुनौती देते हुए याचिकाएँ दायर की हैं। हमने ये कानूनी कार्यवाही इस आधार पर शुरू की है कि कई ऐसे ज़रूरी तथ्य थे जिन्हें निचली सत्र अदालत ने जान-बूझकर नज़रअंदाज़ कर दिया था..."
0
0
Report

कटमानी और वेतन कटौती के विरोध में फलता में हंगामा, नासिर শেখ हिरासत में

Jalabaria, West Bengal:কাটমানি, টাকা কাটা ও প্রাণনাশের হুমকির অভিযোগে বিক্ষোভ; শ্রমিকদের হাতে আটক জাহাঙ্গীর খানের সাগরেদ নাসির শেখ কাটমানি নেওয়া, মজুরি থেকে টাকা কেটে নেওয়া ও প্রতিবাদ করলে প্রাণনাশের হুমকির অভিযোগে উত্তাল হয়ে উঠল ফলতার এসিজেডের প্যাটন কারখানা এলাকা। জাহাঙ্গীর খানের সাগরেদ বলে পরিচিত নাসির শেখের বিরুদ্ধে একাধিক অভিযোগ তুলে বিক্ষোভে নামলেন কারখানার শ্রমিকরা। পরিস্থিতি উত্তপ্ত হয়ে উঠলে শ্রমিকদের হাতে আটকে পড়েন নাসির শেখ। পরে ঘটনাস্থলে পৌঁছে পুলিশ তাকে নিজেদের হেফাজতে নেয়। অভিযোগ, দীর্ঘদিন ধরে কারখানার শ্রমিকদের কাছ থেকে নানা অজুহাতে কাটমানি নেওয়া হত। পান থেকে চুন খসলেই মজুরি থেকে টাকা কেটে নেওয়া হত বলেও দাবি শ্রমিকদের। এমনকি গোটা মাস কাজ করার পরও ঠিকমতো পারিশ্রমিক মিলত না। এই নিয়ে প্রতিবাদ জানাতে গেলে শ্রমিকদের প্রাণনাশের হুমকি দেওয়া হত বলেও অভিযোগ। বিক্ষোভকারী শ্রমিকদের দাবি, নাসির শেখ একা নন, এই ঘটনার সঙ্গে জড়িত বাকিদেরও চিহ্নিত করে দ্রুত গ্রেফতার করতে হবে। ঘটনার জেরে ফলতার দু’নম্বর সেক্টর এলাকায় ব্যাপক উত্তেজনা ছড়িয়ে পড়ে। খবর পেয়ে পুলিশ ঘটনাস্থলে পৌঁছালে ক্ষুব্ধ শ্রমিকরা নাসির শেখকে পুলিশের হাতে তুলে দেন। ঘটনার তদন্ত শুরু করেছে পুলিশ。 বাইট: বিক্ষোভকারী শ্রমিক দেবাংশু পাণ্ডা, বিধায়ক, ফলতা
0
0
Report
Advertisement

जालौन में दलित महिला ने दबंगों और पुलिस पर उत्पीड़न का आरोप, न्याय की गुहार

Jalaun, Uttar Pradesh:जालौन के कालपी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम निवाड़ी की एक दलित महिला ने गांव के दबंगों तथा पुलिस चौकी इंचार्ज पर गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता का आरोप है कि उसके घर में घुसकर मारपीट की गई, जातिसूचक शब्दों से अपमानित किया गया और बाद में पुलिस ने भी आरोपियों का साथ देते हुए समझौते का दबाव बनाया। कालपी कोतवाली क्षेत्र के निवाड़ी गांव की रहने वाली रूबी पत्नी उमाशंकर ने एसपी को दिए शिकायती पत्र में बताया कि 14 मई 2026 को सुबह लगभग 11 बजे वह अपने घर पर गेहूं धो रही थी। उसी दौरान गांव के कुछ लोग अचानक उसके घर में घुस आए और गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। महिला का आरोप है कि आरोपियों ने लाठी-डंडों और पत्थरों से हमला किया, जिससे उसे और उसके पुत्र अमित को गंभीर चोटें आईं। पीड़िता ने बताया कि घटना के समय उसके नाबालिग बच्चे भी घर में मौजूद थे। मारपीट के दौरान उसने डायल 112 पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और बीच-बचाव कर परिवार को बचाया। पुलिस कुछ आरोपियों को अपने साथ ले गई तथा महिला और उसके पुत्र को चौकी बुलाया गया। महिला ने आरोप लगाया कि अगले दिन जब वह अपने पुत्र के साथ ज्ञान भारती चौकी पहुंची, तो वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने उसके साथ अभद्र व्यवहार किया। शिकायत में कहा गया है कि चौकी इंचार्ज विपिन यादव और अन्य पुलिसकर्मियों ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए अपमानित किया तथा दबाव बनाकर आरोपियों से समझौता करा दिया। इतना ही नहीं, महिला ने यह भी आरोप लगाया कि उसके पुत्र का मोबाइल फोन भी पुलिस ने छीन लिया। शिकाय़त में महिला ने आशंका जताई है कि आरोपी और पुलिस की मिलीभगत से उसके परिवार के साथ कभी भी कोई बड़ी घटना हो सकती है। उसने पुलिस अधीक्षक से आरोपियों और संबंधित चौकी इंचार्ज के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने तथा परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
0
0
Report

ट्विशा शर्मा मौत मामला: अब सुनवाई CBI कोर्ट में होगी

Noida, Uttar Pradesh:ट्विशा शर्मा मौत मामला | भोपाल, MP: सुनवाई के बाद पुलिस द्वारा ट्विशा के पति और आरोपी समर्थ सिंह को भोपाल कोर्ट से बाहर लाया जा रहा है। ट्विशा शर्मा मौत मामला | ट्विशा के परिवार के वकील, एडवोकेट अंकुर पांडे कहते हैं - आज की कार्यवाही महज़ एक औपचारिकता थी। CBI ने दोनों आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली है। उनकी पुलिस रिमांड 29 मई तक थी और इसी बीच FIR दर्ज की गई और इसकी सूचना दी गई। संबंधित कोर्ट CBI मामलों की सुनवाई करने के लिए अधिकृत नहीं है। इसलिए, आज एक औपचारिक कार्यवाही की गई। समर्थ की कस्टडी CBI को सौंप दी गई है। तो, अब इस मामले की सुनवाई CBI कोर्ट में होगी...
0
0
Report
Advertisement

SC-ECI फैसले पर मसूद की मांग: वोटर लिस्ट से गलत नाम हटाने चाहिए

Noida, Uttar Pradesh:सहारनपुर | सुप्रीम कोर्ट द्वारा ECI के उस फ़ैसले को सही ठहराए जाने पर, जिसमें बिहार में शुरू हुई वोटर लिस्ट की SIR (विशेष पहचान समीक्षा) प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की बात कही गई थी, कांग्रेस सांसद इमरान मसूद कहते हैं, "...SIR पहली बार नहीं हो रही है। यहाँ जो खास तरह का दुरुपयोग हो रहा है, वह यह है कि आप वोटर लिस्ट से नाम हटा देते हैं और फिर उन्हें अपील के तहत पेंडिंग छोड़ देते हैं। बाद में, जब अपील की सुनवाई होती है, तो वह व्यक्ति जीत जाता है और उसके वोट देने के अधिकार बहाल हो जाते हैं। अगर चुनाव पहले ही उनकी भागीदारी के बिना हो चुका है, तो क्या वह चुनाव वैध माना जाएगा? अब जब उत्तर प्रदेश में यह प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और अंतिम लिस्टें प्रकाशित हो चुकी हैं, तो अब और वोट नहीं काटे जाने चाहिए, है ना? इतनी बड़ी कवायद से गुज़रने के बाद, अब आप किस आधार पर वोट काटेंगे? उन्होंने पहले ही ऐसे फ़ॉर्म तैयार कर लिए हैं जिनमें खास जानकारी होती है। अगर कोई फ़र्ज़ी फ़ॉर्म जमा करता है, तो आप उसे वोट काटने का आधार बनाएंगे, और प्रभावित लोगों से कहेंगे कि वे जाकर अपील करें, जबकि चुनाव तो चलता ही रहेगा... अगर आप सचमुच निष्पक्ष चुनाव कराना चाहते हैं, तो एक खास प्रावधान होना चाहिए: जो भी व्यक्ति फ़ॉर्म जमा करे, वह हलफ़नामे (affidavit) के साथ करे। अगर बाद में वह हलफ़नामा झूठा पाया जाता है, तो उस व्यक्ति के ख़िलाफ़ कानूनी कार्रवाई ज़रूर होनी चाहिए। देश में इस समय जो अफ़रा-तफ़री और गड़बड़ चल रही है, उसका अंत होना ही चाहिए। हम पूरी तरह से इस सिद्धांत के पक्ष में हैं कि, सौ फ़ीसदी, किसी भी विदेशी या घुसपैठिए का नाम वोटर लिस्ट में नहीं होना चाहिए। लेकिन, जब आप यह दावा करते हैं कि घुसपैठिए यहाँ की जनसांख्यिकीय बनावट (demographic profile) को बदलने के मक़सद से मौजूद हैं, तो हमें बताइए, कि फिर आप बारह सालों के दौरान उन्हें क्यों नहीं ढूँढ़ पाए?...
0
0
Report

मधुबनी के बेलौंजा स्कूल में MDM में छिपकिली मिलने के बाद हंगामा

Madhubani, Bihar:मधुबनी के बिस्फी प्रखण्ड के बेलौंजा गांव स्थित मिडिल स्कूल में MDM में कल छिपकिली मिलने के बाद आज लोगों ने स्कूल पहुँचकर जमकर बवाल काटा। लोगों ने हंगामा किया और शिक्षकों कर्मियों पर लापरवाही का आरोप लगाया। हंगामा की सूचना मिलने पर प्रशासन पुलिस पहुंची और मामले में शिक्षक, छात्र और अभिभावको से पूछताछ किये। वहीं एमडीएम में छिपकिली मामले की जांच के लिए शिक्षा अधिकारी भी स्कूल पहुंचे। हालांकि मामले में अधिकारी कुछ भी बोलने से परहेज किया। बीीडीओ ने लोगों को समझा बुझाकर शांत कराया। अधिकारियों ने मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है। बहरहाल एमडीएम में छिपकिली मिलने से छात्र और अभिभावकों में दहशत है。
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top