273303
Maharajganj: PM नमो दीदी ड्रोन योजना से बदली कुंती देवी की जिंदगी
Maharajganj, Uttar Pradesh:महाराजगंज जनपद के बांसपार बैजौली गांव की 35 वर्षीय कुंती देवी खेती में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर रही हैं। प्रधानमंत्री नमो दीदी ड्रोन योजना से जुड़ने के बाद उन्हें एक ड्रोन मिला जिससे वह अपने खेतों में रासायनिक खाद छिड़कने और फसलों की देखभाल में आसानी से काम कर पा रही हैं। कुंती देवी अपने पति संतोष मौर्य के साथ गेहूं, धान और सब्जियां उगाती हैं। योजना का यह सकारात्मक असर किसानों को आधुनिक खेती की ओर प्रेरित कर रहा है।
0
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
हरिद्वार ganga nadi में चिकन बिरयानी फेंकने पर संतों में आक्रोश, पुलिस जांच शुरू
Noida, Uttar Pradesh:हरिद्वार से जिहादी की कट्टरपंथी आई सामने आई जहां हरिद्वार की उपनगरी ज्वालापुर की गंगा नहर में अंदर चिकन बिरयानी डाली जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है वीडियो में साफ देखा जा सकता है नीले ड्रम में भरी चिकन बिरयानी गंगा में डाली जिसका स्थानीय युवक द्वारा वीडियो बना कर सोशल मीडिया वायरल कर दिया। वीडियो सामने आने के बाद संत समाज में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। ज्वालापुर क्षेत्र से जुड़े इस वीडियो में एक नीले ड्रम से बड़ी मात्रा में खाद्य सामग्री गंगा में डाली जा रही थी। इस घटना को लेकर संतों ने कहा कि मां गंगा करोड़ों हिंदुओं की आस्था का केंद्र हैं और इस तरह की हरकतें धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाली हैं। महामंडलेश्वर स्वामी रूपेंद्र प्रकाश महाराज ने आरोप लगाया कि कुछ कट्टरपंथी तत्व जानबूझकर इस तरह की घटनाओं को अंजाम देकर सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास करते हैं। तीर्थ पुरोहित उज्ज्वल पंडित ने कहा कि गंगा केवल एक नदी नहीं, बल्कि सनातन आस्था की जीवनरेखा है और इसमें इस प्रकार की सामग्री फेंकना अस्वीकार्य है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। संतों ने मांग की है कि वीडियो की सत्यता की जांच कर दोषियों की पहचान की जाए और उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।0
0
Report
रतलाम में हड़ताल से दवा दुकानों के बंद, जनता परेशान
Ratlam, Madhya Pradesh:रतलाम में देशव्यापी हड़ताल का असर साफ देखने को मिला, जहां मेडिकल व्यवसायियों ने अपनी दुकानों को बंद रखकर विरोध प्रदर्शन किया। शहर के दवा व्यापारियों ने एकजुट होकर रैली निकाली और विभिन्न मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद की। बड़ी संख्या में मेडिकल व्यवसायी कलेक्ट्रेट पहुंचे, जहां उन्होंने प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन प्रशासन को सौंपा। व्यवसायियों का कहना है कि नई नीतियों और नियमों से दवा कारोबार प्रभावित हो रहा है, जिससे छोटे व्यापारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। प्रदर्शन के दौरान व्यापारियों ने सरकार से मांग की कि उनकी समस्याओं का जल्द समाधान किया जाए। हड़ताल के चलते शहर में कई मेडिकल स्टोर बंद रहे, जिससे लोगों को दवाइयों के लिए भी परेशान होना पड़ा।0
0
Report
विवेक तंखा ने टिवशा मौत मामले की CBI से जांच की मांग की
Bhopal, Madhya Pradesh:वरिष्ठ अधिवक्ता राज्यसभा सांसद विवेक तंखा ने मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को लिखा पत्र टिवशा मौत मामले की जांच सीबीआई करें विवेक तंखा ने सीबीआई से जांच की मांग की0
0
Report
Advertisement
ल्टी बाइक का कमाल देखिए
Noida, Uttar Pradesh:ल्टी बाइक का कमाल देखिए0
0
Report
रायबरेली पुलिस ने बड़े अंतर्राज्यीय बच्चा चोरी गिरोह का पर्दाफाश कर 9 अभियुक्त गिरफ्तार
Raebareli, Uttar Pradesh:एंकर.. रायबरेली पुलिस ने एक बड़े अंतर्राज्यीय बच्चा चोरी और बिक्री गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 4 महिलाओं समेत 9 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। मामला तब सामने आया जब मध्य प्रदेश की रहने वाली एक महिला ने अपने 9 माह के बच्चे के अपहरण की शिकायत थाना कोतवाली नगर में दर्ज कराई। महिला दिल्ली से अपने मायके जा रही थी, तभी ट्रेन में मिले एक महिला और पुरुष ने बच्चे को खिलाने के बहाने गोद में लिया और रायबरेली स्टेशन पर मौका पाकर फरार हो गए।पुलिस अधीक्षक रवि कुमार के निर्देशन में गठित टीम ने सीसीटीवी और सर्विलांस की मदद से पूरे गिरोह का खुलासा किया। पुलिस ने 9 माह के शिशु को सकुशल बरामद करते हुए एक कार भी सीज की। पूछताछ में खुलासा हुआ कि गिरोह अस्पतालों और आशा बहुओं के माध्यम से निसंतान दंपत्तियों की जानकारी जुटाकर नवजात बच्चों की खरीद-फरोख्त करता था। रेलवे स्टेशन और बस अड्डों से बच्चों का अपहरण कर लाखों में सौदे किए जाते थे। सभी आरोपियों को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।0
0
Report
नौगांव सादात में नहर डूबे 18 वर्षीय मोहम्मद कैफ, खोज जारी
Amroha, Uttar Pradesh:एंकर अमरोहा जनपद के नौगावा सादात थाना क्षेत्र के गांव सिकरिया की रामगंगा पोषक नहर में डूबा 18 वर्षीय मोहम्मद कैफ, गोताखोरों की मदद से तलाश जारी, मौके पर एस डी एम और सी ओ सहित ग्रामीण मौजूद, एस डी एम ने कहा कि पिछले तीन चार दिनों से एनाउंस करवा रहे हैं कि नगर में पानी ज्यादा है तो कोई भी नहर में नहाने न जाए , लेकिन फिर भी ये बच्चा गया और ये हादसा हो गया अमरोहा जनपद के नौगावां सादात क्षेत्र में बुधवार को दर्दनाक हादसा सामने आया। गांव कलामपुर निवासी 18 वर्षीय मोहम्मद कैफ, जो मुंबई में रहकर काम करता था, अपने गांव के पास स्थित सिकरिया गांव की रामगंगा पोषक नहर में नहाने गया था। इसी दौरान वह गहरे पानी में डूब गया। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया है। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए। सूचना पर एसडीएम नौगावां सादात भी मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कराया गया। फिलहाल गांव के गोताखोर नहर में युवक की तलाश में जुटे हुए हैं, जबकि SDRF टीम के भी जल्द मौके पर पहुंचने की सूचना है। घटना के बाद इलाके में मातम का माहौल बना हुआ है।0
0
Report
Advertisement
कामां व पहाड़ी पंचायत में DEO पद विवाद: नियम अवहेलना मामले में जारी जांच
Bharatpur, Rajasthan:देवेंद्र सिहांकामां(डीग) डीग जिले में राज्य सरकार के आदेशों पर नही हो रहा अमल शासन सचिव व पंचायतीराज आयुक्त के आदेशों की अवहेलना नियम विरुद्ध तरीके से कामां व पहाडी पंचायत समिति में विकास अधिकारी बने हुए हैं विजय जैन सरकार के नियम अनुसार उसी पंचायत समिति में कार्य अतिरिक्त विकास अधिकारी या सहायक अभियंता को दिया जा सकता है बीडीओ का चार्ज पर लेकिन विकास अधिकारी का कार्यभार देख रहे विजय जैन की नही है कामां व पहाड़ी में पंस में नियुक्ति विजय जैन की मुख्य तैनाती है डीग पंचायत समिति में सहायक विकास अधिकारी के पद पर सहायक विकास अधिकारी को नहीं दिया जा सकता विकास अधिकारी का चार्ज कामां व पहाडी पंचायत समिति से जुड़ा है मामला....0
0
Report
आदिवासी धरना खत्म, कलेक्टर ने जांच कमेटी बनाकर कार्रवाई का आश्वासन दिया
Narmadapuram, Madhya Pradesh:हमारा गांव संगठन मध्यप्रदेश के नेतृत्व में आदिवासी समाज द्वारा कलेक्टर कार्यालय गेट पर शुरू किया घर गया धरना करीब 24 घंटे बाद आज दोपहर को समाप्त हुआ। प्रभारी कलेक्टर हिमांशु जैन ने धरना स्थल पर पहुंचकर संगठन के प्रतिनिधियों से चर्चा कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया तब जाकर आंदोलनकारियों ने धरना समाप्त किया। मंगलवार दोपहर बड़ी संख्या में ग्रामीण पीपल चौक पर एकत्र हुए और देखते ही देखते आक्रोश रैली कलेक्ट्रेट तक पहुंच गई, जहां गेट के सामने जमकर नारेबाजी और धरना प्रदर्शन किया। अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर आदिवासी समाज के प्रतिनिधि कलेक्टर कार्यालय गेट के सामने मंगलवार दोपहर से डटे रहे, आज जब प्रभारी कलेक्टर उनसे मिलने पहुंचे तब प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांग प्रशासन के सामने रखी। इस दौरान प्रभारी कलेक्टर हिमांशु जैन ने ज्ञापन के संबंध में एक जांच कमेटी बनाकर शीघ्र ही उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया तब जाकर धरना समाप्त हुआ。0
0
Report
राजाखेड़ा में अवैध मिट्टी खनन पर वन विभाग ने की बड़ी कार्रवाई
Dholpur, Rajasthan:राजाखेड़ा, धौलपुर: वन विभाग का शिकंजा, अवैध मिट्टी खन पर बड़ी कार्रवाई, JCB और 2 ट्रैक्टर जब्त डिडवार वन क्षेत्र में छापा, फॉरेस्ट एक्ट में केस दर्ज राजाखेड़ा। जिले में अवैध खन के खिलाफ वन विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। उपवन संरक्षक वी चेतन कुमार और सहायक वन संरक्षक धौलपुर के कुशल निर्देशन में राजाखेड़ा रेंज की टीम ने पुलिस के साथ संयुक्त अभियान चलाकर अवैध मिट्टी खनन में लिप्त मशीनरी को धर-दबोचा। JCB और 2 ट्रैक्टर मौके से जब्त कार्रवाई के दौरान टीम ने अवैध मिट्टी खन करते एक JCB और परिवहन करते 2 ट्रैक्टरों को मौके से जब्त कर लिया। वन विभाग के अनुसार, आरोपी बिना किसी अनुमति के सरकारी वन भूमि से मिट्टी का खन कर रहे थे, जो पूरी तरह से गैर-कानूनी है। नाका राजाखेड़ा के डिडवार वन क्षेत्र में की गई छापेमारी यह कार्रवाई क्षेत्रीय वन अधिकारी राजाखेड़ा के नेतृत्व में रेंज स्टॉफ और पुलिस के सहयोग से नाका राजाखेड़ा के डिडवार वन क्षेत्र में की गई। टीम ने सुनियोजित तरीके से घेराबंदी कर आरोपियों को मौके पर ही दबोच लिया। फॉरेस्ट एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला जब्त की गई सभी मशीनों को रेंज परिसर में खड़ा करवाया गया। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ फॉरेस्ट एक्ट के तहत केस दर्ज कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। वन विभाग ने साफ किया है कि अवैध खन करने वालों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। Abhiyan में ये अधिकारी रहे शामिल इस महत्वपूर्ण अभियान में RFO चौथमल, अशोक कुमार वनपाल, अमर तिवारी, चंद्रकांत सक्सेना, किशनसिंह, नरेन्द्र कुमार, सियाराम सहित अन्य स्टॉफ शामिल रहे। टीम की मुस्तैदी से इलाके में वन विभाग का खौफ देखने को मिला।0
0
Report
Advertisement
लालबत्ती चौक के नीचे 58 दुकानदारों के रोजगार पर सड़क निर्माण का खतरा
Panipat, Haryana:पहले यहाँ बसाया, अब हटाने की तैयारी”: लालबत्ती चौक पुल के नीचे 58 दुकानदारों पर संकट पानीपत के इंसार बाजार में वर्षों से लगने वाली भीड़ और जाम की समस्या को खत्म करने के लिए प्रशासन और जनप्रतिनिधियों ने फड़ियों व रेहड़ियों को बाजार से हटाकर लालबत्ती चौक स्थित नेशनल हाईवे पुल के नीचे स्थान दिया था। उस समय दुकानदारों को भरोसा दिलाया गया कि उनका रोजगार प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा। शुरूआत में दुकानदार तिरपाल के नीचे अपना काम चला रहे थे, लेकिन बाद में शहर के सौंदर्यीकरण और व्यवस्था को बेहतर बनाने के नाम पर इन्हें पक्के केबिन बनाने के लिए प्रेरित किया गया। दुकानदारों का आरोप है कि जनप्रतिनिधियों के कहने पर उन्होंने कर्ज लेकर अपनी छोटी-छोटी दुकानों को पक्का बनाया। आज वही दुकानदार फिर से उजड़ने के डर में जी रहे हैं। कारण है लालबत्ती चौक पुल के नीचे प्रस्तावित नया कट और सड़क निर्माण, जिसके चलते दुकानदारों को आशंका है कि उनकी दुकानें हटाई जा सकती हैं। करीब 58 दुकानदारों का कहना है कि उन्होंने अपनी जमा पूंजी, कर्ज और फाइनेंस के सहारे लगभग 60 से 65 हजार रुपये प्रति दुकान खर्च किए हैं। कई लोगों ने ब्याज पर पैसे उठाए, तो कुछ ने घर का सामान बेचकर दुकानें बनाई थीं। अब दोबारा हटाने की बात ने उनकी नींद उड़ा दी है। दुकानदार अमन ने बताया कि जब वे तिरपाल के नीचे बैठते थे, तब बड़े नेताओं के दौरे के दौरान इसे शहर की छवि के खिलाफ बताया गया। इसके बाद उन्हें सौंदर्यीकरण के नाम पर पक्के केबिन बनाने को कहा गया। दुकानदारों ने किश्तों में पैसे जोड़कर निर्माण कराया और अब सड़क निकालने की योजना में उन्हीं दुकानों को हटाने की बात सामने आ रही है। उन्होंने कहा कि जाम खुलना अच्छी बात है, लेकिन यह योजना पहले लागू की जानी चाहिए थी, जब दुकानदार तिरपालों में बैठे थे। अब लाखों रुपये खर्च कराने के बाद उन्हें हटाने की बात गरीब परिवारों के साथ अन्याय है। विधवा दुकानदार कमलेश की आंखों में दर्द साफ दिखाई दिया। उन्होंने कहा कि पहले वे कालका बाजार में फड़ी लगाती थीं। वहां से हटाकर उन्हें यहां बैठाया गया। बड़ी मुश्किल से पैसे जुटाकर दुकान बनाई, लेकिन अब फिर से हटाने की बात कही जा रही है। उनका सवाल था कि आखिर गरीब लोग जाएं तो जाएं कहां। दूसरी दुकानदार ममता ने बताया कि उन्होंने ब्याज और फाइनेंस पर पैसे लेकर दुकान बनाई। उनका कहना था कि जब तक पुल का निर्माण चल रहा था, तब तक सब ठीक था, लेकिन दुकानें बनते ही उन्हें हटाने की चर्चा शुरू हो गई। दुकानदारों का यह भी कहना है कि वे नगर निगम को हर महीने किराया भी दे रहे हैं। पहले 1500 रुपये किराया लिया जाता था, जिसे बाद में बढ़ाकर करीब 2800 रुपये तक कर दिया गया। इसके बावजूद अब उनका भविष्य अधर में नजर आ रहा है। समाजसेवी व्यापारी अजय सिंगला ने भी इस योजना पर सवाल उठाते हुए कहा कि जिन लोगों को रोजगार देने और व्यवस्थित करने के नाम पर यहां बसाया गया, उन्हीं की दुकानों को अब हटाने की तैयारी हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि करोड़ों रुपये खर्च कर मार्केट तैयार की गई है, तो उसके भविष्य को लेकर पहले स्पष्ट योजना होनी चाहिए थी। अब दुकानदार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से एक ही मांग कर रहे हैं—यदि सड़क निर्माण जरूरी है तो ऐसा समाधान निकाला जाए जिससे उनका रोजगार भी बचा रहे और शहर का विकास भी प्रभावित न हो。0
0
Report
साइकिल इनोवेशन देखकर यूजर्स हैंग, वीडियो वायरल
Noida, Uttar Pradesh:साइकिल की इनोवेशन देखकर यूजर्स हैंग!0
0
Report
बेगूं में अवैध गीली लकड़ी परिवहन पर वन विभाग की बड़ी कार्रवाई
Begun, Rajasthan:बेगूं, चित्तौड़गढ़ - एंकर - चित्तौड़गढ़ जिले के बेगूं क्षेत्र में वन विभाग ने अवैध रूप से गीली लकड़ी का परिवहन करने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। उपवन संरक्षक राहुल झांझड़िया के निर्देश पर रेंजर दीपक जसू के नेतृत्व में वन विभाग की टीम ने सुवानिया रोड से काटुंदा रोड के बीच कार्रवाई करते हुए पंचमेल गीली लकड़ी से भरी एक टाटा गाड़ी को पकड़ा। टीम ने मौके से दो आरोपियों को भी हिरासत में लिया। वन विभाग ने राजस्थान वन अधिनियम 1953 की धारा 41 और 42 के तहत मामला दर्ज कर वाहन और लकड़ी को जब्त कर रेंज परिसर में खड़ा करवाया है। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अवैध लकड़ी परिवहन करने वालों में हड़कंप मच गया।0
0
Report
Advertisement
ऑनलाइन दवा बिक्री पर रोक के विरोध में दवा विक्रेताओं की दिनभर की हड़ताल
Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर में ऑनलाइन मेडिकल व्यापार के विरोध में बुधवार को दवा विक्रेताओं ने एक दिन की सांकेतिक हड़ताल करते हुए जोरदार प्रदर्शन किया। देशव्यापी आह्वान के तहत शहर की करीब 3000 रिटेल और 500 होलसेल मेडिकल दुकानें पूरे दिन बंद रहीं, जिससे दवा बाजार में सन्नाटा पसरा दिखाई दिया। दवा विक्रेताओं ने जालोरी गेट स्थित मेडिकल मार्केट के बाहर टेंट लगाकर सांकेतिक धरना दिया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए ऑनलाइन दवा बिक्री पर रोक लगाने की मांग उठाई। प्रदर्शन के दौरान व्यापारियों ने कहा कि ऑनलाइन दवा कारोबार लगातार बढ़ रहा है, लेकिन इसकी निगरानी और नियंत्रण के लिए कोई प्रभावी व्यवस्था नहीं है। दुकानदारों का कहना था कि मेडिकल स्टोर संचालकों को ड्रग लाइसेंस लेने के साथ कई नियमों की पालना करनी पड़ती है, जबकि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर दवाओं की बिक्री में पारदर्शिता की कमी है। इससे नकली, मिलावटी और नशीली दवाओं के कारोबार को बढ़ावा मिलने का खतरा पैदा हो गया है। दवा विक्रेताओं ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार ने जल्द ऑनलाइन दवा बिक्री को लेकर सख्त नीति नहीं बनाई तो आने वाले समय में नशीली दवाओं का अवैध कारोबार और बढ़ सकता है। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार से ऑनलाइन मेडिकल व्यापार पर नियंत्रण के लिए ठोस कानून लागू करने की मांग की। हड़ताल के चलते शहर में आम लोगों को दवाइयों की खरीद में परेशानी का सामना भी करना पड़ा, हालांकि मेडिकल एसोसिएशन ने इसे जनहित में उठाया गया कदम बताया।0
0
Report
प Pipli मिनी जू में गर्मी से जानवर परेशान, पर्यटकों की संख्या घट रही
Kurukshetra, Haryana:कुरुक्षेत्र: भीषण गर्मी व चिलचिलाती धूप के असर से बेजुबान जानवर भी परेशान दिखते हैं। वहीं पिपली मिनी जू में पर्यटकों की संख्या घटकर एक तिहाई रहने लगी है; हालांकि पिपली मिनी जू में जानवरों को गर्मी से बचने के लिए कूलर और फव्वारा सिस्टम की व्यवस्था की गई है। वन्य प्राणी निरीक्षक देवेंद्र कुमार ने बताया कि पीपली मिनी जू में 14 प्रजातियों के 74 जानवर हैं; गर्मी से बचाव के लिए एग्रोनेट व कूलर तथा फव्वारा सिस्टम की व्यवस्था की गई है। खानपान में बदलाव किया जाता है: काला हिरण में सांभर के लिए मिक्स मिनरल, लगुर व पक्षियों के लिए तरबूज तथा खिरा दिया जाता है। गर्मी में पर्यटकों की संख्या कम हो रही है; इस समय 200 से 250 लोग प्रतिदिन आते हैं जबकि पहले यह संख्या 800 से 1000 तक होती थी।0
0
Report
Hansi Civil Hospital’s mismanagement fuels public distress as ultrasound scarce
Hansi, Haryana:हाँसी नया जिला तो बन गया लेकिन स्वास्थ्य सेवाओं में दम भरने वाली सरकार की यहां पोल खुलती नजर आ रही है। हांसी के नागरिक अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं की बदहाल स्थिति सामने आ रही है। अस्पताल में सप्ताह में केवल एक दिन अल्ट्रासाउंड होने के कारण मरीजों को बार-बार चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। भयंकर गर्मी में जब तापमान 45 डिग्री सेल्सियस पर हो, तब परेशान होना लाजमी है। भारी भीड़ के चलते कई मरीजों का नम्बर ही नहीं आ पाता, जिससे खासकर गर्भवती महिलाओं को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। वरिष्ठ नागरिकों को भी घंटों इंतजार के बाद दवाई मिल रही है। सीनियर मेडिकल ऑफिसर राहुल बुद्धिराजा ने कुछ भी बोलने से मना कर दिया है। उन्होंने कहा कि मीडिया से बातचीत करना उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं आता है। सरकार द्वारा हाल ही में हांसी में 100 बेड के नए अस्पताल निर्माण को मंजूरी दी गई है, लेकिन मौजूदा नागरिक अस्पताल की स्थिति खुद बीमार नजर आ रही है। हांसी को जिला तो बना दिया गया, लेकिन स्वास्थ्य सुविधाएं अब भी पुराने स्तर पर ही अटकी हुई हैं। अस्पताल में पहले से ही अल्ट्रासाउंड, दवाइयों और अन्य स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर मरीज परेशान हैं। जिला बनने के बावजूद स्वास्थ्य सुविधाओं में अपेक्षित सुधार नहीं होने से लोगों में परेशानी जरूर हो रही है। आपको बता दे कि इस तस्वीरों में पड़ा अस्पतालों से निकलने वाला बायो मेडिकल वेस्ट यानी मेडिकल कचरा स्वास्थ्य और पर्यावरण दोनों के लिए गंभीर खतरा है। इस खतरनाक कचरे का सही तरीके से निपटना अनिवार्य माना गया है ताकि आम लोगों और स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। अल्ट्रासाउंड करवाने के लिए ढाणी पिरान वाली अपनी पत्नी गर्भवती पत्नी के साथ पहुंचा ईश्वर ने बताया कि सुबह से लंबी लंबी लाइनें लगी हुई हैं, लेकिन सुविधा सही न होने के कारण पिछले मंगलवार को बिना अल्ट्रासाउंड करवाए वापस लौटना पड़ता है। मंगलवार को ही अल्ट्रासाउड होता है। आज अभी तक नम्बर नहीं लगा है। कह रहे है कि नम्बर आयेगा। वहीं दूसरी ओर अस्पताल गर्मी के मौसम में जहां तापमान 45 डिग्री सेल्सियस है, वरिष्ठ नागरिकों को भी घंटों इंतजार के बाद दवाई मिल रही है। राजपुरा गांव से बुजुर्ग मरीज रामरती का कहना है कि लंबे समय तक लाइन में खड़े रहना उनके लिए मुश्किल हो रहा है लेकिन दवाई नहीं मिल रही है। हांसी जिला बनने के बाद भी नागरिक अस्पताल में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठ रहे हैं। अस्पताल में अभी तक किसी बड़े अधिकारी की स्थायी ड्यूटी नहीं लगाई गई है। फिलहाल अस्पताल की जिम्मेदारी सीनियर मेडिकल ऑफिसर राहुल बुद्धिराजा के पास है। मीडिया द्वारा अस्पताल में मरीजों को हो रही परेशानियों को लेकर सवाल पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि मीडिया से बातचीत करना उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर है।0
0
Report
Advertisement
