icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

कान्हा टाइगर रिजर्व में गिद्ध गणना शुरू, पहले दिन 306 गिद्ध दर्ज

Mandla, Madhya Pradesh:एंकर - मण्डला से अच्छी खबर… जंगलों के सफाईकर्मी कहे जाने वाले गिद्धों की संख्या जानने के लिए कान्हा टाइगर रिजर्व में ग्रीष्मकालीन गिद्ध गणना 2026 की शुरुआत हो गई है। तीन दिनों तक चलने वाले इस अभियान में वन विभाग की टीमें कोर और बफर क्षेत्र में गिद्धों की गणना कर रही हैं। वीओ - मध्यप्रदेश शासन वन विभाग द्वारा आयोजित प्रदेशव्यापी गिद्ध गणना 2026 के तहत कान्हा टाइगर रिजर्व में आज से ग्रीष्मकालीन गिद्ध गणना अभियान शुरू किया गया। कान्हा टाइगर रिजर्व मंडला के कोर और बफर वनमंडल सहित फेन वाइल्डलाइफ सेंचुरी के सभी 13 परिक्षेत्रों में यह विशेष अभियान चलाया जा रहा है。 वीओ - गिद्धों की गणना के लिए 182 बीटों में वन अमला सुबह 5:30 बजे से ही जंगलों में सक्रिय नजर आया। वन कर्मचारी मोबाइल एप्लीकेशन और डाटा शीट के माध्यम से वैज्ञानिक पद्धति से गिद्धों की पहचान और गणना कर रहे हैं, ताकि क्षेत्र में गिद्धों की वास्तविक संख्या और उनकी मौजूदगी का सटीक आंकलन किया जा सके। पहले दिन की गणना में कान्हा, किसली, मुक्की और सरही परिक्षेत्रों में भारतीय गिद्ध और सफेद पीठ वाले गिद्धों की कुल 306 संख्या दर्ज की गई है जो बीते वर्ष 266 से अधिक है । वन विभाग के अनुसार यह अभियान आगामी 24 मई तक जारी रहेगा। उप संचालक कान्हा टाइगर रिजर्व का कहना है कि गिद्ध पर्यावरण संतुलन के लिए बेहद महत्वपूर्ण प्रजाति हैं। इस गणना से हमें उनकी संख्या, आवास और संरक्षण की स्थिति को समझने में मदद मिलेगी, जिससे भविष्य की संरक्षण रणनीति और मजबूत बनाई जा सकेगी।
0
0
Report

रतलाम रोजगार मेले में सावित्री ठाकुर ने युवाओं के लिए अवसरों पर जोर दिया

Ratlam, Madhya Pradesh:रतलाम में आयोजित रोजगार मेले में शामिल होने पहुंची केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर रोजगार मेले मे शामिल होने पहुंची । ज़ी मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि देशभर में रोजगार मेलों के माध्यम से युवाओं को नई अवसर दिए जा रहे हैं और सरकार लगातार इस दिशा में काम कर रही है। वहीं कॉकरोच जनता पार्टी के सवालों पर मंत्री सावित्री ठाकुर ने कहा कि कुछ बाहरी शक्तियों के प्रभाव में एसी छोटी मोटी पार्टियां बनाकर देश का मान-सम्मान गिराने का काम कर रही हैं। पेट्रोल और डीजल के बढ़ते दामों को लेकर उन्होंने कहा कि आम जनता को देशहित में सहयोग करना चाहिए और ईंधन का कम से कम उपयोग करना चाहिए। मंत्री ने लोगों से वैकल्पिक संसाधनों को अपनाने और ऊर्जा बचत पर ध्यान देने की अपील भी की। बाइट - सावित्री ठाकुर ( केंद्रीय मंत्री
0
0
Report
Advertisement

सासाराम के सिविल सर्जन ने घायल बिजली मिस्त्री को तुरंत अस्पताल पहुंचाकर बचाई जान

Sasaram, Bihar:खबर सासाराम से हैं। सासाराम के सिविल सर्जन तथा एक चिकित्सक ने दरियादिली दिखाई है। जहां आज सासाराम में नगर थाना क्षेत्र के शिव कॉलोनी के पास एक ट्रांसफार्मर पर चढ़कर बिजली मिस्त्री मरम्मती का काम कर रहा था। इसी दौरान ट्रांसफार्मर में आग लग गई। और बिजली मिस्त्री ऊंचे बिजली के खंभे से नीचे गिर गया। करंट लगने से उसके कई अंग झुलस गए। लेकिन इस दौरान सड़क से गुजर रहे सिविल सर्जन डॉ. मणिराज रंजन एवं सदर अस्पताल के चिकित्सक डॉ बृजेश की नजर इस पर पड़ी। उन लोगों ने तुरंत गाड़ी रोकी और उस घायल बिजली मिस्त्री को उठाकर अपने गाड़ी में चढ़ाया, फिर आनंद फानन में उसे अपने सदर अस्पताल लेकर पहुंचे और खुद उसका इलाज शुरू कर दिया। सिविल सर्जन के इस पहल की सभी सराहना कर रहे हैं। सिविल सर्जन ने बताया कि वह अस्पताल का निरीक्षण कर जब आवास की ओर लौट रहे थे तो रास्ते में उन्होंने देखा कि एक बिजली मिस्त्री अचानक चटपटा कर खंभे से नीचे गिर गया। उन्होंने तुरंत अपनी गाड़ी रोका तथा एक अन्य साथी चिकित्सक के सहायता से उसे अपने गाड़ी में चढ़ाया और अस्पताल लेकर तुरंत पहुंच गए। बता दे कि घायल बिजली मिस्त्री अनिल कुमार सोनगावा का निवासी है तथा इलाज के बाद उसकी स्थिति चिंता से बाहर है। गनीमत है कि घटनास्थल पर तुरंत डॉक्टर पहुंचे और डॉक्टर ने हीं खुद उठकर घायल बिजली मिस्त्री को अस्पताल पहुंचाया। साथ ही रास्ते से ही उसका इलाज भी शुरू कर दिया। जिस कारण उसकी जान बच गई। सिविल सर्जन की इस पहल की चारों ओर इसकी प्रशंसा हो रही है।
0
0
Report

अनुसूचित जाति आयोग के सदस्यों के साथ डॉक्टरों में हाथापाई, जांच की मांग

Madhubani, Bihar:मधुबनी सर्किट हाउस पहुंचे राज्य अनुसूचित जाति आयोग की दो सदस्यीय टीम। सर्किट हाउस में स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सा प्रभारी के साथ की जा रही थी समीक्षा बैठक। आयोग के सदस्यों ने ममता बहाली में 1 लाख 20 हजार से लेकर लाखो की वसूली की बात बताई। स्वास्थ्य केंद्रों में चिकित्सक कर्मी की उपस्थिति सहित अन्य मुद्दों पर समीक्षा की जा रही थी। इसी दौरान कुछ चिकित्सक उग्र हो गए और अनुसूचित जाति आयोग के दोनों सदस्यों से नोकझोंक और हाथापाई शुरू कर दी। मौजूद पुलिसकर्मी ने बीच बचाव कर सदस्यों को निकाला। हालाकि चिकित्सकों के द्वारा भी सदस्यों पर दुर्व्यवहार सहित कई आरोप लगाया गया है। हंगामे के बीच मीटिंग स्वतः समाप्त हो गया और चिकित्सक और आयोग के सदस्य एसडीएम के पास पहुंचे। आयोग सदस्य संजय कुमार की माने तो ममता बहाली में 1.20 लाख रुपये अवैध उगाही की बात उठायी गयी साथ ही एक चिकित्सक को अनुशासन के लिए बाहर जाने के लिए कहा गया। इसके बाद चिकित्सक भड़ गए और जाति सूचक भद्दी गाली देने लगे और दुर्व्यवहार किया गया। वहीं चिकित्सक ने आयोग सदस्यों पर दुर्व्यवहार और प्रति स्वास्थ्य केंद्र 1 लाख 20 हजार रुपये की मांग का आरोप लगाया है। डीएम ने मामले की जांच का आदेश दिया है। मामले को लेकर चिकित्सक द्वारा नगर थाना में एफआईआर दर्ज कराया गया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
0
0
Report
Advertisement

चित्रकूट की गौशाला में गर्मी से राहत के लिए हाईटेक शॉवर और पंखे

Satna, Madhya Pradesh:सतना:- भीषण गर्मी के इस मौसम में जहां लोग राहत पाने के लिए झरनों और वाटर फॉल का सहारा ले रहे हैं, वहीं धर्म नगरी चित्रकूट की एक गौशाला इन दिनों अपनी अनोखी व्यवस्था को लेकर चर्चा में है। यहां रहने वाले गौवंशों की देखभाल किसी आम पशु की तरह नहीं,बल्कि परिवार के सदस्य की तरह की जा रही है. सद्गुरु सेवा संघ ट्रस्ट द्वारा संचालित हाईटेक गौशाला में गर्मी से बचाने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं, जिनका लाभ करीब 1300 गौवंश उठा रहे हैं। आप को बता दे कि चित्रकूट स्थित सद्गुरु सेवा संघ ट्रस्ट की यह गौशाला लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है. यहां भीषण गर्मी में गौवंशों को राहत देने के लिए आधुनिक शॉवर सिस्टम लगाया गया है। इस व्यवस्था के तहत गायों को समय-समय पर स्नान कराया जाता है, जिससे उन्हें तेज धूप और उमस से राहत मिलती है, इंसानों की तरह ठंडे पानी के शॉवर से नहलाए जाने के कारण गौवंश काफी आराम महसूस करते हैं। गौशाला में केवल स्नान की ही व्यवस्था नहीं है, बल्कि साफ-सफाई, पीने के स्वच्छ पानी और ठंडी हवा के लिए पंखों की भी विशेष व्यवस्था की गई है,और गौवंशों के रहने के स्थानों पर बड़े टीन शेड बनाए गए हैं ताकि सीधी धूप का असर उन पर न पड़े और उन्हें पंखों के नीचे रखा जाता है। जिससे वे लू और गर्म हवाओं से सुरक्षित रह सकें।
0
0
Report

रामपाल को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से अदालत में हाजिरी, अगली सुनवाई 24 जुलाई

Hisar, Haryana:हिसार के बरवाला के सतलोक आश्रम प्रकरण से जुड़े बहुचर्चित देशद्रोह मामले में संत रामपाल को हिसार की अदालत से बड़ी राहत मिली है। अदालत ने रामपाल को आगामी सभी सुनवाइयों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) के माध्यम से पेश होने की अनुमति दे दी है। हिसार में संत रामपाल के वकील एडवोकेट सचिन ने बताया संत रामपाल की अगली सुनवाई 24 जुलाई को होगी जिसमें वीवीसी के माध्यम से कोर्ट में पेश होंगे। इससे पहले 14 मई को अदालत ने केवल एक दिन की अंतरिम राहत दी थी, जिसे अब पूरी प्रक्रिया के लिए बढ़ा दिया गया है। रामपाल के अधिवक्ता सचिन दास ने अदालत में दलील दी थी कि हर पेशी पर भारी सुरक्षा के बीच रामपाल को कोर्ट लाना प्रशासनिक रूप से चुनौतीपूर्ण है और इससे कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका रहती है।
0
0
Report
Advertisement

मण्डला के नैनपुर में शराब ठेकेदार के गुर्गों का आतंक, हमला कर 11 गिरफ्तार

Mandla, Madhya Pradesh:मण्डला जिले के नैनपुर में शराब ठेकेदार के गुर्गों का आतंक सामने आया है। शराब तस्करी के शक में युवकों पर ऐसा हमला किया गया कि कई युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। किसी का सिर फोड़ दिया गया तो किसी के हाथ-पैर तोड़ दिए गए। पुलिस ने इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए 11 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मण्डला जिले की नैनपुर तहसील का है, जहां शराब ठेकेदार के गुर्गों द्वारा युवकों के साथ बेरहमी से मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि नैनपुर शराब ठेकेदार के पार्टनर पप्पू सचान के कहने पर गुर्गों ने युवकों को रोककर हमला कर दिया। हमले में करीब आधा दर्जन युवक लहूलुहान हो गए। किसी युवक का सिर फूट गया तो किसी के हाथ-पैर टूट गए। पीड़ित युवकों का कहना है कि वे उर्स में शामिल होने जा रहे थे, लेकिन शराब तस्करी के शक में उन्हें निशाना बनाया गया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। घायल युवाओं ने नैनपुर और महाराजपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस हरकत में आई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए शराब ठेकेदार से जुड़े 5 नामजद ओर करीब 15 अन्य गुर्गों को गिरफ्तार कर लिया है जिनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो बोलेरो वाहन भी जब्त किए हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
0
0
Report

ED की कार्रवाई: पंजाब के संटेक सिटी घोटाले में अजय सहगल गिरफ्तार

New Delhi, Delhi:फर्जी कागजों के दम पर बना करोड़ों का संटेक सिटी साम्राज्य ED की बड़ी कार्रवाई में अजय सहगल गिरफ्तार पंजाब में रियल एस्टेट सेक्टर से जुड़ा एक बड़ा घोटाला सामने आया है, जिसमें किसानों की जमीन के फर्जी दस्तावेज बनाकर करोड़ों रुपये के प्रोजेक्ट खड़े करने का आरोप लगा है। इस मामले में ईडी ने इंडियन कोऑपरेटिव हाउस बिल्डिंग सोसायटी के सचिव अजय सहगल को गिरफ्तार किया है। ईडी ने अजय सहगल को 22 मई 2026 को मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किया। आरोप है कि किसानों की सहमति के बिना उनकी जमीन के नकली कंसेंट लेटर तैयार किए गए और उन्हीं दस्तावेजों के जरिए सरकारी मंजूरी हासिल कर बड़े-बड़े रियल एस्टेट प्रोजेक्ट खड़े कर दिए गए। किसानों के नाम पर तैयार किए गए फर्जी कंसेंट लेटर पूरा मामला उस समय सामने आया जब कई किसानों ने पंजाब पुलिस से शिकायत की कि उनकी जमीन के संबंध में फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए हैं। किसानों का आरोप था कि उन्होंने कभी भी अपनी जमीन के इस्तेमाल को बदलने यानी Change of Land Use (CLU) के लिए कोई मंजूरी नहीं दी, लेकिन उनके नाम पर सरकारी रिकॉर्ड में सहमति पत्र जमा कर दिए गए। इसी शिकायत के आधार पर पंजाब पुलिस ने एफआईआर दर्ज की थी। बाद में ईडी ने इस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग का केस दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि अजय सहगल और उससे जुड़े लोगों ने करीब 30.5 एकड़ जमीन से जुड़े 15 किसानों के नकली सहमति पत्र तैयार किए थे। इन दस्तावेजों में किसानों के फर्जी हस्ताक्षर किए गए और नकली अंगूठे के निशान लगाए गए ताकि सरकारी अधिकारियों को दिखाया जा सके कि जमीन मालिक इस प्रोजेक्ट के लिए तैयार हैं। फर्जी CLU लेकर खड़ा कर दिया संटेक सिटी ईडी की जांच के मुताबिक इन फर्जी कंसेंट लेटर के आधार पर संटेक सिटी नाम का बड़ा रियल एस्टेट मेगा प्रोजेक्ट तैयार किया गया। CLU यानी Change of Land Use किसी भी कृषि जमीन को रिहायशी या कमर्शियल इस्तेमाल में बदलने की सरकारी मंजूरी होती है। बिना CLU के कोई भी बिल्डर खेती की जमीन पर कॉलोनी या कॉम्प्लेक्स नहीं बना सकता। जांच एजेंसी का कहना है कि फर्जी दस्तावेजों के जरिए यह मंजूरी हासिल की गई और फिर बड़े स्तर पर प्लॉटिंग और निर्माण शुरू कर दिया गया। ईडी के मुताबिक यह सिर्फ एक प्रोजेक्ट तक सीमित नहीं था बल्कि इसी मंजूरी के आधार पर कई और बड़े निर्माण भी किए गए। ला कैनेला और डिस्ट्रिक्ट 7 भी जांच के घेरे में ईडी ने खुलासा किया है कि अजय सहगल ने सिर्फ संटेक सिटी ही नहीं बल्कि La Canela नाम का रिहायशी मल्टी-स्टोरी प्रोजेक्ट और District 7 नाम का कमर्शियल कॉम्प्लेक्स भी इसी विवादित CLU के आधार पर विकसित किया। आरोप है कि इन प्रोजेक्ट्स में फ्लैट, दुकानें और यूनिट्स की बिक्री नियमों को ताक पर रखकर शुरू कर दी गई थी। जांच में सामने आया कि कई यूनिट्स की बिक्री उस समय की गई जब तक प्रोजेक्ट को RERA यानी रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी से मंजूरी और रजिस्ट्रेशन नहीं मिला था। यानी खरीदारों से पैसा लिया जा रहा था लेकिन जरूरी कानूनी प्रक्रिया पूरी नहीं हुई थी। ED की रेड और बालकनी से फेंके गए 21 लाख रुपये इस मामले में 7 मई 2026 को ईडी ने बड़ी छापेमारी की थी। इंडियन कोऑपरेटिव हाउस बिल्डिंग सोसायटी और ABS Township Private Limited से जुड़े 8 ठिकानों पर एक साथ रेड डाली गई। छापेमारी के दौरान एक बेहद नाटकीय और चौंकाने वाला दृश्य सामने आया ईडी के मुताबिक रेड के दौरान इमारत की बालकनी से करीब 21 लाख रुपये नकद नीचे सड़क पर फेंक दिए गए। नोट बालकनी के नीचे लगी जाली से निकलकर सड़क पर बिखर गए। बाद में ईडी अधिकारियों ने पूरे इलाके को घेरकर वह नकदी बरामद की। एजेंसी को शक है कि यह रकम जांच से बचाने के लिए जल्दबाजी में फेंकी गई थी। गरीबों के लिए आरक्षित प्लॉट भी नहीं सौंपे जांच में यह भी सामने आया कि प्रोजेक्ट में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग यानी EWS कैटेगरी के लिए जो प्लॉट आरक्षित किए गए थे, उन्हें अब तक GMADA को नहीं सौंपा गया। नियमों के मुताबिक बड़े रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स में गरीब वर्ग के लिए कुछ हिस्से आरक्षित रखना जरूरी होता है। आरोप है कि इस नियम का भी पालन नहीं किया गया। GMADA और सरकारी अधिकारियों पर भी ED की नजर ईडी की जांच अब सिर्फ बिल्डर तक सीमित नहीं रही। एजेंसी अब GMADA और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग के अधिकारियों की भूमिका की भी जांच कर रही है। ईडी का दावा है कि कई सरकारी अधिकारियों ने कथित तौर पर रिश्वत लेकर फर्जी दस्तावेजों को मंजूरी दिलाने में मदद की। जांच एजेंसी के मुताबिक पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में हुई चर्चा के बावजूद सिर्फ 30 एकड़ जमीन का आंशिक CLU रद्द किया गया। आरोप है कि जानबूझकर सख्त कार्रवाई नहीं की गई ताकि “संटेक सिटी” अपने बाकी फ्लैट और प्लॉट बेच सके। ईडी का कहना है कि जहां पंजाब रीजनल एंड टाउन प्लानिंग एक्ट की धारा 90 के तहत सख्त कार्रवाई होनी चाहिए थी, वहां हल्की कार्रवाई वाली धारा 85 लगाई गई। रियल एस्टेट-सरकारी गठजोड़ की जांच ईडी का कहना है कि यह मामला सिर्फ फर्जी दस्तावेजों तक सीमित नहीं है बल्कि पंजाब में रियल एस्टेट सेक्टर और कुछ सरकारी अधिकारियों के बीच कथित सांठगांठ का बड़ा उदाहरण बनकर सामने आया है। एजेंसी अब यह पता लगाने में जुटी है कि किन अधिकारियों ने रिश्वत लेकर नियमों के खिलाफ मंजूरी दी और कितने लोगों को इसका फायदा पहुंचा। सूत्रों के मुताबिक जांच में कई बड़े नाम सामने आ सकते हैं। ईडी ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में GMADA और टाउन प्लानिंग विभाग से जुड़े कुछ अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है। एजेंसी इस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है कि कैसे किसानों की जमीन, फर्जी दस्तावेज और सरकारी मंजूरियों के जरिए करोड़ों रुपये का रियल एस्टेट कारोबार खड़ा किया गया।
0
0
Report

नीमराना में महिला सुरक्षा संकल्प: डिकॉय ऑपरेशन से तीन गिरफ्तार

Jaipur, Rajasthan:नीमराना (कोटपूतली) में पुलिस द्वारा महिला सुरक्षा संकल्प अभियान चलाया गया. कोटपूतली - बहरोड़ जिले के अंतर्गत नीमराना कस्बे में डिकॉय ऑपरेशन चला कर महिला सुरक्षा सुनिश्चित की गई. डिकॉय ऑपरेशन के तहत महिला पुलिसकर्मियों को सार्वजनिक स्थल, स्कूल- कॉलेजों के आसपास तैनात किया गया. अभियान का उद्देश्य सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं और छात्राओं के साथ होने वाली असभ्य टिप्पणियाँ, फब्तियाँ और छेड़छाड़ जैसी घटनाओं पर रोक लगाना है. डिकॉय ऑपरेशन के दौरान तीन व्यक्तियों - साधु यादव, बड़क यादव और प्रमोद कुमार को शांति भंग की धाराओं में गिरफ्तार किया गया. पुलिस टीम ने महिलाओं और छात्राओं को राजकोप नागरिक ऐप, SOS, महिला हेल्पलाइन 1090 और अन्य सुरक्षा हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देकर जागरूक किया.
0
0
Report
Advertisement

मौलाना शहाबुद्दीन की अपील,खुली जगह पर न करें कुर्बानी, सोशल मीडिया पर न करें कोई पोस्ट

Bareilly, Uttar Pradesh:बरेली: बंगाल और दिल्ली मे कुर्बानी को लेकर हो रहे विवाद और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नमाज़ वाले बयान पर आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी बरेलवी ने बयान जारी किया है। प्रेस को जारी किये गये बयान मे मौलाना ने बहुत स्पष्ट अंदाज मे बाते कहीं है, उन्होंने कहा कि कुर्बानी इस्लाम के हिस्सो मे से एक हिस्सा है, खुदा ने हज़रत इब्राहीम को आजमाने के लिए अपने बेटे की कुर्बानी देने का आदेश दिया था। ये कार्य खुदा को बहुत पसंद आया, इसी वजह से पैग़म्बरे इस्लाम ने भी मालदार मुसलमानो के लिए कुर्बानी को जरुरी करार दिया। यादगार के तौर पर सालो से कुर्बानी होती आ रही है। जो लोग यह समझते हैं कि कुर्बानी इस्लाम का हिस्सा नही है, वोह लोग ग़लत फहमी का शिकार है, और उन्होंने इस्लाम का अध्ययन नहीं किया है। मौलाना शहाबुद्दीन बरेलवी ने कहा कि नमाज़ रोड़ और चौराहों पर न पड़ी जाये, चुकी नमाज़ मे खुलूस और अल्लाह की याद उसी वक्त हो सकती है जब नमाज़ पढ़ने वाले नमाज़ी को इतमिनान व सुकून हासिल हो। इस्लाम का नजरिया है कि नमाज पढ़ने वाले और खुदा के दरमियान कोई भी चीज़ बीच मे हाईल (रुकावट) न हो। रोड़ और चौराहों पर पढ़ने वाले व्यक्ति को इतमिनान व सुकून नही मिल सकता, यहां पर शोर व शराबा और ट्राफिक का हंगामा रहता है, इसलिए इतमिनान व सुकून हासिल नही हो सकता। मुसलमान मस्जिदो और घरो ने नमाज़ पढ़े। मौलाना ने कहा कि बाज शहरी और दिहाती इलाकों मे आबादी बढ़ जाने और मस्जिद के जूय के तूय होने की वजह से एक साथ मे मस्जिद मे या ईदगाह मे नही आ पाते हैं। शरीयत ने इसकी व्यवस्था इस तरह की है कि एक बार इमाम पहली जमात करा दे, फिर दुसरी जमात दुसरा इमाम पढ़ा दे, आदमी ज्यादा हैं तो एक के अलावा एक ही मस्जिद या एक ईदगाह मे एक से ज्यादा जमाते हो सकती है। इस व्यवस्था को अपनाने से सारी समस्याएं खत्म हो जाती है। मौलाना ने कहा कि पूरे भारत मे कुर्बानी पर कहीं प्रतिबंध नही लगा हुआ है, कुर्बानी खुली जगह पर न करें, स्लाटर हाउस या अपने घरों में कुर्बानी करें। कुर्बानी करते वक्त एक छोटा सा गड्ढा खोद ले, कुर्बानी के जानवर का खुन और अवशेष गड्डे मे दफन कर दें। और इस बात का भी ध्यान रखे कि कुर्बानी का फोटो, वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट न करें, अपने परिवार के नौजवान बच्चों को भी समझा दें। मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी बरेलवी ने आगे कहा कि कुर्बानी का दिन साल मे एक बार आता है, उस दिन इस्लाम अपने अनुयायियों को सबक सिखाता है कि किसी को तक्लीफ़ मत दो। इसलिए दूसरे धर्मों के मानने वाले लोगो की आस्था व भावना को कोई ठेस न पहुंचे। इस पर ध्यान देने की जरूरत है। और साथ ही उन जानवरों की कुर्बानी न करें जिन पर प्रतिबंध लगाया गया है। कुर्बानी के तीन दिनों में अगर कोई विवाद उत्पन्न होता है तो उसको शांतिपूर्वक अंदाज मे निपटाएं। और उच्च अधिकारियों को सम्पर्क करके जानकारी दें।
0
0
Report

अंबाला पुलिस ने बिना नंबर प्लेट व ट्रिपल राइडिंग पर शिकंजा कसा

Ambala, Haryana:अंबाला शहर में इन दिनों सड़क सुरक्षा को पुख्ता करने और आपराधिक गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। बिना नंबर प्लेट के दौड़ने वाले वाहनों,ट्रिपल राइडिंग और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। सेक्टर 9 थाना प्रभारी सुनीता ढाका ने बताया पुलिस द्वारा 18 मई से 24 मई तक स्पेशल चेकिंग अभियान चला रही है। अंबाला में अब नियमों को ताक पर रखकर सड़कों पर गाड़ियां दौड़ाने वालों की खैर नहीं है। शहर में बढ़ती आपराधिक घटनाओं, विशेषकर स्नैचिंग के मामलों पर लगाम लगाने और ट्रैफिक व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए अंबाला पुलिस ने एक बड़ा कदम उठाया है। अंबाला की सड़कों पर मुस्तैद ये पुलिसकर्मी और नाकों पर सघन चेकिंग, ये नजारा है अंबाला शहर का। जहाँ इन दिनों पुलिस प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड़ पर नजर आ रहा है। दरअसल, उच्च अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस द्वारा 18 मई से 24 मई तक एक विशेष चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य शहर में सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करना और सड़कों पर होने वाली हुड़दंगबाजी को रोकना है। इस अभियान के तहत मुख्य रूप से बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों, मोटरसाइकिल पर ट्रिपल राइडिंग करने वालों और सड़कों पर प्रेशर हॉर्न बजाकर ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले चालकों पर शिकंजा कसा जा रहा है। पुलिस का कहना है कि अक्सर बिना नंबर वाले वाहनों का इस्तेमाल आपराधिक गतिविधियों, जैसे चेन और मोबाइल स्नैचिंग में किया जाता है, जिस पर रोक लगाना बेहद जरूरी है। राहत की बात यह है कि पुलिस यहाँ केवल सख्ती ही नहीं दिखा रही, बल्कि जनता को प्यार से जागरूक भी कर रही है। थाना प्रभारी ने साफ किया कि पुलिस का मकसद सिर्फ चालान काटना नहीं है, बल्कि कुछ सामाजिक संस्थाओं के साथ मिलकर वे लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक कर रहे हैं। हालांकि, जो शरारती तत्व बार-बार नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं, उन्हें किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जा रहा है。
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top