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हापुड़ में सड़क सुरक्षा पखवाड़े के तहत स्कूल में यातायात जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
Hapur, Uttar Pradesh:हापुड़ के गढ़ कस्बे के देव मेमोरियल पब्लिक स्कूल में सड़क सुरक्षा पखवाड़े के तहत यातायात विभाग ने एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। इसमें स्कूल के छात्र-छात्राओं और वाहनों के चालकों एवं परिचालकों को यातायात नियमों की जानकारी दी गई। यातायात विभाग के सब इंस्पेक्टर ओमकार सहरावत ने कार्यक्रम का संचालन किया और सभी को यातायात नियमों का पालन करने की शपथ दिलाई।
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Noida, Uttar Pradesh:0
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दिल्ली के लाठीचार्ज विरोध पर NSUI का मैहर में भाजपा कार्यालय घेराव रोक गया
Maihar, Madhya Pradesh:दिल्ली में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में भाजपा कार्यालय के घेराव का ऐलान करने वाली एनएसयूआई को मैहर में पुलिस ने कार्यालय पहुंचने से पहले ही कन्या स्कूल के पास रोक दिया। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में लगाए गए बैरिकोड़्स के सहारे पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया, जिसके चलते कुछ देर तक पुलिस और एनएसयूआई कार्यकर्ताओं के बीच तीखी नोकझोंक और धक्का-मुक्की की स्थिति बनी रही। जानकारी के अनुसार,एनएसयूआई ने दिल्ली के जंतर मंतर में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में आज मैहर जिला एनएसयूआई द्वारा जिला अध्यक्ष अजीर बिहारी के नेतृत्व में भाजपा कार्यालय घेराव का आह्वान किया था। इसी क्रम में मैहर में सभी कार्यकर्ता भाजपा कार्यालय की ओर कूच कर रहे थे, लेकिन पुलिस पहले से ही मुस्तैद थी। कार्यालय से पहले ही बैरिकेडिंग कर रास्ता बंद कर दिया गया, जिससे कार्यकर्ता आगे नहीं बढ़ सके। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अपना विरोध दर्ज कराया। कुछ समय तक चले विरोध प्रदर्शन के बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को मौके से हटाकर प्रदर्शन समाप्त कराया। इस दौरान मैहर एसडीएम, मैहर सीएसपी सहित भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर तैनात रहा, जिससे कानून व्यवस्था बनी रही। NSUI कार्यकर्ताओं ने छात्रों के मुद्दे पर सरकार से जवाब माँगते हुए अपनी आवाज बुलंद किया।0
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सासाराम में अज्ञात महिला की गोली से मौत, पुलिस जांच शुरू
Sasaram, Bihar:खबर सासाराम से है। जहां चेनारी थाना क्षेत्र के छितराटॉड के पास एक अज्ञात महिला का शव बरामद हुआ है। जिसे गोली लगी हुई है। शव चेनारी के सबराबाद के पास तेलारी-चेनारी बाईपास जाने वाली सड़क से मिली है। पुलिस ने घटनास्थल से एक खोखा भी बरामद किया है। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंचकर छानबीन शुरू किया तथा शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सासाराम के सदर अस्पताल लाया। मृतक महिला की अभी तक पहचान नहीं हो सकी है। एफएसएल की टीम मौके पर पहुंचकर छानबीन शुरू कर दिया है। देखने से ऐसा प्रतीक होता है कि किसी ने महिला को सुनसान इलाके में लाकर गोली मार दी है। फिलहाल सब का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। जांच के बाद ही कुछ स्पष्ट रूप से कहा जा सकता है।0
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गौमाता को राष्ट्रमाता घोषित के लिए बिलासपुर में बड़ा ज्ञापन; कानून-बजट पर जोर
Bilaspur, Chhattisgarh:बिलासपुर।बागेश्वर धाम सरकार के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे राष्ट्रव्यापी गौमाता को राष्ट्रमाता घोषित करो अभियान के तहत सोमवार को बिलासपुर में सुंदरकांड मंडل एवं सनातनी समाज के लोगों ने कलेक्टर और एसडीएम के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान बड़ी संख्या में गौभक्तों ने अभियान के समर्थन में हस्ताक्षर भी किए। ज्ञापन में कहा गया कि भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा में गौमाता को माता का दर्जा प्राप्त है, लेकिन वर्तमान समय में गौ-तस्करी, गौ-वध और लापरवाही के कारण गौवंश असुरक्षित हैं। सड़कों पर आवारा गौवंश के कारण दुर्घटनाएं भी बढ़ रही हैं, जिससे जनहानि की घटनाएं सामने आती हैं। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई कि केंद्र सरकार को गौमाता को राष्ट्रमाता का संवैधानिक दर्जा देने का प्रस्ताव भेजा जाए। साथ ही गौ-तस्करी और गौ-वध पर कठोर कानून बनाकर उसका प्रभावी क्रियान्वयन किया जाए। गौशालाओं के संचालन और गौ-संरक्षण के लिए पर्याप्त बजट उपलब्ध कराने तथा सड़कों पर घूम रहे निराश्रित गौवंश के स्थायी समाधान के लिए ठोस कदम उठाने की भी मांग की गई। कार्यक्रम में सुंदरकांड मंडल के पदाधिकारी, गौभक्त और सनातनी समाज के लोग मौजूद रहे।0
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बैतूल से गोहत्या पर प्रतिबंध और राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग तेज
Betul, Madhya Pradesh:बैतूल में आज आस्था,परंपरा और संकल्प का अद्भुत संगम देखने को मिला,जहां गौ सम्मान आह्वान अभियान के तहत हजारों गोभक्त सड़कों पर उतरे। गोमाता की सेवा,सुरक्षा और सम्मान को लेकर निकली इस विशाल प्रार्थना यात्रा में गोहत्या पर देशव्यापी प्रतिबंध और गोमाता को ‘राष्ट्रमाता’ घोषित करने की मांग जोर-शोर से उठाई गई। बैतूल के सदर स्थित शहीद दीपक यादव चौक से इस कार्यक्रम की शुरुआत हुई,जहां विधि-विधान से गोमाता का पूजन किया गया। शंखनाद और सामूहिक विजय मंत्र जप के साथ माहौल पूरी तरह भक्तिमय हो गया। इसके बाद बड़ी संख्या में गोभक्तों ने शहर में विशाल प्रार्थना यात्रा निकाली और जिला प्रशासन को राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। जौलखेड़ा मठ के महंत ने बताया कि देशभर में 27 जुलाई को एक साथ यह संकल्प लिया गया है कि भारत में पूर्ण रूप से गोहत्या पर प्रतिबंध लगाया जाए और संत समाज की मांग के अनुसार गोमाता को राष्ट्रमाता घोषित किया जाए। इस बार बड़ी संख्या में हस्ताक्षर पत्रकों के चलते पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए सभी डेटा पेन ड्राइव के माध्यम से प्रशासन को सौंपा गया जो इस अभियान की एक नई और अनोखी पहल मानी जा रही है। अब देखना होगा कि करोड़ों लोगों के इस संकल्प और मांग पर सरकार क्या निर्णय लेती है,लेकिन इतना तय है कि बैतूल से उठी ये आवाज अब पूरे देश में गूंज रही है।0
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प्रतापगढ़ में गो माता को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग पर विशाल रैली
Pratapgarh, Rajasthan:प्रतापगढ़ शहर में सोमवार को गो रक्षकों के नेतृत्व में गो माता को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग को लेकर विशाल रैली निकाली गई। रैली में हिंदू समाज, बजरंग दल, विभिन्न सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। रैली के समर्थन में शहर के कई व्यापारिक प्रतिष्ठान स्वेच्छा से बंद रहे। रैली का शुभारंभ बाण माता मंदिर से हुआ। इसके बाद गो संरक्षण के समर्थन में नारे लगाते हुए रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई मिनी सचिवालय पहुंची। इस दौरान गो माता को राष्ट्रीय पशु घोषित करने, गोवंश संरक्षण के लिए सख्त कानून लागू करने तथा गोवंश की सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग उठाई गई। मिनी सचिवालय पहुंचकर प्रदर्शनकारियों ने राजस्व मंत्री हेमंत मीणा के नाम प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में केंद्र सरकार से गो माता को राष्ट्रीय पशु घोषित करने, गो संरक्षण के लिए प्रभावी एवं कड़े कानून बनाने तथा गोवंश की सुरक्षा के लिए स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की गई। ज्ञापन सौंपने के बाद आयोजित सभा में संतों ने गो सेवा, गो संरक्षण और भारतीय संस्कृति में गौ माता के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने कहा कि गो संरक्षण केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था से भी गहराई से जुड़ा हुआ है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों से गो संरक्षण के अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में संत शंभूराम महाराज सहित विभिन्न संत, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। पूरे आयोजन के दौरान पुलिस प्रशासन की ओर से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए, जिससे रैली शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई.0
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गौवंश सुरक्षा के लिए एकीकृत केंद्रीय कानून और गोपालन मंत्रालय की मांग तेज
Shajapur, Madhya Pradesh:शाजापुर में सोमवार को हिंदू समाज और गौभक्तों ने कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचकर गौवंश संरक्षण और संवर्धन की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मध्यप्रदेश राज्यपाल मंगूभाई पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नाम एसडीएम मनीषा वास्कले को दिया गया। ज्ञापन में संपूर्ण देश में गौवंश की सुरक्षा, सेवा और सम्मान के लिए एकीकृत केंद्रीय कानून बनाने तथा एक स्वतंत्र गोपालन मंत्रालय की स्थापना की मांग की गई। गौभक्तों ने कहा कि गौवंश केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं है, बल्कि यह ग्रामीण अर्थव्यवस्था, कृषि, पर्यावरण और सतत विकास से भी जुड़ा एक महत्वपूर्ण विषय है। ज्ञापन में बताया गया कि 27 अप्रैल 2026 को देशभर की हजारों तहसीलों से गौ सेवा, सुरक्षा और सम्मान के लिए हस्ताक्षर अभियान चलाकर शासन को प्रार्थना पत्र भेजे गए थे। सोमवार को जिला मुख्यालय पर यह ज्ञापन उसी मांग के अनुस्मरण में पुनः सौंपा गया है। ज्ञापन में गौवंश के वध और तस्करी पर कठोर कार्रवाई करने, ऐसे अपराधों को संज्ञेय एवं गैर-जमानती बनाने तथा दोषियों की संपत्ति जब्त करने की मांग की गई। इसके अतिरिक्त, प्रत्येक ग्राम पंचायत स्तर पर नंदीशाला और प्रत्येक जिले में आदर्श गो अभयारण्य या बड़ी गोशाला स्थापित करने का भी आग्रह किया गया। अन्य मांगों में राजमार्गों पर घायल गौवंश के उपचार के लिए गो-वाहिनी एम्बुलेंस और गो चिकित्सा केंद्र शुरू करना शामिल है। गौचर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने और चारा प्रबंधन के लिए प्रभावी नीति बनाने की मांग भी रखी गई। राघवेंद्र आश्रम छापरी के महंत रघुनाथ दास ने मीडिया से चर्चा में कहा कि गौमाता को राष्ट्रमाता का दर्जा दिया जाना चाहिए और गौवंश की सुरक्षा के लिए सख्त केंद्रीय कानून बनाया जाना जरूरी है। उन्होंने हाईवे और मुख्य मार्गों पर लावारिस घूमने वाले गौवंश को सड़क हादसों से बचाने के लिए पर्याप्त गौशालाओं और अभयारण्यों की व्यवस्था करने पर जोर दिया। गौभक्तों ने बताया कि यह अभियान देशभर में चरणबद्ध तरीके से चलाया जा रहा है। ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय गौभक्त, संत और श्रद्धालु मौजूद रहे।0
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रीवा में गौ संरक्षण के लिए धरना, राष्ट्र माता घोषित करने की मांग
Rewa, Madhya Pradesh:रीवा जिले के कलेक्ट्रेट परिसर के सामने गौ सम्मान आवाहन अभियान के बैनर तले हिंदू समाज के सैकड़ों लोगों ने धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने, देशभर में गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने और केंद्र व राज्य स्तर पर गौ मंत्रालय बनाए जाने की मांग उठाई। इस दौरान धरना स्थल पर हनुमान चालीसा का पाठ, भजन-कीर्तन और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। प्रदर्शन में भाजपा के पूर्व विधायक श्यामलाल द्विवेदी सहित बड़ी संख्या में गौ-सेवक और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि रीवा जिले से 4 लाख 63 हजार से अधिक लोगों के हस्ताक्षर एकत्र कर प्रशासन को सौंपे गए हैं। प्रदर्शन की जानकारी मिलते ही कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने प्रतिनिधिमंडल को अपने कार्यालय में बुलाकर चर्चा की और आश्वासन दिया कि उनकी मांगों से संबंधित ज्ञापन राष्ट्रपति भवन भेजा जाएगा। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि गौ संरक्षण के लिए प्रभावी कानून और अलग गौ मंत्रालय का गठन समय की आवश्यकता है, ताकि गौवंश की सुरक्षा और संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।0
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रतलाम में गाय कोराष्ट्रीय पशु घोषित कराने की मांग पर विशाल जनसभा
Ratlam, Madhya Pradesh:रतलाम में सोमवार को गाय को राष्ट्रीय पशु declared करने की मांग को लेकर विशाल जनसैलाब निकाली गई। संतों के सानिध्य में निकली इस रैली में बड़ी संख्या में श्रद्धालु, गौभक्त, हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता और आम नागरिक शामिल हुए। रैली में सबसे आगे संत-महात्मा चल रहे थे, जबकि उनके पीछे हजारों लोगों का जनसैलाब नजर आया। शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए रैली ने लोगों से भी इस अभियान में जुड़ने की अपील की। रास्ते में विभिन्न व्यापारी संगठनों ने भी रैली का समर्थन करते हुए सहभागिता की। रैली का समापन कलेक्ट्रेट पर होगा, जहां प्रतिनिधिमंडल प्रशासन के माध्यम से भारत सरकार के नाम ज्ञापन सौंपेगा। ज्ञापन में गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने, गौ संरक्षण को और अधिक प्रभावी बनाने तथा देशभर में गौवंश संरक्षण के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की जाएगी। आयोजन के दौरान शांतिपूर्ण माहौल रहा और बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी देखने को मिली।0
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PTF का आंदोलन तेज: 5 सितम्बर तक समाधान नहीं तो अनिश्चितकालीन क्रमिक अनशन
Shimla, Himachal Pradesh:हिमाचल प्रदेश में ‘न्यू कॉम्प्लेक्स सिस्टम’ की अधिसूचना रद्द करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर प्राथमिक शिक्षक संघ (PTF) ने अपना आंदोलन तेज कर दिया है। रविवार को आयोजित महारैली में संघ ने राज्य सरकार के खिलाफ निर्णायक मोर्चा खोल दिया। इसी दौरान मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू स्वयं धरना स्थल पहुंचे और शिक्षकों को आश्वस्त किया कि शिक्षक दिवस से पहले नई कॉम्प्लेक्स प्रणाली पर सरकार उचित निर्णय लेगी। उन्होंने कहा कि सरकार इस व्यवस्था की सहानुभूतिपूर्वक समीक्षा करेगी और जरूरत पड़ने पर इसमें सुधार या इसे वापस लेने पर फैसला करेगी। हालांकि मुख्यमंत्री के आश्वासन के बावजूद प्राथमिक शिक्षक संघ ने रविवार शाम से क्रमिक अनशन शुरू कर दिया। संघ ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगों पर जमीनी स्तर पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। सोमवार को क्रमिक अनशन का दूसरा दिन है और PTF के पदाधिकारी शिक्षा निदेशालय के समीप धरने पर बैठे हैं। प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष रमेश शर्मा ने कहा कि शिक्षकों के हित सुरक्षित होने और प्राथमिक शिक्षा से जुड़े लंबित मुद्दों पर सरकार की ठोस कार्रवाई होने तक अनिश्चितकालीन आंदोलन और क्रमिक अनशन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि आंदोलन वापस लेना अब मुख्यमंत्री, प्रदेश सरकार और शिक्षा विभाग की कार्रवाई पर निर्भर करेगा। रमेश शर्मा ने बताया कि क्रमिक अनशन का निर्णय प्राथमिक शिक्षक संघ के जनरल हाउस में सर्वसम्मति से लिया गया, जिसमें प्रदेशभर से 700 से अधिक पदाधिकारियों ने भाग लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि संघ लंबे समय से अपनी मांगें उठाता रहा, लेकिन शिक्षा विभाग ने लगातार उनकी उपेक्षा की। उन्होंने कहा कि सचिवालय और निदेशालय स्तर के अधिकारियों ने संघ के ज्ञापनों को रद्दी की टोकरी में फेंक दिया और भविष्य में संघ के साथ किसी भी प्रकार की वार्ता न करने की بات कही। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक उपेक्षा और संवादहीनता के कारण संघ को यह कदम उठाना पड़ा है। हालांकि संघ हमेशा बातचीत के जरिए समाधान का पक्षधर रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री के आश्वासन पर उम्मीद जताई कि 5 सितंबर (शिक्षक दिवस) से पहले सरकार और शिक्षा विभाग संघ के साथ बैठक कर लंबेPending मामलों का समाधान निकालेंगे। उन्होंने कहा कि जैसे ही सरकार की ओर से सकारात्मक कदम उठाए जाएंगे, प्राथमिक शिक्षक संघ अपना आंदोलन वापस ले लेगा।0
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पंजाब बार कर रहा विरोध, सुप्रीम कोर्ट नीति के खिलाफ धरना शुरू
Kot Kapura, Punjab:ਸੁਪਰੀਮ ਕੋਰਟ ਵੱਲੋਂ ਲਾਗੂ ਕੀਤੀ ਗਈ ਨਵੀ LADC ਪਾਲਿਸੀ ਦੇ ਖਿਲਾਫ ਚਲ ਰਹੇ ਵਕੀਲਾਂ ਦੇ ਧਰਨੇ ਚ ਅੱਜ ਵਿਧਾਨਸਭਾ ਸਪੀਕਰ ਕੁਲਤਾਰ ਸਿੰਧਵਾ ਪੁੱਜੇ ਜਿਥੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਵੱਲੋਂ ਵਕੀਲ ਭਾਈਚਾਰੇ ਨੂੰ ਸਬੋਧਨ ਕਰਦੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੀ ਮੰਗ ਨੂੰ ਜਾਇਜ਼ ਦੱਸਿਆ ਅਤੇ ਇਸ ਪਾਲਿਸੀ ਨੂੰ ਲੈਕੇ ਵਕੀਲ ਭਾਈਚਾਰੇ ਨੂੰ ਵੱਡਾ ਨੁਕਸਾਨ ਪੋਹਚਣ ਦੀ ਗੱਲ ਕਹੀ।ਇਸ ਮੋਕੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਉਨ੍ਹਾਂ ਵਕੀਲ ਭਾਈਚਾਰੇ ਨੂੰ ਭਰੋਸਾ ਦਿੱਤਾ ਹੈ ਕੇ ਉਹ ਵਕੀਲਾਂ ਦਾ ਇੱਕ ਵਫ਼ਦ ਲੈਕੇ ਖੁਦ CJI ਤੋ ਸਮਾਂ ਲੈਕੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨਾਲ ਮੁਲਾਕਾਤ ਕਰਨਗੇ ਅਤੇ ਇਸ ਪਾਲਿਸੀ ਨੂੰ ਰੱਦ ਕਰਵਾਉਣ ਦੀ ਮੰਗ ਕਰਨਗੇ।ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਸੁਪ੍ਰੀਮ ਕੋਰਟ ਦੀਆਂ ਹਦਾਇਤਾਂ ਨੂੰ ਹਰ ਸਰਕਾਰ ਨੂੰ ਮੰਨਣਾ ਪੈਂਦਾ ਹੈ ਇਸ ਲਈ ਪੰਜਾਬ ਅੰਦਰ ਵੀ ਇਸ ਪਾਲਿਸੀ ਨੂੰ ਲਾਗੂ ਕਰਵਾਉਣਾ ਪਿਆ।ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਵਕੀਲਾਂ ਦੀਆਂ ਜੋ ਹੋਰ ਮੰਗਾ ਵੀ ਹਨ ਉਹ ਲਿਖਤ ਰੂਪ ਚ ਮੰਗੀਆਂ ਗਈਆਂ ਹਨ ਜਿਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਸਰਕਾਰ ਤੱਕ ਪੋਹਚਾਇਆ ਜਾਵੇਗਾ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਅੱਜ ਮਹਿਲਾ ਵਕੀਲਾਂ ਲਈ ਅਲੱਗ ਬਾਰ ਰੂਮ ਦੀ ਮੰਗ ਸਬੰਧੀ ਪੰਜ ਲੱਖ ਰੁਪਏ ਦੀ ਗ੍ਰਾੰਟ ਦੇਣ ਦਾ ਐਲਾਣ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਹੈ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਬਾਰ ਕੌਂਸਲ ਦੇ ਆਗੂ ਵਕੀਲ ਵੀ ਕੇ ਵਰਮਾ ਨੇ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਅੱਜ ਸਪੀਕਰ ਕੁਲਤਾਰ ਸੰਧਵਾ ਵੱਲੋਂ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਭਰੋਸਾ ਦਿੱਤਾ ਹੈ ਕੇ ਓਹ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੀ ਆਵਾਜ ਚੀਫ ਜਸਟਿਸ ਤੱਕ ਪੋਹਚਾਉਣਗੇ।ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ कि ਇਸ ਪਾਲਿਸੀ ਦਾ ਸਭ ਤੋਂ ਮਾੜਾ ਅਸਰ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਵਕੀਲਾਂ ਨੇ ਪੇ ਰਿਹਾ ਹੈ ਜਿਸ ਲਈ ਅਸੀਂ ਇਸ ਪਾਲਿਸੀ ਨੂੰ ਰੱਦ ਕਰਵਾਉਣ ਤੱਕ ਸੰਘਰਸ਼ ਕਰਾਂਗੇ ਅਤੇ ਕਲ ਰੋਸ ਵੱਜੋਂ ਫਰੀਦਕੋਟ ਬਾਰ ਕੌਂਸਲ ਦੇ ਸਾਰੇ ਵਕੀਲ ਸਮੂਹਕ ਭੱਖ ਹੜਤਾਲ ਕਰ ਧਰਨੇ ਚ ਸ਼ਾਮਲ ਹੋਣ ਜਾ ਰਹੇ ਹਨ。0
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नीट जीत के बाद किसान यूनियन ने मनसा में विद्यार्थियों को समर्थन दिया
Mansa, Punjab:ਨੀਟ ਪੇਪਰ ਲੀਕ ਮামਲੇ ਦੇ ਵਿੱਚ ਦਿੱਲੀ ਵਿਖੇ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਕਰ ਰਹੇ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦੀ ਹਮਾਇਤ ਤੇ 27 ਜੁਲਾਈ ਨੂੰ ਭਾਰਤੀ ਕਿਸਾਨ ਯੂਨੀਅਨ ਉਗਰਾਹਾਂ ਵੱਲੋਂ ਦਿੱਲੀ ਜਾਣ ਦਾ ਐਲਾਨ ਕੀਤਾ ਸੀ ਪਰ ਉਸ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਸਿੱਖਿਆ ਮੰਤਰੀ ਵੱਲੋਂ ਅਸਤੀਫਾ ਦੇਣ ਤੇ ਬਾਅਦ ਅਤੇ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦੀ ਜਿੱਤ ਦੇ ਚਲਦਿਆਂ ਕਿਸਾਨਾਂ ਵੱਲੋਂ ਅੱਜ ਮਾਨਸਾ ਡਿਪਟੀ ਕਮਿਸ਼ਨਰ ਦਫਤਰ ਦੇ ਬਾਹਰ ਜੇਤੂ ਰੈਲੀ ਕੱਢੀ ਗਈ। ਨੀਟ ਪੇਪਰ ਮਾਮਲੇ ਨੂੰ ਲੈ ਕੇ ਦਿੱਲੀ ਦੇ ਵਿੱਚ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦੇ ਵੱਲੋਂ ਲੰਬਾ ਸਮਾਂ ਸੰਘਰਸ਼ ਕੀਤਾ ਜਿਨਾਂ ਤੇ ਅੱਤਿਆਚਾਰ ਵੀ ਹੋਇਆ ਪਰ ਆਖਿਰਕਾਰ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦੇ ਸੰਘਰਸ਼ ਨੂੰ ਬੂਰ ਉਦੋਂ ਪਿਆ ਜਦੋਂ ਕੇਂਦਰੀ ਸਿੱਖਿਆ ਮੰਤਰੀ ਧਰਮਿੰਦਰ ਪ੍ਰਧਾਨ ਵੱਲੋਂ ਅਸਤੀਫਾ ਦੇ ਦਿੱਤਾ ਗਿਆ ਮਾਨਸਾ ਵਿਖੇ ਭਾਰਤੀ ਕਿਸਾਨ ਯੂਨੀਅਨ ਉਗਰਾਹਾਂ ਵੱਲੋਂ ਜੈਤੂ ਰੈਲੀ ਕਰਦੇ ਹੋਏ ਕਿਹਾ ਕਿ ਉਹਨਾਂ ਵੱਲੋਂ ਕੁਝ ਦਿਨ ਪਹਿਲਾਂ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦੀ ਹਮਾਇਤ ਤੇ ਦਿੱਲੀ ਜਾਣ ਦਾ ਐਲਾਨ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਸੀ ਪਰ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦੀ ਵੱਡੀ ਜਿੱਤ ਹੋਈ ਹੈ ਜਿਸ ਦੇ ਚਲਦਿਆਂ ਸਿੱਖਿਆ ਮੰਤਰੀ ਧਰਮਿੰਦਰ ਪ੍ਰਧਾਨ ਵੱਲੋਂ ਇਸਤੀਫਾ ਦਿੱਤਾ ਗਿਆ ਜਿਸ ਕਾਰਨ ਅੱਜ ਕਿਸਾਨ ਜਥੇਬੰਦੀ ਵੱਲੋਂ ਦਿੱਲੀ ਜਾਣ ਦੀ ਬਜਾਏ ਮਾਨਸਾਂ ਦੇ ਡੀਸੀ ਦਫਤਰ ਦੇ ਬਾਹਰ ਹੀ ਜੈਤੂ ਰੈਲੀ ਕਰਕੇ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦੀ ਹਮਾਇਤ ਕੀਤੀ ਗਈ ਕਿਸਾਨ ਆਗੂਆਂ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਤੇ ਹੋਏ ਲਾਠੀ ਚਾਰਜ ਦੀ ਨਿੰਦਾ ਕਰਦੇ ਕੇਂਦਰ ਸਰਕਾਰ ਨੂੰ ਅਪੀਲ ਕੀਤੀ ਕਿ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਸਮੇਂ ਦੇ ਵਿੱਚ ਮੁੜ ਤੋਂ ਕੋਈ ਅਜਿਹਾ ਪੇਪਰ ਲੀਕ ਨਾ ਹੋਵੇ ਤਾਂ ਕਿ ਸਖਤ ਮਿਹਨਤ ਕਰਨ ਵਾਲੇ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦਾ ਭਵਿੱਖ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਸਮੇਂ ਦੇ ਵਿੱਚ ਧੁੰਦਲਾ ਨਾ ਹੋਵੇ ਅਤੇ ਉਨਾ ਨੂੰ ਕੀਤੀ ਹੋਈ ਮਿਹਨਤ ਦਾ ਫਲ ਮਿਲ ਸਕੇ。0
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यमुना प्रतिमा विवाद: लोक पंचायत ने स्थापना कार्यक्रम स्थगित कर दिया
Noida, Uttar Pradesh:टॉप:चकराता स्लग: यमुना प्रतिमा पर विवाद एंकर : हरिपुर घाट के नजदीक ब्रिटिशकालीन पुल के पीलर पर स्थापित की जा रही मां यमुना की प्रतिमा को लेकर विवाद बढ़ता ही जा रहा है। जिसको लेकर आज लोक पंचायत ने भाजपा नेता के हस्तक्षेप को ग़लत ठहराते हुए, फिल्हाल प्रतिमा स्थापना के कार्यक्रम को स्थगित कर दिया है। बता दें कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ड्रीम प्रोजेक्ट हरिपुर घाट के पास इन दिनों ब्रिटिशकालीन पुल के पीलर पर प्रतिमा स्थापित किए जाने को लेकर निर्माण कार्य किया जा रहा था, जिसके लिए करीब बाइस लाख रुपए की लागत वाली यमुना प्रतिमा भी गुजरात से हरिपुर घाट पहुंच चुकी है। लेकिन प्रतिमा लगाए जाने से पूर्व ही उस समय विवाद उत्पन्न हो गया जब बीती 25 जुलाई को लोक पंचायत जमुना तीर्थ समिति के विरुद्ध मोर्चा खोलते हुए भाजपा नेता और पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष रामशरण नौटियाल ने यह कहते हुए सवाल खड़े कर दिए की ब्रिटिशकालीन इस ऐतिहासिक धरोहर पर बिना अनुमति के प्रतिमा की स्थापना की जा रही है, जबकि यहां श्याम सेतू प्रस्तावित है। जिसे पलटवार करते हुए आज लोक पंचायत के पदाधिकारियों ने पत्रकार वार्ता आयोजित कर रामशरण नौटियाल पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि क्षेत्र की जनता और श्रद्धालुओं के लिए यमुना प्रतिमा की स्थापना का काम लगभग पूरा हो चुका है ऐसे में विवाद उत्पन्न करना लोगों की आस्था को ठेस पहुंचाना है। वहीं उन्होंने साफ किया कि प्रतिमा स्थापना के बाद भी श्याम सेतू का निर्माण किया जा सकता है। बावजूद इसके इसमें विवाद उत्पन्न किया जा रहा है, जबकि श्याम सेतू के लिए अभी तक न तो कोई स्वीकृति है और न ही कभी कोई ऐसी योजना। लोक पंचायत की ओर से रामशरण नौटियाल को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा गया कि लोक पंचायत फिलहाल प्रतिमा स्थापना का कार्यक्रम स्थगित कर रही है, और उन्हें पंद्रह दिन के भीतर श्याम सेतू की स्वीकृति उपलब्ध कराकर जनता के सामने रखे, अगर ऐसा नहीं किया जाता तो उसका जवाब जनता खुद देगी। बाइट: श्रीचन्द शर्मा , सरक्षक लोक पंचायत जमुना तीर्थ समिति0
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पट्टियों से भरा ट्रक पलटा: दो की मौत, तीन घायल
Jaisalmer, Rajasthan:पट्टियों से भरा ट्रक पलटा, दो लोगों की मौत पट्टियों के नीचे दबे रहे दोनों, आधे घंटे तक हथौड़ों से पत्थर हटाते रहे ग्रामीण और पुलिस जैसलमेर जिले के नाचना थाना क्षेत्र में सोमवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे में पत्थर की पट्टियों से भरे ट्रक के पलट जाने से दो लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य घायल हो गए। हादसा सुबह करीब 6 बजे अजासर गांव के पास हुआ। नाचना थाना प्रभारी सुमेरदान ने बताया कि बालसेर से नाचना जा रहा पत्थर की पट्टियों से भरा ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार ट्रक की स्टीयरिंग फेल हो गई थी और बारिश से क्षतिग्रस्त सड़क पर बने गड्ढों के कारण ट्रक का संतुलन बिगड़ गया。 हादसे के समय ट्रक में एक ही परिवार के पांच लोग सवार थे। ट्रक पलटने से केबिन के ऊपर सो रहे लाखाराम (36) पुत्र धनाराम भील एवं अमराराम (37) पुत्र दुर्गाराम, निवासी नाड़ी सगरा (देचू), पत्थर की भारी पट्टियों के नीचे दब गए। ग्रामीणों और पुलिस ने करीब आधे घंटे तक हथौड़ों से पत्थर की पट्टियाँ तोड़कर दोनों को बाहर निकाला, लेकिन अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया。 हादसे में मुकेश (35) पुत्र हरूराम, घेवरराम (38) और गणपत राम (44) घायल हुए हैं। तीनों का अस्पताल में उपचार जारी है। पुलिस ने शवों को नाचना अस्पताल की मोर्चरी में रखवाकर पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू कर दी है तथा हादसे के कारणों की जांच की जा रही है।0
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उमर जान ने महबूबा मुफ्ती के बयान पर कड़ा प्रहार, युवाओं का सम्मान मांगा
Aram Pora, Ganderbal, JKPCC District President Pulwama, Omar Jan, today strongly criticized PDP president and former Jammu and Kashmir Chief Minister Mehbooba Mufti over her recent remarks during a press conference. Addressing the media, Omar Jan accused Mehbooba Mufti of insulting the youth of Jammu and Kashmir by allegedly portraying them as militants. Referring to the 2016 unrest during her tenure as Chief Minister, he recalled the use of pellet guns, claiming that many innocent civilians, including young girls such as Insha Mushtaq, suffered life-altering injuries. He demanded that Mehbooba Mufti publicly withdraw her remarks and issue an unconditional apology to the youth and people of Jammu and Kashmir. He said the people of the region deserve respect and should not be subjected to such statements.0
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