203393
डिबाई के चौधरी चरण सिंह नरौरा बैराज पर गंगा जल का स्तर बढ़ा
Dibai, Uttar Pradesh:डिबाई के नरौरा स्थित चौधरी चरण सिंह बैराज पर जलस्तर में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। पहाड़ी इलाकों में हो रही बारिश के कारण गंगा का जलस्तर बढ़ गया है, जिसका प्रभाव कर्णवास, राजघाट, और रामघाट के घाटों पर भी देखा जा रहा है। जलस्तर में इस वृद्धि से प्रभावित क्षेत्रों में सतर्कता बरती जा रही है।
0
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
जहानाबाद: अनियंत्रित कार ने पिता-पुत्र की दर्दनाक मौत, NH-22 पर जाम
Jehanabad, Bihar:जहानाबाद में एक बार फिर तेज रफ्तार का कहर देखने को मिला है जहां अनियंत्रित कार ने साइकिल सवार पिता-पुत्र को रौंद दिया। इस हादसे में पिता-पुत्र दोनों की दर्दनाक मौत हो गई है। घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने मुआवजे की मांग को लेकर NH-22 पर आगजनी कर घंटो जाम कर दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। घटना मखदुमपुर थाना क्षेत्र के विर्रा गांव के समीप की है। मृतकों की पहचान अकौना गांव के निवासी 40 वर्षीय राम विनोद पासवान और उनके 10 वर्षीय मासूम पुत्र मोनू कुमार के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों साइकिल पर सवार होकर मखदुमपुर जा रहे थे। जहां से बच्चे को इलाज को लेकर ट्रेन से पटना जाना था। इसी दौरान पीछे से आ रही एक अनियंत्रित कार ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि राम विनोद पासवान की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनका बेटा मोनू गंभीर रूप से जख्मी हो गया। स्थानीय लोगों द्वारा आनन-फानन में मोनू को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे पटना के पीएमसीएच रेफर कर दिया। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था, पटना ले जाने के क्रम में मासूम मोनू ने भी रास्ते में ही दम तोड़ दिया। वही इस दोहरी मौत से आक्रोशित ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। परिजनों और स्थानीय लोगों ने शव के साथ NH-22 को घंटो जाम कर दिया और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वही हाइवे जाम के कारण राहगीरों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। इधर घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने काफी मशक्त और सूझबूझ के साथ ग्रामीणों को समझा-बुझाकर जाम को समाप्त कराया.0
0
Report
बिहार NDA सरकार के 100 दिन: बाढ़ प्रबंधन और जलस्रोतों पर जोर
Patna, Bihar:डिप्टी सीएम विजय चौधरी का बयान सरकार के 100 दिन पूरे होने पर सरकार ने अपनी विश्वसनीयता कई मायनों में साबित की है। बिहार की जनता ने 2025-30 के लिए NDA को जो जनादेश दिया था, सरकार उसी के अनुरूप काम कर रही है। पिछले 20 वर्षों से NDA की सरकार नीतीश कुमार के नेतृत्व में विकास और सुशासन की दिशा में काम करती रही है। नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के बाद उनके अनुरोध पर भाजपा ने सरकार बनाई और सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री बने। मुख्यमंत्री बनने के बाद सम्राट चौधरी ने हर मंच से कहा कि सरकार नीतीश कुमार की तय दिशा और विकास की नीति पर ही चलेगी। सम्राट चौधरी, नीतीश कुमार के सुशासन और न्याय के साथ विकास के विजन को आगे बढ़ा रहे हैं। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने केंद्र से समन्वय बनाकर बिहार के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं को आगे बढ़ाने का काम किया है। सरकार विकास की रफ्तार तेज करने के लिए लगातार काम कर रही है। बिहार की जनता सरकार के कामकाज से संतुष्ट है और विकास की दिशा में सकारात्मक बदलाव देख रही है। बाढ़ को लेकर डिप्टी सीएम ने कहा कि विभाग ने बाढ़ और अल्पवृष्टि दोनों स्थितियों से निपटने की पूरी तैयारी कर ली है। डिप्टी सीएम ने कहा कि बिहार में केवल स्थानीय बारिश से नहीं, बल्कि नेपाल और झारखंड में अधिक वर्षा होने पर बाढ़ की गंभीर स्थिति बनती है। उत्तर बिहार में नेपाल की बारिश से घाघरा, गंडक, कोसी और महानंदा जैसी नदियों में जलस्तर बढ़ता है। दक्षिण बिहार में झारखंड में अधिक बारिश होने पर नदियां उफान पर आती हैं और बाढ़ का खतरा बढ़ता है। पिछले वर्ष नालंदा और जहानाबाद सहित दक्षिण बिहार के कई इलाके बाढ़ से अधिक प्रभावित हुए थे। इस वर्ष अब तक स्थिति नियंत्रण में है और विभाग लगातार निगरानी कर रहा है। संवेदनशील तटबंधों को मजबूत किया जा रहा है तथा आपातकालीन सामग्री पहले से उपलब्ध कराई गई है। कम बारिश की स्थिति में किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने की भी तैयारी की गई है। सरकार ने नई योजना के तहत बाढ़ के समय अतिरिक्त पानी को नहरों और अन्य माध्यमों से जलाशयों में संग्रहित करने की व्यवस्था शुरू की है। संग्रहित पानी का उपयोग बाद में अल्पवृष्टि के दौरान किसानों को सिंचाई के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। डिप्टी सीएम ने कहा कि विभाग का उद्देश्य बाढ़ प्रबंधन के साथ-साथ किसानों को हर परिस्थिति में सिंचाई का पानी उपलब्ध कराना है। मौसम वैज्ञानिक एल नीनो के प्रभाव की बात कह रहे हैं, हालांकि उनकी भविष्यवाणियां समय-समय पर बदलती रही हैं। उम्मीद के मुताबिक बारिश नहीं हो रही है, इसलिए सरकार हर स्थिति से निपटने की तैयारी कर रही है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर संभावित सूखे और बाढ़, दोनों परिस्थितियों से निपटने की तैयारियां की जा रही हैं। कोसी ही नहीं, बिहार की अधिकांश नदियों में हर साल बाढ़ की चुनौती रहती है, इससे निपटना बड़ा प्रबंधन का काम है। सरकार का प्रयास है कि नदियों का प्रवाह बीच धारा में रहे, ताकि कटाव और बाढ़ का खतरा कम हो। नदियों में गाद (सिल्ट) जमा होने से जलधारण क्षमता लगातार कम हो रही है, यह गंभीर चिंता का विषय है। केंद्र सरकार की राष्ट्रीय गाद प्रबंधन नीति अंतिम चरण में है, इससे बिहार को बड़ा लाभ मिलेगा। गाद प्रबंधन नीति लागू होने से नदियों का संरक्षण होगा, बाढ़ का खतरा घटेगा और सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध रहेगा। सरकार पारदर्शी तरीके से काम करती है। यदि किसी ने आरोप लगाया है तो केवल आरोप नहीं, प्रमाण भी देना चाहिए। आरोपों के समर्थन में सबूत मिलने पर सरकार निश्चित रूप से उचित कार्रवाई करेगी। केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर कहा कि मंत्री बनने की उम्मीद हर राज्य और हर दल में होती है। उन्होंने कहा कि सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि केंद्र सरकार बिहार के विकास पर विशेष ध्यान दे रही है। विजय चौधरी ने कहा कि केंद्र सरकार बिहार की विकास योजनाओं को मंजूरी दे रही है और पर्याप्त आर्थिक सहायता भी उपलब्ध करा रही है। जल संसाधन विभाग के लिए भी केंद्र से विशेष सहयोग मिलने का उन्होंने उल्लेख किया। राजस्व घाटे पर उन्होंने कहा कि इसका हमेशा नकारात्मक अर्थ नहीं होता। उन्होंने कहा सरकार मुनाफा कमाने वाली संस्था नहीं है, बल्कि जनता के विकास और कल्याण के लिए काम करती है। सरकार ने राजस्व बढ़ाकर घाटे से निपटने की योजना बनाई है और वित्तीय स्थिति नियंत्रण में है। मेंटेनेंस और शुल्क संबंधी सवाल पर उन्होंने कहा कि जहां आवश्यक होता है वहां अलग व्यवस्था होती है तथा कई स्थानों पर बिना शुल्क भी सुविधाएं उपलब्ध हैं।0
0
Report
अयोध्या राम मंदिर चढ़ावे मामले पर सियासत तेज, चौबे बोले दोषी बख्शा नहीं जाएगा
Ranchi, Jharkhand:अयोध्या के श्रीराम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मामले को लेकर सियासत तेज हो गई है। इस मुद्दे पर भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी कुमार चौबे ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला है। अश्विनी कुमार चौबे ने कहा कि विपक्ष भगवान श्रीराम और सनातन पर राजनीति कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि जो लोग पहले राम मंदिर निर्माण का विरोध करते थे, वही अब मंदिर को लेकर सवाल खड़े कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मंदिरों में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाया गया दान और चढ़ावा आस्था का विषय होता है और उसकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाती है। यदि किसी व्यक्ति ने अनियमितता की है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने उत्तर प्रदेश सरकार की कार्रवाई का समर्थन करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मामले में तुरंत एसआईटी गठित कर जांच शुरू कराई। गिरफ्तारियां हुई हैं, इस्तीफे भी हुए हैं और दोषी चाहे कोई भी हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि "दूध का दूध और पानी का पानी" होकर रहेगा।0
0
Report
Advertisement
नोहर फीडर में दूषित पानी के विरोध पर किसान बोले, आंदोलन जारी रहेगा
Jaipur, Rajasthan:नोहर फीडर में दूषित पेयजल का मामला,पिछले 24 घंटे से हरियाणा में डटे किसान,किसान बोले लिखित में नहीं देंगे तब तक नहीं जायेंगे,हनुमानगढ़ जिले की नोहर फीडर में हरियाणा की ओर से कथित दूषित पेयजल छोड़े जाने के विरोध में किसानों का आंदोलन दूसरे दिन भी जारी रहा। किसान पूरी रात धरना स्थल पर डटे रहे। आंदोलन के दौरान किसानों ने सिंचाई विभाग के एसी,एक्सईएन,एईएन,जेईएन सहित अन्य अधिकारियों को पिछले 24 घंटे से अपने बीच ही रोक रखा है। किसानों का आरोप है कि अधिकारियों को रोके जाने के बावजूद अब तक न तो कोई वरिष्ठ सिंचाई अधिकारी और न ही कोई उच्च प्रशासनिक अधिकारी मौके पर वार्ता के लिए पहुंचा है। इससे किसानों में नाराजगी और बढ़ गई है। पूर्व प्रधान सोहन ढिल ने कहा कि किसान किसी भी कीमत पर पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने कहा कि हरियाणा की मनमानी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और फीडर में दूषित पानी छोड़ने का हर स्तर पर विरोध किया जाएगा। किसान नेता गुरमेल सिंह ने कहा कि जब तक हरियाणा की ओर से लिखित में यह आश्वासन नहीं दिया जाता कि फीडर में दूषित पानी नहीं छोड़ा जाएगा, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि किसान अपनी मांगों से पीछे हटने वाले नहीं हैं।0
0
Report
बड़वानी के उफनते नाले में ट्रैक्टर समेत चालक का शव 26 घंटे बाद बरामद
Noida, Uttar Pradesh:बड़वानी-नागलवाड़ी थाना क्षेत्र में उफनते नाले में बहा ट्रेक्टर व चालक का शव बरामद नागलवाड़ी थाना क्षेत्र के ग्राम पीपरखेड़ा मार्ग स्थित उफनते नाले में ट्रैक्टर सहित बहे चालक का शव 26 घंटे बाद पुलिस ने बरामद कर लिया है मृतक की पहचान पीपरखेड़ा निवासी 42 वर्षीय बंसीलाल पिता धूलिया के रूप में हुई है बताया जा रहा है कि 28 जून की शाम चालक उफान पर आए नाले के पुल को ट्रैक्टर से पार करने का प्रयास कर रहा था, तभी तेज बहाव में ट्रैक्टर सहित बह गया घटना की सूचना मिलते ही नागलवाड़ी पुलिस ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया और बाद में एसडीआरएफ की टीम को भी मौके पर बुलाया गया पुलिस,एसडीआरएफ और स्थानीय ग्रामीणों ने लगातार 26 घंटे तक कठिन परिस्थितियों में संयुक्त सर्च ऑपरेशन चलाया,जिसके बाद सोमवार रात शव बरामद कर लिया गया पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है मामले की जांच जारी है0
0
Report
हनुमानगढ़ जंक्शन में नशा तस्करी के आरोप में इच्छा देवी गिरफ्तार, 31 ग्राम हेरोइन बरामद
Jaipur, Rajasthan:हनुमानगढ़ में नशा तस्करी में महिला गिरफ्तार, 30.41 ग्राम हेरोइन बरामद,जंक्शन पुलिस ने इच्छा देवी को हिरासत में लिया एंकर विजुअल हनुमानगढ़ जंक्शन पुलिस ने नशा तस्करी के आरोप में इच्छा देवी नाम की एक महिला को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान आरोपी महिला के पास से करीबन 31 ग्राम अवैध हेरोइन बरामद हुई। सुरेशिया पुलिस चौकी प्रभारी एसआई गुरदेव सिंह ने मय टीम इस कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस के मुताबिक, बरामद हेरोइन की अनुमानित कीमत करीब 6 लाख रुपये है। गिरफ्तार महिला से पूछताछ जारी है और पुलिस संभावित सप्लाइ चेन और अन्य संदिग्धों के संबंधों की जांच कर रही है。0
0
Report
Advertisement
ताला मार्केट के जर्जर भवन टूटने से दो मजदूर घायल, नगर निगम की सूचना पर सवाल
Aligarh, Uttar Pradesh:अलीगढ़ कोतवाली नगर क्षेत्र के ताला मार्केट में जर्जर भवन तोड़ते समय दो मजदूर दवे, दोनों मजदूरों की हालत गंभीर, सूचना मिलते ही इलाका पुलिस मौके पर पहुंची, पुलिस ने घायलों को 108 एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल पहुंचाया, सबसे बड़ा सवाल उठता है जर्जर बिल्डिंग थी तो नगर निगम को सूचना क्यों नहीं दी गई, थाना हरदुआगंज क्षेत्र के आजमाबाद के रहने वाले हैं घायल सद्दीक और सुलेमान, पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है, कोतवाली नगर क्षेत्र के मदार गेट स्थित ताला मार्केट की घटना0
0
Report
UP में स्कूल बसों की सुरक्षा के लिए एक महीने की चेकिंग अभियान शुरू
Farrukhabad, Uttar Pradesh:स्कूल बस की रियलिटी चेक में बच्चों को स्कूल ले जाना वाली बस में फायर का सिलेंडर ठीक पाया गया तो वही बस में कमरे तो लगे थे लेकिन एक कैमरा भी पाया गया. आरटीओ कृष्ण कुमार यादव ने जब बस की जांच की तो पाया गया कि उसका इमरजेंसी गेट नहीं खुला परिवहन अधिकारी में इस गेट को सही कर कर लाने की आदेश दिया. बच्चों की सुरक्षा और मालिकों से कोई समझौता नहीं किया जाएगा. बस मे सामान तो सब लेकिन आधे अधूरे. सड़क सुरक्षा का कड़ा आदेश — उत्तर प्रदेश में 1 जुलाई से स्कूल बसों की विशेष समीक्षा अभियान शुरू हो रहा है। यह अभियान 31 जुलाई तक जोरदार तरीके से चला जाएगा। पुलिस और परिवहन विभाग की संयुक्त टीमें पूरे प्रदेश में सड़क पर उतार दी गई हैं। उनका उद्देश्य स्कूलों के बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है — और इसके लिए किसी भी कमी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस अभियान में स्कूल बसों की तकनीकी फिटनेस, सुरक्षा उपकरण और नियमों के अनुपालन की बारीकी से जांच होगी। स्पीड गवर्नर, फायर एक्सटिंग्विशर और इमरजेंसी गेट जैसी सुरक्षा सुविधाओं की उपस्थिति व कार्यशीलता की स्थिति पर खास निगरानी रहेगी। जांच यह भी सुनिश्चित करेगी कि किसी भी स्कूल बस की अधिकतम गति 40 किलोमीटर प्रति घंटा से अधिक न हो। वाहन के आरसी, परमिट, बीमा, पीयूसी और फिटनेस प्रमाणपत्र जैसी कागजी कार्रवाई की सत्यता तथा वैधता देखी जाएगी. यदि किसी बस में नियमों का उल्लंघन मिलता है — तो तुरंत चालान, वाहन सीज़ और फिटनेस प्रमाणपत्र निलंबित करने जैसी कड़ी कार्रवाई की जाएगी. परिवहन विभाग के एक अधिकारी ने बताया — 'हम बच्चों की सुरक्षा सर्वोपरि मानते हैं। किसी भी लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.' ये जांच अभियान एक महीने तक चलेगा और प्रशासन आश्वस्त कर रहा है कि हर स्कूल बस सुरक्षित मानकों पर खरा उतरे — वरना कड़ी कार्रवाई से कोई नहीं बच सकेगा.0
0
Report
मानसून ने उत्तर भारत समेत मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में फैलाव दिखाया
New Delhi, Delhi:आज 30 जून, 2026 को दक्षिण-पश्चिम मानसून मध्य प्रदेश के कुछ और हिस्सों, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के बाकी हिस्सों, उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों, उत्तराखंड के ज़्यादातर हिस्सों और हिमाचल प्रदेश व लद्दाख के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ गया है। 30 जून तक मानसून की उत्तरी सीमा 20°N/60°E, 20°N/65°E, 20°N/70°E, सूरत, इंदौर, सागर, सीधी, आज़मगढ़, अयोध्या, बरेली, देहरादून, मंडी, 33.5°N/76.8°E और 35°N/80°E से होकर गुज़रती है। अगले 2-3 दिनों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून के उत्तर अरब सागर, गुजरात, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पूरे दमन और दीव, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और लद्दाख के बाकी हिस्सों, पूरे जम्मू-कश्मीर, हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली और पंजाब के ज़्यादातर हिस्सों और Rajasthan के कुछ हिस्सों में और आगे बढ़ने के लिए हालात अनुकूल हैं।0
0
Report
Advertisement
पटना करमलीचक तेल गोदाम की आग पर राहत अभियान जारी, एनओसी मांग पर कार्रवाई
Patna, Bihar:पटना सिटी के करमलीचक स्थित एक बड़े खाद्य तेल एवं रिफाइंड वेयरहाउस में रविवार देर रात लगी भीषण आग पर 33 घंटे बाद भी पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका है। हालांकि अग्निशमन विभाग का दावा है कि आग के लगभग 80 प्रतिशत हिस्से को नियंत्रित कर लिया गया है, जबकि शेष हिस्से में आग बुझाने का अभियान लगातार जारी है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा और सुरक्षा के मद्देनजर आसपास के लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। आग की भयावहता को देखते हुए केवल पटना ही नहीं, बल्कि वैशाली और जहानाबाद से भी अतिरिक्त दमकल वाहनों और अग्निशमन कर्मियों को मौके पर बुलाया गया है। विभाग के अनुसार 100 से अधिक अधिकारी और जवान लगातार राहत एवं बचाव कार्य में जुटे हुए हैं। अग्निशमन विभाग के अधिकारी अजीत कुमार ने बताया कि आग पर काबू पाने के लिए अब तक करीब 5 लाख 3 हजार लीटर पानी और 6 हजार 700 लीटर फोम का उपयोग किया जा चुका है। इसके अलावा लगभग 600 ट्रिप के माध्यम से पानी की आपूर्ति की गई है। उन्होंने बताया कि गोदाम में बड़ी मात्रा में रिफाइंड, खाद्य तेल और डालडा जैसे ज्वलनशील पदार्थ रखे होने के कारण आग तेजी से फैल गई, जिससे उसे नियंत्रित करने में सामान्य आग की तुलना में कहीं अधिक समय लग रहा है।वेयरहाउस के सुरक्षा गार्ड चंद्रदीप प्रसाद ने बताया कि यह गोदाम लगभग 30 हजार वर्गफुट क्षेत्र में फैला हुआ है और यहां से बिहार के विभिन्न जिलों में रिफाइंड, खाद्य तेल और डालडा की आपूर्ति की जाती है। उनके अनुसार रविवार रात करीब 12 बजे सबसे पहले गोदाम से धुआं निकलता दिखाई दिया, जिसके बाद देखते ही देखते आग ने पूरे परिसर को अपनी चपेट में ले लिया। सूचना मिलने पर पुलिस और दमकल की टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं, लेकिन अंदर रखे ज्वलनशील सामान के कारण आग लगातार विकराल होती चली गई। अग्निशमन अधिकारियों का कहना है कि तेल और घी जैसे उत्पादों में लगी आग को बुझाने के लिए केवल पानी पर्याप्त नहीं होता। ऐसे मामलों में विशेष फोम और अन्य अग्निशमन तकनीकों का इस्तेमाल करना पड़ता है, इसलिए राहत अभियान लंबा चल रहा है। विभाग का दावा है कि स्थिति पहले की तुलना में काफी नियंत्रण में है और जल्द ही आग को पूरी तरह बुझा लिया जाएगा। इस बीच जांच में एक बड़ी लापरवाही भी सामने आई है। डिप्टी कमांडेंट रितेश कुमार पांडेय ने बताया कि प्रारंभिक जांच में पता चला है कि संबंधित वेयरहाउस का अग्नि सुरक्षा ऑडिट नहीं कराया गया था और संचालन के लिए आवश्यक एनओसी (नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट) भी नहीं लिया गया था। इसे गंभीर उल्लंघन मानते हुए गोदाम संचालक के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। नियमों के तहत वेयरहाउस को सील करने सहित अन्य कानूनी कदम भी उठाए जा सकते हैं। फिलहाल आग लगने का संभावित कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है, हालांकि अंतिम निष्कर्ष विस्तृत जांच के बाद ही सामने आएगा। अग्निशमन विभाग और संबंधित एजेंसियां आग पूरी तरह बुझने के बाद घटना के वास्तविक कारणों की जांच करेंगी। वहीं प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है。0
0
Report
DIG वैभव कृष्ण की पहल: नक्सल प्रभावित महिलाओं ने पहली बार काशी दर्शन किया
Varanasi, Uttar Pradesh:• वाराणसी रेंज के DIG वैभव कृष्ण की पहल नक्सल प्रभावित क्षेत्र की महिलाओं ने पहली बार देखा शहर • इन महिलाओं ने जीवन में कभी नहीं देखा था शहर नक्सलियों से थीं प्रभावित。 • चंदौली के नौगढ़ के सुदूर गांव पंडी की महिलाओं को पुलिस ने अपनी बस से कराया काशी का भ्रमण。 • महिलाओं ने जीवन में पहली बार काशी विश्वनाथ धाम, विशालाक्षी शक्ति पीठ, संकटमोचन और दुर्गाकुंड मंदिर में किया दर्शन-पूजन。 • धार्मिक स्थलों के साथ-साथ महिलाओं को JHV मॉल का भी कराया गया भ्रमण, चेहरे पर दिखी बड़ी मुस्कान。 • केवल यात्रा नहीं, महिलाओं में नई आशा, आत्मविश्वास और सामाजिक सहभागिता जगाने का चंदौली पुलिस का सार्थक प्रयास。0
0
Report
झालावाड़ के पनवाड़ में ट्रांसफार्मर आग से 13 मवेशियों की मौत, ग्रामीण आक्रोश
Jhalawar, Rajasthan:खानपुर (झालावाड़) जिले के पनवाड़ क्षेत्र के चलेट गांव में बीती रात बारिश के दौरान ट्रांसफार्मर में अचानक आग लगने से बड़ा हादसा हो गया। पातालеш्वर महादेव मंदिर के समीप लगे ट्रांसफार्मर में आग भड़कने के साथ ही 11 केवी लाइन का करंट अचानक आधा दर्जन से अधिक मकानों में उतर गया। करंट फैलते ही पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। गनीमत रही कि कोई व्यक्ति इसकी चपेट में नहीं आया और बड़ा जनहानि का हादसा टल गया। लेकिन किसान गिरिराज गुर्जर के बाड़े में बंधे बेजुबान मवेशी करंट की चपेट में आ गए। कुछ ही पलों में 10 भैंसें, एक पाड़ा, एक नंदी, एक गाय तथा ट्रांसफार्मर के पास घूम रहे एक कुत्ते ने करंट लगने से दम तोड़ दिया। मवेशियों की दर्दनाक तड़प और चीखें सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक सभी 13 मवेशियों की मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही पनवाड़ थानाधिकारी हरीश शर्मा पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। हादसे के बाद गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि समय पर रखरखाव और सुरक्षा व्यवस्था होती तो इतना बड़ा हादसा नहीं होता। ग्रामीणों ने प्रशासन से मृत मवेशियों का उचित मुआवजा, हादसे की तकनीकी जांच तथा दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की है। किसान को इस हादसे से लाखों रुपये का आर्थिक नुकसान होने का अनुमान है।0
0
Report
Advertisement
SC ने भरत तिवारी एनकाउंटर याचिका पर सुनवाई से इंकार किया; हाई कोर्ट जाने विकल्प
Noida, Uttar Pradesh:बिहार में भरत तिवारी एनकाउंटर की CBI जांच की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई से इंकार किया। सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता विशाल तिवारी से कहा कि वो चाहे तो हाई कोर्ट में अर्जी दाखिल कर सकते है। सुनवाई के दौरान जस्टिस एम एम सुंदरेश और जस्टिस शील नागू ने सवाल किया कि याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट जाने के बजाए सीधे आर्टिकल 32 के तहत सीधे सुप्रीम कोर्ट का रुख क्यों नहीं किया। कोर्ट ने याचिका पर सवाल उठाते हुए वकील से यह भी सवाल किया कि आपकी ओर से याचिका दाखिल करने का क्या औचित्य है( यानि इस केस से आपका क्या सम्बंध है) वकील विशाल तिवारी ने कहा कि यह लोगों के जीवन के अधिकार से जुड़ा गम्भीर मसला है।इसलिए उनकी ओर से जनहित याचिका दाखिल की गई है। सुप्रीम कोर्ट पहले भी अपने अहम फैसले में एनकाउंटर को लेकर दिशानिर्देश जारी कर चुका है। हमने याचिका में उन पर प्रभावी अमल की मांग की है। सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई से इंकार करते हुए कहा कि हाईकोर्ट भी इस मामले के सुनवाई करने में समर्थ है।आप चाहे तो हाई कोर्ट का रुख कर सकते है वकील विशाल तिवारी की ओर से दायर इस याचिका में एनकाउंटर में शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और सीबीआई जांच का निर्देश दिए जाने की मांग की गई है। याचिका में सुप्रीम कोर्ट के एक रिटायर्ड जज की निगरानी में एक कमेटी के गठन की माँग की गई है।0
0
Report
गढ़ी कस्बे के ज्यूस सेंटर में आग, दमकल ने पाया नियंत्रण
Banswara, Rajasthan:बांसवाड़ा जिले के गढ़ी कस्बे के मुख्य मार्ग पर संचालित एक ज्यूस सेंटर एंड कैफे में मंगलवार दोपहर अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। कैफे के पीछे स्कूल और आसपास कई दुकाने होने के कारण कुछ देर के लिए इलाके में दहशत का माहौल बन गया। हालांकि कर्मचारियों की सतर्कता और स्थानीय लोगों की तत्परता से समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग की शुरुआती लपटें सबसे पहले कैफे में काम कर रहे स्टाफ की नजर में आईं। उन्होंने तुरंत आसपास मौजूद लोगों को सूचना दी, लेकिन भीषण गर्मी के कारण आग ने कुछ ही देर में तेजी से फैलना शुरू कर दिया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची तथा तत्काल राहत कार्य शुरू किया। फायर ब्रिगेड की टीम ने जल्द ही आग पर नियंत्रण पा लिया। घटना के दौरान कैफे के पास गैस सिलेंडर भी रखा हुआ था, जिससे विस्फोट की आशंका बनी रही। वहीं मुख्य मार्ग पर आग लगने के कारण कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ और सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस और संबंधित विभाग मामले की जांच कर रहे हैं। इस घटना ने एक बार फिर क्षेत्र में संचालित व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। गढ़ी सहित आसपास के कई प्रतिष्ठानों में आज भी अग्निशमन यंत्र जैसी बुनियादी सुरक्षा व्यवस्था तक उपलब्ध नहीं है। यदि समय रहते आग पर काबू नहीं पाया जाता, तो यह घटना बड़ा रूप ले सकती थी। ऐसे में दुकानदारों और प्रतिष्ठान संचालकों को अग्नि सुरक्षा के आवश्यक इंतजाम करना बेहद जरूरी है, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके。0
0
Report
मदन दिलावर के बयान पर विरोध, दोहरे मापदंड का आरोप
Jaipur, Rajasthan:सरकारी शिक्षकों को लेकर दिए गए अपने 'निकम्मा' बयान पर विवाद बढ़ने के बाद शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने यू-टर्न लेते हुए सफाई दी है। शिक्षक संगठनों के तीखे विरोध के बाद मंत्री ने कहा कि उनका बयान प्रदेश के सभी शिक्षकों के लिए नहीं था, बल्कि केवल कुछ लोगों को ध्यान में रखकर दिया गया था। शिक्षा मंत्री ने कहा कि टोंक में एक सामाजिक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने केवल उन शिक्षकों का जिक्र किया था, जो सरकारी स्कूल में पढ़ाने के बावजूद अपने बच्चों को निजी स्कूलों में पढ़ाते हैं। उन्होंने कहा कि सभी शिक्षकों को लेकर ऐसी टिप्पणी नहीं की गई थी। विवाद के बीच मंत्री ने सरकारी स्कूलों के शिक्षकों की खुलकर सराहना भी की। उन्होंने कहा कि इस बार सरकारी स्कूलों का परीक्षा परिणाम काफी बेहतर रहा है और कई महंगे निजी स्कूल भी उनकी बराबरी नहीं कर पाए। उन्होंने इसके लिए शिक्षकों की मेहनत और समर्पण की प्रशंसा करते हुए उन्हें बधाई दी। शिक्षा मंत्री के बयान को लेकर शिक्षक संगठनों का विरोध जारी है। अखिल राजस्थान विद्यालय शिक्षक संघ अरस्तु ने मंत्री के बयान को शिक्षकों का अपमान बताते हुए उन्हें पद से बर्खास्त करने की मांग की है। संगठन का दावा है कि इस टिप्पणी से प्रदेश के करीब चार लाख शिक्षक आहत हुए हैं। जब सामने आया कि शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के पोते कोटा के निजी स्कूलों में पढ़ रहे हैं। विपक्ष और शिक्षक संगठनों ने इसे लेकर मंत्री पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया है।0
0
Report
Advertisement
