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मण्डला: करंजिया निर्माण साइट पर लोहे के एंगल गिरने से गार्ड की मौत, मजदूर घायल

Mandla, Madhya Pradesh:0406ZMP_MANDLA_HADSA_R मण्डला - बिछिया थाना क्षेत्र के करंजिया गांव में निर्माणाधीन ट्रीटमेंट प्लांट में बड़ा हादसा हो गया। काम के दौरान भारी लोहे का एंगल गिरने से एक गार्ड की मौके पर मौत हो गई, जबकि एक मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को जिला अस्पताल मंडला में भर्ती कराया गया है। बताया जा रहा है कि मध्यप्रदेश जल निगम की जल प्रदाय योजना के तहत करंजिया में ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण कार्य चल रहा है। बुधवार दोपहर क्रेन से उठा लोहे का एंगल अचानक नीचे गिर गया, जिसकी चपेट में आने से गार्ड प्रहलाद झरिया की मौत हो गई, जबकि रंजीत साहू घायल हो गया। घटना के बाद निर्माण स्थल पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही बिछिया थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। वहीं हादसे के बाद सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों और मजदूरों ने आरोप लगाया है कि निर्माण स्थल पर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था और मजदूरों को पर्याप्त सुरक्षा उपकरण भी उपलब्ध नहीं कराए गए थे। बाईट - रंजीत साहू - घायल बाईट - रंजीत के पिता
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Malviya Nagar होटल आगकांड: अवैध 25 कमरे, 21 मौतें

Noida, Uttar Pradesh:मालवीय नगर में होटल अग्निकांड भ्रष्टाचार का जीता जागता उदाहरण है। यहां सब कुछ अवैध था। मालिक के पास बी एंड बी (बेड एंड ब्रेकफस्ट) का लाइसेंस था। नियमों के तहत इसमें केवल छह कमरे संचालित हो सकते थे, लेकिन यहां अवैध रूप से पांच मंजिला इमारत में 25 कमरे संचालित किए जा रहे थे। 21 यहाँ पर लोगो की दर्दनाक मौत हो गई उसी तरह फ्लोरिस के दूसरे होटल में भी हादसे का 'पक्का इंतजाम किया हुआ है, फ़्लोरिस इन की दूसरी प्रॉपर्टी में भी घोर लापरवाही सामने दिखाई दे रही है फायर सेफ्टी नियमों का पालन नहीं बेसमेंट में किचन और 5 रूम बने हुए है इतना संकरा बेसमेंट कि एक बार में एक व्यक्ति ही निकल सकता है, लेकिन आजतक कोई कारवाई नहीं की गई
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जमीन विवाद में दो पक्षों के बीच फावड़ों से हमला, घायल

Udaipur, Rajasthan:जमीन विवाद को लेकर फावड़े से हमला खेरवाड़ा. छानी में जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों में कहासुनी के बाद एक पक्ष ने मारपीट कर दी। वही फावड़ों से हमला कर दिया, जिससे चोटें भी लगी।पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रार्थी लालूराम पटेल ने बताया कि मेरा भूखंड छानी के धनोल रोड पर है। जहां निर्माण कार्य के लिए नींव खुदाई करवाई थी। 2 मई शाम को वहां रामजी और बच्चूलाल पटेल आए और फावड़ों से नींव को भरने लगे। मना करने पर गाली गलौज और फावड़े से हमला कर दिया। दोनों ने मेरे पीठ और सिर पर फावड़ा मारा। इस पर मैंने चिल्लाया तो भाई बंशीلال मौके पर पहुंचा। जिसने बीच बचाव किया तो उनसे भी मारपीट की.
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जोधपुर में नगर वन नीति से प्रदूषण और गर्मी के संकट का समाधान

Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर। राजस्थान में न्यायिक फैसलों व उत्तरप्रदेश में ऐतिहासिक फैसले सुनाने वाले इलाहाबाद हाईकोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश गोविन्द माथुर ने पर्यावरण के प्रति चिंता जाहिर करते हुए केन्द्र सरकार व राज्य सरकार को पत्र लिखा है। जोधपुर शहर में नगरीय वन क्षेत्र की आवश्यकता को रेखांकित करते केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह, सांसद पी.पी. चौधरी, राज्यसभा सांसद राजेन्द्र गहलोत, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, विधायक देवेन्द्र जोशी और अतुल भंसाली को पत्र प्रेषित कर जोधपुर में नगरीय वन क्षेत्र को बचाने की अपील की है। पूर्व जस्टिस ने अपने पत्र में लिखा की जोधपुर जिसे प्रायः थार मरुस्थल का प्रवेश द्वार माना जाता है, न केवल ऐतिहासिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह अपनी मेहनती मारवाड़ी जनसंख्या के कारण एक जीवंत नगर भी है। तथापि, यह शहर आज भी कठोर जलवायु परिस्थितियों का सामना कर रहा है, जिनमें अत्यधिक गर्मी तथा जल की निरंतर कमी प्रमुख हैं। यद्यपि हाल के वर्षों में नहर के माध्यम से जल उपलब्धता में सुधार हुआ है, जिससे नागरिकों की न्यूनतम आवश्यकताओं की पूर्ति हो रही है, फिर भी पर्यावरणीय चुनौतियाँ बनी हुई हैं। पिछले कुछ दशकों में शहर में हरियाली में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, किंतु इसके बावजूद जोधपुर में शहरी एवं सामाजिक वानिकी के लिए एक समग्र एवं सुविचारित नीति का अभाव है। बढ़ते प्रदूषण, शहरी ऊष्मा तथा पारिस्थितिक असंतुलन को देखते हुए यह अत्यंत आवश्यक है कि शहर एवं इसके आसपास हरित क्षेत्र के विस्तार हेतु एक संगठित नीति अपनाई जाए। वर्तमान में जोधपुर में सार्वजनिक उद्यानों की संख्या सीमित है, जिनमें उम्मेद सार्वजनिक उद्यान, मण्डोर गार्डन तथा अशोक उद्यान प्रमुख हैं। शहर की बढ़ती जनसंख्या एवं शहरी विस्तार को देखते हुए ये उद्यान नागरिकों की पर्यावरणीय एवं मनोरंजन संबंधी आवश्यकताओं की पूर्ति हेतु अपर्याप्त सिद्ध हो रहे हैं। इस संदर्भ में मैं आपका ध्यान सर्किट हाउस रोड के समीप तथा उम्मेद भवन पैलेस के ढलान क्षेत्र में स्थित एक उपयुक्त भूमि की ओर आकर्षित करना चाहता हूँ। यह भूमि वर्तमान में आयकर विभाग के अधीन है। पूर्व में इस स्थान पर टैक्सेशन विश्वविद्यालय स्थापित करने का प्रस्ताव था, किंतु यह योजना साकार नहीं हो सकी। साथ ही, ऐसे संस्थान की स्थापना के लिए करवर अधिक उपयुक्त स्थान प्रतीत होता है, जहाँ अन्य समान संस्थान भी स्थित हैं। उक्त भूमि का उपयोग जनहित में इस भूमि को एक शहरी वन के रूप में विकसित किया जाए, जिसमें वॉकिंग ट्रैक एवं आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध हों। इस प्रकार का हरित क्षेत्र न केवल प्रदूषण को कम करने एवं शहरी तापमान को नियंत्रित करने में सहायक होगा, बल्कि यह जोधपुर के नागरिकों के लिए एक उत्कृष्ट स्वास्थ्य एवं मनोरंजन स्थल भी प्रदान करेगा। इसके अतिरिक्त, जोधपुर एवं इसके आसपास के क्षेत्रों की भौगोलिक एवं जलवायु परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सामाजिक एवं शहरी वानिकी के लिए एक सुदृढ़ नीति का निर्माण एवं क्रियान्वयन अत्यंत आवश्यक है। इस प्रस्ताव पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए उक्त स्थल पर शहरी वन के विकास हेतु आवश्यक कदम उठाने की कृपा करें, साथ ही एक व्यापक एवं सतत शहरी वानिकी नीति के निर्माण की दिशा में भी पहल करें।
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सहारनपुर चोरी केस: 50 दिन बाद आरोपी गिरफ्तार, 8.35 लाख नकद बरामद

Saharanpur, Uttar Pradesh:सहारनपुर के थाना सरसावा क्षेत्र में हुई लाखों रुपये के आभूषणों की चोरी का पुलिस ने सफल खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी किए गये आभूषणों को बेचकर अर्जित की गई 8.35 लाख रुपये की नकद धनराशि भी बरामद की है। जानकारी के अनुसार, ग्राम कुतुबपुर निवासी राजपाल सिंह ने 15 अप्रैल 2026 को थाना सरसावा में शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात चोर उनके घर में रखे संदूक से सोने-चांदी के आभूषण चोरी कर ले गया। मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहारनपुर अभिनन्दन सिंह के निर्देशन में गठित पुलिस टीम लगातार मामले की जांच में जुटी थी। गुरुवार को मुखबिर की सूचना पर थाना सरसावा पुलिस ने समसपुर से नवादा जाने वाले मार्ग पर निर्माणाधीन मकान के पास से शोएब पुत्र शौकत अली निवासी ग्राम समसपुर को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उसने बताया कि करीब तीन वर्ष पहले वह कुतुबपुर में मोटरसाइकिल रिपेयरिंग का काम करता था, जिसके दौरान उसकी पहचान राजपाल सिंह से हुई और वह उनके घर आने-जाने लगा। इसी दौरान उसे घर में रखे सोने-चांदी के आभूषणों की जानकारी मिली। जब उसे पता चला कि परिवार के अधिकांश सदस्य रिश्तेदारी में गए हुए हैं और घर पर केवल बुजुर्ग पिता मौजूद हैं, तो उसने मौका पाकर संदूक से आभूषण चोरी कर लिए। आरोपी ने बताया कि उसने चोरी किए गए गहनों को अलग-अलग स्थानों पर अंजान लोगों को बेच दिया और प्राप्त रकम का कुछ हिस्सा खर्च कर दिया, जबकि शेष धनराशि घर में छिपाकर रखी थी। पुलिस ने उसके कब्जे से 8.35 लाख रुपये बरामद कर लिए हैं। एसएसपी अभिनन्दन सिंह ने बताया कि मामले में अभी तक शोएब का ही नाम सामने आया है। हालांकि चोरी के आभूषणों को खपाने में अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस आरोपी को न्यायालय में पेश कर आगे की कार्रवाई कर रही है। बाइट... अभिनन्दन एसएसपी
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सीएम की चेतावनी के बावजूद किशनगंज में बालू माफियाओं का अवैध खनन जारी

Kishanganj, Bihar:सीएम सम्राट सरकार के द्वारा बालू माफियाओं के खिलाफ सख्त चेतावनी देने के बाबजूद किशनगंज में बालू माफियाओं की मनमानी चरम सीमा पर है। बालू माफिया किशनगंज जिला प्रशासन को खुलेआम चुनौती देते हुए दिन-दहाड़े अवैध बालू खनन कर सरकारी खजाने को करोड़ों का चूना लगा रहे हैं। तस्वीरें हालामाला पंचायत स्थित मदरसे के पीछे डोंक नदी में माफिया थर्मोकोल के जुगाड़ नावों से नदी का सीना चीरते हुए बालू लूट रहे हैं। बालू माफियाओं की खुफिया व्यवस्था इतनी मजबूत है कि हर चौक-चौराहे पर अपना जासूसी तंत्र तैनात कर रखा है। प्रशासन का पंचायत में आगमन होते ही चौक चौराहों पर खड़े उनके जासूस तंत्र माफिया तक इसकी खबर को पहुचाता है, जिसके बाद माफिया के इशारे पर घाटों में खनन कर रहे लोग मौके से फरार हो जाते हैं। वहीं बिना नंबर वाले ट्रैक्टरों पर बालू लादकर खुलेआम सप्लाई की जा रही है। ये ट्रैक्टर कृषि कार्य के नाम पर बैंक लोन और सरकारी सब्सिडी लेकर अवैध बालू ढुलाई में इस्तेमाल कर रहे हैं। जिला प्रशासन समय-समय पर जुगाड़ नावों को तोड़कर कार्रवाई तो करता है, लेकिन माफिया छापेमारी के दूसरे दिन प्रशासन को फिर चुनौती देते हुए अवैध खनन शुरू कर देते हैं। स्थानीय लोग इन माफियाओं की अवैध संपत्ति जब्त करने की मांग कर रहे हैं, ताकि नदी में अवैध खनन रुक सके और इलाके को बाढ़ की तबाही से बचाया जा सके। वही एसडीपीओ से पूछने पर उन्होंने अवैध बालू खनन करने वालों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि समय रहते अवैध खनन से बाज आये। उन्होंने बताया कि वैसे बालू माफियाओं पर लगाम लगाने के लिए पुलिस उनकी पहचान कर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने के लिए पूरी तरह तैयार है। बाइट 1 : अजित कुमार, स्थानीय। बाइट 2 : ख़ुशरो सिराज SDPO किशनगंज
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तालाब डूबने से दिलीप हांसदा की मौत, गांव में मातम पसरा

Dhanbad, Jharkhand:धनबाद जिले के बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के मरिचो पंचायत अंतर्गत पारघो गांव में तालाब में डूबने से 35 वर्षीय दिलीप हांसदा की मौत हो गई. घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर है, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. जानकारी के अनुसार दिलीप हांसदा मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था. उसके तीन छोटे-छोटे बच्चे हैं. बुधवार दोपहर वह गांव के बाहर स्थित तालाब में स्नान करने गया था, लेकिन देर शाम तक घर वापस नहीं लौटा. इसके बाद परिवार ने खोजबीन शुरू की. मृतक के भाई प्रकाश हांसदा ने बताया कि देर रात तक उन्होंने अपने स्तर से काफी तलाश की, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली. गुरुवार सुबह ग्रामीणों की मदद से तालाब में खोजबीन की गई. काफी मशक्कत के बाद दिलीप का शव तालाब से बरामद किया गया. शव मिलने की सूचना के बाद गांव में मातम छा गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया. घटना की जानकारी मिलने पर स्थानीय जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे और बरवाअड्डा पुलिस को सूचना दी. सूचना मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची तथा शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. जनप्रतिनिधि ने कहा कि इस दुखद घटना की जानकारी गोविंदपुर अंचलाधिकारी को दी गई है और मृतक के आश्रितों को सरकारी सहायता उपलब्ध कराने की मांग की गई है. पुलिस मामले की आवश्यक प्रक्रिया में जुटी हुई है.
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सहारनपुर: तीतरो थाने के दरोगा देशपाल सिंह रिश्वत लेते गिरफ्तार

Saharanpur, Uttar Pradesh:सहारनपुर के तीतरो थाने में तैनात एक सब इंस्पेक्टर को एंटी करप्शन टीम ने 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। शिकायतकर्ता से उसके खिलाफ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दिए गए प्रार्थना पत्र के निस्तारण के बदले रकम मांगी गई थी। गुरुवार दोपहर हुई इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। भ्रष्टाचार निवारण संगठन सहारनपुर मंडल के निरीक्षक कुशलवीर सिंह के नेतृत्व में टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सब इंस्पेक्टर देशपाल सिंह के रूप में हुई है, जो थाना तीतरो में तैनात था। वह मूल रूप से बागपत जिले के काकोर गांव का निवासी है और वर्ष 1993 से पुलिस विभाग में सेवाएं दे रहा है। जानकारी के अनुसार ग्राम असावगढ़ निवासी मुकेश कुमार पुत्र धूम सिंह ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन से शिकायत की थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि उसके खिलाफ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दिए गए एक प्रार्थना पत्र के निस्तारण के लिए दरोगा देशपाल सिंह 10 हजार रुपये की रिश्वत मांग रहा है। शिकायत मिलने के बाद एंटी करप्शन टीम ने मामले की जाँच शुरू की। प्रारंभिक जाँच में आरोप सही पाए जाने पर टीम ने आरोपी को रंगे हाथ पकड़ने की योजना बनाई। गुरुवार को शिकायतकर्ता निर्धारित रकम लेकर पहुंचा। जैसे ही आरोपी दरोगा ने रिश्वत की रकम अपने कब्जे में ली, टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया। एंटी करप्शन टीम ने आरोपी को थाना तीतरो के मुख्य गेट के सामने गुरुवार दोपहर करीब 12:27 बजे गिरफ्तार किया। कार्रवाई के दौरान टीम ने रिश्वत में दी गई रकम बरामद कर ली और आवश्यक साक्ष्य भी एकत्र किए। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को टीम अपने साथ ले गई। कार्रवाई के दौरान थाने और आसपास मौजूद लोगों में भी मामले को लेकर चर्चा होती रही। भ्रष्टाचार निवारण संगठन के अधिकारियों के अनुसार आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत थाना नानौता में मुकदमा दर्ज कराया जा रहा है। मामले की विवेचना संगठन के अधिकारी अमित कुमार सिंह को सौंपी जाएगी।
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पलामू के बरवाडीह-गढ़वारोड रूट पर मालगाड़ी हादसे में 15 वैगन उतरें; ट्रेनें बाधित

Babhandih, Jharkhand:पलामूः धनबाद Railमंडल के बरवाडीह-गढवारोड Railखंड के बीच रजहरा रेलवे स्टेशन से एक किलोमीटर पहले गुरूवार दोपहर बड़ा Rail हादसा हो गया। कोयला लदी एक मालगाड़ी अचानक अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में मालगाड़ी की 15 वैगन पटरी से उतर गईं। घटना गुरूवार दोपहर करीब डेढ बजे के आस पास हुई। गनीमत यह रही कि इस बड़े हादसे में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। लोग बाल-बाल बच गए। यह मालगाड़ी टोरी से मुगलसराय जा रही थी। फिलहाल यह हादसा किन कारणों से हुआ है, इसकी स्पष्ट जानकारी सामने नहीं पाई पाई है। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे के तमाम उच्च अधिकारी और तकनीकी टीम मौके पर पहुंच गयी है। इस दुर्घटना के कारण अप लाइन पर ट्रेनों का आवागमन बाधित हो गया है। रेलवे की टीम युद्ध स्तर पर काम में जुट गई है ताकि ट्रेक को जल्द से जल्द साफ कर ट्रेनों का परिचालन दोबारा सामान्य किया जा सके。 डलटनगंज के यातायात निरीक्षक अनिल कुमार तिवारी ने इस घटना की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि अप लाइन पर परिचालन सामान्य करने का प्रयास तेजी से किया जा रहा है। इधर, रेलवे की ओर से जारी किये गए बुलेटिन में रांची-सासाराम एक्सप्रेस और डेहरी ऑन सोन पैसेंजर को रद्द कर दिया गया है。
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देहरादून में मजार पर अवैध कब्जे हटाने की बड़ी कार्रवाई

Dehradun, Uttarakhand:एंकर देहरादून रेंजर्स कॉलेज मजार को लेकर प्रशासन ने बड़ा एक्शन लिया है। गुरुवार को मजार के आसपास लगने वाला बाजार पूरी तरीके से हटा दिया गया है। आखिर क्या है पूरा मामला देखिए इस रिपोर्ट में भारत सरकार द्वारा वक्फ संपत्तियों को दस्तावेज प्रमाण के साथ उम्मीद पोर्टल पर दर्ज करने की समय सीमा बढ़ाने के बावजूद सैकड़ों संपत्तियां ऐसी सामने आई है जोकि पोर्टल पर दर्ज नहीं की जा सकी है। ऐसा इस लिए हुआ है कि इन संपत्तियों के जरूरी दस्तावेज नहीं मिल रहे। ये भी जानकारी मिली है जिन संपत्तियों को पूर्व में वक्फ में दर्ज कर दिया गया था वो सरकारी भूमि पर अवैध रूप से कब्जे करके बनाई गई थी। उल्लेखनीय है कि वक्फ संपत्ति वो ही कहलाई जाती है जोकि किसी व्यक्ति द्वारा दान में दी गई होती है और उसकी आय से गरीबों का भला किया जाता हो। देहरादून की फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टीट्यूट कॉलोनी कॉन्वेंट रोड की मजार भी ऐसी संपत्ति के रूप में सामने आई है जोकि वक्फ में यूके डीडी 0334 चढ़ा दी गई,जबकि वो वन विभाग की सरकारी भूमि पर है。 अब जब भारत सरकार के उम्मीद पोर्टल पर दर्ज करने का विषय आया तो मजार प्रबंधकों के पास उसके कोई दस्तावेज नहीं मिल रहे, मिलेंगे भी तो कैसे ? वो को दान संपत्ति तो है नहीं और सैय्यद जमाल शाह जिनके नाम की ये मजार है वो इस जमीन के न तो कभी वारिस थे न ही उनके कोई परिजन इसके स्वामी थे。 बताया जाता है कि सैय्यद जमाल शाह के नाम से अन्य स्थानों पर भी फ्रेंचाइजी मजारे बनी हुई है यानि ये स्पष्ट नहीं है कि उनकी असली मजार कौन सी है जहां उन्हें दफनाया गया हो。 फॉरेस्ट रेंजर्स कॉलोनी की इस मजार को लेकर तमाम सवाल भी उठते रहे है कि यहां आने जाने के लिए फॉरेस्ट अनुसंधान केंद्र की कॉलोनी वालो ने ही कई चोर रास्ते खोल रखे है क्योंकि यहां गुरुवार को भीड़ आती है। बाहर कॉन्वेंट रोड पर चादर, गोली प्रसाद, अगरबत्ती का धंधा यहां के खादिम परिवार के लोग चलाते है। खादिम यहां ताबीज बनाने ,झाड़ फूंक करने के बदले मोटी रकम वसूल कर अपना धंधा पानी चला रहे है।खास बात ये भी है इस अंधविश्वास के शिकार हिंदू लोग ज्यादा है क्योंकि मुस्लिम किसी भी मजार पर सजदा करने नहीं जाते वो खुदा के अलावा किसी के आगे नहीं सर नहीं झुकाते। बरहाल ये मजार सरकारी भूमि पर है और इसके खादिमों के पास इसके भूमि संबंधी दस्तावेज नहीं है, जानकारी के अनुसार जिला प्रशासन अब इस पर नोटिस देने की कारवाई करने जा रहा है。 वॉक थ्रू मजार के बाहर से बाजार हटाने को लेकर पुष्कर धामी सरकार ने सरकारी भूमि पर बनी अवैध मजारों को हटाने का काम तेज किया हुआ है अभी तक करीब 6 सौ अवैध मजारों को हटाया जा चुका है।
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Barabanki के नए CMO के शाही स्वागत पर DM ने जांच कमेटी गठित कर दी

Barabanki, Uttar Pradesh:Barabanki जनपद के नए मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर रंजन गौतम के कार्यभार संभालने के दौरान हुए 'शाही स्वागत' के वायरल वीडियो पर जिला प्रशासन ने बेहद कड़ा रुख अख्तियार किया है। सरकारी दफ्तरों में वीआईपी कल्चर को बढ़ावा देने वाली इस घटना को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने न सिर्फ कड़ी नाराजगी जताई है, बल्कि इस पूरे मामले की जांच के लिए एक उच्चस्तरीय कमेटी का भी गठन कर दिया है। बाराबंकी जनपद के नए सीएमओ डॉक्टर रंजन गौतम के कार्यभार संभालने के दौरान हुए वायरल वीडियो पर, जब कर्मचारियों ने उनके स्वागत में रेड कार्पेट बिछा दी और फूलों की वर्षा की, तो इसे लेकर आम जनता में वीआईपी कल्चर और फिजूलखर्ची पर सवाल उठने लगे। इस पूरे विवाद पर सीएमओ डॉक्टर रंजन गौतम ने कहा कि उन्हें इस बात की पूर्व जानकारी नहीं थी; उन्होंने कहा कि कर्मचारियों ने भावनात्मक होकर ऐसा स्वागत किया था और वे भी ऐसे वीआईपी कल्चर के खिलाफ हैं। उन्होंने सख्त निर्देश दिए हैं कि भविष्य में ऐसी घटना न हो। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा, हम जनता के सेवक हैं, न कि दिखावे के लिए आये हैं। जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने कहा कि सरकारी कार्यालयों का माहौल पूरी तरह सादगीपूर्ण रखा जाएगा और इस मामले की जांच कमेटी अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। भविष्य में अधिकारी का ऐसा स्वागत नहीं होगा और न ही बड़े काफिले के साथ गाड़ियों का उपयोग होगा। इस एक्शन के बाद महकमे में हड़कंप मचा है।
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