icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Pinewz
272301
AAAjmat AliFollow4 Feb 2025, 09:25 am

Basti: जितेंद्र सिंह बने बस्ती जिले के कोटेदार संघ के जिलाध्यक्ष, हुआ भव्य स्वागत

Kalyanpur, Uttar Pradesh:

मंगलवार को आदर्श कोटेदार एवं उपभोक्ता वेलफेयर एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष कमलेश मिश्र के नेतृत्व में जितेंद्र सिंह को बस्ती जिले का जिलाध्यक्ष मनोनीत किया गया। इस अवसर पर ब्लॉक अध्यक्ष चंद्रप्रकाश की अध्यक्षता में लालगंज बाजार में एक लॉन में स्वागत समारोह आयोजित हुआ। समारोह में कोटेदार अनिल अग्रहरी, राजेश चौधरी, प्रेम कुमार, महेंद्र, रविंद्र, नंदकुमार, उदयभान, महेश, दिलीप, संदीप, अमन, सचिन, निरंकार समेत तमाम कोटेदारों ने जितेंद्र सिंह का फूल-मालाओं से स्वागत किया। अपने संबोधन में जिलाध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने कहा कि संगठन की मजबूती और कोटेदारों के हितों की रक्षा के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा। उन्होंने सरकार से कोटेदारों के कमीशन बढ़ाने की मांग करने की भी घोषणा की।

0
0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

पठानकोट के माधोपुर में बुजुर्गों का टावर प्रदर्शन, नौकरी देने की मांग का मामला

Pathankot, Punjab:एंकर : अपनी मांगों को लेकर पठानकोट के माधोपुर में दो बुजुर्ग कल से टावर पर चढ़े हुए हैं आज उनके रोश प्रदर्शन का दूसरा दिन है सरकारी अमला लगातार इनसे बातचीत करने की कोशिश कर रहा है परंतु यह अपनी जिद पर अडे हुए हैं कि पहले इनकी मांगे पूरी की जाए उसके बाद ही यह टावर से उतरेंगे इनकी मुख्य मांग है कि उनके घर के एक सदस्य को नौकरी दी जाए जब उनकी जमीने डैम बनाने के लिए एक्वायर की गई थी तो इनको कहा गया था कि उनके एक सदस्य को नौकरी दी जाएगी परंतु उनकी मांगे पूरी नहीं हुई है अपनी मांगों को लेकर पहले भी कई बार यह लोग टावरों पर चढ़ चुके हैं
0
0
Report

हरिद्वार के आश्रम में संत के साथ मारपीट CCTV में कैद, संपत्ति विवाद उजागर

Haridwar, Uttarakhand:हरिद्वार/उत्तराखंड स्लग - हरिद्वार के आश्रम में संत से मारपीट, CCTV में कैद हुई पूरी वारदात संपत्ति विवाद से जुड़ा मामला हरिद्वार के उत्तरी क्षेत्र स्थित कमलदास कुटिया आश्रम में संत के साथ मारपीट ka मामला सामने आया है। आश्रम परिसर में हुई मारपीट की पूरी घटना CCTV कैमरे में कैद हो गई, जिसका वीडियो अब सामने आया है। वीडियो में कुछ लोग एक संत के साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं, जबकि 주변 मौजूद लोग बीच-बचाव का प्रयास करते नजर आ रहे हैं। मामला आश्रम की संपत्ति को लेकर चल रहे विवाद से जुड़ा बताया जा रहा है और दोनों पक्षों की ओर से पुलिस को शिकायत दी गई है। बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले आश्रम के मुख्य महंत ओमप्रकाश शास्त्री ने अपने शिष्य शिव प्रकाश महाराज की चादरपोशी की थी। इसके बाद 24 अगस्त की रात कुछ लोग आश्रम पहुंचे, जहां बातचीत के दौरान दोनों पक्षों में विवाद हो गया। आरोप है कि विवाद बढ़ने के बाद शिव प्रकाश महाराज के साथ मारपीट की गई। महंत ओमप्रकाश शास्त्री ने आरोप लगाया कि उनके शिष्य को चेला बनाए जाने के बाद दूसरा पक्ष नाराज था और आश्रम की संपत्ति को लेकर दबाव बनाया जा रहा था। वहीं शिव प्रकाश महाराज की ओर से भी नगर कोतवाली में शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की गई है। दूसरी ओर दूसरे पक्ष ने भी पुलिस से शिकायत की है। पुलिस CCTV फुटेज और दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर पूरे मामले की जांच कर रही है.
0
0
Report

पटवारियों का धरना: डिजिटल पोर्टल में खामियों पर चेतावनी, अनिश्चितकालीन हड़ताल की धमकी

Charkhi Dadri, Haryana:चरखी दादरी। लंबित मांगों को लेकर पटवारियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। चरखी दादरी कोर्ट परिसर में पटवारी धरने पर बैठ गए और हड़ताल शुरू कर सरकार को साफ चेतावनी दी कि यदि जल्द उनकी मांगों का समाधान नहीं किया गया तो यह हड़ताल अनिश्चितकालीन आंदोलन में बदल जाएगी। पटवारियों ने DCS समाप्त करने और नए डिजिटल पोर्टल में सुधार की मांग को प्रमुखता से उठाया। उनका आरोप है कि सरकार द्वारा लागू की गई नई डिजिटल व्यवस्था में अनेक खामियां हैं, जिसके चलते पटवारियों को रोजमर्रा के काम निपटाने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। तकनीक से काम आसान होने की बजाय कई मामलों में काम का दबाव और दिक्कतें बढ़ गई हैं। धरने पर बैठे पटवारियों ने दो टूक कहा कि कर्मचारियों पर किया जा रहा अत्याचार और अनावश्यक दबाव अब किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने सरकार से मांगों पर तत्काल गंभीरता से बातचीत कर समाधान निकालने की मांग की। पटवारियों का कहना है कि वे लगातार अपनी समस्याओं से सरकार और अधिकारियों को अवगत करा रहे हैं, लेकिन समाधान नहीं होने के कारण उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा। दो दिन की सांकेतिक हड़ताल को सरकार के लिए अंतिम चेतावनी बताते हुए पटवारियों ने कहा कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को व्यापक करते हुए अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी। सरकार के लिए सीधी चेतावनी—अब मांगें मानो, वरना आंदोलन होगा अनिश्चितकालीन पटवारियों के आंदोलन से राजस्व संबंधी कार्य प्रभावित होने की आशंका है। अब देखना होगा कि सरकार कर्मचारियों की मांगों पर क्या कदम उठाती है या फिर पटवारियों का यह विरोध जल्द ही लंबी और अनिश्चितकालीन हड़ताल का रूप ले लेता है।
0
0
Report
Advertisement

विष्णु देव साय का जशपुर दौरा: पेपर लीक पर कठोर कार्रवाई की घोषणा

Begun, Rajasthan:जशपुर दौरे को लेकर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा- जशपुर प्रवास पर जा रहे हैं, दो दिन अपने विधानसभा क्षेत्र में रहेंगे. पंडरीपानी में स्टेट बैंक की नई ब्रांच का शुभारंभ करेंगे.. महतारी सदन का लोकार्पण भी करेंगे.. कृषि विश्वविद्यालय में फिर से पेपर लीक मामले को लेकर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा- कोई बक्शा नहीं जाएगा इस पर भी जांच की जाएगी. दोषी दरों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी... कांग्रेस आदिवासियों को साधने कर रही बड़ी बैठक.. बैठक पर सीएम साय ने कहा- कांग्रेस ने अभी अनुसूचित जनजाति का ध्यान नहीं रखा.. पहली बार अटलजी ने अनुसूचित जनजाति मंत्रालय बनाया.. आज द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति के पद पर विराजमान हैं.. BJP सरकारों ने कई योजनाएं प्रारंभ की हैं.. कांग्रेस ने कभी अनुसूचित जनजाति का हित नहीं किया भाजपा की बैठक को लेकर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा- संगठन को मजबूत करने सदैव बैठक चलती रहती है.. वही रूटीन की बैठक है..
0
0
Report
Advertisement

JPSC-JSSC आंदोलन में पुलिस के खिलाफ आरोप: अमीषा प्रसाद पर गंभीर आरोप

Ranchi, Jharkhand:आज जेपीएससी जेएसएससी रिफॉर्म मंच के द्वारा एक प्रेस वार्ता आयोजित किया उन्होंने कहा कि आंदोलनकारी छात्रा अमीषा प्रसाद ने प्रेस वार्ता के दौरान पुलिस कार्रवाई को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि उन्हें बिना किसी नोटिस के उनके घर से थाने लाया गया और करीब सात घंटे तक थाने में रखा गया। अमीषा प्रसाद का आरोप है कि पुलिस ने करीब दो महीने पुराने अस्पताल से जुड़े एक मामले में उन्हें पूछताछ के लिए बुलाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के दबाव में पुलिस ने यह कार्रवाई की है。 उन्होंने बताया कि JPSC-JSSC आंदोलन के दौरान पुलिस ने पहले कहा था कि उनके खिलाफ कोई मामला दर्ज नहीं है, लेकिन अगले ही दिन उनके खिलाफ केस दर्ज कर दिया गया। अमीषा ने सवाल उठाया कि जब पहले कोई केस नहीं था, तो अगले दिन मामला कैसे दर्ज हो गया। उन्होंने यह भी कहा कि एक अज्ञात व्यक्ति की शिकायत के आधार पर भी उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है。 अमीषा ने कहा कि पुलिस उन्हें छात्रा के बजाय फाउंडेशन की सदस्य बता रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर वह पढ़ाई नहीं कर रही हैं, तो क्या उन्हें JPSC-JSSC आंदोलन का समर्थन करने का अधिकार नहीं है。 अस्पताल से जुड़े मामले पर उन्होंने कहा कि उन्होंने किसी तरह की तोड़फोड़ नहीं की है और पुलिस सीसीटीवी फुटेज की जांच कर सकती है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि पुतला दहन के दिन उनके साथ कथित तौर पर हुई कार्रवाई को लेकर पुलिस कुछ क्यों नहीं कह रही है। अमीषा ने कहा कि उनकी लड़ाई किसी व्यक्ति या व्यक्तिगत मुद्दे को लेकर नहीं है, बल्कि छात्रों के अधिकार और JPSC-JSSC परीक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर है。 JPSC-JSSC रिफॉर्म मंच के आंदोलनकारी छात्र राधे कुमार ने सरकार और प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि झारखंड के 24 जिलों में छात्रों और कार्यकर्ताओं के खिलाफ पुलिस प्रशासन की कार्रवाई की गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई जगह छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया。 राधे कुमार ने कहा कि अगर कार्यकर्ता ही पुलिस की तरह कार्रवाई कर रहे हैं और छात्रों पर कथित तौर पर बर्बरता कर रहे हैं, तो सरकार को प्रशासनिक व्यवस्था की समीक्षा करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि JPSC-JSSC रिफॉर्म मंच का आंदोलन शांतिपूर्ण रहा है। जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में 26 दिनों तक चले आंदोलन के दौरान भी छात्रों ने किसी तरह की तोड़फोड़ नहीं की। राधे कुमार ने मुख्यमंत्री से छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने और कथित परीक्षा अनियमितताओं की CBI जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि पहले CID की ओर से पेपर लीक नहीं होने की बात कही गई थी, लेकिन बाद में पेपर लीक से जुड़े मामलों में कार्रवाई की खबरें सामने आईं। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर पहले क्लीन चिट दी गई थी, तो बाद में पेपर लीक के मामले सामने कैसे आए। राधे कुमार ने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और यह जांच CID के बजाय CBI से कराई जानी चाहिए।
0
0
Report

कोटपूतली में पगार लंबित: MRG के कर्मी धरने पर

Jaipur, Rajasthan:कोटपूतली क्षेत्र में पनियाला सड़क निर्माण कार्य में जुटी एमआरजी (MRG) कंपनी पर आरोप लगाते हुए कर्मचारियों और मजदूरों ने मोर्चा खोल दिया है। पिछले तीन महीनों से बकाया वेतन का भुगतान न होने से आक्रोशित कार्मिकों ने कंपनी प्रबंधन के खिलाफ धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। पीड़ित कर्मचारियों का आरोप है कि वे पिछले तीन माह से लगातार काम कर रहे हैं, लेकिन उन्हें पारिश्रमिक नहीं दिया गया है। जब उन्होंने आगामी त्योहारों के सीजन को देखते हुए अपने हक के वेतन की मांग की, तो कंपनी प्रबंधन ने संवेदनहीन रवैया अपनाते हुए उन्हें काम से बाहर निकालने का फरमान सुना दिया। प्रदर्शनकारी मजदूरों ने बताया कि त्योहारों के समय वेतन न मिलने से उनके सामने रोज़ी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। प्रबंधन से कई बार गुहार लगाने के बावजूद जब कोई सुनवाई नहीं हुई और उल्टा उन्हें नौकरी से निकालने की धमकी दी गई, तो उनका गुस्सा फूट पड़ा। कंपनी की इस मनमानी और अड़ियल रवैये से आक्रोशित होकर कार्मिकों व मजदूरों ने भारी रोष व्यक्त किया और एमआरजी कंपनी के गेट पर धरना शुरू कर दिया है। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि जब तक उनका पूरा बकाया वेतन जारी नहीं किया जाता तब तक धरना जारी रहेगा। सड़क निर्माण कंपनी के इस विवाद में अब देखना यह होगा कि स्थानीय प्रशासन व कंपनी प्रबंधन इस मामले में क्या कदम उठाता है。
0
0
Report
Advertisement

तेज रफ्तार कार के सामने ऑटो पलटा; परिवार समेत पांच घायल, जांच शुरू

Banswara, Rajasthan:जिला - बांसवाड़ा विधानसभा- बांसवाड़ा लोकेशन - बांसवाड़ा हादसे में एक बच्चा, दो महिलाएं और दो पुरुष शामिल हैं। टेंपो पलटते ही स्थानीय लोग मौके पर दौड़े और घायलों को बाहर निकाला। हादसे में किसी के पैर, तो किसी के हाथ और चेहरे पर गंभीर चोटें आई हैं। सभी घायलों को तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया है, जहां चिकित्सकों ने उन्हें भर्ती कर उपचार शुरू किया। घायलों की पहचान हनोक पिता खेमजी, इत्रीरी पत्नी सुनील, सीमा पत्नी निकेश, रोहित पिता निकेश और निकेश पिता बहादूर के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि तेज रफ्तार कार के अचानक सामने आने से टेंपो चालक का संतुलन बिगड़ गया और वाहन सड़क पर पलट गया। पुलिस ने हादसे की जानकारी जुटाकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
0
0
Report
Advertisement

रोहड़ू नदी में डूबे दो किशोर, NDRF की टीम शिमला से पहुंची, तलाश जारी

Shimla, Himachal Pradesh:रोहड़ू में पब्बर नदी में डूबे दो किशोर, नहीं लगा अब तक कोई सुराग शिमला से बुलाई NDRF की टीम तलाश में जुटी शिमला जिले के रोहड़ू में मंगलवार शाम पब्बर नदी में नहाने उतरे दो 16 वर्षीय किशोर गहरे पानी में डूब गए। दोनों का देर रात तक कोई सुराग नहीं लग पाया। हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर सर्च ऑपरेशन शुरू किया, लेकिन अंधेरा होने के कारण तलाश रोकनी पड़ी। बुधवार सुबह फिर से दोनों की तलाश शुरू कर दी गई है। जानकारी के अनुसार, दोनों किशोर स्कूल से लौटने के बाद पब्बर नदी में नहाने के लिए उतरे थे। इसी दौरान वे गहरे पानी में चले गए और डूब गए। साथ मौजूद स्कूली बच्चों ने घटना की सूचना प्रशासन को दी। प्रशासन को नदी किनारे दोनों किशोरों के कपड़े और जूते मिले हैं। स्थानीय स्तर पर तलाश अभियान चलाने के बाद अब शिमला से NDRF की टीम को भी रोहड़ू बुलाया गया है। टीम नदी में दोनों किशोरों की तलाश कर रही है.
0
0
Report

खम्भात में पशु-पक्षी मौत: GPCB ने Air Act के तहत कड़ी कार्रवाई शुरू की

Anand, Gujarat:એન્કર: ખંભાતમાં પશુ-પક્ષિયોના મોત અને પાકને થયેલા નુકસાનના મામલે હવે મોટી કાર્યવાહી સામે આવી છે... કથિત ઝેરી ગેસના મુદ્દે ચાલી રહેલી તપાસમાં ગુજરાત પ્રદૂષણ નિયંત્રણ બોર્ડ એટલે કે GPCB દ્વારા રોહન ડાઈઝના બે્યો યુનિટ અને જય કેમિકલને Air Act હેઠળ દિશાનિર્દેશ આપવામાં આવ્યા છે. GPCBના અધિકારી સાથેની વાતચીતમાં મહત્વનો ખુલાસો થયો છે કે તપાસ દરમિયાન કોઈ એક કંપનીને પશુ-પક્ષીઓના મોત માટે સીધી રીતે જવાબદાર ઠેરવી શકાય તેવો સ્ટ્રોંગ ડાયરેક્ટ એવિડન્સ મળ્યો નથી. પરંતુ તપાસમાં મળેલા સર્કમસ્ટેન્શિયલ એવિડન્સના આધારે પ્રાઇમા ફેસી સંડોવણીની શક્યતા જણાતા રોહન ડાઈઝ અને જય કેમિકલને જરૂરી રેમેડિયલ મેઝર્સ લેવા દિશાનિર્દેશ આપવામાં આવ્યા છે. ખાસ વાત એ છે કે આ માત્ર સામાન્ય નોટિસ નથી, પરંતુ Air Prevention and Control of Pollution Act, 1981ની કલમ 31-A હેઠળના દિશાનિર્દેશ છે. વટાદરા અને વત્ત્રા ગામની સીમમાં અગાઉ 200 જેટલા પક્ષીઓના મોત અને 400થી 500 વીઘા ડાંગરના પાકને નુકસાનના આક્ષેપો થયા હતા. આ ઉપરાંત વૈણજ-આખોલના દરિયાઈ ભાઠા વિસ્તારમાં 7 ભેંસોના મોત અને અન્ય पशુઓની તબિયત લથડવાના મામલે પણ તપાસ ચાલી રહી છે. મૃત પશુઓના સેમ્પલ FSLમાં મોકલવામાં આવ્યા છે, જ્યારે GPCB દ્વારા અસરગ્રસ્ત વિસ્તારમાંના હવા અને પાણીના સેમ્પલ પણ લેવામાં આવ્યા છે. જોકે સમગ્ર ઘટનામાં પશુ-પક્ષીઓના મોતનું ચોક્કસ કારણ હજુ સત્તાવાર રીતે સામે આવ્યું નથી અને લેબોરેટરી તથા ફોરેન્સિક રિપોર્ટ બાદ જwhole હકીકત સ્પષ્ટ થશે. સ્ક્રોલ: ખંભાતમાં પશુ-પક્ષીઓના મોત મામલે GPCBની મોટી કાર્યવાહી રોહન ડાઈઝના બંને યુનિટને Air Act હેઠળ દિશાનિર્દેશ જય કેમિકલને પણ પર્યાવરણીય અસર અટકાવવા આદેશ Air Actની કલમ 31-A હેઠળ GPCBની કાર્યવાહિ કંપનીની સીધી સંડોવણીનો સ્ટ્રોંગ એવીડન્સ નથી મળ્યો સર્કમસ્ટેન્શિયલ એવિડન્સથી પ્રાઇમા ફેસી સંડોવણીની શક્યતા રોહન ડાઈઝને જરૂરી રેમેડ Rial મ Mavericks લેવા દિશાનિર્દેશ GPCBની ટીમે ઔદ્યોગિક એકમોમાં તપાસ કરી પશુ-પક્ષીઓના મોતનો કારણ હજુ સત્તાવાર રીતે સ્પષ્ટ નથી મૃત પશુઓના સેમ્પલ FSLમાં મોકલાયા છે GPCBએ અસરગ્રસ્ત વિસ્તારના પાણીના સેમ્પલ પણ લીધા હતા હવામાંના સેમ્પલ પણ લેવામાં આવ્યા હતા વટાદરા-વત્રામાં પહેલાં 200 પક્ષીઓના મોત થયા હતા 400થી 500 વીઘા ડાંગરના પાકને નુકસાનના આક્ષેપ વૈણજ-આખોલમાં 7 ભેંસોના મોતથી ફરી સવાલો સમગ્ર મામલે કેમિકલ કંપનીઓ ઉપર GPCBની સતત વોચ બાઈટ / સુરેશ મીાળા (જિલ્લા વન અધિકારી)
0
0
Report

बच्चों को पैसे देकर नारे लगवाने की कोशिश पर घमासान; प्रशासन से मांगी जवाबदेही

Noida, Uttar Pradesh:लोगों की प्रतिक्रिया बताया गया व्यवहार गलत है। बच्चों को पैसे का लालच देकर उनसे कोई राजनीतिक या धार्मिक नारा लगवाने की कोशिश करना, और उनके मना करने पर उनसे सवाल-जवाब करना या उन पर दबाव डालना—यह सामान्य बातचीत से आगे बढ़कर जबरदस्ती करने जैसा व्यवहार है, खासकर इसलिए क्योंकि इसमें बच्चे शामिल हैं। साथ ही, क्या उन पर्यटकों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाना चाहिए, यह उनके खास व्यवहार और लागू कानूनों पर निर्भर करता है। अगर डराने-धमकाने, परेशान करने, जबरदस्ती करने, बदसलूकी करने या किसी और गंभीर अपराध (कॉग्निजेबल ऑफेंस) का मामला बनता है, तो संबंधित अधिकारियों को इसकी जांच करनी चाहिए, न कि सिर्फ़ वीडियो देखकर ही उन्हें अपराधी मान लेना चाहिए। बच्चों ने जो नारा नहीं लगाना चाहा, उसे न लगाने के उनके फैसले का कम से कम सम्मान तो किया ही जाना चाहिए था। भारतीय होने का मतलब यह नहीं है कि कोई बच्चा पैसे के बदले कहे जाने पर नारा लगाने के लिए मजबूर हो।
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top