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Akhand Pratap SinghAkhand Pratap SinghFollow26 Dec 2024, 11:48 am

Ayodhya - गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री लक्ष्मीकांत पार्सेकर ने वन नेशन वन इलेक्शन का समर्थन किया

Ayodhya, Uttar Pradesh:

गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री लक्ष्मीकांत पार्सेकर ने वन नेशन वन इलेक्शन का समर्थन किया है, पार्सेकर ने कहा इससे धन और समय की बचत होगी, यह केंद्र सरकार का अच्छा फैसला है, बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्या पर बोले लक्ष्मीकांत पार्सेकर, हमारा शीर्ष नेतृत्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जिन्होंने राम मंदिर का निर्माण करवाया वे इस समस्या का भी हल निकाल लेंगे, मोदी है तो मुमकिन है, बाबा साहब अंबेडकर पर गृहमंत्री अमित शाह की टिप्पणी पर बोले लक्ष्मीकांत पार्सेकर, कहा यह विपक्ष का फ्रस्ट्रेशन है।

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एमपी बोर्ड के फैसले से छात्राओं के सपने डगमग, दूर केंद्रों में परीक्षा मुश्किल

Damoh, Madhya Pradesh:एमपी बोर्ड के फरमान से बच्चों में नाराजगी, कहीं 70 तो कहीं 80 किलोमीटर दूर बना दिया परिक्षा सेंटर... एंकर/ माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा लिए गए निर्णय ने प्रदेश के कई जिलों के स्कूली बच्चों को न सिर्फ निराश किया है बल्कि एक निर्णय बच्चों का साल तक बर्बाद कर सकता है और ये बात चिंता का कारण है ये निर्णय बोर्ड के सप्लीमेंट्री एग्जाम के सेन्टर्स को लेकर है और दसवीं और बारहवीं की पूरक परीक्षाएं देने वाली अधिकांश छात्रायें मुश्किल में है। दरअसल एमपी बोर्ड द्वारा दसवीं और बारहवीं की पूरक परीक्षाएं यानी सप्लीमेंट्री एग्जाम 7 मई से कराए जा रहे है इसके लिए बोर्ड ने पूरी तैयारियां भी कर ली है लेकिन कई इलाकों में बच्चों की परीक्षा के सेंटर उनके गांव से कहीं 70 तो कहीं 80 किलोमीटर दूर बनाए गए है। अब जरा इन तस्वीरों को देखिए , ये जगह है सागर जिले के देवरी का एसडीएम आफिस , आफिस के बाहर मौन होकर बैठी ये स्कूली छात्राएं है जो देवरी के सरकारी स्कूल की दसवीं और बारहवीं की छात्राएं है, बोर्ड के मेन एग्जाम में इन्हें सप्लीमेंट्री आई है और किसी का एक तो किसी के दो पेपर होने है। बच्चियों ने फिर से पढ़ाई की लेकिन बोर्ड इन देवरी की जगह सागर में इनका एग्जाम सेंटर बना दिया, इनकी संख्या लगभग दो सौ के पार है, अधिकांश गरीब तबके से आने वाली और मजदूरों की बेटियां है, जैसे तैसे पढ़ाई कर रही है लेकिन जब बात कई किलोमीटर का सफ़र तय करने की आई तो इनके माता पिता परीक्षा दिलाने से मना कर रहे है और इन छात्राओं ने एसडीएम को आकर अपनी तकलीफ बताई है। ये आलम सिर्फ देवरी का नहीं बल्कि दमोह जिले से भी ऐसा ही मामला सामने आया है। दमोह जिले के हटा ब्लाक के रजपुरा और उससे लगे दर्जन भर गांव की 300 से ज्यादा छात्राओं को 100 किलोमीटर का सफर तय करना पड़ेगा, इन्हें परीक्षा देने जाने के लिए अपने गांव से पहले ब्लॉक मुख्यालय हटा फिर जिला मुख्यालय दमोह को पार कर जबेरा जाना पड़ेगा, आम तौर पर परीक्षा केंद्र तक यात्री बसों से पहुंचने पर इन्हें करीब ढाई से तीन घंटे कम से कम लगेंगे, ये छात्राएं भी गरीब मजदूर परिवारों के साथ आदिवासी वर्ग के वनांचल में रहने वाली वनवासी छात्राएं है जो इतनी दूर परीक्षा देने जाने में सक्षम नहीं है और अधिकांश छात्राओं ने एग्जाम न देने का मन बना लिया है। इलाके के कुछ जागरूक लोगों ने इस समस्या को लेकर प्रशासन और शिक्षा विभाग के अफसरों को सूचित किया लेकिन अफसोस की शिक्षा अधिकारी और प्रशासनिक अफसरों ने इस समस्या पर कोई गौर नहीं किया है। हालांकि सागर जिले के देवरी के एसडीएम ने जरूर बेटियों की परेशानी को समझते हुए मानवीयता दिखाई है और उन्होंने शिक्षा अधिकारी स्कूलों के प्रिंसिपल और जिला प्रशासन के अधिकारियों से बात कर एक व्यवस्था बनाई है कि संख्या बल के आधार पर हर दिन जब एग्जाम होगा उन बच्चियों को प्रायवेट स्पेशल बस द्वारा देवरी से सागर भेजा जाएगा इनके साथ महिला टीचर्स होंगी और सुरक्षित तरीके से छात्राओं को जाने और लाने का काम किया जायेगा। इन तमाम बातों ने ये साफ कर दिया है कि माध्यमिक शिक्षा मंडल में अराजकता का माहौल है, बिना सोचे समझे निर्णय लिए जा रहे है और जानकारी के अभाव में परीक्षा सेंटर बनाए गए और बोर्ड की इस नादिरशाही का खामियाजा गरीब बच्चियों को भुगतना पड़ रहा है। बाइट/ पीड़ित छात्राएं/ अभिभावक बाइट/ मुनव्वर खान ( एसडीएम देवरी सागर)
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ईओ के विरुद्ध अभद्र टिप्पणी से गुस्सा आए सफाई कर्मचारियों ने कांग्रेस नेता के घर के बाहर लगाया कूड़ा

AKArif khanFollowJust now
Khatauli, Uttar Pradesh:खतौली में कांग्रेस नेता के घर के बाहर कूड़ा डालने को लेकर नगर में मचा हड़कम नगर पालिका कर्मचारियों पर लग रहा जबरन घर के बाहर कूड़ा डालने का आरोप मौके पर पहुंची पुलिस के साथ भी नगर पालिका कर्मचारियों द्वारा की गई अभद्रता थाने के बाहर भी नगर पालिका के चर्चित नेताओं द्वारा किया गया धरना प्रदर्शन इसके बाद नगर पालिका ईओ के समक्ष पहुंचा पूरा मामला जहां मौके पर पहुंची खतौली पुलिस ने जब नगर पालिका कर्मचारियों को समझाने का प्रयास किया तो कुछ चर्चित नेता आग बबूला हो गए इसके बाद पुलिस ने हल्का बल प्रयोग करते हुए कई युवको को हिरासत में लिया है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार नगर के कुछ सम्मानित व्यक्ति समझौता करने के प्रयास में जुटे हुए हैं
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तरसोद गणपति मंदिर: 400-500 वर्ष पुराना जागृत देवस्थान, शिवाजी से जुड़ी परंपरा

Jalgaon, Maharashtra:जळगाव जळगाव शहरापासून पाच किमी अंतरावर तरसोद फाटा आहे. या फाट्यापासून अवघ्या तीन किलोमीटरवर पेशवे कालीन गणरायाचे जागृत देवस्थान आहे. संपूर्ण जळगाव जिल्हयातील भाविक आवर्जून येथे दर्शनासाठी येत असतात. पेशवेकालीन श्रीगणेशाची मूर्ती भव्य आणि तेजस्वी आहे. या ठिकाणी मराठा फौजा या विश्रांती घेत असल्याची देखील माहिती समोर आली आहे शिवरायांची पहिली पत्‍नी येसूबाई नाईक निंबाळकर घराण्यातीलच होत्या. असा ऐतिहासिक वारसा देखील तरसोदच्या जागृत गणरायाला आहे. तरसोद गणपतीच्या विश्वस्थ मंडळाच्या वतीने 400 ते 500 वर्ष पुरातन जळगावच्या तरसोद येथील गणपतीच्या तीर्थक्षेत्रावर भाविकांची मोठी गर्दी. आज अंगारकी चतुर्थी असल्याने पहाटे चार वाजेपासूनच भाविकांसाठी मंदिर खुल करण्यात आले असून भाविकांची मोठी गर्दी झाली आहे. जागृत देवस्थान असल्याने गणपतीच्या दर्शनासाठी भाविकांच्या रांगे लागल्याचे चित्र पाहायला मिळत आहे. 1662 साली मंदिराची स्थापना करण्यात आली असून छत्रपती शिवाजी महाराजांचा या ठिकाणी साखरपुडा पार पडल्याची आख्यायिका आहे. छत्रपती शिवाजी महाराज, पेशवे या ठिकाणी दर्शनाला आल्याची तसेच त्यांनी देणगी दिल्याची देखील या ठिकाणच्या ग्रामपंचायत मध्ये नोंद आहेत. अतिशय पुरातन व जागृत देवस्थान असल्यामुळे मनोकामना पूर्ण व्हावी यासाठी भाविक राज्यभरातून दर्शनासाठी येत असतात. याच ठिकाणी घाबरातून आढावा घेतला आमचे प्रतिनिधी वाल्मीक जोशी यांनी..
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नरसिंहपुर में उपार्जन केंद्र पर भीड़ से किसानों को स्लाइड बुक बावजूद गेहूं तौलना मुश्किल

Narsinghpur, Madhya Pradesh:नरसिंहपुर जिले में उपार्जन केंद्र पर भीड़ से किसानों को स्लाइड बुक बावजूद गेहूं तौलना मुश्किल नरसिंहपुर जिले में समर्थन मूल्य पर उपार्जन के दौरान गेहूं की खरीदी की जा रही है। पर किसानों के ट्रैक्टर अधिक भीड़ होने के चलते किसान अपनी स्लाइड बुक करके 5-5 दिन लाइन में लग रहे हैं। जब तक किसान का ट्रैक्टर गेहहूं तुलवाने पहुँचता है तब तक स्लाइड बुक का समय निकल जाता है जिससे बहुत से किसान अपनी गेंहू की फसल को नहीं तौलवा पा रहे हैं। समिति प्रबंधक बताते हैं किसानों का एक बार ही स्लाइड बुक होता है और स्लाइड बुक को डिलीट करने का विकल्प भी नहीं है। जिन किसानों का स्लाइड बुक के समय गेहूं तुलेगा उन्हीं किसानों का बिल बनेगा। अधिक भीड़ के कारण किसान 5-5 दिन लाइन में लगने के बाद गेंहू की फसल नहीं तुलवा पा रहे हैं जिससे किसान परेशान हो रहे हैं। किसानों ने मांग की है कि किसानों को दोबारा स्लाइड बुक करने का मौका दिया जाए।
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थ्रेसर में फंसने से किसान के हाथ घायल, ड्राइवर ने तुरंत इंजन बंद किया

Jaisalmer, Rajasthan:जिला जैसलमेर विधानसभा - पोकरण लोकेशन - लाठी थ्रेसर में फंसने से किसान का हाथ हुआ लहूलुहान:फसल की कटाई करते समय हुआ हादसा,ट्रैक्टर ड्राइवर ने इंजन बंद कर बचाई जान लाठी, जैसलमेर लाठी में फसल की कटाई करते समय किसान का हाथ थ्रेसर में फंस गया। इसी दौरान ट्रैक्टर ड्राइवर ने फुर्ती दिखाते हुए ट्रैक्टर का इंजन बंद कर दिया, जिससे बड़ा हादसा होने से टल गया। हालांकि हादसे में किसान के हाथ पर गंभीर चोट लगने से खून बहने लगा। गांव के सामाजिक कार्यकर्ता जेठूसिंह भाटी ने अपने निजी वाहन से तुरंत उसे इलाज के लिए स्थानीय अस्पताल पहुंचाया, जहां उसे पोकरण रेफर कर दिया गया। हादसे के समय घटना केरालिया गांव में हुई। जानकारी के अनुसार चोहटन के रतासर गांव निवासी बच्चाए खां 50 वर्ष, केरालिया गांव के पास एक नलकूप पर ट्रैक्टर थ्रेसर से फसल की कटाई कर रहाथा, अचानक उसका थ्रेसर की चपेट में आ गया और अंदर खींचता चला गया। इसी दौरान वहां खड़े ट्रैक्टर ड्राइवर ने फुर्ती दिखाते हुए तुरंत ट्रैक्टर बंद कर दिया। थ्रेसर को उल्टा घुमाकर बच्चाए खां का हाथ बाहर निकाला, जिसमें काफी चोट लगने से खून बह निकला। मौके पर मौजूद लोगों उसके हाथ पर कपड़ा लपेट दिया। गांव के सामाजिक कार्यकर्ता जेठूसिंह भाटी कि और से अपने वाहन से तुरंत स्थानीय अस्पताल पहुंचाया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद पोकरण रेफर करने पर परिजन उसे लेकर पोकरण अस्पताल ले गए। वहां मौजूद ने डॉक्टर ने भर्ती करने के साथ ही उसका इलाज शुरू किया। घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने बताया कि अगर समय रहते ड्राइवर ने ट्रैक्टर का इंजन बंद नहीं किया होता तो गंभीर हादसा होता, यहां तक की उसकी जान भी जा सकती थी।
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शहीद चौक पर कार डिवाइडर से टकराई, राहत: हताहत नहीं

Ranchi, Jharkhand:राजधानी रांची के व्यस्ततम इलाकों में शामिल शहीद चौक पर एक कार हादसे का शिकार हो गई। कार ने डिवाइडर को इतनी जोरदार टक्कर मारी कि डिवाइडर पूरी तरह क्षतिग्रस्त होकर अलग हो गया। हालांकि राहत की बात यह रही कि इस हादसे में कोई भी हताहत नहीं हुआ। कार चालक का कहना है कि अचानक सड़क पर एक बच्चा आ गया था, जिसे बचाने की कोशिश में उसने गाड़ी मोड़ी, लेकिन इसी दौरान कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से जा टकराई। हादसे के बाद मौके पर भारी संख्या में लोग जुट गए, जिसके बाद पुलिस मौके पर मौजूद पुलिस ने स्थिति को संभाल है और जांच में जुड़ गई है
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बरगी बांध क्रूज हादसे के बाद नोबेल अस्पताल का लाइसेंस एक महीने निलंबित

Jabalpur, Madhya Pradesh:एंकर। बरगी बांध के क्रूज हादसे में घायल हुए नेपाल के परिवार से इलाज के बाद पैसे वसूल रहे नोबेल अस्पताल का लाइसेंस प्रशासन एक माह के लिए निरस्त कर दिया है गुरुवार को हुई घटना के बाद जैसे-तैसे नोबेल मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल और जबलपुर हॉस्पिटल पहुंचे।जहां घायलों को प्राथमिक उपचार किया गया और फिर पीड़ितों को बिल् थमा दिया। शिकायत सामने आने के बाद प्रशासन ने जांच शुरू की है संभागीय कमिश्नर सीएमएचओ को तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे स्वास्थ्य विभाग ने नोबेल मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल का लाइसेंस एक माह के लिए निलंबित कर दिया है हालांकि पूरे मामले की जांच की आदेश दिए गए हैं \nबाइट पीड़ित महिला\nबाइट   जिला स्वास्थ्य अधिकारी नवनीत कोठारी
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