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Vineet Kumar AgarwalVineet Kumar AgarwalFollow20 Jan 2025, 03:43 pm

Amroha - भाकियू (शंकर) 23 जनवरी को हसनपुर में करेगी धरना-प्रदर्शन

Amroha, Uttar Pradesh:

भाकियू (शंकर) 23 जनवरी को हसनपुर में करेगी धरना-प्रदर्शन भाकियू (शंकर) ने 23 जनवरी को हसनपुर उपजिलाधिकारी कार्यालय पर किसानों की समस्याओं को लेकर विशाल धरना-प्रदर्शन का ऐलान किया है. सोमवार को हसनपुर में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी दिवाकर सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने कई मुद्दों पर अधिकारियों से त्वरित समाधान की मांग की.मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को सम्बोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी को सौंपा गया. 23 जनवरी को होने वाले धरने में क्षेत्रीय अधिकारियों को समस्याओं के समाधान के लिए उपस्थित होने की चेतावनी दी गई है।

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तिवनी में दरवाजे पर बम मिले; डीबीटीएस ने डिफ्यूज किया, पुलिस जांच में जुटी

Satna, Madhya Pradesh: सतना। जिले के रामपुर बघेलान थाना अंतर्गत तिवनी गांव के एक घर के मेन गेट पर बीयर की बॉटल में नॉन इलेक्ट्रिक कमर्शियल बम देखे जाने के बाद गांव समेत पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। सोमवार को सुबह 9 बजे बम देखे जाने की खबर जिला मुख्यालय में पुलिस कंट्रोल रुम को मिली। खबर मिलने पर बीडीटीएस की 3 सदस्यीय टीम रामपुरबघेलान थाने से पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंची। बॉटल में बम तिवनी के देवी टोला निवासी गोलू पिता छोटेलाल कोरी के घर के दरवाजे पर रखा था। गोलू वेल्डिंग मैकेनिक है। पुलिस का मानना है कि इसे देर रात रखा गया होगा। बीडीटीएस की टीम द्वारा स्केनिंग से पता चला कि बम को कांच की बोतल में मैकेनिज्म, जिलेटिन , कोडेक्स और डिटोनेटर से एसेम्बेल्ड किया गया था। माना जा रहा है कि अगर इसके सेफ्टी फ्यूज में आग लगाई जाती तो ये बम तकरीबन 600 वर्ग फीट का एरिया उड़ाने में सक्षम था। बम में प्रयुक्त सभी सामग्री प्राय: माइंस में विस्फोटक के रुप में इस्तेमाल की जाती है। टीम ने बम को डिफ्यूज कर उसके अलग-अलग पार्ट्स की जब्ती बनाई है। टीम में कांस्टबल लक्ष्मी नारायण तिवारी एवं भूपेंद्र पटेल भी शामिल थे। तिवनी के देवी टोला से बरामद नॉन इलेक्ट्रिक कमर्शियल बम के पीछे आखिर, कौन है? इस संबंध में पुलिस हर पहलू की पड़ताल कर रही है.
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पन्ना जेल से रिहाई के बीच अमित भटनागर की गुपचुप गिरफ्तारी पर परिजनों में नाराजगी

Panna, Madhya Pradesh:सोमवार की शाम को पन्ना जेल से रिहाई के साथ-साथ अमित भटनागर की हुई गुपचुप गिरफ्तारी से अमित भटनागर के परिजन खासे परेशान और नाराज हैं उनके भाई अंकित भटनागर ने एक वीडियो जारी कर यह आप प्रशासन पर लगाया है कि उनकी गिरफ्तारी की कोई जानकारी उन्हें नहीं दी गई है उन्हें नहीं पता है कि उनके भाई अमित भटनागर को कहां रखा गया है उन्हें किसने गिरफ्तार किया है और किन आरोपों में गिरफ्तार किया है। अमित भटनागर की दोबारा गिरफ्तारी की बात उनके समर्थकों में काफी नाराजगी देखी जा रही है वायरल वीडियो अंकित भटनागर
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तड़म बाघ ट्रेंकुलाइज: डीएनए से दो मौतों की वजह साफ होगी

Noida, Uttar Pradesh:तड़म गांव के सल्ट ब्लॉक के कॉर्बेट से सटे इलाके में पिछले डेढ़ माह से दहशत का कारण बने संदिग्ध बाघ को वन विभाग और कॉर्बेट प्रशासन की टीम ने ट्रेंकुलाइज कर लिया है. बाघ को उस क्षेत्र से पकड़ा गया है, जहां हाल ही में दूसरी घटना हुई थी. अब विभाग इस बात की पुष्टि करने में जुटे हैं कि यही बाघ दोनों ग्रामीणों की मौत के लिए जिम्मेदार था या नहीं; इसके लिए बाघ के डीएनए सैंपल जांच के लिए भेजे जा रहे हैं. 31 मार्च 2026 को तड़म गांव निवासी 60 वर्षीय खीम सिंह जंगल में लकड़ी लेने गए थे, जहां बाघ ने उन पर हमला कर उनकी मौत कर दी थी. 3 मई को गांव के ही 55 वर्षीय महिपाल सिंह पर भी बाघ ने हमला कर दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई. दो ग्रामीणों की मौत के बाद गांव में भारी आक्रोश फैल गया था. वन विभाग ने सुरक्षा को देखते हुए अल्मोड़ा के मोहान सफारी पर्यटन जोन को अस्थायी रूप से बंद कर दिया. टीम इलाके में सर्च अभियान भी जारी रखे हुए थी. कॉर्बेट पार्क के वरिष्ठ वन्य जीव चिकित्साधिकारी डॉ. दुष्यंत शर्मा ने बताया कि देर रात टीम ने तड़म गांव के अंतिम घटना स्थल से डेढ़ किलोमीटर अंदर जंगल में बाघ को ट्रेंकुलाइज कर रेस्क्यू किया. वे बताते हैं कि बाघ नर है, उम्र लगभग 2 से 2.5 वर्ष के बीच है और वर्तमान में स्वस्थ है. डीएनए सैंपल जांच के लिये डब्ल्यूआईआई लैब भेजे जा रहे हैं ताकि यह स्पष्ट हो सके कि दोनो घटनाओं के पीछे यही बाघ था या नहीं. साथ ही बाघ के ब्लड सैंपल और अन्य स्वास्थ्य जांचें रेस्क्यू सेंटर में की जाएंगी. तड़म गांव में बाघ की घटनाओं के चलते विद्यालय भी बंद थे.
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करनाल में 12 दिन की हड़ताल ने बर्बाद किया शहर, कचरे से फैला संकट

Karnal, Haryana:करनाल 12 दिन की हड़ताल से करनाल बेहाल: अब घरों से भी नहीं उठेगा कूड़ा, शहर में गंदगी का संकट गहराया。 करनाल में सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है। पिछले 12 दिनों से जारी सफाई कर्मचारियों की हड़ताल ने अब शहर की स्थिति को और भयावह बना दिया है। पहले जहां सड़कों और बाजारों में कूड़े के ढेर नजर आ रहे थे, वहीं अब डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने वाली टीमें भी हड़ताल के समर्थन में काम बंद कर चुकी हैं। शहर के कई इलाकों में बदबू, गंदगी और बीमारी फैलने का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है。 घर-घर कूड़ा उठाने वाली सेवाएं भी बंद, लोगों की बढ़ी परेशानी : सफाई कर्मचारियों की हड़ताल को समर्थन देते हुए डोर-टू-डोर कूड़ा इकट्ठा करने वाले कर्मचारियों ने भी अपनी गाड़ियां खड़ी कर दी हैं। अब घरों से निकलने वाला कूड़ा सड़कों और गलियों में जमा होने लगा है। लोगों की परेशानी दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है और शहर का माहौल बदहाल होता दिखाई दे रहा है। डोर-टू-डोर कूड़ा इकट्ठा करने वाले अनिल ने बताया कि सफाई कर्मचारी पिछले 12 दिनों से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं और वे उनके साथ पूरी मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने कहा कि “ये हमारे भाई हैं, इसलिए जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक हम भी घरों से कूड़ा नहीं उठाएंगे।” कर्मचारियों का प्रदर्शन तेज, कई जगहों पर फैला कूड़ा : हड़ताल के दौरान सफाई कर्मचारियों ने नगर निगम कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। इसके अलावा सेक्टर-12 और कोर्ट रोड जैसे संवेदनशील इलाकों में भी कूड़ा फैलाकर विरोध जताने की घटनाएं सामने आईं। शहर में जगह-जगह पड़े हजारों टन कचरे ने आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है। लोगों को अब महामारी फैलने का डर सताने लगा है। “शहर को हमने सजाया था, बिगाड़ना हमारी मजबूरी है” सफाई कर्मचारी महिला प्रधान शारदा ने कहा कि इस आंदोलन को समाज के कई वर्गों का समर्थन मिल रहा है और आज डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने वाले कर्मचारियों ने भी साथ दिया है। उन्होंने कहा कि बड़ी मेहनत से सफाई कर्मचारों ने करनाल को साफ और सुंदर बनाया था, लेकिन अब पेट और रोजगार की लड़ाई उन्हें सड़क पर उतरने को मजबूर कर रही है। शारदा ने कहा कि “सरकार जब तक हमारी मांगों पर बातचीत नहीं करती, तब तक हड़ताल जारी रहेगी।” वहीं संवेदनशील इलाकों में कूड़ा फैलाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि उनके कर्मचारी सभ्य हैं और ऐसा काम किसी शरारती तत्व द्वारा किया गया हो सकता है। साथ ही उन्होंने अपील की कि कोई भी व्यक्ति शहर की छवि खराब करने वाली हरकत न करे, क्योंकि यह शहर सभी का है। शहर पर मंडराने लगा स्वास्थ्य संकट : लगातार बढ़ते कूड़े के ढेर अब सिर्फ बदबू और गंदगी तक सीमित नहीं रहे, बल्कि स्वास्थ्य विभाग के लिए भी चिंता का विषय बन चुके हैं। गर्मी के मौसम में सड़कों पर सड़ता कचरा बीमारियों को न्योता दे रहा है। यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो आने वाले दिनों में हालात और गंभीर हो सकते हैं। बाइट - अनिल - डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन कर्मचारी बाइट - शारदा - जिला महिला प्रधान, सफाई कर्मचारी यूनियन बाइट - संतोष - सफाई कर्मचारी
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शाजापुर अस्पताल की लिफ्ट फंसने से दो परिवार परेशान, बचाव टीम ने सुरक्षित निकाला

Shajapur, Madhya Pradesh:शाजापुर जिला अस्पताल के मातृ एवं शिशु वार्ड में सोमवार रात करीब 11 बजे मरीज के दो परिजन लिफ्ट में फंस गए। दोनों लगभग 15 मिनट तक लिफ्ट के अंदर बंद रहे। परिजनों के शोर मचाने के बाद अस्पताल कर्मचारियों को घटना की जानकारी मिली, जिसके बाद उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला गया। जानकारी के अनुसार, इम्तियाज खान और साजिद खान ग्राम मोल्टा से अस्पताल में भर्ती मरीज से मिलने आए थे। मरीज से मिलने के बाद वे दूसरी मंजिल से लिफ्ट के जरिए नीचे उतर रहे थे। इसी दौरान अचानक लिफ्त बंद हो गई और दोनों अंदर फंस गए। काफी देर तक बाहर निकलने का कोई रास्ता न मिलने पर उन्होंने शोर मचाना शुरू किया। आसपास मौजूद लोगों ने आवाज सुनकर अस्पताल कर्मचारियों को सूचना दी। इसके बाद अस्पताल की लाइट और मेंटेनेंस व्यवस्था देखने वाले कर्मचारी मकसूद मौके पर पहुंचे। उन्होंने तकनीकी सहायता से दोनों व्यक्तियों को सुरक्षित बाहर निकाला। बताया गया है कि अस्पताल भवन में करीब दो माह पहले ही नई लिफ्ट लगाई गई थी। वहीं, सिविल सर्जन द्वारा रात के समय लिफ्ट बंद रखने के निर्देश भी दिए गए हैं, लेकिन इसके बावजूद मरीजों और परिजनों को लिफ्ट का उपयोग करने से नहीं रोका गया। रात में लिफ्ट की निगरानी के लिए कोई कर्मचारी मौजूद नहीं रहता, जिससे भविष्य में हादसे की आशंका बनी रहती है।
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बरनाला की अंजली ने दसवीं में पंजाब में 12वां स्थान पाया—जिले का मान बढ़ा

Barnala, Bathinda, Punjab:पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के दसवीं के परिणाम में बरनाला के धनौला गांव की छात्रा अंजली ने जिले में पहला स्थान हासिल किया है और पूरे पंजाब में 12वां स्थान प्राप्त कर अपने इलाके का नाम रोशन किया। बरनाला की अंजली ने दसवीं कक्षा में 650 में से 633 अंक हासिल कर 97.38 प्रतिशत अंक पाए हैं। अंजली एक सामान्य परिवार से संबंध रखती है; उसके पिता राजपाल सिंह हेयर सैलून का काम करते हैं। पंजाब सरकार का धन्यवाद करते हुए अंजली ने कहा शिक्षा क्रांति के कारण सरकारी स्कूलों का मान बढ़ा है। पंजाब में इस वर्ष 2 लाख 69 हजार 505 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी, जिनमें से 2 लाख 54 हजार 744 पास हुए; कुल परिणाम 94.52 प्रतिशत रहा। पूरे पंजाब में लड़कियों ने लड़कों से अधिक अंक दिए। अंजली सरकारी सेकेंडरी स्कूल ऑफ एमिनेंस, बरनाला की छात्रा हैं और उनका सपना आईएएस अधिकारी बनना है।
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तिजारा में नवजात बच्ची कुएं से बची, माता-पिता की तलाश जारी

Bagheri Kalan, Rajasthan:खैरथल तिजारा जिले से इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक कलयुगी माता-पिता अपनी ही नवजात बच्ची को मौत के हवाले कर फरार हो गए। कई फीट गहरे सूखे कुएं में फेंकी गई मासूम बच्ची जिंदगी की जंग जीत गई। पूरा मामला तिजारा के वार्ड नंबर 13 का बताया जा रहा है, जहां उस वक्त हड़कंप मच गया जब लोगों को सूखे कुएं के अंदर से बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी। लोगों ने कुएं के अंदर झांककर देखा तो नवजात बच्ची पड़ी हुई थी, स्थानीय लोगों ने बच्ची को कुएं से बाहर निकाला और पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और बच्ची को इलाज के लिए तिजारा के सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों के मुताबिक बच्ची करीब 2 से 3 दिन की नवजात है। प्राथमिक उपचार के बाद बच्ची को बेहतर इलाज के लिए अलवर रेफर किया गया है। जिस मासूम ने अभी ठीक से दुनिया भी नहीं देखी थी, उसे मौत के कुएं में छोड़ गया। ऊपर वाले की मर्जी बताती है कि कई फीट गहरे कुएं में गिरने के बावजूद बच्ची सुरक्षित बच गई। तिजारा थाना अधिकारी जयप्रकाश का कहना है कि बच्ची को कुएं में फेंकने वाले माता-पिता की तलाश की जा रही है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की जा रही है और इलाके के लोगों से पूछताछ जारी है।
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इंदौर के आम ठेले वाले ने गला काटने की धमकी देकर मचा हड़कंप

Indore, Madhya Pradesh:इंदौर की सड़कों पर उस वक्त बवाल शुरू हुआ जब एक आम वाला अपने ठेले से आम बेच रहा था और नगर निगम के कर्मचारी उसके आम भरने लगे. फिर क्या था देखते ही देखते विवाद शुरू हो गया. मिली जानकारी के अनुसार आम वाले को ठेले पर आम बेचना इतना भारी पड़ गया कि उसने अपना ठेला बचाने के लिए खुद के गले पर चाकू रख लिया। और तो और इस दौरान ठेले वाले ने यहां तक कह दिया कि यदि ठेला ले गए तो वह जान दे देगा. कार्रवाई के दौरान का वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है. दरअसल मिली जानकारी के अनुसार सोमवार को आम के ठेले वाले और नगर निगम के कर्मचारी के बीच विवाद हो गया बताया गया कि वह आम का ठेला लेकर निकला था. पलसीकर चौराहे के पास पहुंचा। वहाँ ठेलै को लेकर निगम कर्मियों ने उसके आम भरने की कोशिश की. बताया गया कि इस दौरान वहां लोगों की भीड़ जमा हो गई। नगर निगम के कर्मचारी भी मौके पर इकट्ठा हो गए। वह निगम कर्मियों से गुहार करता रहा कि उसका ठेला छोड़ दें, लेकिन वे नहीं माने। इसके बाद उसने ठेका पर रखा चाकू उठाकर अपने गले पर रख लिया और कहा कि वह जान दे देगा। यह देखकर नगर निगम कर्मचारी भी चौंक गए। बाद में लोगों ने युवक को समझाया, जिसके बाद मामला शांत हुआ. हालांकि इस दौरान के कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं. फिलहाल इस पूरे मामले पर किसी के बयान सामने नहीं आए हैं
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हरियाणा के युवाओं के साथ अन्याय: भर्ती परिणाम से टूटता विश्वास और भविष्य पर सवाल

Noida, Uttar Pradesh:असिस्टेंट प्रोफेसर हिंदी भर्ती का यह परिणाम सिर्फ एक भर्ती का मुद्दा नहीं है बल्कि यह हरियाणा के युवाओं के टूटते विश्वास, छीने जा रहे अधिकार और कुचले जा रहे भविष्य की दर्दनाक तस्वीर है… जनरल कैटेगरी की 67 पोस्टों में से 7 पद जानबूझकर खाली छोड़ दिए गए और बाकी 60 में से 41 पदों पर हरियाणा से बाहर के अभ्यर्थियों का चयन…! अब हरियाणा का हर युवा सरकार से पूछ रहा है कि क्या इस मिट्टी के बच्चों की मेहनत, योग्यता और सपनों की कोई कीमत नहीं बची? यह सिर्फ अन्याय नहीं बल्कि हरियाणा के युवाओं के आत्मसम्मान पर सीधा प्रहार है।
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इंदौर: लाला का बगीचा में महिलाओं ने मटके लेकर आपूर्ति सुधार के लिये प्रदर्शन किया

Indore, Madhya Pradesh:इंदौर के लाला का बगीचा क्षेत्र में क्षेत्र के रहवासियों ओर महिलाओं ने मटके लेकर प्रदर्शन किया पार्षद सोनाली मिमरोट भाटिया ने भी की मांग उन्होंने मांग की कि उनकी मांगे हैं कि त्रिवेणी टंकी को प्रतिदिन भर कर एक दिन लाला का बगीचा में और एक दिन नेहरू नगर में सप्लाई दिया जाये। 2. नेहरू नगर रोड नं. 5 और कालका माता मंदिर के सामने किए गए इन दोनों इंटरकनेक्शन एवं अन्य दोनो स्थानों से तत्काल प्रभाव से लाइन काटी जाएं। 3. मूल DMA व्यवस्था बहाल कर प्रभावित क्षेत्रों में समान प्रेशर से जलप्रदाय सुनिश्चित किया जाए। 4. पुरानी एवं नई लाइन को जोड़ने से दूषित जल आपूर्ति की जांच कर तत्काल रोक लगाई जाए। 5. इस पूरे प्रकरण में जिम्मेदार व्यक्तियों एवं संबंधित लापरवाह अधिकारियों पर सख्त कार्यवाही की जाए। 6. भविष्य में ऐसी अवैध छेड़छाड़ रोकने हेतु स्थायी नियंत्रण एवं निगरानी व्यवस्था लागू की जाए।
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