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Vineet Kumar AgarwalVineet Kumar AgarwalFollow15 Apr 2025, 10:26 am

Amroha - अमित कुमार आनंद ने बीट व्यवस्था में सुधार के लिए कड़े निर्देश दिए

Amroha, Uttar Pradesh:

 अमरोहा, जिले में पुलिस अधीक्षक अमित कुमार आनंद ने बीट प्रणाली की सघन समीक्षा की। सोमवार को थाना गजरौला, आदमपुर, अमरोहा देहात व नौगावां सादात से आए बीट आरक्षियों की बीट बुक का निरीक्षण करते हुए उन्होंने संबंधित क्षेत्रों की जानकारी की गहराई से पड़ताल की। इस दौरान SP ने बीट आरक्षियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे नियमित रूप से अपनी बीट क्षेत्र में भ्रमण करें और बीट बुक को अद्यतन रखते हुए हर गतिविधि का सही-सही अंकन करें। उन्होंने कहा कि बीट प्रणाली ही पुलिस की जमीनी पकड़ का आधार है, इसलिए इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

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रामवीर बिधूड़ी Amar Colony मामले में Yash Bidhuri के रिश्तेदार पर पुलिस कार्रवाई: कब और क्यों

Noida, Uttar Pradesh:DELHI: RAMVIR SINGH BIDHURI (BJP) ON AMAR COLONY FIRING INCIDENT / DELHI POLICE CRIME BRANCH APPREHENDED YASH BIDHURI AND JAI IN CONNECTION WITH AMAR COLONY FIRING INCIDEN दिल्ली: बीजेपी सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी का कहना है, 'यश बिधूड़ी के मामा धर्मवीर सिंह सेठी आम आदमी पार्टी के नेता हैं. उनके खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं. उनकी पत्नी रचना धर्मवीर सेठी आम आदमी पार्टी का प्रतिनिधित्व करने वाली नगर निगम पार्षद हैं. यश बिधूड़ी उनके भतीजे हैं. 6 अप्रैल को, मैंने अपने लोकसभा क्षेत्र के दोनों डीसीपी अनंत मित्तल (डीसीपी, दक्षिणी दिल्ली) और हेमंत तिवारी (डीसीपी, दक्षिण-पूर्वी दिल्ली) को एक लिखित शिकायत सौंपी थी. शिकायत में, मैंने कहा कि मुझे यश बिधूड़ी के संबंध में विभिन्न शिकायतें मिल रही थी. और अनुरोध किया गया था कि उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए. इसके बाद 12 अप्रैल, 2026 को यश बिधूड़ी के चाचा, जिनका नाम प्रवीण बिधूड़ी है, ने एक वीडियो अपलोड किया, जिसमें उन्होंने मेरे खिलाफ आरोप लगाए और दावा किया कि रामवीर सिंह बिधूड़ी ने उन्हें, उनके पिता, उनके भाई संजय बिधूड़ी को गिरफ्तार करने के लिए बार-बार उनके घर पर पुलिस भेजी थी. भतीजे यश बिधूड़ी। यह सच है कि पुलिस ने उनके आवास का दौरा किया और वास्तव में मेरे द्वारा दर्ज की गई शिकायत के आधार पर कार्रवाई की। आखिरकार, यदि आप ऐसे आचरण में शामिल हैं जो कानून की नजर में गैरकानूनी है, और एक संसद सदस्य इसके बारे में शिकायत दर्ज करता है, तो पुलिस कार्रवाई करने के लिए बाध्य है... मेरे पास दोनों डीसीपी को लिखे गए पत्रों के जवाब हैं. जिसमें मैंने कहा था कि मेरा उनके साथ कोई संबंध नहीं है... यश बिधूड़ी आप नेता धर्मवीर सेठी के घर में छिपा हुआ था, जिनकी पत्नी एक पद पर कार्यरत हैं. पार्टी के नगर निगम पार्षद... धर्मवीर सिंह सेठी ने आगे कहा, "मेरा नाम धर्मवीर सिंह सेठी है, और मैं रामवीर सिंह बिधूड़ी को पूरी तरह से नष्ट कर दूंगा." मैंने यह जानकारी दक्षिण दिल्ली और दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के संबंधित डीसीपी को दे दी है; परिणामस्वरूप, उन्होंने उनके खिलाफ जो भी उचित कार्रवाई संभव थी. की है... मेरी सहानुभूति पीड़ित परिवार के साथ है, मैं इस घटना से बहुत दुखी हूं और मैं परिवार से मिलने का इरादा रखता हूं व्यक्तिगत रूप से... अगर परिवार इच्छुक है, तो मैं उन्हें गृह मंत्री से मिलवाऊंगा। मैं गृह मंत्री से भी आग्रह करूंगा कि इस मामले को एक विशेष अदालत या फास्ट-ट्रैक कोर्ट में स्थानांतरित किया जाए, ताकि जल्द से जल्द फैसला सुनाया जा सके।'' वह आगे कहते हैं, "मुझे भी धमकियां मिल रही हैं। मुझे पहले भी धमकियां मिल चुकी हैं और मैंने इसकी जानकारी संबंधित डीसीपी को दी है... इसके अलावा, इस मामले में मैंने जो कार्रवाई की है, उसके बारे में मैंने पहले ही मीडिया के उन सदस्यों के साथ सारी जानकारी साझा कर दी है, जो जानकारी के लिए मेरे पास आए थे। मैं परिवार के साथ खड़ा हूं। मैं पूरी तरह और स्पष्ट रूप से पीड़ित परिवार के साथ खड़ा हूं, और मैं आपको विश्वास दिलाता हूं कि मैं उन्हें न्याय दिलाने में मदद करने में कोई कसर नहीं छोड़ूंगा..."
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ICJS के क्रियान्वयन और स्पीड ट्रायलों से त्वरित न्याय पर जोर: गृह विभाग समीक्षा

Noida, Uttar Pradesh:लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में गृह विभाग के प्रशासनिक पदाधिकारीगण के साथ तीन नए आपराधिक कानूनों एवं इंटरऑपरेबल क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम (ICJS) के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। न्याय प्रणाली को अधिक पारदर्शी, तकनीक-सक्षम एवं जनहितकारी बनाने के निर्देश। नागरिक सेवा पोर्टल के प्रति व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाने पर जोर। स्पीडी ट्रायल के माध्यम से मामलों के त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश। विभिन्न विभागों के बीच सूचना आदान-प्रदान को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर बल। जिलाधिकारियों एवं पुलिस अधीक्षकों को उद्योगपतियों, व्यवसायियों एवं प्रतिष्ठित संस्थानों के प्रतिनिधियों के साथ नियमित बैठक करने का निर्देश। उद्योग एवं व्यापार जगत की सुरक्षा और आवश्यकताओं पर विशेष ध्यान देने तथा सुझावों के आधार पर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश।
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क्या बॉबी हकीम अब दीदी का साथ छोड़ रहे हैं?

Kolkata, West Bengal:बॉबी की प्राथमिकताएं बदलीं! विधानसभा चुनावों के बाद पहली बार ममता बनर्जी सड़कों पर उतरीं। फिर भी, फिरहाद हकीम को उसी धरना (विरोध प्रदर्शन) मंच से निकलते हुए देखा गया जहाँ वे मौजूद थीं। मंगलवार को, फिरहाद हकीम सबसे पहले विधानसभा पहुँचे। वहाँ कुछ ही मिनट रुकने के बाद, वे धरना मंच की ओर बढ़ गए। हालाँकि, ममता बनर्जी के "साये की तरह साथ रहने वाले साथी" को भी धरना मंच पर बहुत देर तक रुकते हुए नहीं देखा गया। उस दिन विरोध स्थल पर कुछ समय बिताने के बाद, फिरहाद हकीम कोलकाता नगर निगम के मुख्यालय की ओर चले गए। जब ज़ी 24 घंटे ने उनसे पूछा कि वे इतनी अचानक वहाँ से क्यों चले गए, तो उन्होंने बताया कि उन्हें निगम में कुछ काम निपटाना था, इसीलिए वे वहाँ आए थे। इस बीच, कोलकाता नगर निगम के एजेंडे में ऐसी कोई पहले से तय बैठक शामिल नहीं थी। इससे अटकलों का बाज़ार गर्म हो गया है: क्या "बॉबी"—जो ममता बनर्जी के इतने चहेते हैं—भी पार्टी के अन्य नेताओं की तरह अपनी प्राथमिकताओं में बदलाव कर रहे हैं? गौरतलब है कि, कुछ ही महीने पहले तक, ऐसी स्थिति की कल्पना करना भी असंभव था—यह सोचना भी मुश्किल था कि ममता बनर्जी कोई कार्यक्रम कर रही हों और बॉबी हकीम वहाँ मौजूद न हों। अतीत में, अक्सर ऐसा देखा जाता था कि निगम के "टॉक टू मेयर" सत्रों से लेकर पूर्ण नगरपालिका बैठकों तक—सभी बैठकें सिर्फ इसलिए रद्द कर दी जाती थीं ताकि ममता बनर्जी उन्हें किसी चर्चा के लिए बुला सकें। और आज—क्या ऐसा हो सकता है कि वही बॉबी भी अब 'दीदी' का साथ छोड़ चुके हैं?
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375 हाजियों का दिल्ली एयरपोर्ट पर शानदार स्वागत, परिवारों में खुशी की लहर

Delhi, Delhi:हज से लौटे 375 हाजियों का दिल्ली एयरपोर्ट पर शानदार स्वागत, परिवारों में दिखी खुशी लहर। दिल्ली आईजी एयरपोर्ट पर मक्का मदीना से 45 दिन बाद लौटे हज यात्रियों का जबरदस्त स्वागत। भारत के लोग मक्का मदीना से पवित्र हज यात्रा पूरी करके 375 हाजियों का पहला जत्था आज दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचा। हज से लौटे 375 हाजियों का दिल्ली एयरपोर्ट पर शानदार स्वागत, परिवारों में दिखी खुशी लहर देखने को मिली है—बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं हर उम्र के लोग एयरपोर्ट पहुंचे हाजी से मिलने। एयरपोर्ट पर पहुंचते ही हाजियों का फूल-मालाओं और गर्मजोशी के साथ स्वागत किया गया। अपने परिजनों से मिलकर कई हाजी भावुक नजर आए, परिवारों में खुशी का माहौल बना रहा। हाजियों का स्वागत करने के लिए केंद्रीय अल्पसंख्यक मंत्री किरण रिज्जू और दिल्ली हज कमेटी की चेयरमेन कौशर जहाँ भी एयरपोर्ट पहुँचे। हाजियों ने यात्रा के दौरान मिली सुविधाओं के लिए भारत सरकार और हज कमेटी का आभार जताया।
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राजनांदगांव में 252 दिव्यांगों को नि:शुल्क सहायक उपकरण वितरित

Rajnandgaon, Chhattisgarh:एंकर। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने आज स्पीकर हाऊस राजनांदगांव में एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी ऑफ इंडिया लिमिटेड (एआईसी), भारतीय कृत्रिम अंग निर्माण निगम (एलिम्को) जबलपुर एवं समाज कल्याण विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दिव्यांजन सहायक उपकरण वितरण समारोह में शिरकत की। यह वक्त दिव्यांगजनों के खुशियों का साक्षी बना जब विधानसभा अध्यक्ष ने 252 दिव्यांगजनों को 73 लाख 53 हजार रूपए की लागत के 326 नि:शुल्क सहायक उपकरण का वितरण किया। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि राजनांदगांव, डोंगरगांव, छुरिया के दूररराज क्षेत्रों से दिव्यांगजन आए हैं। भारत सरकार की एडिप योजना, एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी ऑफ इंडिया लिमिटेड (एआईसी), भारतीय कृत्रिम अंग निर्माण निगम (एलिम्को) जबलपुर के सहयोग से 252 दिव्यांगजनों को नि:शुल्क सहायक उपकरण वितरण किया गया है। उन्होंने कहा कि 10 मार्च से 13 मार्च 2026 तक शिविर लगाकर दिव्यांजनों का चिन्हांकन किया गया था। कार्यक्रम में 113 मोट्राराइज्ड ट्रायसाईकिल, 69 ट्रायसाईकिल, 49 व्हील चेयर, 28 बैसाखी, 38 वाकिंग स्टिक, 2 स्मार्ट फोन, 5 सुगम्य केन, 12 टीएलएम किट, 2 सिलिकॉन कुशन, 8 सीपी चेयर का दिव्यांगजनों को नि:शुल्क वितरण किया गया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में राजनांदगांव पहला जिला है, जहां 40 प्रतिशत वाले दिव्यांगजनों को मोटराइज्ड ट्राईसाइकिल प्रदाय किया जा रहा है और सर्वाधिक उपकरण भी राजनांदगांव जिले के दिव्यांगजनों को प्रदाय किया गया है। राजनांदगांव जिलाइस प्रदेश का पहला जिला है, जहां 80 प्रतिशत से कम दिव्यांगता वाले 100 हितग्राहियों को भी मोटराइज्ड ट्राईसाइकिल दी जा रही है। पहले यह सुविधा केवल 80 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता वालों को मिलती थी। जिला प्रशासन द्वारा एक जीवंत, सजग एवं संवेदनशील पहल की गई है। ऐसे दिव्यंागजन जो शेष रह गए हैं, उनके लिए शिविर आयोजित करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि सीआरसी ठाकुरटोला जाने के लिए पहुंच मार्ग सड़क निर्माण हेतु डीएएमएफ अंतर्गत राशि की स्वीकृति की जाएगी। ऐसे दिव्यांगजन जिन्हें पेंशन प्राप्त नहीं होता, उन्हें वीबीरामजी के तहत कार्ड प्रदान किया जाएगा। विधानसभा अध्यक्ष ने दिव्यांगजनों से कहा कि अपनी क्षमता का उपयोग रोजगार सृजन के लिए करेंगे। आत्मनिर्भर बनते हुए अपने परिवार की मदद करें। उन्होंने दिव्यांगजनों को बैंक से ऋण लेकर विभिन्न कार्यों के लिए सहायता करने के लिए भी कहा।
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दिल्ली के खेड़ा गांव में डीटीसी बस पर पत्थरबाजी, कई सवारियाँ घायल

Delhi, Delhi:दिल्ली के खेड़ा गांव इलाके में डीटीसी बस पर पत्थरबाजी की घटना सामने आई है। बताया जा रहा है कि बस संख्या 5072, जो रूट नंबर 137/6 पर होलंबी इलाके से चलती है, उस पर अचानक कुछ उपद्रवियों ने हमला कर दिया। इस दौरान बस पर जमकर पत्थर फेंके गए, जिससे बस के शीशे टूट गए और बस में बैठी कई सवारियों को भी चोटें आई हैं। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि आरोपियों ने बस को निशाना क्यों बनाया और पत्थरबाजी के पीछे क्या वजह रही। बताया जा रहा है कि घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है। डीटीसी कर्मचारियों ने इस मामले की शिकायत दिल्ली पुलिस को दे दी है। पुलिस अब वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान करने में जुटी हुई है। वहीं यात्रियों में इस घटना के बाद डर और नाराजगी का माहौल देखा जा रहा है। जानकारी के मुताबिक रूट 137 होलंबी कलां और पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन के बीच संचालित होता है तथा खेड़ा खुर्द और खेड़ा गांव इलाके से होकर गुजरता है。
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देवप्रयाग नदी में वाहन गिरने से SDRF का सघन रेस्क्यू, दो शव बरामद

Noida, Uttar Pradesh:देवप्रयाग में वाहन नदी में गिरने की घटना पर SDRF द्वारा सघन रेस्क्यू अभियान जारी आज प्रातः थाना देवप्रयाग से सूचना प्राप्त हुई कि देवप्रयाग क्षेत्र में एक इनोवा वाहन अनियंत्रित होकर नदी में गिर गया है। सूचना प्राप्त होते ही SDRF पोस्ट ब्यासी से उप निरीक्षक सावर सिंह के नेतृत्व में SDRF टीम तत्काल आवश्यक रेस्क्यू उपकरणों सहित घटनास्थल के लिए रवाना हुई। घटना की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए सेनानायक SDRF, उत्तराखण्ड श्री अर्पण यदुवंशी के निर्देशानुसार SDRF की श्रीनगर एवं ढालवाला स्थित फ्लड रेस्क्यू टीमों को भी तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। वर्तमान में SDRF की ब्यासी, श्रीनगर एवं ढालवाला की टीमें स्थानीय पुलिस के साथ संयुक्त रूप से घटनास्थल पर सघन सर्च एवं रेस्क्यू अभियान संचालित कर रही हैं। प्राथमिक जानकारी के अनुसार वाहन में सवार व्यक्ति राजस्थान राज्य के निवासी बताए जा रहे हैं। SDRF एवं स्थानीय पुलिस द्वारा एक गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को सुरक्षित निकालकर उपचार हेतु अस्पताल भिजवाया गया है。 घटनास्थल पर सर्चिंग के दौरान दो व्यक्तियों के शव बरामद किए गए हैं। अन्य संभावित लापता व्यक्तियों की तलाश हेतु SDRF एवं पुलिस द्वारा नदी तट एवं आसपास के क्षेत्रों में व्यापक सर्च अभियान चलाया जा रहा है। रेस्क्यू एवं सर्च अभियान निरंतर जारी है। घटना से संबंधित अन्य तथ्यों एवं वाहन में सवार व्यक्तियों की संख्या के संबंध में जानकारी प्राप्त की जा रही है। आगे प्राप्त होने वाली जानकारी के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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ठीकरी में लोकायुक्त ने 5 हजार रिश्वत के साथ चाय दुकान संचालक को रंगे हाथ गिरफ्तार किया

Noida, Uttar Pradesh:बड़वानी- जिले के ठीकरी में लोकायुक्त इंदौर की टीम ने रिश्वतखोरी के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए 5 हजार रुपये की रिश्वत लेते एक व्यक्ति को रंगे हाथों गिरफ्तार किया आरोपी महिला एवं बाल विकास विभाग के कर्मचारियों की ओर से ले रहा था रिश्वत की राशि ग्राम संगोदा की आंगनवाड़ी सहायिका उर्मिला सोलंकी ने लोकायुक्त से शिकायत की थी कि नियुक्ति के आठ महीने बाद भी उसका मानदेय नहीं मिला है साथ ही आरोप लगाया कि मानदेय जारी करने के एवज में महिला एवं बाल विकास विभाग के परियोजना अधिकारी और एक कर्मचारी ने 20 हजार रुपये रिश्वत की मांग की शिकायत के सत्यापन के बाद लोकायुक्त ने जाल बिछाया और कर्मचारी के कहने पर 5 हजार रुपये की रिश्वत लेते चाय दुकान संचालक राजेश पाटीदार को रंगे हाथों पकड़ लिया लोकायुक्त ने मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है
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कच्छ में भीषण गर्मी से दूध उत्पादन में भारी गिरावट, चारे-दाम बढ़े, किसान चिंतित

Sadhara, Gujarat:राजेंद्र ठाकरे, कच्छ - स्वीकृत असाइनमेंट | स्थान: भुज - बन्नी FTP कच्छ | 0206ZK_KTC_summer_milk | एंकर: कच्छ में भीषण गर्मी और चारे की पर्याप्त कमी के कारण, पशुओं के दूध उत्पादन में भारी गिरावट आई है, जिससे स्थानीय पशुपालक आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। एक ओर, गर्मी के कारण इस क्षेत्र में घास बिल्कुल नहीं है; वहीं दूसरी ओर, वैश्विक परिस्थितियों के चलते पशुपालकों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि पशुओं के लिए दालों (पशु आहार) की कीमतें बढ़ गई हैं। कच्छ जिले में इस समय आसमान से मानो आग बरस रही है और भीषण लू (हीटवेव) के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। इस असहनीय गर्मी का पशुपालन पर सीधा और गंभीर प्रभाव पड़ा है, जो कि इस जिले का मुख्य व्यवसाय है। यूं तो, कच्छ के 'बन्नी' क्षेत्र में—जो इसे एक शुष्क भूमि के रूप में जाना जाता है—पिछले कुछ वर्षों से हो रही नियमित बारिश ने वहां के पशुधन के लिए राहत का काम किया था लेकिन इस वर्ष, गर्मियों में पारे के लगातार चढ़ने के साथ, बन्नी-पच्छम क्षेत्र में पशुओं की आबादी मानव आबादी से भी अधिक हो गई है। इन पशुपालकों की आय का एकमात्र सहारा उनके पशु ही हैं। बढ़ती गर्मी के कारण, पशुपालकों को दूध उत्पादन में भारी गिरावट का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी दस्तावेजों और पशुपालन विभाग के आधिकारिक दावों के अनुसार, दूध उत्पादन में केवल 10 प्रतिशत की गिरावट आई है। हालांकि, सरकारी आंकड़ों और ज़मीनी हकीकत के बीच बहुत बड़ा अंतर है। जिले के सीमावर्ती और आंतरिक गांवों के पशुपालকদের के अनुसार, वास्तविक स्थिति बेहद चिंताजनक है। असल में, कुल दूध उत्पादन में भारी गिरावट दर्ज की गई है। भीषण गर्मी के कारण पशु बार-बार बीमार पड़ रहे हैं और उनका खान-पान भी कम हो गया है। पशुपालक अपनी गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कह रहे हैं कि यदि आने वाले दिनों में गर्मी इसी तरह जारी रही और प्रशासन ने चारे तथा पानी की उचित व्यवस्था नहीं की, तो दूध उत्पादन और भी निचले स्तर पर पहुंच जाएगा। सरकारी आंकड़े चाहे कुछ भी कहें, मूल तथ्य यह है कि यह भीषण गर्मी पशुपालकों की कमर तोड़ रही है। कच्छ में, पारा इस समय 43 डिग्री के पार जा रहा है। सीमावर्ती इलाकों में घास और पानी की कमी के अलावा, वैश्विक हालात और डीज़ल की कीमतों में बढ़ोतरी के कारण चारे (दाल) की कीमतें आसमान छू रही हैं। इसके साथ ही, पशुओं के दूध उत्पादन में भी कमी आई है, जिससे पशुपालकों को कई मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। कच्छ में, गर्मी के कारण दूध उत्पादन में भी काफ़ी कमी आई है। पशुपालक मांग कर रहे हैं कि पशुओं के चारे की कीमतों को नियंत्रित करने के साथ-साथ, डेयरी संचालक दूध की कीमतें भी बढ़ाएँ और घास-पानी की कमी को दूर करें।
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