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Abhijeet DaveAbhijeet DaveFollow24 Jul 2024, 01:11 pm
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अखिलेश यादव की बंगाल यात्रा से यूपी में ईवीएम पर बहस तेज

Noida, Uttar Pradesh:Om Prakash Rajbhar @oprajbhar · 23m ममता बनर्जी हफ्तों इंतजार करती रहीं कि अखिलेश यादव अब आएंगे तब आएंगे। अखिलेश यादव नहीं गए। भयानक गर्मी में अखिलेश निकलते कहां हैं। कैसे रैलियां और रोड शो करेंगे? पसीना निकलेगा, गर्मी लगेगी। सुबह उठना भी पड़ेगा। सबसे अच्छा काम यह है कि दोपहर में उठने के बाद एक ट्वीट कर देना। यह काम अखिलेश यादव ने बिना नागा किया है। अब बंगाल भी जा रहे हैं। अब रैली तो करनी नहीं है। एसी की ठंडक में बैठकर ममता जी को ढांढस देंगे। और गुजारिश करेंगे कि ममता जी पिछले चुनाव की तरह आप मेरे समर्थन में यूपी जरूर आना। बंगाल में ममता जी से मुलाकात के जरिए अखिलेश जी यूपी को संदेश देंगे कि सब evm की वजह से हो रहा। अखिलेश यह सब अपने लिए कर रहे हैं ताकि 2027 में जब वे हारे तो evm पर ठीकरा फोड़ सके। लेकिन शहजादों को याद रखना चाहिए कि अब जनता सिंहासन पर विराजमान है। जहां भी सिंहासन खाली नहीं हो रहा, जनता ने नारा दे दिया है कि सिंहासन खाली करो कि जनता आती है। जय महाराजा सुहेलदेव राजभर, जय ओबीसी समाज, जय भारत
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पीड़ीडीह जलमीनार दो साल से अधूरा, ग्रामीणों को पानी का संकट

Khunti, Jharkhand:खूंटी जिले के बारूडीह पंचायत अंतर्गत पोसेया पीड़ीडीह गांव में जलमीनार निर्माण का काम दो वर्षों से अधूरा पड़ा है, जिससे ग्रामीणों को आज भी पानी के लिए भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। लगभग 33 घर वाले पीड़ीडीह गाँव में बनाया गया जलमीनार को ठेकेदार ने आधा अधूरा करके छोड़ दिया। गांव घरों में न तो टेप लगाया और न ही सभी जगह पाईप बिछाया गया। मीनल का भी काम आधा अधू करके छोड़ दिया गया है। इसलिए लोग जलमीनार के पास ही अगर बगल के लोग पानी लेने आते हैं नहीं तो डाड़ी कुआं का उपयोग करते हैं। पीड़ीडीह गांव में जलमीनार बनने के दौरान लोगों को उम्मीद थी कि अब उन्हें डाड़ी और कुएँ से पानी नहीं भरना पड़ेगा, लेकिन समय बीतने के बावजूद यह सपना अधूरा ही रह गया। ग्रामीणों का कहना है कि जलमीनार तो बना दिया गया और कुछ स्थानों पर सीमेंटेड नल भी लगाए गए, लेकिन आज तक उन नलों में पानी नहीं आया। मजबूरी में लोगों को रोज सुबह-शाम दूर से पानी ढोना पड़ता है। ग्रामीण महिला पुनिता पूर्ति ने बताया कि जलमीनार बने दो साल हो गए, लेकिन किसी भी घर तक पानी नहीं पहुंचा। वहीं नीлам होरो ने कहा कि पानी की व्यवस्था नहीं होने के कारण वे गंदा पानी पीने को मजबूर हैं, जो बरसात के समय और भी दूषित हो जाता है। मुनी मुंडाईन के अनुसार गांव में करीब 33 घर हैं, लेकिन पानी की समस्या सबसे बड़ी बनी हुई है। उन्होंने जनप्रतिनिधियों पर आरोप लगाते हुए कहा कि चुनाव के समय वादे किए जाते हैं, लेकिन बाद में कोई ध्यान नहीं देता। ग्रामीणों ने बताया कि पीड़ीडीह गांव केवल पानी की समस्या से ही नहीं जूझ रहा है, बल्कि यहां आंगनबाड़ी केंद्र, सामुदायिक भवन और बैठने के लिए चबूतरा तक नहीं है। गांव की गलियां अब भी कच्ची हैं और रात में बिजली के खंभों पर लाइट नहीं होने से अंधेरा छाया रहता है। बच्चों की शिक्षा भी प्रभावित हो रही है, क्योंकि निकट में आंगनबाड़ी केंद्र नहीं होने के कारण उन्हें करीब 2 किलोमीटर दूर जाना पड़ता है, जिससे कई बच्चे शिक्षा से वंचित हो रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द समस्याओं के समाधान की मांग करते हुए बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की गुहार लगाई है।
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कोरिया के शोधकों ने बालोद के करकाभाट मेगालिथिक स्थल को ग्लोबल शोध मानचित्र पर रखा

Raipur, Chhattisgarh:छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ के पर्यटन इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ गया है। बालोद जिले की ऐतिहासिक धरोहर अब सात समंदर पार अपनी चमक बिखेर रही है। 'बालोद इको टूरिज्म' के निरंतर प्रयासों का ही सुखद परिणाम है कि बीते 4 मई 2026 को दक्षिण कोरिया के दो विदेशी पर्यटक बालोद के सुप्रसिद्ध महापाषाण कालीन स्थल 'करकाभाट' का भ्रमण करने पहुंचे। महापाषाण काल का रहस्य जानने की उत्सुकता कोरिया से आए ये पर्यटक साधारण सैलानी नहीं, बल्कि प्राचीन ऐतिहासिक स्थलों पर गहन शोध (Research) कर रहे शोधकर्ता हैं। उनके लिए करकाभाट का 5000 साल पुराना इतिहास आकर्षण और जिज्ञासा का केंद्र रहा। यहाँ के ऊँचे और विशाल पत्थरों की संरचना को देखकर वे चकित रह गए। पर्यटकों ने स्वीकार किया कि छत्तीसगढ़ की यह विरासत वैश्विक स्तर पर शोध के लिए एक बेहतरीन जगह है। स्थानीय युवाओं ने निभाई 'ग्लोबल' गाइड की भूमिका विदेशी मेहमानों को बालोद की संस्कृति और इतिहास से रूबरू कराने का जिम्मा बालोद इको टूरिज्म के अनुभवी गाइड्स यशकांत गढ़े और टोमेश ठाकुर ने संभाला। उन्होंने न केवल करकाभाट के पत्थरों के पीछे के वैज्ञानिक और ऐतिहासिक तथ्यों को साझा किया, बल्कि छत्तीसगढ़ी खान-पान और लोक परंपराओं की झलक भी पेश की। गाइड्स के बेहतरीन तालमेल और ज्ञान की पर्यटकों ने मुक्त कंठ से प्रशंसा की। पर्यटन से बदलेगी ग्रामीण अर्थव्यवस्था: सूरज करियारे बालोद एवं छत्तीसगढ़ इको टूरिज्म के अध्यक्ष श्री सूरज करियारे ने इस दौरे को जिले के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा: "हमारा लक्ष्य केवल पर्यटन को बढ़ावा देना नहीं, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर पैदा करना है। जब विदेशी पर्यटक यहाँ आएंगे, तो स्थानीय हस्तशिल्प, भोजन और सेवाओं की मांग बढ़ेगी, जिससे सीधे तौर पर हमारे ग्रामीणों को लाभ होगा।" करकाभाट क्यों है खास? करकाभाट में स्थित ये पत्थर महापाषाण कालीन (Megalithic) युग के स्मारक माने जाते हैं। पुरातत्वविदों के अनुसार, ये लगभग 3000 से 5000 साल पुराने हैं। इन्हें प्राचीन काल में मृतकों की स्मृति में स्थापित किया जाता था। दुनिया भर में इस तरह के स्थल बहुत कम जगहों पर बचे हैं, यही कारण है कि यह स्थल अंतरराष्ट्रीय शोधकर्ताओं की पहली पसंद बनता जा रहा है। भविष्य की राह: 'दोबारा आएंगे बालोद' पूरा एक दिन बालोद की गोद में बिताने के बाद कोरियाई पर्यटकों ने यहाँ की शांति और ऐतिहासिक संपन्नता को अद्भुत बताया। उन्होंने जाते-जाते वादा किया कि वे जल्द ही अपनी टीम के साथ दोबारा यहाँ आएंगे।बालोद इको टूरिज्म की इस सफलता ने यह साबित कर दिया है कि यदि सही दिशा में प्रयास किए जाएं, तो छत्तीसगढ़ का एक छोटा सा गांव भी दुनिया के पर्यटन मानचित्र पर बड़ा स्थान बना सकता है।
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लोहरदगा में 90 दिवसीय विधिक जागरूकता अभियान शुरू

Lohardaga, Jharkhand:लोहरदगा- नालसा नई दिल्ली और झालसा रांची के निर्देशा पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष डालसा लोहरदगा राजकमल मिश्रा के मार्गदर्शन में 90 दिवसीय सघन विधिक जागरूकता एवं जनसंपर्क अभियान की शुरुआत की गई है। सिविल कोर्ट परिसर से पीडीजे सह अध्यक्ष डालसा ने जागरूकता एलईडी वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। डालसा सचिव ने बताया कि आमजन को उनके अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से गहन कानूनी जागरूकता अभियान की शुरुआत की गई। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों तक न्याय की पहुंच सुनिश्चित करना, आम लोगों को उनके कानूनी अधिकारों, महिला-बाल अधिकार, साइबर अपराध, नशा मुक्त, विभिन्न सरकारी योजनाओं के प्रति जागरूक करना है। वहीं एलईडी वैन गांव-गांव घूमकर लघु फिल्मों और ऑडियो वीडियो के माध्यम से लोगों को जागरूक करेगी। ताकि वे अपने अधिकारों के प्रति सजग हो सकें और जरूरत पड़ने पर विधिक सहायता का लाभ उठा सकें। इन्होंने बताया कि जागरूकता वैन के साथ पीएलवी भी उपस्थित रहेंगे। जो जागरूकता कार्यक्रम में अपनी उपस्थित दर्ज करते हुए लोगों को जागरूक करने का कार्य करेंगे।
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दुमका में विधिक सेवा जागरूकता प्रभात फेरी, आम जनता को नि:शुल्क मदद का संदेश

Dumka, Jharkhand:दुमका जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA) की ओर से दुमका व्यवहार न्यायालय परिसर से जागरूकता प्रभात फेरी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुधांशु कुमार शशि एवं डालसा सचिव विवेक कुमार की उपस्थिति में हुई। प्रभात फेरी में व्यवहार न्यायालय के कर्मियों, पीएलवी, अधिवक्ताओं तथा न्यायालय से जुड़े अन्य लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। प्रभात फेरी के माध्यम से आम लोगों को विधिक सहायता, उनके अधिकारों तथा न्याय तक आसान पहुंच के प्रति जागरूक करने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर मौजूद न्यायिक पदाधिकारियों ने कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकार का उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक निःशुल्क विधिक सहायता पहुंचाना है, ताकि जरूरतमंद और कमजोर वर्ग के लोग भी अपने अधिकारों के प्रति सजग हो सकें और समय पर न्याय प्राप्त कर सकें। प्रभात फेरी न्यायालय परिसर से निकलकर शहर के विभिन्न मार्गों से गुजरी, जहां लोगों को विधिक जागरूकता से जुड़े संदेश दिए गए। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य "विधिक सहायता जन-जन तक पहुंचे" के संकल्प को मजबूत करना था। इस आयोजन से आम लोगों में कानूनी जागरूकता बढ़ाने और न्याय व्यवस्था के प्रति विश्वास मजबूत करने का प्रयास किया गया।
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पश्चिम बंगाल में भाजपा को ऐतिहासिक पूर्ण बहुमत, झारखंड में सियासत तेज हो गई

Dhanbad, Jharkhand: भाजपा ने पश्चिम बंगाल में इतिहास रचते हुए पहली बार पूर्ण बहुमत पाया है।पश्चिम बंगाल चुनाव में भाजपा की जीत के बाद झारखंड में भी सियासत तेज हो गई है। जेएमएम इलेक्शन कमीशन और केंद्र सरकार पर हमलावर है।वही भाजपा बंगाल में आतंक का राज खत्म होने की बात कह रही है।धनबाद लिट्टीपाड़ा झामुमो विधायक हेमलाल मुर्मू पहुँचे।धनबाद में बंगाल चुनाव पर बड़ा बयान दिया है। हेमलाल मुर्मू ने कहा कि बंगाल चुनाव इलेक्शन कमीशन का इलेक्शन था।बंगाल में भाजपा की जबरदस्ती की जीत हुईं है।लोकतंत्र में ऐसा नहीं होता है। 50 हजार सेन्ट्रल फोर्स को बंगाल में उतारकर भाजपा ने दंडात्मक तरीके से जबरदस्ती की जीत हासिल की। बंगाल में भाजपा के जीतने की कहीं कोई गुंजाईश नहीं थी।वहीं असम चुनाव में हार के वजह पर उन्होंने कहा कि असम में झामुमो एक ट्रायल कर रही थी। पार्टी महज 16 से 17 सीटों पर ही लड़ रही थी। जिसमे भी झामुमो का प्रदर्शन बेहतरीन रहा।वही ममता बनर्जी का इस्तीफा देने के इनकार करने के फैसले पर कहा ममता दीदी संविधान से बाहर नहीं हैं इस्तीफा तो उन्हें देना ही पड़ेगा.
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देशभर में क्षेत्रीय दलों से जूझ रही कॉंग्रेस,जनता से मांग रही सपोर्ट,निष्क्रिय लोग होंगे बाहर।

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Bulandshahr, Uttar Pradesh:बुलंदशहर में जिला कांग्रेस की मासिक बैठक में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारी + भाजपा के खिलाफ आंदोलन और महंगाई, बेरोजगारी, किसान समस्या, कानून व्यवस्था जैसे जनहित मुद्दों पर सड़क पर उतरना। गांव-गांव जनसंवाद कार्यक्रम चलाए जाएंगे। 15 दिन में ब्लॉक, नगर, मंडल कमेटियों की समीक्षा। बुलंदशहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष जियाउर्रहमान ने भाजपा को जनविरोधी बताया। पूर्व जिलाध्यक्ष सुभाष गांधी समेत नेताओं ने ब्लॉक-नगर स्तर पर संगठन मजबूत करने का संकल्प लिया। युवा कांग्रेस की 'किसान-नौजवान बचाओ यात्रा 7 मई को खुर्जा से शुरू होंगी। किसान और नौजवान की हालत, रोजगार की कमी, महंगाई। भाजपा पर धर्म-जाति में उलझाने का आरोप। पश्चिमी यूपी अध्यक्ष पारस शुक्ला, राष्ट्रीय महासचिव विशाल चौधरी, संयोजक रजत यादव। जिलाध्यक्ष जियाउर्रहमान ने यात्रा के ऐतिहासिक स्वागत की बात कही। युवा कांग्रेस ब्लॉक-नगर में जनसंपर्क कर रही है।कुल मिलाकर कांग्रेस ने बुलंदशहर में जमीनी आंदोलन और संगठन विस्तार, दोनों पर जोर दिया है। 7 मई की यात्रा इसका पहला बड़ा कार्यक्रम है। बाईट : एड,जियाउर्रहमान ( जिला अध्यक्ष कांग्रेस बुलंदशहर) ,बाईट : पारस शुक्ला
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चंद्रशेखर आज़ाद ने ITC रोड पर बुलडोजर विरोध और धरने का ऐलान किया

Saharanpur, Uttar Pradesh:सांसद चंद्रशेखर आज़ाद का बड़ा बयान-आईटीसी रोड पर बुलडोजर कार्रवाई कहा-dalitों के घरों पर बुल्डोजर नहीं चलने दूंगा,7 मई को डीएम कार्यालय पर धरने का ऐलान सहारनपुर में सर्किट हाउस रोड चौड़ीकरण के दौरान मंगलवार शाम तनाव बढ़ गया।आजाद समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद अचानक मौके पर पहुंचे और बुलडोजर कार्रवाई का विरोध किया।उनके पहुंचते ही बड़ी संख्या में कार्यकर्ता सड़क पर बैठ गए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। स्थिति बिगड़ती देख मौके पर काम कर रहे मजदूर जेसीबी मशीन लेकर चले गए।जिला प्रशासन वीवीआईपी आवागमन के मद्देनजर सर्किट हाउस रोड का चौड़ीकरण करा रहा है। सड़क के बीच से गुजरने वाले रजवाहे के दोनों किनारों की जमीन सिंचाई विभाग के अधीन है। विभाग ने इसे अतिक्रमण बताते हुए कई मकानों और दुकानों पर निशान लगाए थे, साथ ही 4 अप्रैल तक स्वयं अतिक्रमण हटाने का नोटिस भी दिया था।आरोप है कि निर्धारित समय से पहले ही 1 अप्रैल को कार्रवाई शुरू कर दी गई। इस दौरान कई अनुसूचित जाति परिवारों के मकानों के चबूतरे और छज्जे गिरा दिए गए। पीड़ितों का दावा है कि उनके पास जमीन के वैध दस्तावेज हैं, जिनमें कुल चौड़ाई 55 फीट दर्ज है।उनका आरोप है कि सिंचाई विभाग रजवाहे को इस माप में शामिल नहीं कर रहा है और केवल दोनों पटरियों को आधार बनाकर कार्रवाई कर रहा है।यह विवाद कोर्ट तक भी पहुंचा था, जहां से यथास्थिति बनाए रखने और प्रभावितों के पुनर्वास के निर्देश दिए गए थे।इसके बावजूद, कथित तौर पर कार्रवाई रुक-रुक कर जारी रही।पार्टी कार्यालय में हुई बैठक में पीड़ितों ने सांसद चंद्रशेखर आजाद को पूरी स्थिति से अवगत कराया।इसके बाद वे कार्यकर्ताओं के साथ मौके पर पहुंचे और दलित बस्ती का निरीक्षण किया।चंद्रशेखर आजाद ने आरोप लगाया कि दलित बस्ती को जानबूझकर निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि नाले की चौड़ाई घटाने से बरसात में जलभराव की समस्या बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि “अन्याय करने वाले से ज्यादा दोषी वह है जो अन्याय सहता है। यहां मानवता और गरिमा को कुचला जा रहा है।
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बस पीछे से बैक करते समय स्कूटी सवार महिला कुचली, हालत गंभीर

Dehradun, Uttarakhand:विकासनगर से एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है... बाबूगढ़ क्षेत्र के पास एक बस चालक ने बिना पीछे देखे अचानक बस को बैक करना शुरू कर दिया... इसी दौरान पीछे से आ रही एक स्कूटी सवार महिला बस की चपेट में आ गई... प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक पीछे करते समय बस सीधे स्कूटी के ऊपर चढ़ गई, जिससे स्कूटी बस के नीचे दब गई और स्कूटी सवार महिला गंभीर रूप से घायल हो गई... हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई... स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए महिला को बस के नीचे से बाहर निकाला और तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका इलाज चल रहा है... घटना के बाद लोगों ने लापरवाह ड्राइवर के खिलाफ सख्त कार्यवाही की मांग की है।
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