कश्मीर में गणेश चतुर्थी: 35 वर्षों बाद भव्य रथ यात्रा का आयोजन!
Chaka, ( TVU 9 ) Ground Report समय के साथ, जैसे-जैसे कश्मीर में हालात बेहतर होते जा रहे हैं, कश्मीरी पंडित अपने पारंपरिक उत्सवों को पुनर्जीवित कर रहे हैं। कश्मीर में गणेश चतुर्थी का उत्सव एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुआ, क्योंकि 35 वर्षों के अंतराल के बाद कश्मीरी पंडितों ने सार्वजनिक रूप से एक भव्य रथयात्रा (जुलूस) निकाली, जो 1990 के दशक की शुरुआत में आतंकवाद की शुरुआत के बाद से बाधित एक परंपरा को पुनर्जीवित करती है। यह पुनरुत्थान, विशेष रूप से श्रीनगर और दक्षिण कश्मीर में हुआ, कश्मीरी पंडित समुदाय के लिए एक शक्तिशाली सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पुनर्मिलन का प्रतीक था, जिसे स्थानीय समुदायों और अधिकारियों का समर्थन प्राप्त था। 1989-1990 में कश्मीर में आतंकवाद के प्रकोप के कारण कश्मीरी पंडितों का कश्मीर से बड़े पैमाने पर पलायन हुआ, जिससे उनकी सांस्कृतिक और धार्मिक प्रथाएँ बाधित हुईं, जिनमें गणेश चतुर्थी का सार्वजनिक उत्सव भी शामिल था, जिसे स्थानीय रूप से विनायक चौरम के नाम से जाना जाता है। दशकों तक, सुरक्षा चिंताओं और समुदाय के पलायन के कारण यह उत्सव या तो सीमित रहा या निजी घरों तक ही सीमित रहा। हाल के वर्षों में, विशेष रूप से 2022 के बाद से, इन परंपराओं को पुनर्जीवित करने के प्रयासों में तेज़ी आई है। 2025 में सार्वजनिक रथयात्रा की ऐतिहासिक वापसी होगी, जो घाटी में 35 वर्षों से नहीं देखी गई थी। यह पुनरुद्धार बेहतर सुरक्षा, सामुदायिक लचीलेपन और स्थानीय व बाहरी संगठनों के समर्थन को दर्शाता है। यह उत्सव 27 अगस्त, 2025 को इंदिरा नगर शिव मंदिर में शुरू हुआ, जहाँ फूलों, चंदन और पारंपरिक सजावट से सजी पर्यावरण-अनुकूल गणेश प्रतिमाओं की स्थापना की गई। भगवान गणेश को समर्पित वैदिक मंत्रों और भजनों के साथ हवन किया गया। पन्न पूजा, एक विशिष्ट कश्मीरी परंपरा है, जिसमें प्रसाद के रूप में मीठी रोटी बनाई जाती है, जिसे बाद में भक्तों में वितरित किया जाता है, जो सामुदायिक बंधन का प्रतीक है। भगवान गणेश की मूर्ति को आज इंद्र नगर के मंदिर से झेलम नदी में विसर्जन के लिए ले जाया गया। कमल चंद पुरी ने कहा, "कश्मीर में अब जो हो रहा है और पहले नहीं हो रहा था, वह अपने आप में दर्शाता है कि कश्मीर में हालात दिन-ब-दिन बेहतर होते जा रहे हैं। इस त्योहार में सभी मुसलमानों ने हिस्सा लिया और पिछले सात दिनों से छह मुसलमान यहाँ आए हैं। हम पिछले सात दिनों से यहाँ पूजा-अर्चना कर रहे हैं। कश्मीर में बदलाव के देवता दिखाई दे रहे हैं। हमने शांति, समृद्धि और सामाजिक सुरक्षा के लिए प्रार्थना की है। हम इन दिनों बादलों का परीक्षण कर रहे हैं और प्रार्थना करते हैं कि कश्मीर और देश के बाकी हिस्सों में सभी सुरक्षित रहें। इस बार जब हम त्योहार मना रहे हैं, तो हम कश्मीर के उसी पुराने भाईचारे की चर्चा कर रहे हैं, यहाँ सभी लोग हमारा समर्थन कर रहे हैं। ये सभी समर्थक कश्मीरी मुसलमान हैं।" रथ यात्रा शुरू होने पर मंदिर से WT। इंद्र नगर स्थित मंदिर से ऐतिहासिक रथ यात्रा शुरू हुई। पिछले 35 वर्षों में यह इस तरह का पहला जुलूस था। भक्त मंदिर से पर्यावरण-अनुकूल गणेश प्रतिमाओं को एक सजे हुए वाहन में रखकर "गणपति बप्पा मोरया" के जयकारे और पारंपरिक संगीत के साथ सड़कों से होते हुए ले जा रहे थे। बाइट नाना जी ने कहा, "बेशक, यह एक त्यौहार है। आप देख रहे हैं कि गणपतियार मंदिर में लोग पहले कितने उत्साहित थे, भक्तों में भी यही उत्साह देखा गया। मैं सभी मुस्लिम भाइयों से अनुरोध करता हूँ कि वे आगे आएँ और कश्मीर से बाहर रह रहे कश्मीरी पंडितों को वापस बुलाएँ। वही भाईचारा अब दिख रहा है, मुस्लिम भाई हमारे साथ खड़े हैं और मेरा मानना है कि कश्मीरी पंडित मुसलमानों के बिना अधूरे हैं और कश्मीरी पंडित मुसलमानों के बिना अधूरे हैं। कश्मीर में हालात अब बदल गए हैं, खासकर 2019 में धारा 370 हटने के बाद, हम आज़ादी महसूस कर रहे हैं और खुलकर अपनी मनमर्जी कर रहे हैं और यहाँ का स्थानीय समुदाय हमारे साथ है। अब 90 का दशक नहीं रहा कि अगर कुछ हुआ तो वे कुछ भी कर सकते थे, एक मुसलमान कश्मीरी पंडित के सामने खड़ा होगा और एक पंडित मुसलमान के सामने। हम 90 के दशक को दोबारा नहीं होने देंगे।" रथ यात्रा और सार्वजनिक उत्सव सामान्य स्थिति की वापसी और पिछली चुनौतियों के प्रति दृढ़ता का प्रतीक थे। जुलूस का समापन झेलम नदी में मूर्तियों के विसर्जन के साथ हुआ। झेलम नदी में मूर्ति विसर्जन के दौरान WT सार्वजनिक समारोहों का फिर से शुरू होना कश्मीरी पंडितों के लिए बेहद भावुक कर देने वाला था, जिनमें से कई 1990 के दशक में कश्मीर छोड़कर चले गए थे। स्थानीय मुस्लिम बहुल आबादी ने रसद सहायता, विसर्जन के लिए नावें उपलब्ध कराकर और प्रार्थनाओं और जुलूसों में शामिल होकर इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। श्रीनगर में यात्रा में स्थानीय लोगों की इस भागीदारी ने "कश्मीरियत" की भावना और भाईचारे के गहरे बंधन को रेखांकित किया। खालिद हुसैन0
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25 सितम्बर से मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा शुरू, भोपाल से 351 बसें हरी झंडी
Chhindwara, Madhya Pradesh:25 सितंबर से मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की शुरुआत मध्य प्रदेश में होगी। भोपाल में राज्यस्तरीय कार्यक्रम का आयोजन होगा। सीएम मोहन यादव यहां से अलग-अलग शहरों के लिए 351 बसों को हरी झंडी दिखाएंगे। मध्य प्रदेश में 25 सितंबर से शुरू होने वाली है मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा। भोपाल से 351 बसों को सीएम मोहन यादव दिखाएंगे हरी झंडी। आधुनिक सुविधाओं से लैस होंगी सारी बसें। शहर के अंदर और इंटरसिटी में चलेंगी ये बसें। मध्य प्रदेश में सालों का इंतजार खत्म होने जा रहा है। पर्यावरण के अनुकूल सार्वजनिक परिवहन सुविधा की शुरुआत होने जा रही है। परिवहन विभाग की महत्वाकांक्षी ‘ मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा ’ का 25 सितंबर 2026 को शुभारंभ होगा। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा अंतर्गत प्रदेश में लगभग 1500 बसें चलना शुरू हो जाएंगी.0
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भरत शर्मा ने बूंदी नगर परिषद की बागडोर संभाली; विकास पर जोर
Noida, Uttar Pradesh:नगर परिषद के नवनियुक्त सभापति भरत शर्मा ने बुधवार को शुभ मुहूर्त में विधि-विधान और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पदभार ग्रहण किया। प्रशासक एवं जिला कलेक्टर हरफूल सिंह यादव तथा आयुक्त बृजेश रॉय ने उन्हें औपचारिक रूप से पदभार ग्रहण करवाया। इससे पहले भरत शर्मा ने संत राम लखन दास जी महाराज एवं बालक दास जी महाराज से आशीर्वाद लिया और नगर परिषद मंदिर में पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर उपसभापति संजय भूटानी का भी अभिनंदन किया गया। परिषद परिसर में 24 घंटे का अखंड रामचरितमानस पाठ जारी है। भरत शर्मा ने कहा कि शहर का विकास, स्वच्छता, यातायात, पेयजल और पारदर्शी प्रशासन उनकी प्राथमिकता रहेगी।0
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गोड्डा के पहाड़िया आदिवासियों को राशन नहीं मिला, कार्डधारक नाराज, कार्रवाई की मांग
Godda, Jharkhand:गोड्डा में गरीबों के निवाले पर आफ़त मच गई है।PVTG समुदाय में आनेवाले पहाड़िया आदिम जनजाति को सरकारी अनाज से मरहूम रखने की कोशिशें की जा रही हैं।वहीं संबंधित अधिकारी कुछ भी बोलना नहीं चाहते हैं। मामला गोड्डा जिले के आदिवासी बहुल बोआरीजोर प्रखंड के कुसुमघाटी का है।इस पहाड़िया गांव में आदिम जनजातीय समुदाय के कार्डधारकों को डाकिया योजना के तहत मिलने वाला राशन करीब तीन माह से नहीं मिलने के कारण कार्डधारी में आक्रोश बढ़ने लगा है। राशन नहीं मिलने से दर्जनों कार्डधारियों में नाराजगी है। ग्रामीणों का आरोप है कि राशन को लेकर कई बार प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी से शिकायत की गई, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ। ग्रामीणों ने बताया कि पंचायत के मुखिया एवं उनके प्रतिनिधि को भी मामले की जानकारी दी गई, लेकिन इस दिशा में अपेक्षित पहल नहीं हुई। ग्रामीणों के अनुसार, राशन कार्ड में वर्ष 2022 में ही सभी कॉलम भर चुके हैं। इसके बावजूद अब तक नया राशन कार्ड उपलब्ध नहीं कराया गया है। कई कार्डधारकों के कार्ड में जगह नहीं बचने के कारण कॉपी में लिखकर राशन का विवरण दर्ज किया जाता है। लगातार तीन माह से राशन नहीं मिलने से ग्रामीणों के सामने परेशानी खड़ी हो गई है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द राशन का वितरण नहीं कराया गया और समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो वे प्रखंड मुख्यालय का घेराव करने को मजबूर होंगे। इस मामले को लेकर जब प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी कुछ भी खास जानकारी देने से बचते दिखे। उन्होंने ऑफ द रिकॉर्ड दो माह का बकाया राशन की बात स्वीकार की है अब देखना होगा कि संबंधित विभाग ग्रामीणों की शिकायत पर कब तक कार्रवाई करता है और लंबित राशन का वितरण कब शुरू कराया जाता है। बाइट पीड़ित जनता0
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खूँटी में लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित, मवेशी भी परेशान
Khunti, Jharkhand:क्षेत्र - खूँटी। बंगाल की खाड़ी पर हुए निम्न दाब के कारण इसका असर खूँटी जिले में भी देखने को मिल रहा है। जिसके कारण विगत देर रात से ही हल्की बारिश शुरू हुई और फिर आज सुबह से ही लगातार बारिश हो रही है। हल्की हवा चलने के साथ हो रही झमाझम बारिश से जनजीवन प्रभावित हो गया है। लोग घरों से कम ही निकल रहे हैं। जिसके कारण बाजार भी खाली और सड़कें सूना है। वहीं आज मवेशी पालकों को ज्यादा परेशानी हो गयी है। गाय बैल बकरी घास चराने के लिए मुश्किल हो गया है। जिसके कारण किसी तरह घर में ही कुछ लोग मवेशियों को बंद करके रखें हैं तो कुछ लोग पानी में भींगकर बकरियां चरा रहे हैं। ताकि मवेशियों का पेट भर सके। लेकिन झमाझम बारिश छुटने का नाम नहीं ले रहा है। जहां मौसम विभाग के अनुसार, आज दिन भर बारिश होने की उम्मीद है।0
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जमुई घटना के विरोध में राजद ने इनकम टैक्स गोलंबर तक विरोध मार्च निकाला
Patna, Bihar:जमुई में हुई घटना के विरोध में राष्ट्रीय जनता दल के द्वारा आज राजद प्रदेश कार्यालय से इनकम टैक्स गोलंबर तक विरोध मार्च निकाला गया और इनकम टैक्स गोलंबर पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का पुतला फूंका गया. राष्ट्रीय जनता दल के नेता और कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से इस्तीफा मांगा. राजद नेताओं ने कहा कि सम्राट चौधरी ने खुद कहा था कि अगर ऐसी कोई घटना होती है तो वह इस्तीफा देंगे, तो अब वह इस्तीफा क्यों नहीं दे रहे हैं. सरकार अपराधियों की जात देख रही है—अपराधियों की कोई जात नहीं होती है. बिहार सरकार के मंत्री श्रेयसी सिंह को लेकर भी राजद नेताओं ने हमला बोला और कहा कि खुद महिलाएं और महिला होकर महिला का सम्मान करना नहीं जानती.0
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एशियन गेम्स 2026: भारत की महिला स्कीट टीम ने कांस्य पदक जीता
Noida, Uttar Pradesh:एशियाई खेल: रायजा ढिल्लों, माहेश्वरी चौहान और परिनाज़ धालीवाल की तिकड़ी ने महिलाओं के स्कीट टीम इवेंट में ब्रॉन्ज़ मेडल जीता। एशियन गेम्स 2026 में महिला शूटिंग टीम ने भारत को आठवां पदक दिलाया। बुधवार को महिलाओं की स्कीट टीम स्पर्धा में भारत को कांस्य पदक मिला। शूटिंग के स्कीट इवेंट में तीन दिन के क्वालीफाइंग राउंड के बाद, भारतीय तिकड़ी माहेश्वरी चौहान, परिनाज धालीवाल और रायजा ढिल्लों ने 331 के संयुक्त स्कोर के साथ तीसरा स्थान हासिल किया। बता दें कि रायजा ढिल्लों करनाल जिले के शामगढ़ गांव से हैं0
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सड़क सुरक्षा को लेकर स्कूली बच्चों ने सीखे ट्रैफिक नियम,मॉकड्रिल का आयोजन।
Majhaulia, Bihar:मझौलिया प्रखंड के राजकीय मध्य विद्यालय गढ़वा भोगाड़ी में मॉकड्रिल कराया गया। प्रधानाध्यापक दुर्योधन बैठा और शिक्षक राहुल राज ने बताया कि छात्रों में जागरूकता लाने और ट्रैफिक नियमों का पालन सिखाने के उद्देश्य से यह आयोजन किया गया। मॉकड्रिल में बच्चों को जेब्रा क्रॉसिंग, ट्रैफिक सिग्नल और सुरक्षित सड़क पार करने के तरीके बताए गए। मौके पर शिक्षक पप्पू कुमार यादव, आले अहमद रजा, सुरेंद्र राम, आदित्य राजपूत, नागेश्वर प्रसाद कुशवाहा, रमेश कुमार पंडित, शाहीना खातून, मो. अकरम, सबरून नेशा, सोनी कुमारी सहित सभी शिक्षक मौजूद रहे।0
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गणेश विसर्जन से पहले खैरागढ़ की सड़कों पर गड्ढे सुरक्षा मुद्दा बन गए
Khairgarh, Uttar Pradesh:खैरागढ़ में गणेश उत्सव अपने चरम पर है... पंडालों में बप्पा विराजमान हैं और 26 सितंबर को विसर्जन की तैयारी है। लेकिन बप्पा की विदाई से पहले शहर की सड़कें प्रशासन के सामने बड़ा सवाल बनकर खड़ी हैं। मुख्य सड़कों पर गड्ढे, गड्ढों में बारिश का पानी और उन्हीं रास्तों से गुजरने वाली गणेश झांकियां... ऐसे में सवाल है क्या प्रशासन बप्पा की विदाई भी इन गड्ढों के भरोसे करेगा? ये खैरागढ़ शहर की वो सड़कें हैं, जहां से रोजाना आम लोगों के साथ जिले के बड़े अफसर और जनप्रतिनिधि भी गुजरते हैं। लेकिन सड़क पर नजर डालिए... कहीं गड्ढे हैं, कहीं पानी भरा है और कहीं सड़क की परत ही उखड़ चुकी है। इतवारी बाजार से पुराने बस स्टैंड और दाऊचौरा पुल तक कई जगह सड़क की हालत ऐसी है कि वाहन चालक गड्ढा बचाएं तो सामने से आने वाले वाहन का खतरा... और गड्ढे से निकलें तो गिरने का डर। अब इसी रास्ते से 26 सितंबर को गणेश झांकियां निकलेंगी। ढोल-नगाड़ों के बीच सैकड़ों श्रद्धालु बप्पा को विदाई देने निकलेंगे। लेकिन सवाल प्रशासन से है—जब आम दिनों में ये सड़कें लोगों के लिए परेशानी हैं, तो विसर्जन के दिन हजारों लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा? स्थानीय लोगों का कहना है कि हर बारिश में सड़क की यही कहानी सामने आती है। गड्ढे भरने के नाम पर कहीं मुरम तो कहीं डस्ट डाल दी जाती है, लेकिन कुछ बारिश के बाद फिर वही गड्ढे दिखाई देने लगते हैं। यानी सवाल सिर्फ मरम्मत का नहीं, स्थायी समाधान का है। नगरवासियों का कहना है कि जिम्मेदार विभागों को गणेश विसर्जन की तारीख पहले से मालूम थी। इसके बावजूद अगर सड़कें अब भी बदहाल हैं तो आखिर तैयारी किस बात की हुई? प्रशासन के सामने अब वक्त भी कम है। क्या विसर्जन से पहले सड़कें दुरुस्त होंगी? क्या गड्ढों पर सिर्फ खानापूर्ति होगी या स्थायी मरम्मत? क्योंकि बप्पा की विदाई हर साल होती है... लेकिन सड़कों के ये गड्ढे हर साल वापस क्यों आ जाते हैं?0
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रतलाम में सुगम बस सेवा से यात्रा आसान, सुरक्षा और पारदर्शिता बढ़ेगी
Ratlam, Madhya Pradesh:रतलाम में सुगम बस सेवा की शुरुआत को लेकर आम नागरिकों में उत्साह और खुशी है। लोगों का कहना है कि शहर में मौजूदा बसों में अक्सर जगह मिलने की समस्या सामने आती है, ऐसे में सुगम बस सेवा से यात्रियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। आधुनिक सुविधाओं से लैस इन बसों में सीसीटीवी कैमरे, जीपीएस ट्रैकिंग और डिजिटल टिकटिंग जैसी व्यवस्थाएं होंगी। इससे सफर न सिर्फ आसान होगा, बल्कि सुरक्षा और पारदर्शिता भी बढ़ेगी। आम नागरिकों का मानना है कि बेहतर परिवहन सुविधा मिलने से शहरवासियों को आवागमन में सहूलियत होगी और सुगम बस सेवा रतलाम के लिए एक उपयोगी कदम साबित हो सकती है0
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सरकारी सुगम बस सेवा से यात्रियों को राहत, निजी बस संचालकों की चिंता बढ़ी
Jabalpur, Madhya Pradesh:सरकारी बस सेवा पर यात्रियों की राय 25 सितंबर से सुगम बस सेवा का शुभारंभ करने जा रहे हैं जबलपुर भी इसमें शामिल है जिसमें सुगम बस सेवा शुरू की जाएगी। बस यात्रा करने वाली यात्रियों का मानना है कि इससे उन्होंने काफी फायदा होगा महंगे किराए से भी उन्हें निजात मिलेगी। हालांकि निजी बस संचालकों का कहना है कि सरकारी बस सेवा शुरू होने के बाद उनके व्यापार पर काफी असर पड़ेगा और उन्हें काफी परेशानी होगी। वहीं बस स्टैंड इलाके में व्यापार करने वाले दुकानदारों का कहना है कि बस सेवा शुरुआत होने से यात्री याद आएंगे और उनका कारोबार भी अच्छा होगा0
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15 तारीख से शुरू होगी सरकारी बस सेवाएं, यात्रियों को राहत
Morena, Madhya Pradesh:15 tarikh se chalu honge sarkari bus0
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सुप्रीम कोर्ट में 70-90% वेतन मामले की सुनवाई तय
Bhopal, Madhya Pradesh:भोपाल मध्य प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों से जुड़ी हुई बड़ी खबर प्रोबेशन पीरियड में सैलरीवाले मामले पर सुप्रीम कोर्ट में 28 सितंबर को हो सकती है सुनवाई 70,80,90 सैलरी का मामला सुप्रीम कोर्ट में लिस्टेड हुआ केस 70,80, 90 सैलरी मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट पहुंची है मध्य प्रदेश सरकार हाई कोर्ट के आदेश पर स्टे की मांग को लेकर पहुंची है सरकार सुप्रीम कोर्ट सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार से पूछा था क्यों हाई कोर्ट के फैसले पर रोक लगाई जाए राज्य सरकार ने जवाब दाखिल किया जबलपुर हाईकोर्ट ने प्रोबेशन पीरियड में 70, 80 और 90 फीसदी सैलरी देने के नियम को रद्द कर दिया है जबलपुर हाईकोर्ट ने दिए थे राज्य सरकार को निर्देश प्रोबेशन पीरियड में पूरी सैलरी के दिए थे निर्देश0
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घनसाली विधायक ने नई टिहरी में मेडिकल कॉलेज निर्माण का समर्थन किया
New Tehri, Uttarakhand:नई टिहरी में मेडिकल कॉलेज निर्माण को लेकर अनिश्चितकालीन धरना जारी है और अलग अलग क्षेत्रों में संघर्ष समिति द्वारा जागरूकता अभियान और समर्थन के लिए भ्रमण भी किया जा रहा है वही मेडिकल कॉलेज निर्माण को लेकर अब घनसाली विधायक शक्तिलाल शाह ने भी समर्थन किया है और मेडिकल कॉलेज जिला मुख्यालय नई टिहरी में निर्माण की बात कही है वही घनसाली के सामाजिक जनप्रतिनिधियों द्वारा मेडिकल कॉलेज घनसाली विधानसभा में बनाए जाने की माँग की है।0
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आयुर्वेद दिवस पर नई टिहरी अस्पताल बौराड़ी में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
New Tehri, Uttarakhand:आयुर्वेद दिवस पर नई टिहरी जिला अस्पताल बौराडी में आयोजित हुआ कार्यक्रम। नई टिहरी जिला अस्पताल बौराड़ी में आयुर्वेद दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुआ, जिसमें सी एम एस, विभागीय अधिकारी कर्मचारी और सीआईएसएफ जवानों ने शिरकत की, आयुर्वेद विभाग के वरिष्ठ चिकित्सक द्वारा आयुर्वेद को लेकर लोगों को जानकारी दी गई और स्वास्थ्य जीवन शैली के लिए योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करने सहित उचित आहार और विहार के बारे में जानकारी दी गई।0
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