icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Pinewz
476332
Dheeraj Kumar BalothiyaDheeraj Kumar BalothiyaFollow29 Oct 2024, 06:29 am

मोरावन गांव के ग्रामीणों का वोट बहिष्कार का निर्णय, PM आवास योजना का लाभ नहीं मिलने से नाराज

Vijaypur, Madhya Pradesh:

विजयपुर विधानसभा क्षेत्र के कराहल जनपद स्थित मोरावन गांव के ग्रामीणों ने आगामी 13 नवंबर को चुनावों में वोट बहिष्कार करने का निर्णय लिया है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें पीएम आवास योजना का लाभ नहीं मिला है जिससे वे नाराज हैं। गांव में आयोजित बैठक में ग्रामीणों ने इस मुद्दे पर चर्चा की और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से लेकर पंचायत और प्रखंड तक अपनी समस्याओं को साझा किया। हालांकि, किसी ने भी उनकी समस्याओं को हल करने का प्रयास नहीं किया, जिसके चलते ग्रामीणों ने वोट बहिष्कार का फैसला लिया है।

0
0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

ताजिया जुलूस के साथ ढोल बजाकर तहजीब की मिसाल दिखायी: कीर्तिवर्धन सिंह

Gonda, Uttar Pradesh:एंकर- खबर गोंडा से है। जहां गोंडा में विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह ने मोहर्रम के अवसर पर मनकापुर कोट में ताजिया जुलूस का स्वागत किया। इस दौरान उन्होंने मुस्लिम समुदाय के लोगों के साथ ढोल बजाया और बच्चों को टॉफियां बांटीं। यह वर्षों पुरानी परंपरा का हिस्सा है, जिसमें मंत्री और उनका परिवार शामिल होता है। दिल्ली से मनकापुर पहुंचे कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ राजा भैया ने एक-एक कर कोट में आए सभी ताजिया जुलूसों में भाग लिया। उन्होंने जुलूस में शामिल लोगों के साथ सेल्फी ली और तस्वीरें खिंचवाईं। साथ ही, ताजिया के साथ आए बच्चों को टॉफी देकर उनका हालचाल पूछा है। इस वर्ष एक खास तस्वीर देखने को मिली है जहां विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह खुद मुस्लिम समाज के लोगों के साथ ढोल बजाते नजर आए। मनकापुर कोट के अंदर बड़ी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग भी उनके साथ ढोल बजा रहे थे। पिछले वर्ष कीर्तिवर्धन सिंह बच्चों के साथ ढोल बजाते दिखे थे, जबकि इस बार उन्होंने ताजियादारों के साथ ढोल बजाया है। जो वीडियो सोशल मीडिया पर लोग वायरल करके कीर्ति वर्धन सिंह के सादगी की जमकर तारीफ कर रहे हैं और गंगा जमुना तहजीब की मिसाल बता रहे हैं。
0
0
Report

संथाली भाषा बोलने वाली महिला की पहचान के लिए लोगों से मदद की अपील

Lohardaga, Jharkhand:लोहरदगा- लोहरदगा सदर अस्पताल के बेड नम्बर दस में एक महिला पिछले कई दिनों से अपनों के आने का इंतजार कर रही है। इस महिला को सड़क पर भटकता हुआ देख कुछ दिन ही पहले पुलिस ने सदर अस्पताल पहुंचाया है। यह पूरी तरह से संथाली भाषा बोलती और समझती है। इन्हें हिन्दी भी समझ में नहीं आता है। ऐसे में अपनी बातों को ये बता नहीं पा रही है। इनसे संथाली भाषा में पूछा गया तो इसे सिर्फ कुछ धुंधला धुंधला याद है कि इनका गांव है लेकिन गांव का नाम बताने में ये असक्षम है। ऐसे में इनके पहचान की अपील सभी लोगों से की जा रही है। ताकि ये अपने परिवार के पास पहुंच सकें। संथाल क्षेत्र के लोग इनसे बातें तो कर रहे है लेकिन कुछ भी स्पष्ट नहीं हो पा रहा है।
0
0
Report

रणथंभौर में 5वें टाइगर वीक का आगाज, संरक्षण के लिए विशेषज्ञों की चर्चा

Sawai Madhopur, Rajasthan:5वें रॉयल रणथंभौर इंटरनेशनल टाइगर वीक का आगाज। एंकर- बाघ संरक्षण एंव संवर्धन के समाधान खोजने व इसे प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सवाई माधोपुर के रणथंभौर स्थित एक होटल में 5वें रॉयल रणथंभौर इंटरनेशनल टाइगर वीक (आईटीडब्ल्यू) का शुक्रवार देर शाम को आगाज हुआ। लिव4फ्रीडम एलएलपी द्वारा रणथंभौर के आमाघाटी वाइल्डलाइफ रिज़ॉर्ट और कैसल झूमर बावड़ी में सर्वश्रेष्ठ बाघों का संरक्षण (कंजर्व इंडियाज़ फाइनेस्ट टाइगर्स) थीम के अंतर्गत आयोजित तीन दिवसीय कार्यक्रम में देश भर के नामचीन वन्यजीव विशेषज्ञ जूट , कार्यक्रम के पहले दिन आमाघाटी वाइल्डलाइफ रिज़ॉर्ट में विभिन्न चर्चा सत्र आयोजित हुए जिनकी शुरुआत दिल्ली हाईकोर्ट के पूर्व न्यायाधीश धर्मेश शर्मा के उद्बोधन के साथ हुई। इस दौरान भारत के बाघों का भविष्य: संकट, रिकवरी और लंबे समय तक अस्तित्व विषय पर कंजर्वेशन ईकोलॉजिस्ट, लेखिका और फोटोग्राफर डॉ. लतिका नाथ ने विचार रखे। वहीं 'इंसानों के वर्चस्व वाले इलाके में बाघ' विषय पर वाइल्ड लाइफ कंजर्वेशन ट्रस्ट के अध्यक्ष व सीईओ डॉ. अनिश अंधेरिया ने चर्चा की। अंतारा चटर्जी के साथ चर्चा के दौरान उपरोक्त दोनों स्पीकर्स ने वन्यजीव संरक्षण और पर्यावरण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से प्रकाश डाला। डॉ. लतिका नाथ ने कहा कि कंजर्वेशन और वाइल্ড लाइफ ट्यूूरिज्म की बात की जाती रही है , लेकिन इन प्रोजेक्ट्स की मॉनिटरिंग करना बेहद जरूरी है, इस मामले में हमें नेपाल, भूटान, अफ्रीकी महाद्वीप के देशों और दक्षिणी अमरीका से सीखना चाहिए। उन्होंने कहा कि वाइल्ड लाइफ सफारी में पर्यटकों की संख्या सीमित रखी जानी चाहिए, पर्यटन से जो कमाई हो रहे है उसमें से संरक्षण पर भी खर्च किया जाना चाहिए यह संतुलन बेहद जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि बाघ पर्यावरण के साथ साथ इंसानों का भी दोस्त होता है। उन्होंने नियोजित विकास पर जोर देते हुए कहा कि नुकसान के बाद कदम उठाने से कोई फायदा नहीं है। डॉ. अनिश अंधेरिया ने कहा कि ईकोनॉमी के लिए एनवायरनमेंट को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि आधुनिक विकास की संरचनाएं (ब्रिज, हाईवे, रेलवे लाइन) से जानवरों का जीवन प्रभावित होता है। उन्होंने रेलवे लाइनों पर सायरन लगाने व वन्यजीवों को दुर्घटनाओं से बचाने के तरीके बताए। उन्होंने यह भी कहा कि टाइगर से देश की हाइड्रोलॉजी भी बचेगी। इस दौरान वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट और सफारी गाइड विजय सिंह मीणा ने बाघों से जुड़े रोमांचक किस्सों को साझा किया। इस दौरान भारत के ख्यात बाघों 'डॉलर', 'चार्जर', 'पारो', 'कॉलरवाली', 'मछली', 'माया' के जीवन यात्रा पर भी प्रकाश डाला गया। वाइल्ड लाइफ फिल्म मेकर सुबैया नल्ला मुत्थु ने डॉक्यूमेंट्री के जरिए 'मछली' के जीवन को दर्शाया। रे​डिको खेतान के अमित छौजर और वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट अभिषेक भाट ने भी बाघों के जीवन पर अपने विचार रखे। ऑडियो—विजुअल प्रेजेंटेशन रॉयल रणथंभौर— कंजर्व इंडियाज फाइनेस्ट टाइगर भी पेश की गयी। लिव4फ्रीडम के पार्टनर आनंद भारद्वाज और सुनील मंगल ने बताया कि यह इवेंट संरक्षण, सरकार, पर्यटन, बिज़नेस और सिविल सोसाइटी के लीडर्स को एक साथ लाता है। तीन दिवसीय कार्यक्रम मे टाइगर रिजर्व ऑफ द ईयर, मुख्यमंत्री ऑफ द ईयर , वाइल्डलाइफ लीडरशिप अवॉर्ड,वाइल्डलाइफ वार्डन ऑफ द ईयर अवॉर्ड,एंटी-पोचिंग एक्सीलेंस अवॉर्ड,कॉर्पोरेट लीडरशिप इन कंजर्वेशन अवॉर्ड,वाइल्डलाइफ फोटोग्राफर / फिल्म ऑफ द ईयर,जर्नलिस्ट ऑफ द ईयर – वाइल्डलाइफ एवं पर्यावरण, इनोवेटिव कंजर्वेशन प्रोजेक्ट ऑफ द ईयर, ह्यूमन-वाइल्डलाइफ को-एग्जिस्टेंस अवॉर्ड, कंजर्वेशनिस्ट ऑफ द ईयर, लाइफटाइम अचीवमेंट इन वाइल्डलाइफ कंजर्वेशन अवॉर्ड भी दिए जायेंगे । पुरस्कारों का चयन एक प्रतिष्ठित जूरी द्वारा किया जाएगा, जिसकी अध्यक्षता श्री वी. पी. सिंह बदनौर, पंजाब के पूर्व राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के पूर्व प्रशासक करेंगे। बाईट-1-वन्यजीव विशेषज्ञ बाईट-2-वन्यजीव विशेषज्ञ बाईट-3-वन्यजीव विशेषज्ञ बाईट 4-वन्यजीव विशेषज्ञ बाईट-5-वन्यजीव विशेषज्ञ
0
0
Report
Advertisement

जमुई में अस्पताल के पास गोलीकांड: आपसी रंजिश में युवक घायल

Jamui, Bihar:जमुई शहर में अपराधियों के बढ़ते दुस्साहस का एक और मामला सामने आया है। टाउन थाना से महज करीब 200 मीटर की दूरी पर स्थित सदर अस्पताल के मुख्य द्वार के पास शुक्रवार और शनिवार की मध्यरात्रि करीब 2:30 बजे बदमाशों ने एक युवक को गोली मार दी। गोली युवक की बाईं जांघ में आरपार होकर कमर के नीचे जाकर फंस गई। गंभीर रूप से घायल युवक को उसके साथियों ने तत्काल इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सक डॉ. मृत्युंजय कुमार ने प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए पटना रेफर कर दिया।\n\nघायल युवक की पहचान शहर के महिसौड़ी निवासी दिनेश साह के पुत्र सूरज कुमार के रूप में हुई है। सूरज कुमार ने गोली मारने का आरोप कल्याणपुर निवासी सोनू यादव पर लगाया है। वहीं, घटना में श्रवण यादव समेत अन्य लोगों की संलिप्तता का भी आरोप लगाया गया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, घटना के पीछे आपसी विवाद की बात सामने आ रही है।\n\nघायल सूरज कुमार ने बताया कि उसके भाई के साथी नुमर गांव निवासी दीपक कुमार की मौत हो गई थी। वह अपने भाई और अन्य साथियों के साथ दीपक का शव देखने सदर अस्पताल आया था। शव देखने के बाद उसकी तबीयत बिगड़ने लगी तो वह अस्पताल के मुख्य गेट के समीप एक चाय दुकान के बाहर बेंच पर बैठ गया। इसी दौरान एक अपाची और एक स्प्लेंडर बाइक पर सवार चार युवक वहां पहुंचे। आरोप है कि स्प्लेंडर चला रहे श्रवण यादव ने उससे पूछा कि यहां क्या कर रहा है। वह जवाब देने ही वाला था कि पीछे बैठे सोनू यादव ने उस पर गोली चला दी। गोली उसकी बाईं जांघ में लगी और शरीर के भीतर फंस गई।\n\nघटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही टाउन थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और वहां से एक खोखा बरामद किया। पुलिस ने अस्पताल में घायल युवक का फर्द बयान दर्ज कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।इधर, पुलिस के अनुसार घायल सूरज कुमार के खिलाफ टाउन थाना में पहले से दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें जेल गेट के सामने हुई गोलीबारी का मामला भी शामिल है। लिहाजा पुलिस इस गोलीकांड की जांच आपसी विवाद, पुरानी रंजिश और अन्य सभी संभावित एंगल से कर रही है।\n\nवहीं, पूरे मामले पर जमुई एसपी विश्वजीत दयाल ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि देर रात एक युवक को गोली मारे जाने की सूचना मिली थी। टाउन थाना पुलिस ने घायल का बयान दर्ज कर लिया है। एफआईआर दर्ज की जा रही है, जिसके बाद आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी सहित आगे की कार्रवाई की जाएगी।\nलिहाजा, थाना के बेहद करीब हुई इस वारदात ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की गहन छानबीन में जुटी है और आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई तेज कर दी गई है।\n\nबाइट : सूरज कुमार (घायल)
0
0
Report

पति ने पत्नी और बच्चों की हत्या के बाद ट्रेन के सामने दी जान

Morena, Madhya Pradesh:पत्नी और दो मासूम बच्चों की हत्या के बाद पति ने ट्रेन के सामने दी जान ग्राम किशनपुर में चार लोगों की मौत से सनसनी, एफएसएल टीम और पुलिस मौके पर जांच में जुटी मुरैना। जिले के माता बसैया थाना क्षेत्र के ग्राम किशनपुर में आज रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। जानकारी के अनुसार एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी और दो मासूम बच्चों की धारदार हथियार (कुल्हाड़ी) से हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी घर से निकल गया और शिकारपुर रेलवे ट्रैक पर ट्रेन के सामने आकर आत्महत्या कर ली। घटना की सूचना मिलते ही माता बसैया थाना पुलिस, वरिष्ठ अधिकारी एवं एफएसएल टीम मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं रेलवे ट्रैक से बरामद आरोपी के शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल मुरैना के पीएम हाउस भेज दिया गया है। गांव में इस हृदयविदारक घटना के बाद शोक और दहशत का माहौल है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच कर रही है। हत्या के पीछे के कारणों का अभी खुलासा नहीं हुआ है।
0
0
Report

मोहनिया में मोहर्रम जुलूस के दौरान छत से पटाखा गिरने से दो घायल

Khajuria Khurd, Bihar:मोहनिया के स्टुवरगंज में जुलूस देखने के दौरान छत पर गिरे पटाखे से दो गंभीर रूप से जख्मी, अस्पताल में भर्ती। वीडियो - कैमूर जिले के मोहनिया थाना क्षेत्र अंतर्गत स्टुवर गंज में मोहर्रम के जुलूस के दौरान एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। अपने घर की छत पर खड़े होकर जुलूस देख रहे दो लोग अचानक नीचे से आए एक अज्ञात विस्फोटक/पटाखे की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों की पहचान मोहनिया निवासी कुंदन कुमार और उनकी भतीजी मुस्कान के रूप में हुई है। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया और दोनों को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। घायल के परिजनों ने बताया कि कुंदन और मुस्कान छत से नीचे चल रहे जुलूस को देख रहे थे। इसी बीच नीचे से भीड़ में से किसी ने पटाखा या कोई अन्य चीज ऊपर की ओर छोड़ी, जो सीधे दोनों के चेहरे पर आकर लगी। हादसे के बाद कुंदन कुमार बेहोश हो गए और काफी खून बहने लगा, जिसके बाद उन्हें परिजनों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल के डॉक्टर ने बताया कि दोनों घायलों की स्थिति फिलहाल खतरे से बाहर और स्थिर है। हालांकि, मुस्कान की दाहिनी आँख की ऊपरी पलक (आईलिड) क्षतिग्रस्त हुई है, जिसके कारण उन्हें बेहतर जाँच के लिए आई स्पेशलिस्ट के पास रेफर किया गया है। वहीं, कुंदन कुमार के ऊपरी होंठ और गाल पर गहरा घाव हुआ है, जिसके एक्सरे और अग्रिम इलाज के लिए उन्हें भभुआ रेफर किया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) गोपाल कृष्ण ने बताया कि शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि जुलूस के दौरान आतिशबाजी या पटाखा छोड़े जाने के कारण यह हादसा हुआ है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दोनों घायल खतरे से बाहर हैं और पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है ताकि सही कारणों का पता लगाया जा सके।
0
0
Report
Advertisement

रांची के रेडिसन ब्लू में दास्तान-ए रामपुर फूड फेस्ट आज से 6 जुलाई तक

Ranchi, Jharkhand:अगर आप नवाबी खानपान के शौकीन है तो रांची का रेडिसन ब्लू होटल आपको दास्तान ए रामपुर का ज़ायका चखाने जा रहा है। दरअसल आज से 6 जुलाई तक होटल में दास्तान ए रामपुर फूड फेस्टिवल का आयोजन किया जा रहा है। रेस्टोरेंट में शुरू हुए इस 10 दिवसीय आयोजन में उत्तर प्रदेश के रामपुर नवाबी विरासत, पारंपरिक व्यंजन और सांस्कृतिक रंगों का अनूठा अनुभव मिलेगा जब फेस्टिवल में अनुभवी शेफ रामपुर के नवाबों की शाही व्यंजन परोसेंगे। इस व्यंजनों में पारंपरिक स्वाद सुगंधित मसाले और धीमी आंच पर पकने की पुरानी तकनीक की झलक भी देखने को मिलेगी।
0
0
Report

मुहर्रम जुलूस के दौरान समस्तीपुर में युवक की हत्या, आरोपियों की गिरफ्तारी की कोशिश

Samastipur, Bihar:समस्तीपुर में मुहर्रम जुलूस के दौरान 26 वर्षीय युवक की सीने में चाकू गोदकर हत्या ।गांव में तनाव , आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस कर रही है छापेमारी। समस्तीपुर जिले के कल्याणपुर थाना क्षेत्र के गोपालपुर भुट्टा चौक के समीप शुक्रवार शाम मुहर्रम के ताजिया जुलूस के दौरान दो गुटों के बीच हुई झड़प में एक युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी गई. घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बन गया. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया. मृतक की पहचान गोपालपुर भुट्टा चौक निवासी मो. जब्बार के 26 वर्षीय पुत्र मो. जावेद के रूप में हुई है. परिजनों के अनुसार जावेद मुंबई में मजदूरी करते थे और मुहर्रम का पर्व मनाने के लिए चार दिन पहले ही गांव लौटे थे. शुक्रवार शाम वह गांव के भुट्टा अखाड़ा से निकाले जा रहे ताजिया जुलूस में शामिल थे. ग्रामीणों के अनुसार जुलूस के दौरान किसी बात को लेकर दो पक्षों में कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गई ।इसी दौरान एक युवक ने जावेद के सीने में चाकू घोंप दिया।चाकू लगने के बाद जख्मी हालत में स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से उन्हें तत्काल सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया ।घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. घटना के संबंध में सदर डीएसपी टू संजय कुमार का बताना है कि आरोपितों की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है ।एहतियात के तौर पर इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ।परिजनो से बातचीत में जानकारी मिली कि इनका पूर्व का विवाद चल रहा था ,शव को पोस्टमार्टम के लिए समस्तीपुर सदर अस्पताल भेज आगे की कार्यवाही में पुलिस जुटी हुई है ।जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी ।
0
0
Report

कर्णप्रयाग में स्थानीय लोगों के स्वागत ने श्रद्धालुओं का डर दूर कर दिया

Karnaprayag, Uttarakhand:2 जून को पंजाब के गुरदासपुर से हेमकुंड साहिब की पवित्र यात्रा पर निकला सिख श्रद्धालुओं का पैदल जत्था कर्णप्रयाग पहुचा। करीब 90 श्रद्धालुओं का यह जत्था 2 जुलाई को हेमकुंड साहिब पहुंचेगा। जत्थे में बच्चे, बुज old, और महिलायें शामिल है खास बात यह है कि हाल ही में कर्णप्रयाग की घटना को लेकर जत्थे में शामिल लोगों के मन में आशंका थी, लेकिन यहां पहुंचने के बाद स्थानीय लोगों के सहयोग और अपनापन ने उनकी सभी चिंताएं दूर कर दीं। जत्थे में शामिल श्रद्धालुओं ने बताया कि कर्णप्रयाग में हुई हालिया घटना की जानकारी मिलने के बाद उनके मन में कुछ भय और आशंका थी। लेकिन यहां पहुंचने पर स्थानीय लोगों ने जिस आत्मीयता और सहयोग के साथ उनका स्वागत किया, उसने उनके मन का डर पूरी तरह खत्म कर दिया। बाइट / हरपाल सिंह, सिक्ख श्रद्धालु बीओ 2 / "सिक्ख श्रद्धालुओं ने कहा जब हमने कर्णप्रयाग की घटना के बारे में सुना था तो मन में डर था। लेकिन यहां पहुंचकर स्थानीय लोगों का जो प्यार, सम्मान और सहयोग मिला, वह अविस्मरणीय और अकल्पनीय है। अब यहां पूरी तरह सामान्य वातावरण है और हमारी यात्रा सुचारू रूप से आगे बढ़ रही है। आस्था, सेवा और भाईचारे की मिसाल बनी यह यात्रा एक बार फिर यह संदेश दे रही है कि उत्तराखंड में श्रद्धालुओं के स्वागत की परंपरा आज भी उतनी ही मजबूत है। कर्णप्रयाग में स्थानीय लोगों के सहयोग ने न सिर्फ श्रद्धालुओं का विश्वास बढ़ाया, बल्कि सामाजिक सौहार्द की भी एक मिसाल पेश की।
0
0
Report
Advertisement

फर्रुखाबाद के बक्फ रिकॉर्ड्स: 794 संपत्तियाँ गायब, जांच की मांग तेज

Farrukhabad, Uttar Pradesh:फर्रुखाबाद से बड़ी खबर — बक्फ बोर्ड की संपत्तियों का लेखा-जोखा उलझन में। उम्मीद पोर्टल पर दर्ज किए गए रिकॉर्ड में सन्नाटे जैसी खामियां सामने आई हैं। जिले में कुल कितनी संपत्तियाँ दर्ज होनी थीं और असलियत क्या है — हम आपको बताने जा रहे हैं। फर्रुखाबाद के बक्फ बोर्ड से जुड़ी कई संपत्तियाँ — मस्जिदों और कब्रिस्तानों से संबंध रखने वाली — उम्मीद पोर्टल पर दर्ज कराई जानी थीं। आधिकारी आंकड़े बताते हैं कि कुल 2148 संपत्तियों में से उम्मीद पोर्टल पर मात्र 1354 संपत्तियों का ही विवरण दर्ज हो पाया। बक्फ बोर्ड की तरफ से दर्ज की जाने वाली सिया संपत्तियों में 30 में से 28 संपत्तियाँ दर्ज हो चुकीं, परन्तु हैरानी की बात ये है कि 794 संपत्तियों का कोई विवरण अब भी गायब है。 "फर्रुखाबाद में दस्तावेज़ी भूचाल! बक्फ बोर्ड के रिकॉर्डों में 794 संपत्तियाँ कहीं गायब — वह वही जमीन जो कब्रिस्तान और मस्जिदों से जुड़ी हैं। उम्मीद पोर्टल पर सिर्फ 1354 ही दर्ज हुईं, बाक़ी आधी दर्जन नहीं, सैकड़ों अनकही रहस्य। क्या धार्मिक सम्पत्तियों पर प्रशासन की नज़र फिसल गई? हम सच की परतें खोलने जा रहे हैं।" "एक रहस्यमयी चुप — और फिर सवालों की शोरगुल... फर्रुखाबाद की जमीनों पर लगे हुए पुराने स्याही के निशान अब प्रश्न बन गए हैं। 2148 में से केवल 1354 संपत्तियाँ उम्मीद पोर्टल पर दिखीं; 794 कहाँ गए? क्या ये रिकॉर्डों की भूल है या किसी बड़े खेल की शुरुआत? आज हम खोलेंगे उन दस्तावेज़ों की परतें जिनसे जुड़ा है एक संवेदनशील और जटिल इतिहास।" सरकार ने बक्फ बोर्ड को उम्मीद पोर्टल पर संपत्तियों की जानकारी अपलोड करने के लिए लगभग तीन महीने का समय दिया था — फिर भी 794 संपत्तियाँ ऐसे बची रह गईं जिनका कोई रिकॉर्ड नहीं मिला। सवाल उठता है — क्या इन संपत्तियों पर अब किसी कार्रवाई की तलवार लटक रही है? एक और गंभीर समस्या — जिस जमीन का वास्तविक "रखवा" या क्षेत्रफल होना चाहिए था, उसका विवरण कई जगह अधूरा या गलत है। राजस्व रिकॉर्ड में 1359 फसली के हिसाब से जमीन दिखाई जा रही है, जबकि बक्फ बोर्ड के रजिस्टर पर दर्ज माप पहले के हैं। यानी रिकॉर्ड और जमीन के वास्तविक हालात में तालमेल नहीं बैठ रहा。 पहले रिकॉर्ड में जमीन का रखवा ज्यादा दिखता था। कई जगह मुत्वल्ली और हितधारकों ने जमीन के हिस्से बेच दिए। पर रेकॉर्ड में बदलाव नहीं हुआ। अब यह साफ नहीं कि संपत्तियाँ अभी भी बोर्ड के पास हैं या बेच दी गईं। चकबंदी और नामांतरण के बाद नम्बरों में बदलाव भी दर्ज हुए हैं। कई संपत्तियाँ राजस्व रिकॉर्ड में 1359 फसली से पहले दर्ज हैं, पर असलियत बदल चुकी है। ऐसे में सरकार के सामने बड़ा प्रश्ण यही है — क्या संपत्तियाँ मौजूद हैं या उनका स्वामित्व बदल चुका है? और अगर बिक चुकीं हैं, तो बक्फ बोर्ड के रजिस्टरों में अभी भी वही पुराने माप कैसे बने हुए हैं? कई मामलों में जमीन कब्रिस्तान की ही बताई जा रही है। धार्मिक-संवेदनशील एरिया होने के कारण यह मामला केवल प्रशासनिक नहीं, सामाजिक और नैतिक सवाल भी उठाता है। जांच और सत्यापन की प्रक्रिया अभी जारी है, पर अब समय कम है और जवाब माँगा जा रहा है — बक्फ बोर्ड के पास मौजूद सूची कितनी विश्वसनीय है?
0
0
Report

शेखपुरा में ताजिया जुलूस के दौरान पटाखे से युवक घायल, सुरक्षा के बीच मामला शांत

Sheikhpura, Bihar:शेखपुरा में मुहर्रम में ताजिया जुलूस के दौरान पटाखा फोड़ने के दौरान एक युवक को पटाखा लग गया जिससे हंगामा हो गया ।हालांकि पुलिस की तत्परता और मुस्तैदी में पटाखा से घायल युवक को बेहतर इलाज के लिए शेखपुरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया।घटना शेखपुरा जिले के नगर थाना क्षेत्र के कमासी की है।जहां देर रात ताजिया जुलूस के दौरान पटाखा और आतिशबाजी के दौरान एक युवक को पटाखा लग गया जिससे युवक जख्मी हो गया।घायल युवक को बेहतर इलाज के लिए चिकित्सकों ने पावापुरी बीम्स रेफर किया हुआ।जिसके बाद विवाद बढ़ गया।हालांकि पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंच मामला को शांत कराया।जबकि अभी शांति की स्थिति है।
0
0
Report

पाकुड़ में अवैध बालू परिवहन पर भाजपा नेता दिनेश मरांडी ने खोले सवाल

Pakur, Jharkhand:पाकुड़ - राज्य में बालू के अवैध परिवहन को लेकर सरकार के दावों पर भाजपा प्रवक्ता दिनेश मरांडी ने गंभीर सवाल उठाए हैं... उन्होंने लिट्टीपाड़ा-अमड़ापाड़ा मुख्य सड़क पर धुंधापहाड़ी के समीप ओवरलोड बालू लदे एक ट्रेलर को रोककर पुलिस के हवाले कर दिया... उन्होंने वाहन को थाना परिसर लाकर जब्त करने और मामले में नियमानुसार कार्रवाई की मांग की... दरअसल अमड़ापाड़ा से हिरणपुर लौटने के दौरान दिनेश मरांडी की नजर सड़क पर बालू से लदी एक गाड़ी पर पड़ी... उन्होंने वाहन को रोककर चालक से माइनिंग चालान की मांग की तो पता चला कि चालक के पास कोई वैध चालान नहीं है... इसके बाद उन्होंने वाहन को लिट्टीपाड़ा थाना के जिम्मे सौंप दिया... प्रदेश प्रवक्ता सह पूर्व विधायक ने आरोप लगाया कि एनजीटी के प्रतिबंध के बावजूद क्षेत्र में धड़ल्ले से ओवरलोड बालू का परिवहन किया जा रहा है...उन्होंने सवाल उठाया कि प्रतिबंध के बाद भी दुमका होते हुए लिट्टीपाड़ा और पाकुड़ के रास्ते पश्चिम बंगाल तक प्रतिदिन बालू लदे वाहनों का परिचालन किसके संरक्षण में हो रहा है...उन्होंने कहा कि सरकार एक ओर आम लोगों को सस्ती दर पर बालू उपलब्ध कराने की बात करती है, वहीं दूसरी ओर अवैध बालू परिवहन पर रोक नहीं लग पा रही है...उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर अवैध कारोबार से जुड़े लोगों और नेटवर्क के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की...उन्होंने आरोप लगाया कि यदि सरकार यह दावा कर रही है कि राज्य में बालू का अवैध परिवहन नहीं हो रहा है, तो बिना वैध दस्तावेजों के यह वाहन इतनी दूर तक कैसे पहुंच गया...उन्होंने सवाल उठाया कि जिस क्षेत्र से (चालक के अनुसार नाला) वाहन में बालू लोड हुआ ,वहां से लेकर दुमका, गोपीकांदर, अमड़ापाड़ा और अन्य थाना क्षेत्रों में इसकी जांच क्यों नहीं हुई...उन्होंने कहा कि दिन के उजाले में यदि बिना चालान के बालू का परिवहन हो रहा है, तो यह गंभीर चिंता का विषय है...उन्होंने पूछा कि इस कथित अवैध कारोबार से होने वाला पैसा आखिर किसके पास जा रहा है और किसके संरक्षण में यह पूरा नेटवर्क संचालित हो रहा है...दिनेश मरांडी ने यह भी कहा कि सरकार आम लोगों को सस्ती दर पर बालू उपलब्ध कराने का दावा करती है...लेकिन हकीकत में लोगों को ऊंचे दामों पर बालू खरीदने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है...उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की...इधर, प्रभारी थाना प्रभारी अनिल कुमार पंडित ने बताया कि पूर्व विधायक द्वारा एक ट्रक थाना को सुपुर्द किया गया है... वाहन की जांच की जा रही है और वरीय अधिकारियों के निर्देश के अनुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी...
0
0
Report
Advertisement

करंट से 22 वर्षीय विसना राम की मौत, किसान परिवार के सपने टूटे

Jaisalmer, Rajasthan:जिला-जैसलमेर विधानसभा - जैसलमेर लोकेशन - मोहनगढ़ मोहनगढ़, जैसलमेर मोहनगढ़ नहरी क्षेत्र से शुक्रवार को ऐसी दर्दनाक खबर सामने आई जिसने हर किसी की आंखें नम कर दीं। महज 22 वर्ष की उम्र में किसान विसना राम निवासी भियासार की खेत में काम करते समय करंट लगने से मौत हो गई। जो हाथ अपने परिवार का भविष्य संवारने के लिए खेत में मेहनत कर रहे थे, वही हाथ कुछ ही पलों में हमेशा के लिए थम गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार विसना राम नुरे खान के खेत में काश्तकारी का कार्य कर रहा था। मोहनगढ़ नहरी क्षेत्र के 1-3 लाखा माइनर के पास काम के दौरान अचानक करंट की चपेट में आ गया। आसपास मौजूद लोगों ने उसे बचाने की भरसक कोशिश की, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। देखते ही देखते परिवार का जवान बेटा हमेशा के लिए दुनिया छोड़ गया। हादसे की सूचना मिलते ही मोहनगढ़ पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मोहनगढ़ अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। परिजनों को सूचना दे दी गई है। परिजनों के आने के बाद शव का पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को सुपुर्द किया गया। सबसे दर्दनाक बात यह है कि विसना राम अपने घर का इकलौता कमाने वाला सदस्य था। परिवार की उम्मीदें, जिम्मेदारियां और भविष्य उसी के कंधों पर टिका था। घर में दो भाई और तीन बहनें हैं। एक बहन की शादी हो चुकी है, जबकि बाकी परिवार की जिम्मेदारी निभाने के लिए विसना राम दिन-रात मेहनत करता था। परिजनों ने बताया कि उसकी शादी हो चुकी थी और इसी साल उसका मुकलावा होना था। घर में नई खुशियों की तैयारियां शुरू होने वाली थीं। परिवार उस दिन का इंतजार कर रहा था जब बहू पूरे रीति-रिवाज के साथ घर आएगी, लेकिन नियति ने ऐसा दर्द दिया कि खुशियों की जगह घर में मातम छा गया। जिस आंगन में शहनाइयों की गूंज सुनाई देने वाली थी, वहां अब सिर्फ अपनों की सिसकियां सुनाई दे रही हैं। गांव के लोगों की आंखें भी उस समय भर आईं जब उन्होंने परिवार की चीख-पुकार सुनी। हर कोई यही कह रहा था कि मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पेट पालने निकला यह जवान बेटा अब कभी लौटकर नहीं आएगा। एक पल में बूढ़े माता-पिता का सहारा, भाई-बहनों की उम्मीद और पत्नी के भविष्य के सपने बिखर गए। बाइट-बाबू राम विश्नोई मृतक का ताऊ बाइट-खामिसे खान खेत मालिक का बेटा
0
0
Report

चित्तौड़गढ़ में अवैध बजरी खनन: पुलिस ने जेसीबी-डंपर जब्त कर मामला दर्ज किया

Begun, Rajasthan:चित्तौड़गढ़ जिले में अवैध बजरी खनन के खिलाफ राशमी थाना पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए एक जेसीबी और एक डम्पर को जब्त किया है। पुलिस द्वारा चलाए गए विशेष सर्च अभियान के दौरान अवैध बजरी खनन करते हुए एक जेसीबी पकड़ी गई, जबकि बिना रॉयल्टी बजरी का परिवहन कर रहे एक डम्पर को भी जब्त किया गया। दोनों वाहनों को डिटेन कर अग्रिम कार्रवाई के लिए खनिज विभाग के सर्वेयर को सूचना दे दी गई है। पुलिस का कहना है कि जिले में अवैध खनन और बिना अनुमति खनिज परिवहन करने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी。
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top