बैतूल में अवैध सागौन से भरा ट्रक पकड़ाया, रिजर्व फॉरेस्ट से काटकर ले जा रहे थे माफिया
Shahpur, Madhya Pradesh:बैतूल वन वृत्त में बैतूल रेंज की खारी बिट के रिजर्व फॉरेस्ट में अवैध सागौन से भरे ट्रक को वन अमले ने जप्त किया गया है। पकड़े गए ट्रक में 17 नग अवैध सागौन के लट्ठे बरामद हुए हैं जिसकी कीमत साढ़े तीन लाख रुपए बताई जा रही है। वन माफिया अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में कामयाब हो गए हैं। वन अमले ने ट्रक को बैतूल रेंज में खड़ा करवा कर कार्रवाई शुरू कर दी है।हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
बिलासपुर पुलिस ने माहवारी से जुड़ी भ्रांतियों के खिलाफ जागरूकता कार्यशाला का आयोजन
Bilaspur, Chhattisgarh:बिलासपुर पुलिस द्वारा अपने चेतना अभियान के अंतर्गत माहवारी (पीरियड्स) से जुड़ी सामाजिक वर्जनाओं और भ्रांतियों को जड़ से मिटाने के उद्देश्य से एक विशेष जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। स्थानीय चेतना हॉल में आयोजित इस कार्यक्रम का संचालन जिला पुलिस बिलासपुर और बस्ता एजुरेशन एंड हेल्थ फाउंडेशन के प्रोजेक्ट आरोग के संयुक्त तत्वावधान में किया गया, जिसमें 190 से अधिक पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने भाग लिया। कार्यशाला के दौरान विषय विशेषज्ञों ने माहवारी को महिलाओं के स्वास्थ्य से जुड़ी एक स्वाभाविक जैविक प्रक्रिया बताते हुए इसे कलंक या संकोच के बजाय वैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखने पर बल दिया। प्रोजेक्ट आरोग की संस्थापक विनिता पटेल ने अपने छह वर्षों के अनुभवों को साझा करते हुए समाज में व्याप्त रूढ़िवादी सोच को बदलने की आवश्यकता जताई। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पुलिस बल को महिलाओं के प्रति और अधिक संवेदनशील बनाना और उन्हें माहवारी से संबंधित सही तथ्यों से लैस करना था, ताकि वे समाज में एक मिसाल पेश कर सकें। इस दौरान उपस्थित पुलिस अधिकारियों ने चर्चा में सक्रिय सहभागिता निभाई और कार्यस्थल से लेकर व्यक्तिगत जीवन तक महिलाओं के प्रति सम्मान और सहयोग का वातावरण बनाने का दृढ़ संकल्प लिया। पुलिस प्रशासन का मानना है कि पुलिस जैसे महत्वपूर्ण विभाग का इस विषय पर खुलकर बात करना न केवल समाज में फैले मिथकों को दूर करेगा, बल्कि महिलाओं के स्वास्थ्य और गरिमा के प्रति एक सकारात्मक एवं समावेशी दृष्टिकोण को भी बढ़ावा देगा.....MVDA का 8000 वर्ग मीटर की अवैध कॉलोनी के ध्वस्तीकरण का दावा निकला झूठा,
Mathura, Uttar Pradesh:MVDA के सचिव आशीष सिंह और JE अनिल सिंघल की साठगांठ का हुआ खुलासा,
20 मीटर सड़क तोड़कर बटोरी सुर्खियां,
मथुरा।जमुनापार क्षेत्र में अवैध रूप से विकसित हो रही राधा एनक्लेव कॉलोनी पर MVDA की कार्रवाई सवालों के घेरे में है। MVDA द्वारा 8000 वर्ग मीटर कॉलोनी ध्वस्त करने का दावा हकीकत से कोसों दूर निकला है। आरोप है कि मात्र 20 मीटर सड़क उखाड़कर अफसरों ने मीडिया में वाहवाही लूट ली, जबकि कॉलोनी में आज भी धड़ल्ले से निर्माण कार्य चल रहा है। प्रेस नोट बनाम हकीकत ----- कल MVDA की ओर से जारी प्रेस नोट में दावा किया गया कि कॉलोनाइजर मनोज उपाध्याय और योगेश वर्मा द्वारा 8000 वर्ग मीटर में अवैध कॉलोनी विकसित की जा रही थी, जिसे ध्वस्त किया गया। यह भी कहा गया कि इसे 6 महीने पूर्व भी पुलिस बल की मौजूदगी में तोड़ा गया था, लेकिन ग्राउंड रिपोर्ट कुछ और ही कहानी बयां करती है। बलदेव रोड पर डंपिंग यार्ड के बिल्कुल बराबर में स्थित इस राधा एनक्लेव कॉलोनी में सड़क, नाली और विद्युतीकरण का काम पूरा हो चुका है। मौके पर मात्र 20 मीटर सड़क तोड़कर कार्रवाई की औपचारिकता पूरी कर दी गई। कॉलोनी के बाकी हिस्से में काम आज भी जारी है। अधिकारियों पर सांठगांठ के आरोप----- सूत्रों का दावा है कि इस पूरे खेल में MVDA के सचिव आशीष सिंह और JE अनिल सिंघल की भूमिका संदिग्ध है। आरोप है कि इन अधिकारियों की अवैध कॉलोनाइजरों से सांठगांठ है, जिसकी वजह से कॉलोनी सालों से विकसित हो रही है। मीडिया में दिखावे के लिए बार-बार कॉलोनी के छोटे हिस्से को तोड़कर कार्रवाई के नाम पर इतिश्री कर दी जाती है। MVDA अप्रूव्ड बताकर ठगी---- स्थानीय लोगों का आरोप है कि ऐसे अधिकारियों की मिलीभगत से ही अवैध कॉलोनाइजर फल-फूल रहे हैं। ये कॉलोनाइजर लोगों को "MVDA अप्रूव्ड" कॉलोनी बताकर प्लॉट बेच रहे हैं और खरीदारों के साथ लगातार ठगी कर रहे हैं।
Pinewz ने पहले भी इस अवैध कॉलोनी का मामला प्रमुखता से उठाया था। अब pinewz न्यूज़ MVDA की उपाध्यक्ष लक्ष्मी एन से अपील करता है कि वह खुद ग्राउंड जीरो पर जाकर देखें कि उनके विभाग द्वारा अवैध कॉलोनी पर किस स्तर से कार्यवाही की है।
