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DIVYA RaniDIVYA RaniFollow11 Aug 2024, 04:24 am

पंचकुला में ग्रुप D संघर्ष विकास समिति का धरना प्रदर्शन विफल, पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोका

Panchkula, Haryana:

पंचकुला में ग्रुप D संघर्ष विकास समिति द्वारा प्रस्तावित धरना प्रदर्शन को सरकार ने विफल कर दिया। पुलिस ने टोल नाकों पर तैनात कर प्रदर्शनकारियों को रोका और उन्हें पुलिस वाहनों में भरकर चौकियों में ले जाया। समिति ने इसे सरकार की तानाशाही बताया जो शांतिपूर्ण धरने की अनुमति भी नहीं दे रही। धरने की सूचना पहले ही सरकार को दी गई थी लेकिन फिर भी प्रदर्शनकारियों को रोका गया। यूनिक के प्रदेश कार्यकारिणी के एक सदस्य को नजरबंदी में लिया गया और धरना स्थल को भी नुकसान पहुंचाया गया।

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रायपुर: टीचर-चपरासी की 1.5 करोड़ रुपए की ठगी, फर्जी नियुक्ति आदेश वायरल

Begun, Rajasthan:राजधानी रायपुर में टीचर और चपरासी ने मिलकर 34 लोगों से 1.5 करोड़ रुपए की ठगी की है। आरोपियों ने गवर्नमेंट जॉब का फर्जी नियुक्ति आदेश तैयार कर सोशल मीडिया पर वायरल किया, इसके झांसे में आकर कई बेरोजगारों ने पैसे दे डाले, जब नौकरी नहीं लगी तो थाने पहुंचे। मामला राखी थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने आर्थिक तंगी और कर्ज के दबाव में ठगी की प्लानिंग की थी। फर्जी आदेश में सचिव और उप-सचिव के डिजिटल हस्ताक्षरों का भी इस्तेमाल किया गया था। आरोपियों की पहचान डोंगरगढ़ के रहने वाले राजेश शर्मा और मनोज कुमार श्रीवास्तव के रूप में हुई है। राजेश सरकारी शिक्षक है, जबकि मनोज प्राइवेट स्कूल का क्लर्क है। आरोपियों ने सामान्य प्रशासन विभाग के नाम से फर्जी आदेश तैयार किया था। इस आदेश में परिवहन, राजस्व, वन, पंचायत और स्कूल शिक्षा विभाग में भर्ती का जिक्र किया गया था। आदेश को असली दिखाने के लिए सचिव और उप-Sचिव के डिजिटल हस्ताक्षर का भी दुरुपयोग किया गया।
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बंगाल चुनाव में भय फैलाकर भाजपा की जीत, मिथलेश ठाकुर ने लगाए आरोप

Narayanpur, Jharkhand:Anchor - जनता के जनमत का हम सम्मान करते है और नई सरकार को हम बधाई देते है लेकिन जिस तरह एक देश दूसरे देश पर आक्रमण करने के लिए सेना भेजती है ठीक उसी प्रकार बंगाल के चुनाव मे हुआ। यंहा ऐसा माहौल बनाया गया की यंहा चुनाव नहीं बल्कि युद्ध जैसी इस्थिति हो गई थी यह चुनाव सरकारी तंत्र का दुरूपयोग कर भाजपा ने चुनाव जीती है। या कहे की यंहा जनता मे भय पैदा कर जनमत को लुटा गया। उक्त बाते झारखण्ड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय महासचिव सह पूर्व मंत्री मिथलेश ठाकुर ने मीडिया से बात करते हुए कहीं। वंही मीडिया के द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब मे कहा की बंगाल इनका जितना लक्ष्य था हमें लगता है अगला नंबर तमिलनाडु या केरलम मे हो सकता है। वंही उन्होंने असम के चुनाव पर कहा की हमने पहलीबार यंहा चुनाव लड़ा था पुरे असम मे डेढ़ फीसदी हमारी पार्टी को वोट आया है दो तीन सीट ऐसी थी जहां हम दो नंबर पर थे ज़ब की चार सीटों पर हम तीन नंबर पर थे आगे हम और मजबूती से चुनाव लड़ेंगे और हमारी पार्टी अन्य राज्यों मे भी विस्तार करेंगी。
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दुघर्टना मे दामाद की मौत से अवसादग्रस्त, ससुर ने गला रेतकर की सुसाइड,पुलिस कर रही है विस्तृत जांच।

SSSaurabh SharmaFollow8m ago
Bulandshahr, Uttar Pradesh:बुलंदशहर डिबाई के असदपुर घेड़ गांव में डिप्रेशन में आकर 88 वर्षीय बुजुर्ग ने ब्लेट से गला काटकर की आत्महत्या परिजन गला कटा हुआ खून में लतपथ देख कर परिजन हुए हैरान, अस्पताल ले जाने पर डॉक्टर ने किया मृत घोषित, घटना स्थल पर पहुचे एसपी देहात, CO डिबाई, कोतवाली प्रभारी और फोरेंसिक टीम, पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा हालांकि परिजन और पुलिस 88 वर्षीय बुजुर्ग की मौत का कारण कुछ दिन पहले दामाद की हुई मौत का कारण मान रहे हैं हालांकि पुलिस 88 वर्षीय वृद्ध की मौत के सभी पहलुओं पर जांच कर रही है डिबाई कोतवाली क्षेत्र के असदपुर घेड़ गांव का मामला बाइट अंतरिक्ष जैन SP देहात आईपीएस बुलंदशहर बाइट ब्रजेश कुमार मृतक का नाती
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अमरौहा में तांत्रिक बनकर ठगी, बेटी के साथ दुष्कर्म: काला खां गिरफ्तार

Amroha, Uttar Pradesh:उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार के अपराध पर जीरो टॉलरेंस अभियान के तहत अमरोहा जनपद की सैदनगली थाना पुलिस ने मुठभेड़ के बाद कुख्यात आरोपी अरमान उर्फ काले खां को हाफ इनकाउंटर में गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। संभल जिले के असमोली कस्बे का रहने वाला आरोपी अरमान उर्फ काले कई संगीन मामलों में वांछित था और वर्ष 2015 में अमरोहा नगर में हुए हत्या कांड के बाद से फरार चल रहा था। बुधवार सुबह को पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि संदिग्ध व्यक्ति सकतपुर नहर पुल के पास मौजूद है। घेराबंदी के दौरान आरोपी बाइक से भागने लगा, लेकिन पीछा करने पर बाइक अनियंत्रित होकर गिर गई। खुद को घिरता देख अरमान उर्फ काले खां ने तमंचे से पुलिस पर फायरिंग कर दी, जिसमें एक पुलिसकर्मी के हाथ को छूती हुई गोली निकल गई। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली आरोपी के पैर में लगी और उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी अरमान उर्फ काले तांत्रिक बनकर लोगों को गड़ा हुआ धन निकालने का झांसा देता था। इसी बहाने उसने एक परिवार से लाखों रुपये और सोने-चांदी के आभूषण ठग लिए। इतना ही नहीं, पीड़ित परिवार की बेटी के साथ तमंचे के बल पर दुष्कर्म करने का आरोप भी उस पर दर्ज है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 315 बोर का तमंचा, कारतूस, बिना नंबर प्लेट की मोटर साइकिल और मोबाइल फोन बरामद किया है। अरमान उर्फ काले खां के खिलाफ अमरोहा, संभल और मुरादाबाद में हत्या, हत्या के प्रयास, ठगी, अपहरण, बलात्कार और शस्त्र अधिनियम समेत कई मुकदमे दर्ज हैं। काफी समय से फरार इस शातिर अपराधी अरमान उर्फ काले की गिरफ्तारी को पुलिस बड़ी कामयाबी मान रही है। घायल आरोपी और पुलिसकर्मी का अस्पताल में इलाज जारी है, जबकि आरोपी के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई कर उसे न्यायालय में पेश किया जाएगा ।
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दरभंगा सदर में बुलडोजर: अतिक्रमण हटाकर ROB और सड़क चौड़ीकरण तेज

Darbhanga, Bihar:दरभंगा सदर प्रखंड क्षेत्र में अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन की सख्ती मंगलवार को और तेज हो गई, जब बेला दुर्गा मंदिर से दिल्ली मोड़ तक सड़क किनारे किए गए अवैध कब्जों पर बुलडोजर चला। इस अभियान के तहत उन लोगों के अतिक्रमण को हटाया गया, जिन्होंने पूर्व में दिए गए नोटिस के बावजूद स्वयं कब्जा नहीं हटाया था SDM सदर विकास कुमार के नेतृत्व में चल रही इस कार्रवाई में सदर अंचलाधिकारी, पुलिस बल और प्रशासनिक टीम मौके पर मौजूद रही। पूरे अभियान को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे प्रशासन ने बताया कि इस मार्ग पर प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण, रेलवे ओवरब्रिज (ROB) निर्माण तथा नाला-ड्रेनेज सिस्टम विकसित करने के लिए अतिक्रमण हटाना जरूरी है। करीब चार महीने पहले भूमि की नापी कर संबंधित लोगों को नोटिस जारी किया गया था और उन्हें खुद अतिक्रमण हटाने का मौका भी दिया गया था एसडीएम विकास कुमार ने स्पष्ट किया कि “जो लोग बार-बार चेतावनी के बावजूद अतिक्रमण नहीं हटा रहे थे, उनके खिलाफ आज बुलडोजर कार्रवाई की गई। आगे भी यह अभियान जारी रहेगा और जरूरत पड़ने पर जुर्माना भी वसूला जाएगा अभियान के दौरान कई अस्थायी और स्थायी निर्माणों को ध्वस्त किया गया। प्रशासन की सख्ती को देखते हुए कई लोगों ने खुद ही अपने कब्जे हटाने शुरू कर दिए, जबकि कुछ लोगों में कार्रवाई को लेकर चिंता का माहौल बना रहा।
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जौनपुर के जमीनी विवाद ने बवाल मचाया, वीडियो वायरल और पुलिस कार्रवाई पर सवाल

Jaunpur, Uttar Pradesh:जौनपुर में जमीनी विवाद बना बवाल मारपीट का वीडियो वायरल, पुलिस की कार्रवाई पर उठे सवाल जौनपुर।महाराजगंज थाना क्षेत्र के गोण्दालपुर गांव में जमीनी विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच हिंसक झड़प का मामला सामने आया है। इस घटना में पाटीदारों के बीच हुई मारपीट में तीन लोग घायल हो गए। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे इलाके में चर्चा तेज हो गई है। मिली जानकारी के अनुसार, गांव के ही अनिल गौतम और सुनील गौतम पर आरोप है कि उन्होंने जमीनी विवाद के चलते पिंटू, रॉबिन और रोशनी के साथ मारपीट की। झड़प के दौरान सभी को चोटें आईं, जिनका इलाज स्थानीय स्तर पर कराया गया। घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। आरोप है कि पुलिस ने नामजद आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के बजाय पीड़ित पक्ष के पिंटू और अंजू को ही पाबंद कर दिया। इसे लेकर परिजनों और ग्रामीणों में नाराजगी देखी जा रही है। वहीं, पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और स्थिति को देखते हुए आवश्यक कानूनी कदम उठाए जाएंगे।
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व्हाट्सएप से बहिष्कार: युवक ने न्याय की गुहार लगाई

Ujjain, Madhya Pradesh:पुराने दौर की ‘सजा’ आज भी जारी—बिना सुनवाई युवक को किया गया बहिष्कृत शुल्क गड़बड़ी पर आवाज उठाना पड़ा भारी, पूरे परिवार पर पड़ा सामाजिक अलगाव का असर पहले भी कई लोगों को किया गया बाहर; अब युवक ने SP ऑफिस पहुंचकर लगाई न्याय की गुहार पूर्व में भी जारी हुआ ऐसा फरमान एक बुजुर्ग 7 साल से बाहर..वो भी युवक के साथ पहुंच एसपी कार्यालय, सुनाया अपना दर्द.. ..उज्जैन जिले की तहसील बड़नगर के ग्राम मंगरेड़ में सामने आया एक मामला आज के आधुनिक समाज में भी जिंदा सामाजिक कुरीतियों की तस्वीर पेश करता है यहां एक युवक को केवल सवाल उठाने की वजह से समाज से इस तरह बाहर कर दिया गया, जैसे पुराने समय में लोगों को दंड स्वरूप बहिष्कृत किया जाता था। फर्क सिर्फ इतना है कि इस बार “फैसला” किसी पंचायत में नहीं, बल्कि व्हाट्सएप के जरिए सुना दिया गया। पीड़ित नरेंद्र यादव के अनुसार, समाज में पहले से तय था कि शादी-ब्याह जैसे मांगलिक कार्यों के लिए धर्मशाला उपयोग पर ₹5100 शुल्क लिया जाएगा। लेकिन हाल ही में एक कार्यक्रम में ₹11,000 वसूले गए। जब उन्होंने इस अंतर को लेकर सवाल उठाया और पारदर्शिता की मांग की, तो विवाद खड़ा हो गया। आरोप है कि इसके बाद उन्हें पहले अपमानजनक बातें सुनाई गईं, फिर फोन पर धमकाया गया। और अंततः बिना किसी बैठक, बिना किसी सुनवाई और बिना कारण बताए, व्हाट्सएप मैसेज के जरिए उन्हें समाज से बहिष्कृत कर दिया गया। इस फैसले का असर सिर्फ एक व्यक्ति तक सीमित नहीं रहा। नरेंद्र यादव का कहना है कि अब उनके परिवार को भी सामाजिक अलगाव झेलना पड़ रहा है। न कोई उनके घर आता है, न उन्हें कहीं बुलाया जाता है। शादी-ब्याह, मांगलिक कार्यक्रमों से दूरी बना दी गई है। यहां तक कि यह भी कहा गया है कि जो भी उनसे संबंध रखेगा, उसे भी समाज से बाहर किया जा सकता है। यह स्थिति केवल सामाजिक ही नहीं, बल्कि मानसिक दबाव भी पैदा कर रही है, खासकर उनके परिवार और बच्चों के लिए। मामले में गांव के ही फतेहलाल यादव ने भी गंभीर आरोप लगाए हैं। इन्होंने बताया की कई वर्षो से इन्हे भी समाज से बहिष्क्रित कर रखा है,उनका कहना है कि यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी 6-7 लोगों को इसी तरह समाज से बाहर किया जा चुका है, जिसमे वे खुद भी शामिल है । जिसके चलते उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है,हालांकि बाद में कुछ लोगों को वापस लिया गया, लेकिन प्रक्रिया पर हमेशा सवाल उठते रहे। फतेहलाल यादव के मुताबिक, समाज में कई फैसले बिना सर्वसम्मति और बिना बैठक के ले लिए जाते हैं। धर्मशाला शुल्क को लेकर तय नियमों के बावजूद मनमानी की जाती है और विरोध करने वालों को निशाना बनाया जाता है। इस पूरे घटनाक्रम ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया हैक्या आज भी समाज में बहिष्कार जैसी परंपराएं जारी रहनी चाहिए? क्या बिना सुनवाई किसी व्यक्ति को सामाजिक रूप से अलग करना उचित है? इसी के चलते पीड़ित नरेंद्र यादव ने अब पुलिस अधीक्षक (SP) कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है, और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। डिजिटल युग में जहां समाज पारदर्शिता और अधिकारों की बात करता है, वहीं व्हाट्सएप के जरिए बहिष्कार जैसे फैसले यह दिखाते हैं कि कुछ जगहों पर आज भी पुरानी कुरीतियां नए रूप में जिंदा हैं। फिलहाल समाज के पदाधिकारियों का पक्ष सामने आना बाकी है, लेकिन यह मामला अब सामाजिक बहस का विषय बनता जा रहा है। बाइट - नरेंद्र यादव, मौजूदा पीड़ित बाइट -फतेहलाल यादव, कई वर्षो से बाहर व्यक्ति
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जेल कनेक्शन से बैंक डकैती का खुलासा, 25 हजार रुपये और मोबाइल बरामद

Singrauli, Madhya Pradesh:सिंगरौली के बैढ़न स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र डकैती मामले में जांच के दौरान चौंकाने वाला जेल कनेक्शन सामने आया है। बिहार के नालंदा से गिरफ्तार दो आरोपियों—चंदन उर्फ चईया यादव और गुलशन यादव को पुलिस ने गिरफ्तार किया है जिससे पूछताछ में खुलासा हुआ कि साजिश में जेल में बंद अपराधियों की भी अहम भूमिका थी। इस इनपुट के बाद पुलिस ने संबंधित जेल प्रशासन से जानकारी साझा की, जिसके बाद उड़ीसा की जेल में की गई तलाशी के दौरान संलिप्त कैदी के पास से करीब 25 हजार रुपये नकद और मोबाइल फोन बरामद किए गए। इससे साफ है कि जेल के अंदर से भी नेटवर्क ऑपरेट हो रहा था। पुलिस के अनुसार 17 अप्रैल 2026 की इस डकैती से सम्बंधित सुबोध सिंह है, जो पटना की बेऊर जेल में बंद है और अपने गुर्गों के जरिए वारदात को अंजाम दिला रहा था। फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ जारी है और पूरे नेटवर्क को खंगालने के लिए पुलिस टीमें लगातार कार्रवाई कर रही हैं।
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बिहार: मुख्यमंत्री आवास का नाम लोक सेवक आवास रखा गया, उपमुख्यमंत्री आवास भी शामिल

Patna, Bihar:पटना, बिहार में मुख्यमंत्री आवास को नई पहचान देते हुए राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को आवंटित एक अणे मार्ग का नाम बदलकर अब लोक सेवक आवास कर दिया गया है। यह निर्णय मंगलवार से प्रभावी हो गया है। इससे पहले राजभवन का नाम लोक भवन किए जाने के बाद अब मुख्यमंत्री आवास के नाम में भी बदलाव किया गया है। सरकार इस कदम को प्रशासनिक सोच में बदलाव और जनसेवा की भावना को मजबूत करने के रूप में देख रही है。 मुख्यमंत्री बनने के बाद सम्राट चौधरी को एक अणे मार्ग आवंटित किया गया था, जिसे अब केवल मुख्यमंत्री आवास के रूप में नहीं बल्कि लोक सेवक आवास के रूप में जाना जाएगा। इस बदलाव को सरकार और जनता के बीच जुड़ाव को और मजबूत करने की प्रतीकात्मक पहल माना जा रहा है。 इसके साथ ही 5 देश रत्न मार्ग स्थित उपमुख्यमंत्री आवास को भी अब मुख्यमंत्री आवास के विस्तारित हिस्से के रूप में शामिल किया गया है, जिससे पूरे परिसर का दायरा और बढ़ गया है।
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उन्नाव NRLM घोटाला: 11 लाख नकली दस्तावेज से निकासी का आरोप

Unnao, Uttar Pradesh:ब्रेकिंग न्यूज。 उन्नाव : एनआरएलएम योजना के तहत सरकारी धन की लूट का खुलासा । गरीबो के हक़ के 11 लाख रूपये कूटरचित दस्तावेज तैयार कर डकार गए अफसर। बीएमएम (ब्लॉक मिशन मैनेजर) ने फर्जी समूह बनाकर 11 लाख रूपये निकाले। फर्जी खातों के जरिए करीब 11 लाख रुपये निकालने का बड़ा आरोप। NRLM विभाग मे पहले भी जिले में करोड़ों के घोटाले का मामला सामने आ चुका है सामने। शिकायत के बाद जांच टीम गठित, बैंक स्टेटमेंट खंगाले जा रहे। प्राथमिक जांच में गड़बड़ी के संकेत मिले। आरोपी बीएमएम के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की तैयारी। कोतवाली पुलिस को दी गई तहरीर, जांच जारी。 पुरवा ब्लाक का मामला।
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यूपी मंत्रिमंडल विस्तार 10–15 मई के बीच, युवा चेहरों को मौका?

Noida, Uttar Pradesh:यूपी में लंबे समय से टल रहा कैबिनेट विस्तार 10 से 15 मई के बीच हो सकता है पश्चिम बंगाल में शपथ ग्रहण के बाद यह प्रक्रिया होने की संभावना 15 मई तक संगठन के नए प्रदेश और क्षेत्रीय पदाधिकारियों की सूची जारी हो सकती है मंत्रिमंडल विस्तार में कुछ उम्रदराज मंत्रियों के स्थान पर नए व युवा चेहरों को मौका दिया जा सकता है सूत्रों के मुताबिक मंत्रिमंडल का विस्तार आगामी चुनाव के समीकरण के लिहाज से किया जाएगा। जिसमें सभी जातियों की समीकरण साधने की कोशिश होगी सूत्रों के मुताबिक अब तक की बैठकों में लिए गए निर्णयों के अनुसार मंत्रिमंडल विस्तार में खाली पदों को भरने के साथ ही कुछ पुराने मंत्रियों को भी उनके परफारमेंस के आधार पर बदला जा सकता है। वहीं, कुछ मंत्रियों को संगठन की जिम्मेदारी देने पर भी चर्चा हुई है। जबकि उम्रदराज हो चुके दो-तीन मंत्रियों के स्थान पर नए युवा चेहरों को मौका मिलेगा। सूत्रों के मुताबिक एक दर्जन से अधिक नाम पर चर्चा हुई है। सूत्रों के मुताबिक बैठकों में तय किया गया है कि विस्तार में सहयोगी दलों अपना दल, सुभासपा और निषाद पार्टी के एक-एक विधायकों को मंत्री बनाया जा सकता है। चेहरा तय संबंधित दल के मुखिया करेंगे। इस बार मंत्रिमंडल विस्तार में कुछ महिलाओं को भी मिल सकता है। इसमें दलित और ओबीसी समाज की महिला विधायकों को मौका मिल सकता है। दोनों समुदायों की तीन-चार महिला विधायकों के नाम गंभीरता से विचार किया गया है। वहीं, मंत्रियों के विभागों में फेरबदल किया जाएगा और कुछ राज्यमंत्रियों को पदोन्नति भी मिल सकती है।
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