
डूंगरपुर में अच्छी बारिश के लिए भोई समाज ने धनेश्वर महादेव मंदिर में शिवलिंग को किया जलमग्न
डूंगरपुर में अच्छी वर्षा के लिए भोई समाज ने किया अनोखा प्रयास। धनेश्वर महादेव मंदिर में शिवलिंग को जलमग्न कर मांगी बारिश की दुआ। जुलाई के अंत तक भी जिले में पर्याप्त वर्षा न होने से लोग चिंतित हैं।
डूंगरपुर में जानलेवा हमले का आरोपी 4 महीने बाद हुआ गिरफ्तार
डूंगरपुर कोतवाली पुलिस ने जानलेवा हमले के मामले में फरार चल रहे एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी अविनाश परमार पिछले साढ़े 4 माह से फरार था। घटना 18 मार्च 2024 को एक होटल बार में हुई थी, जहां 6 युवकों ने वेटर राजेंद्र भगोरा के साथ विवाद किया और उसे कांच की बोतल से घायल कर दिया। मामले में पहले दो आरोपी मनोज और आशीष कोटेड गिरफ्तार किए जा चुके थे। अब तीसरे आरोपी अविनाश की गिरफ्तारी के साथ, पुलिस जांच में प्रगति हुई है।
राजस्थान में महिला ने चचेरे देवर की धारदार हथियार से ली जान
राजस्थान के डूंगरपुर जिले के राजपुर गांव में एक महिला ने अपने चचेरे देवर की कुल्हाड़ी से जान ले ली। घटना रविवार शाम को हुई, जब मृतक मणिलाल ननोमा और उसकी भाभी लक्ष्मी के बीच झगड़ा हुआ। गुस्से में आकर लक्ष्मी ने मणिलाल के सिर पर कुल्हाड़ी से वार कर दिया, जिससे उसकी जान चली गई। मृतक के भाई चंदूलाल की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है। आरोपी महिला फरार है और पुलिस उसकी तलाश कर रही है। घटना ने गांव में सनसनी फैला दी है।
डूंगरपुर में पुलिस ने लगाया सामाजिक जनजागरूकता शिविर
डूंगरपुर पुलिस ने बढ़ती अपराधिक घटनाओं को रोकने के लिए एक नई पहल शुरू की है। बलवाडा स्कूल में आयोजित सामाजिक जनजागृति शिविर में रेंज आईजी एस परिमला और एसपी मोनिका सैन ने भाग लिया। उन्होंने छात्रों, अभिभावकों और ग्रामीणों को युवाओं में अपराधिक प्रवृत्ति रोकने के बारे में जागरूक किया। साथ ही, युवाओं को शिक्षा और करियर संबंधी मार्गदर्शन भी दिया गया।
डूंगरपुर में डाइंग केडर के विरोध में राजमेस डॉक्टर्स की हड़ताल जारी
डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज में राजमेस डॉक्टर्स की हड़ताल का आज छठा दिन है। डॉक्टर डाइंग केडर का विरोध कर रहे हैं और राज्य सेवा नियम लागू करने की मांग कर रहे हैं। हड़ताल के छठे दिन, डॉक्टरों ने धरना स्थल पर 'डाइंग केडर पकोड़ा स्टॉल' लगाकर पकोड़े तलकर अपना विरोध जताया। डॉ. प्रभाष भावसार ने कहा कि सरकार की ओर से कोई प्रतिक्रिया न मिलने से उनकी मंशा स्पष्ट है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो प्रदेशभर में आंदोलन जारी रहेगा। सरकार की निष्क्रियता के कारण डॉक्टर नाराज हैं।