icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
Become a News Creator

Your local stories, Your voice

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Pinewz
230001

जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया के नाम पर फर्जी आईकार्ड बनाने वाले गिरोह पर शिकंजा, संगठन ने शुरू की कान

ACHALPUR, Uttar Pradesh:पत्रकारिता की साख पर हमला बर्दाश्त नहीं, दोषियों को कानून के कटघरे तक पहुंचायेंगे प्रतापगढ -देशभर में पत्रकारों के अधिकारों और पत्रकारिता की गरिमा के लिए कार्यरत जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया (रजि.) के नाम का दुरुपयोग कर फर्जी आईकार्ड बनाने और प्रसारित करने वाले कथित गिरोह का मामला सामने आया है। संगठन ने इसे पत्रकारिता की विश्वसनीयता पर सीधा हमला बताते हुए गंभीर चिंता व्यक्त की है। मामले के उजागर होते ही संगठन ने तकनीकी और कानूनी स्तर पर कार्रवाई शुरू कर दी है तथा पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करने की तैयारी में जुट गया है। मामले का खुलासा उस समय हुआ जब पश्चिम बंगाल के एक पत्रकार साथी ने जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया (रजि.) के आधिकारिक व्हाट्सएप समूह से जुड़ने का अनुरोध किया। सत्यापन के दौरान उनके पास मौजूद संगठन का आईकार्ड संदिग्ध पाया गया। आगे की जांच में पता चला कि वह आईकार्ड संगठन द्वारा जारी ही नहीं किया गया था। पूछताछ के दौरान संबंधित व्यक्ति ने झारखंड से जुड़े एक मोबाइल नंबर और एक ई-मेल आईडी की जानकारी उपलब्ध कराई, जिसके माध्यम से कथित तौर पर यह फर्जी आईकार्ड भेजा गया था। प्रारंभिक जांच में यह संकेत मिले हैं कि संगठन के आईकार्ड पर अशोक की लाॅट का इस्तेमाल किया गया जो कि इम्वलम एक्ट का गलत इस्तेमाल दर्शाता है और गंभीर प्रकरण है।इससे प्रतीत होता है कि कुछ लोग संगठित तरीके से जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया (रजि.) के नाम और पहचान का दुरुपयोग कर रहे हैं। इसे केवल फर्जी आईकार्ड का मामला न मानते हुए संगठन व्यापक स्तर पर इसकी तह तक पहुंचने का प्रयास कर रहा है। संगठन की आईटी टीम डिजिटल साक्ष्यों को एकत्र कर तकनीकी विश्लेषण में जुटी हुई है, ताकि पूरे नेटवर्क की पहचान की जा सके। *"पत्रकारिता की गरिमा से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जायेगा" — डॉ. अनुराग सक्सेना* जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया ( रजि.) के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अनुराग सक्सेना ने कहा कि कुछ असामाजिक तत्व संगठन के नाम और प्रतिष्ठा का दुरुपयोग कर पत्रकारिता की छवि को धूमिल करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जायेगी। डॉ. सक्सेना ने बताया कि संगठन के विधिक सलाहकारों, जिनमें विभिन्न उच्च न्यायालयों और उच्चतम न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता शामिल हैं, से लगातार परामर्श लिया जा रहा है। उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर संबंधित एजेंसियों और साइबर सेल के समक्ष मामला रखा जाएगा ताकि दोषियों को कानून के कटघरे तक पहुंचाया जा सके। संगठन ने देशभर के पत्रकारों, प्रशासनिक अधिकारियों तथा आम नागरिकों को सतर्क रहने की अपील की है। जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया (रजि.) ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान में सामने आया संबंधित आईकार्ड पूरी तरह फर्जी है और उसका संगठन से कोई संबंध नहीं है। संगठन ने चेतावनी दी है कि ऐसे किसी भी फर्जी पहचान पत्र का उपयोग करने वाले व्यक्ति की जिम्मेदारी स्वयं उसकी होगी। साथ ही यह भी कहा गया कि पत्रकारिता की पवित्रता और विश्वसनीयता की रक्षा के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा तथा दोषियों के विरुद्ध की जाने वाली कार्रवाई भविष्य के लिए एक मजबूत नजीर साबित होगी।
0
0
Report
Pinewz
209801
SALMAN KHANSALMAN KHANFollow16 Jun 2026, 01:42 am

जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया की मासिक वर्चुअल बैठक संपन्न

Unnao, Uttar Pradesh:जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया की मासिक वर्चुअल बैठक संपन्न पत्रकारों की सुरक्षा, निष्पक्ष पत्रकारिता एवं संगठन सशक्तीकरण पर हुआ व्यापक मंथन नई दिल्ली - जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया की मासिक वर्चुअल बैठक सोमवार को सफलतापूर्वक संपन्न हुई। बैठक में देश के विभिन्न राज्यों से जुड़े आधा सैकड़ा से अधिक पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने सहभागिता करते हुए पत्रकारों की सुरक्षा, निष्पक्ष पत्रकारिता तथा संगठन के विस्तार एवं सशक्तीकरण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपने विचार व्यक्त किए। बैठक की अध्यक्षता डॉ. अनुराग सक्सेना ने की, जबकि संचालन डॉ. आर. सी. श्रीवास्तव द्वारा किया गया। बैठक को संबोधित करते हुए डॉ. अनुराग सक्सेना ने कहा कि वर्तमान समय में सत्य को उजागर करना मानो एक चुनौती बनता जा रहा है। निष्पक्ष एवं निर्भीक पत्रकारिता करने वाले पत्रकारों को अनेक प्रकार के दबावों और कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि कई स्थानों पर पत्रकारों के विरुद्ध झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं तथा उन्हें विभिन्न प्रकार से प्रताड़ित किया जा रहा है। कुछ मामलों में पत्रकारों को अपनी जान तक गंवानी पड़ी है, जो लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए अत्यंत चिंताजनक स्थिति है। संस्था के वरिष्ठ पदाधिकारी एवं वरिष्ठ अधिवक्ता बी. त्रिपाठी ने कहा कि निष्पक्ष पत्रकारिता पर निरंतर दबाव बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। यही कारण है कि पत्रकारों को अनावश्यक विवादों एवं झूठे मुकदमों में फंसाने की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं। उन्होंने पत्रकारों से एकजुट रहकर अपने अधिकारों एवं कर्तव्यों के प्रति सजग रहने का आह्वान किया। बैठक में बिहार प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों के पदाधिकारियों ने भी अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने कहा कि पत्रकारिता पर प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से दबाव बनाने के अनेक प्रयास किए जा रहे हैं, किंतु जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया का कोई भी कार्यकर्ता ऐसे दबावों से भयभीत होने वाला नहीं है। गाजियाबाद से वरिष्ठ पत्रकार आदित्य भारद्वाज ने पत्रकारों के उत्पीड़न की बढ़ती घटनाओं पर चिंता व्यक्त की। वहीं गोरखपुर से संस्था के वरिष्ठ पदाधिकारी संजय सिंह ने कहा कि पत्रकार अब अन्याय एवं उत्पीड़न के विरुद्ध मजबूती से अपनी आवाज उठाने के लिए तैयार हैं। समापन संबोधन में डॉ. आर. सी. श्रीवास्तव ने कहा कि एक समय ऐसा था जब पत्रकारिता ने देश की स्वतंत्रता संग्राम को दिशा प्रदान की थी तथा स्वतंत्रता सेनानियों में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार किया था। उस समय देश की सबसे बड़ी चुनौती विदेशी शासन था, जबकि वर्तमान समय में भ्रष्टाचार एक गंभीर समस्या के रूप में सामने है। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार ने स्वस्थ एवं निष्पक्ष पत्रकारिता पर अंकुश लगाने के अनेक प्रयास किए हैं, किंतु ऐसे प्रयासों को सफल नहीं होने दिया जाएगा। जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया पत्रकारों के अधिकारों, सम्मान एवं हितों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करने के लिए प्रतिबद्ध है। बैठक के अंत में सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने पत्रकार हितों की रक्षा, निष्पक्ष पत्रकारिता को प्रोत्साहन देने तथा संगठन को और अधिक मजबूत एवं प्रभावशाली बनाने के संकल्प को दोहराया। साथ ही पत्रकारों की सुरक्षा एवं अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने हेतु संगठित प्रयासों को आगे बढ़ाने पर बल दिया गया।
0
0
Report
Pinewz
209801
SALMAN KHANSALMAN KHANFollow15 Jun 2026, 10:22 am

हनुमान मंदिर चिलबिला में पुरुषोत्तम मास की अमावस्या पर भगवान भोलेनाथ का भक्तों ने किया जलाभिषेक हुआ

Unnao, Uttar Pradesh:प्रतापगढ हनुमान मंदिर चिलबिला में पुरुषोत्तम मास के अंतिम दिन सोमवारी अमावस्या पर भक्तों की भीड़ उमड़ रही थी। सुबह से ही मंदिर परिसर में भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करने के लिए भक्त जुटे रहे। मंदिर समिति के महासचिव समाजसेवी रोशनलाल उमरवैश्य ने सभी भक्तों के साथ जलाभिषेक कर भगवान भोलेनाथ का भव्य श्रृंगार कर आरती उतारी और प्रसाद का वितरण किया गया। भगवान भोलेनाथ से प्रार्थना की सभी भक्तों का कल्याण करें हम सबको अपने चरण शरण में लगाए रखने की कृपा करें। इस अवसर पर छोटेलाल, शनि महाराज, सोनू महाराज, सुरेश अग्रवाल, छेदीलाल, संतोष कुमार, देवानंद, प्रमोद कुमार, आदर्श, रामगोपाल, बजरंग लाल, सचिन, सुरेश, मनीष आदि मौजूद रहे।
0
0
Report
Advertisement
Pinewz
230001
SALMAN KHANSALMAN KHANFollow13 Jun 2026, 08:53 pm

राष्ट्र का चौथा स्तंभ : नाम बड़ा, पर क्या काम भी वैसा ही?

ACHALPUR, Uttar Pradesh:प्रतापगढ़ लोकतंत्र में पत्रकारिता को राष्ट्र का चौथा स्तंभ कहा जाता है। यह नाम सुनते ही मन में एक ऐसी संस्था की छवि उभरती है जो निष्पक्ष हो, निर्भीक हो, सत्य के पक्ष में खड़ी हो और जनहित को सर्वोपरि मानती हो। पत्रकारिता का मूल उद्देश्य भी यही है कि वह सत्ता और समाज के बीच एक सेतु का कार्य करे तथा जनता की आवाज को शासन-प्रशासन तक पहुंचाए। जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया (रजि.) के राष्ट्रीय अध्यक्ष डाॅ. अनुराग सक्सेना ने एक गोष्ठी के दौरान अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि किन्तु जब हम इसकी धरातलीय वास्तविकता को देखने का प्रयास करते हैं तो स्थिति कुछ चिंताजनक दिखाई देती है। ऐसा प्रतीत होता है कि आज बहुत कम पत्रकार और मीडिया संस्थान अपने मूल स्वरूप को बचाए रखने में सफल हैं। यदि अनुमान लगाया जाए तो शायद केवल 20 से 25 प्रतिशत पत्रकारिता ही अपने वास्तविक दायित्वों का निर्वहन कर रही है, वह भी अनेक चुनौतियों और दबावों के बीच। प्रश्न यह उठता है कि आखिर वह कौन-सा अज्ञात भय है जो राष्ट्र के चौथे स्तंभ को भीतर ही भीतर खोखला कर रहा है? क्या यह राजनीतिक दबाव है? क्या यह आर्थिक निर्भरता है? क्या यह विज्ञापनों की मजबूरी है? या फिर बढ़ते मुकदमों, धमकियों और सामाजिक दबावों का परिणाम है? कारण चाहे जो भी हों, इतना स्पष्ट है कि इन परिस्थितियों ने पत्रकारिता की स्वतंत्रता और निष्पक्षता को प्रभावित किया है। आज का पत्रकार कई मोर्चों पर संघर्ष कर रहा है। एक ओर उसे सत्य सामने लाने का दायित्व निभाना है, तो दूसरी ओर संस्थागत दबावों, आर्थिक असुरक्षा और व्यक्तिगत जोखिमों का सामना भी करना पड़ता है। ऐसे में अनेक पत्रकार विवश होकर समझौते का मार्ग चुन लेते हैं, जबकि कुछ साहसी पत्रकार तमाम कठिनाइयों के बावजूद सत्य की मशाल जलाए रखने का प्रयास कर रहे हैं। यह भी सत्य है कि पत्रकारिता का संकट केवल पत्रकारों का संकट नहीं है, बल्कि यह पूरे लोकतंत्र का संकट है। जब समाचार निष्पक्ष नहीं होंगे, जब जनहित के मुद्दे पीछे छूट जाएंगे और जब सत्य दबने लगेगा, तब समाज सही दिशा में निर्णय लेने की क्षमता खोने लगेगा। इसलिए पत्रकारिता की स्वतंत्रता और गरिमा की रक्षा करना केवल मीडिया की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है। आज आवश्यकता इस बात की है कि पत्रकारिता अपने मूल मूल्यों—सत्य, निष्पक्षता, साहस और जनहित—की ओर पुनः लौटे। साथ ही पत्रकारों को सुरक्षित और स्वतंत्र वातावरण उपलब्ध कराया जाए, ताकि वे बिना किसी भय या दबाव के अपना कर्तव्य निभा सकें। राष्ट्र का चौथा स्तंभ तभी मजबूत रह सकता है जब उसकी नींव सत्य और स्वतंत्रता पर टिकी हो। यदि यह स्तंभ कमजोर होगा तो लोकतंत्र की पूरी इमारत प्रभावित होगी। इसलिए समय की मांग है कि पत्रकारिता को खोखला करने वाली शक्तियों की पहचान की जाए और उसे पुनः उसकी गरिमा एवं सम्मान के साथ स्थापित किया जाए। तभी चौथा स्तंभ वास्तव में अपने नाम के अनुरूप राष्ट्र और समाज की सेवा कर सकेगा।
0
0
Report
Pinewz
230001
SALMAN KHANSALMAN KHANFollow13 Jun 2026, 01:49 am

"CJP का एजेंडा कम, ड्रामा ज्यादा दिख रहा है" — भाजपा नेता विजय सिंह 'बजरंगी'

ACHALPUR, Uttar Pradesh:प्रतापगढ भाजपा नेता विजय सिंह 'बजरंगी' ने CJP पार्टी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि CJP का एजेंडा जनहित नहीं, बल्कि केवल राजनीतिक ड्रामेबाजी और सुर्खियां बटोरना है। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता के असली मुद्दों पर काम करने के बजाय CJP लगातार भ्रम फैलाने और माहौल बिगाड़ने की राजनीति कर रही है। बजरंगी ने कहा कि प्रदेश की जनता अब जागरूक है और केवल बयानबाजी से प्रभावित होने वाली नहीं है। उन्होंने दावा किया कि CJP के नेताओं की कथनी और करनी में बड़ा अंतर है, जिसे लोग भली-भांति समझ चुके हैं। भाजपा नेता ने कहा कि विकास, सुशासन और जनकल्याण के मुद्दों पर CJP पूरी तरह विफल रही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जनता आगामी चुनावों में ऐसे राजनीतिक नाटक का करारा जवाब देगी और सच्चाई को ही समर्थन मिलेगा।
0
0
Report
Advertisement
Back to top