Become a News Creator

Your local stories, Your voice

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Maharajganj273164

महराजगंज में कथित विजिलेंस जांच पर सवाल, महिलाओं ने लगाए अभद्रता और वसूली के आरोप

Amit SrivastavAmit SrivastavFeb 26, 2026 16:13:00
Ram Nagar, Uttar Pradesh:विद्युत उपखंड लक्ष्मीपुर सब स्टेशन अड्डा बाजार कोल्हुई थाना क्षेत्र के जंगल गुलरिहा (बड़का टोला) में उस समय हड़कंप मच गया,जब पुलिस लिखी एक बोलेरो गांव में दाखिल हुई और तीन घरों में विद्युत चोरी के नाम पर क्रमवार तलाशी ली गई। टीम में शामिल एक दरोगा,कांस्टेबल,महिला कांस्टेबल तथा कुछ लोगों ने स्वयं को विजिलेंस से जुड़ा बताते हुए कहा कि वे संदेह या शिकायत के आधार पर किसी भी घर की जांच कर सकते हैं। ग्रामीण महिलाओं का आरोप है कि जांच के दौरान टीम का रवैया ठीक नहीं था। उन्होंने आरोप लगाया कि फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई,पैसों की मांग की गई और अभद्र व्यवहार किया गया। हालांकि,टीम के साथ मौजूद पुलिसकर्मियों ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि कार्रवाई की पूरी वीडियोग्राफी उनके पास सुरक्षित है और जांच नियमानुसार की गई है। एक पुलिसकर्मी ने कहा कि मीटर का केबल जहां जाएगा,उसकी जांच की जाएगी कानून के तहत विद्युत चोरी के मामलों में अधिकृत अधिकारियों को जांच का अधिकार है। Electricity Act,2003 के प्रावधानों के अनुसार तलाशी और जब्ती निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप ही की जानी चाहिए। ग्रामीणों ने मामले की उच्चस्तरीय व निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित कर्मियों के खिलाफ सख्त विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जाए। वहीं, पुलिस पक्ष का कहना है कि जांच के बाद ही तथ्य स्पष्ट होंगे। ग्रामीणों द्वारा इस प्रकरण में उत्तर प्रदेश पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाने की अपेक्षा की जा रही है। फिलहाल,पूरे मामले की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। इस बीच संबंधित जेई का बयान भी सामने आया है। उनका कहना है कि यह विजिलेंस की जांच थी,वे हमें बताकर थोड़ी आयेंगे इसलिए स्थानीय विद्युत टीम मौजूद नहीं थी
0
comment0
Report
Maharajganj273164

महराजगंज कोर्ट के बाहर कानून बेबस? पीड़ित ने खोली दबंगई की पोल,कथित वकीलों पर मारपीट का गंभीर आरोप

Amit SrivastavAmit SrivastavJan 18, 2026 02:25:38
Nautanwa, Uttar Pradesh:महराजगंज में न्याय की आस लेकर पहुंचे एक पीड़ित के साथ न्यायालय परिसर के बाहर ही मारपीट का गंभीर मामला सामने आया है। नौतनवां थाना क्षेत्र के ग्राम महुअवा अड्डा निवासी सत्ते उर्फ सत्यनारायण पुत्र बालगोविन्द ने आरोप लगाया है कि जिन लोगों ने पहले उस पर मुकदमा दर्ज कराया था,उन्हीं के साथ मौजूद कथित वकीलों ने न्यायालय गेट के बाहर उसे घेरकर बेरहमी से पीटा। घटना के दौरान मौके पर मौजूद कुछ पुलिसकर्मियों ने हस्तक्षेप कर बुजुर्ग पीड़ित और उसके बेटे को किसी तरह बचाया। पीड़ित के अनुसार,17 जनवरी 2026 को वह अपने पुत्र के साथ मुख्यालय स्थित न्यायालय में अपनी बात रखने पहुंचा था। इसी दौरान न्यायालय के बाहर पहले से मौजूद कुछ युवक एवं उनके अन्य साथी,जिनमें चार-पांच कथित वकील भी शामिल बताए जा रहे हैं,ने उसे घेर लिया और गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि न्यायालय परिसर जैसे संवेदनशील स्थान पर खुलेआम लात-घूंसों से हमला किया गया,जिससे पीड़ित घायल हो गया। आरोपियों ने घटना का वीडियो बना रहे पीड़ित के बेटे का मोबाइल छीनकर तोड़ दिया तथा उसके पास मौजूद जरूरी दस्तावेज भी फाड़कर फेंक दिए। पीड़ित का कहना है कि पूरी घटना न्यायालय परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद है,इसके बावजूद अब तक आरोपियों के विरुद्ध कोई सख्त कार्रवाई नहीं की गई है। पीड़ित ने आरोप लगाया कि प्रभावशाली लोगों व कथित वकीलों की मिलीभगत से उसे लगातार डराया-धमकाया जा रहा है,ताकि वह न्याय की लड़ाई से पीछे हट जाए। पीड़ित ने उच्च न्यायालय,जिला जज और पुलिस प्रशासन से मांग की है कि न्यायालय की गरिमा को तार-तार करने वाली इस घटना की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों,विशेषकर कथित वकीलों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।अब बड़ा सवाल यह है कि क्या न्यायालय परिसर के बाहर हुई इस मारपीट को प्रशासन गंभीरता से लेगा,या फिर दबंगों के आगे कानून एक बार फिर बेबस नजर आएगा। अड्डा बाजार में कुछ दिन पहले हुई मारपीट की घटना में सामने आए सीसीटीवी फुटेज ने पूरे मामले को नया मोड़ दे दिया है। फुटेज में साफ दिख रहा है कि जिस कथित वकील पक्ष ने बाद में मार पीट का मुकदमा दर्ज कराया,वही सत्ते उर्फ सत्यनारायण के घर पहुंचकर मारपीट करता नजर आ रहा है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार,सीसीटीवी में घर के बाहर खुलेआम मारपीट और उत्पात स्पष्ट दिखाई दे रहा है,जो गंभीर आपराधिक कृत्य है। इसके बावजूद अब तक आरोपियों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।पीड़ित का आरोप है कि प्रभावशाली लोगों व कथित वकीलों की मिलीभगत से तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर मुकदमा दर्ज कराया गया,जबकि वास्तविक हमलावरों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है। पीड़ित ने सीसीटीवी व वायरल वीडियो को साक्ष्य मानते हुए निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की है। मामला अब अड्डा बाजार की मारपीट से निकलकर न्यायालय परिसर तक पहुंच चुका है,लेकिन पुलिस की प्रभावी कार्रवाई न होने से स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रशासन ने सख्त कदम नहीं उठाया,तो दोनों पक्षों के बीच कभी भी कोई बड़ी और अप्रिय घटना घट सकती है। पुलिस ने बताया कि दोनों पक्षों के बढ़ते विवाद को देखते हुए मामले की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
0
comment0
Report
Maharajganj273164

वन विभाग की तत्परता से टला बड़ा हादसा,उत्तरी चौक रेंज की टीम ने विशाल अजगर का किया रेस्क्यू

Amit SrivastavAmit SrivastavJan 17, 2026 20:02:15
Ram Nagar, Uttar Pradesh:महराजगंज नौतनवा थाना क्षेत्र के रामनगर बड़हरवा टोले में आज उस समय दहशत फैल गई,जब एक विशाल अजगर दिखाई दिया अजगर के दिखते ही ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत वन विभाग को इसकी सूचना दी गई।सूचना मिलते ही उत्तरी चौक रेंज की वन विभाग टीम मौके पर पहुंची और पूरी सावधानी के साथ अजगर का रेस्क्यू अभियान शुरू किया।कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने अजगर को सुरक्षित काबू में लिया। राहत की बात यह रही कि इस दौरान किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई। रेस्क्यू के बाद अजगर को डिप्टी रेंजर राकेश कुमार,वन रक्षक कुलदीप दुबे और वाचर रामधनी ने नजदीकी जंगल में सुरक्षित रूप से छोड़ दिया,जिससे ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।उत्तरी चौक रेंजर आरपी सिंह ने कहा ग्रामीण ऐसे मामलों में घबराएं नहीं और तुरंत वन विभाग को सूचना दें,ताकि समय रहते सुरक्षित कार्रवाई की जा सके।वन विभाग की तत्परता से एक बड़ा हादसा टल गया। फिलहाल गांव में स्थिति सामान्य है।
0
comment0
Report
Advertisement
Maharajganj273164

महराजगंज कोर्ट गेट पर हिंसा,पीड़ित ने कथित वकीलों पर लगाया मारपीट का आरोप

Amit SrivastavAmit SrivastavJan 17, 2026 20:02:06
Nautanwa, Uttar Pradesh:महराजगंज में न्याय की आस लेकर पहुंचे एक पीड़ित के साथ न्यायालय परिसर के बाहर ही मारपीट का गंभीर मामला सामने आया है। नौतनवां थाना क्षेत्र के ग्राम महुअवा अड्डा निवासी सत्ते उर्फ सत्यनारायण पुत्र बालगोविन्द ने आरोप लगाया है कि जिन लोगों ने पहले उस पर मुकदमा दर्ज कराया था,उन्हीं के साथ मौजूद कथित वकीलों ने न्यायालय गेट के बाहर उसे घेरकर बेरहमी से पीटा। घटना के दौरान मौके पर मौजूद कुछ पुलिसकर्मियों ने हस्तक्षेप कर बुजुर्ग पीड़ित और उसके बेटे को किसी तरह बचाया। पीड़ित के अनुसार,17 जनवरी 2026 को वह अपने पुत्र के साथ मुख्यालय स्थित न्यायालय में अपनी बात रखने पहुंचा था। इसी दौरान न्यायालय के बाहर पहले से मौजूद कुछ युवक एवं उनके अन्य साथी,जिनमें चार-पांच कथित वकील भी शामिल बताए जा रहे हैं,ने उसे घेर लिया और गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि न्यायालय परिसर जैसे संवेदनशील स्थान पर खुलेआम लात-घूंसों से हमला किया गया,जिससे पीड़ित घायल हो गया। आरोपियों ने घटना का वीडियो बना रहे पीड़ित के बेटे का मोबाइल छीनकर तोड़ दिया तथा उसके पास मौजूद जरूरी दस्तावेज भी फाड़कर फेंक दिए। पीड़ित का कहना है कि पूरी घटना न्यायालय परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद है,इसके बावजूद अब तक आरोपियों के विरुद्ध कोई सख्त कार्रवाई नहीं की गई है। पीड़ित ने आरोप लगाया कि प्रभावशाली लोगों व कथित वकीलों की मिलीभगत से उसे लगातार डराया-धमकाया जा रहा है,ताकि वह न्याय की लड़ाई से पीछे हट जाए। पीड़ित ने उच्च न्यायालय,जिला जज और पुलिस प्रशासन से मांग की है कि न्यायालय की गरिमा को तार-तार करने वाली इस घटना की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों,विशेषकर कथित वकीलों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।अब बड़ा सवाल यह है कि क्या न्यायालय परिसर के बाहर हुई इस मारपीट को प्रशासन गंभीरता से लेगा,या फिर दबंगों के आगे कानून एक बार फिर बेबस नजर आएगा। अड्डा बाजार में कुछ दिन पहले हुई मारपीट की घटना में सामने आए सीसीटीवी फुटेज ने पूरे मामले को नया मोड़ दे दिया है। फुटेज में साफ दिख रहा है कि जिस कथित वकील पक्ष ने बाद में मार पीट का मुकदमा दर्ज कराया,वही सत्ते उर्फ सत्यनारायण के घर पहुंचकर मारपीट करता नजर आ रहा है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार,सीसीटीवी में घर के बाहर खुलेआम मारपीट और उत्पात स्पष्ट दिखाई दे रहा है,जो गंभीर आपराधिक कृत्य है। इसके बावजूद अब तक आरोपियों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।पीड़ित का आरोप है कि प्रभावशाली लोगों व कथित वकीलों की मिलीभगत से तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर मुकदमा दर्ज कराया गया,जबकि वास्तविक हमलावरों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है। पीड़ित ने सीसीटीवी व वायरल वीडियो को साक्ष्य मानते हुए निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की है। मामला अब अड्डा बाजार की मारपीट से निकलकर न्यायालय परिसर तक पहुंच चुका है,लेकिन पुलिस की प्रभावी कार्रवाई न होने से स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रशासन ने सख्त कदम नहीं उठाया,तो दोनों पक्षों के बीच कभी भी कोई बड़ी और अप्रिय घटना घट सकती है।
0
comment0
Report
Advertisement
Back to top