मुड़िया पूर्णिमा पर आस्था का सैलाब, समाजसेवी श्याम सुंदर के भंडारे में हजारों श्रद्धालुओं ने ग्रहण
Mathura, Uttar Pradesh:मथुरा। मुड़िया पूर्णिमा (गुरु पूर्णिमा) के पावन अवसर पर मथुरा, वृंदावन और गोवर्धन सहित पूरे ब्रज क्षेत्र में आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। लाखों श्रद्धालु गिरिराज महाराज की परिक्रमा और दर्शन के लिए पहुंचे। श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए विभिन्न सामाजिक संगठनों और समाजसेवियों द्वारा जगह-जगह विशाल भंडारों का आयोजन किया गया। समाजसेवी श्याम सुंदर द्वारा आयोजित भंडारे में श्रद्धालुओं के लिए शुद्ध देशी घी से बने प्रसाद, भोजन और शीतल पेयजल की विशेष व्यवस्था की गई। सुबह से देर रात तक हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे में बड़ी संख्या में युवाओं और स्वयंसेवकों ने सेवा भाव से भोजन वितरण और व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी संभाली। आयोजकों ने बताया कि ब्रज में मुड़िया पूर्णिमा के अवसर पर भंडारे लगाने की वर्षों पुरानी परंपरा है, जो लाखों श्रद्धालुओं के लिए बड़ी राहत साबित होती है। उनका कहना था कि सेवा कार्य से आत्मिक संतोष और पुण्य की अनुभूति होती है। इस वर्ष पिछले वर्षों की तुलना में 4 से 5 लाख अधिक श्रद्धालुओं के आने का अनुमान लगाया जा रहा है। भंडारे में पहुंचे श्रद्धालुओं ने प्रशासन और नगर निगम की व्यवस्थाओं की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि बेहतर सुरक्षा, साफ-सफाई और यातायात प्रबंधन के कारण दर्शन और परिक्रमा सुचारु रूप से संपन्न हो रही है।सोनू सिकरवार बने भारतीय किसान यूनियन चौधरी चरण सिंह के आगरा मंडल अध्यक्ष
Mathura, Uttar Pradesh:मथुरा । भारतीय किसान यूनियन चौधरी चरण सिंह ने संगठन के विस्तार के तहत सोनू सिकरवार को आगरा मंडल अध्यक्ष नियुक्त किया है। यह मनोनयन संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी के निर्देश पर किया गया। केंद्रीय कार्यालय गढ़ी हुलासी सादाबाद, हाथरस से जारी पत्र के अनुसार नगला गिरधर, विकास खंड बलदेव, तहसील महावन, जनपद मथुरा निवासी सोनू सिकरवार को सर्वसम्मति से यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। मनोनयन के अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी एवं अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों ने उन्हें नियुक्ति पत्र सौंपते हुए संगठन की नीतियों का निष्ठापूर्वक पालन करने तथा किसानों और कामगारों के हितों के लिए संघर्ष करने का आह्वान किया। इस दौरान सोनू सिकरवार का फूल-मालाओं और साफा पहनाकर भव्य स्वागत किया गया। नवनियुक्त मंडल अध्यक्ष सोनू सिकरवार ने संगठन के शीर्ष नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वह आगरा मंडल के सभी जिलों में किसानों की समस्याओं को प्राथमिकता से उठाएंगे। उन्होंने बिजली, खाद, बीज, सिंचाई और फसल मुआवजा जैसी प्रमुख समस्याओं के समाधान के लिए लगातार संघर्ष करने का भरोसा दिलाया। कार्यक्रम में संगठन के कई पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं क्षेत्र के गणमान्य लोग उपस्थित रहे और उन्होंने सोनू सिकरवार को नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं।महावन तहसील में कोटेदार के खिलाफ फूटा ग्रामीणों का गुस्सा,राशन धांधली व दबंगई के आरोप,दुकान निरस्त
Mathura, Uttar Pradesh:मथुरा। महावन तहसील क्षेत्र के नगला गुखरोली ग्राम सभा के दर्जनों ग्रामीणों ने मंगलवार को तहसील पहुंचकर राशन डीलर (कोटेदार) के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी (SDM) महावन को ज्ञापन सौंपते हुए आरोप लगाया कि कोटेदार लंबे समय से राशन वितरण में धांधली कर रहा है, ग्रामीणों के साथ अभद्र व्यवहार करता है और विरोध करने वालों को झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी देता है। ग्रामीणों ने कोटेदार का लाइसेंस तत्काल निरस्त करने और मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि राशन डीलर गांव में नहीं रहता, बल्कि आगरा में रहकर एक निजी कंपनी में नौकरी करता है। उसकी जगह राशन की दुकान किसी अन्य व्यक्ति के माध्यम से संचालित की जा रही है। आरोप है कि दुकान चलाने वाला व्यक्ति दबंग प्रवृत्ति का है और राशन लेने आने वाले कार्डधारकों के साथ गाली-गलौज तथा अभद्रता करता है। ग्रामीणों का कहना है कि पिछले दो महीनों से कई पात्र परिवारों को राशन नहीं मिला है। अंत्योदय कार्डधारकों को भी नियमित रूप से खाद्यान्न नहीं दिया जा रहा। आरोप है कि कई बार पहले अंगूठा लगवा लिया जाता है, लेकिन बाद में राशन देने से मना कर दिया जाता है। दूर-दराज से आने वाली गरीब महिलाओं को भी खाली हाथ लौटना पड़ता है। स्थानीय ग्रामीण ज्ञानेन्द्र सिंह ने आरोप लगाया कि शिकायत करने वालों को झूठे मुकदमों में फंसाया जाता है। उन्होंने दावा किया कि उनके खिलाफ भी पहले झूठा मुकदमा दर्ज कराया गया था। उनका कहना है कि कोटेदार खुद दुकान नहीं चलाता और राशन वितरण व्यवस्था पूरी तरह मनमानी तरीके से संचालित की जा रही है। वहीं हरेश सिंह ने कहा कि कोटेदार गांव में रहता ही नहीं है और दुकान किराए पर दे रखी है। उन्होंने आरोप लगाया कि अंत्योदय कार्डधारकों को उनका पूरा राशन नहीं मिलता और शिकायत करने पर धमकाया जाता है। उन्होंने प्रशासन से ऐसे राशन डीलर को हटाकर पारदर्शी व्यवस्था लागू करने की मांग की। ग्रामीण प्रदीप ने भी आरोप लगाया कि राशन मांगने पर उन्हें धमकाकर भगा दिया जाता है और गाली-गलौज की जाती है। उन्होंने प्रशासन से न्याय दिलाने और दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि कई बार राशन के बजाय ₹200 देकर मामला शांत करने का प्रयास किया जाता है या फिर राशन न आने का बहाना बनाया जाता है। विरोध करने पर पुलिस कार्रवाई का डर दिखाकर चुप कराने की कोशिश की जाती है। आक्रोशित ग्रामीणों ने महावन तहसील पहुंचकर उपजिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा और राशन डीलर का लाइसेंस निरस्त करने, पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा पात्र लाभार्थियों को नियमित और पारदर्शी तरीके से राशन उपलब्ध कराने की मांग की। एसडीएम महावन प्रजक्ता त्रिपाठी ने बताया जल्द की पूरे मामले की जांच करा कर कठोर कार्यवाही की जाएगी।प्रसूता की मौत पर बवाल, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप, परिजनों ने तीन घंटे किया हंगामा
Mathura, Uttar Pradesh:पहले भी डिलवरी के दौरान एक महिला की बलदेव हॉस्पिटल में हो चुकी है मौत मथुरा । मथुरा के महावन क्षेत्र में एक निजी अस्पताल में प्रसूता की मौत के बाद जमकर हंगामा हो गया। मृतका के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और डॉक्टरों पर इलाज में गंभीर लापरवाही, बिना सहमति ऑपरेशन करने और बिना जानकारी दिए दूसरे अस्पताल रेफर करने का आरोप लगाया। आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल परिसर में करीब तीन घंटे तक प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित किया। जानकारी के अनुसार, थाना बलदेव क्षेत्र के गांव दौलतपुर निवासी राहुल अपनी पत्नी खुशबू को 18 जुलाई की शाम प्रसव पीड़ा होने पर खप्परपुर स्थित श्री बलदेव कॉलेज ऑफ नर्सिंग एंड मेडिकल रिसर्च सेंटर लेकर पहुंचे, जहां उसे भर्ती कराया गया। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों ने डिलीवरी में जटिलता का हवाला देकर ऑपरेशन कराने का दबाव बनाया और बिना उनकी लिखित या मौखिक सहमति के ऑपरेशन कर दिया। परिजनों का कहना है कि ऑपरेशन के बाद खुशबू की हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने न तो उचित उपचार किया और न ही उसकी वास्तविक स्थिति से परिवार को अवगत कराया। आरोप है कि 19 जुलाई की सुबह अस्पताल प्रशासन ने बिना पूर्व सूचना के मरीज को मथुरा न्यूरो अस्पताल भर्ती कर दिया। जब परिजन वहां पहुंचे तो उन्हें खुशबू की मौत की जानकारी मिली। मृत्यु की सूचना मिलते ही परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने अस्पताल परिसर में शव रखकर इलाज में लापरवाही और मामले को छिपाने का आरोप लगाते हुए जोरदार हंगामा किया। करीब तीन घंटे तक चले प्रदर्शन के दौरान मौके पर महावन और बलदेव थाना पुलिस पहुंची और समझाइश देकर मामला शांत कराया। मृतका के पति राहुल पुत्र मोहन सिंह ने महावन थाने में लिखित तहरीर देकर अस्पताल के डॉक्टरों, मेडिकल स्टाफ और प्रबंधन के खिलाफ हत्या, धोखाधड़ी और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। अस्पताल प्रशासन की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।प्रसूता की मौत पर बवाल, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप, परिजनों ने तीन घंटे किया हंगामा
Mathura, Uttar Pradesh:
मथुरा । मथुरा के महावन क्षेत्र में एक निजी अस्पताल में प्रसूता की मौत के बाद जमकर हंगामा हो गया।
मृतका के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और डॉक्टरों पर इलाज में गंभीर लापरवाही, बिना सहमति ऑपरेशन करने और बिना जानकारी दिए दूसरे अस्पताल रेफर करने का आरोप लगाया।
आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल परिसर में करीब तीन घंटे तक प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित किया।
जानकारी के अनुसार, थाना बलदेव क्षेत्र के गांव दौलतपुर निवासी राहुल अपनी पत्नी खुशबू को 18 जुलाई की शाम प्रसव पीड़ा होने पर खप्परपुर स्थित श्री बलदेव कॉलेज ऑफ नर्सिंग एंड मेडिकल रिसर्च सेंटर लेकर पहुंचे, जहां उसे भर्ती कराया गया। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों ने डिलीवरी में जटिलता का हवाला देकर ऑपरेशन कराने का दबाव बनाया और बिना उनकी लिखित या मौखिक सहमति के ऑपरेशन कर दिया।
परिजनों का कहना है कि ऑपरेशन के बाद खुशबू की हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने न तो उचित उपचार किया और न ही उसकी वास्तविक स्थिति से परिवार को अवगत कराया।
आरोप है कि 19 जुलाई की सुबह अस्पताल प्रशासन ने बिना पूर्व सूचना के मरीज को मथुरा न्यूरो अस्पताल भर्ती कर दिया। जब परिजन वहां पहुंचे तो उन्हें खुशबू की मौत की जानकारी मिली।
मृत्यु की सूचना मिलते ही परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने अस्पताल परिसर में शव रखकर इलाज में लापरवाही और मामले को छिपाने का आरोप लगाते हुए जोरदार हंगामा किया। करीब तीन घंटे तक चले प्रदर्शन के दौरान मौके पर महावन और बलदेव थाना पुलिस पहुंची और समझाइश देकर मामला शांत कराया।
मृतका के पति राहुल पुत्र मोहन सिंह ने महावन थाने में लिखित तहरीर देकर अस्पताल के डॉक्टरों, मेडिकल स्टाफ और प्रबंधन के खिलाफ हत्या, धोखाधड़ी और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। अस्पताल प्रशासन की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
